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काली कमाई का एक और कुबेर सामने आया
 अरविंद जैन

 

एमपी के श्योपुर में महिला एवं बाल विकास विभाग के लेखाधिकारी अरविंद जैन के घर गुरुवार अल सुबह साढ़े पांच बजे लोकायु्क्त पुलिस ने छापामार कार्रवाई की। अरविंद जैन वर्तमान में नरसिंगढ़ परियोजना में पदस्थ हैं और करीब 6 महीने पहले ही उसका ट्रांसफर हुआ। इसके पहले वे 15 साल से श्योपुर जिले में ही पदस्थ थे। इस दौरान उनके खिलाफ कई शिकायतें आईं, जिसमें रिश्वत लेकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की नियुक्ति की भी शिकायत थी। 2013 में उनके खिलाफ इसी तरह की एक शिकायत आई थी, जिस पर लोकायुक्त पुलिस ने उनके खिलाफ इन्वेट्री जांच शुरू की।

जांच में उनके पास सरकारी आय से करीब 60 प्रतिशत ज्यादा संपत्ति मिली है। कार्रवाई में जैन के घर से एक कार, दो टू व्हीलर, 10 लाख रुपए की बीमा पॉलिसी, 19 तोला सोना, 500 ग्राम चांदी के गहने। बेटी को एमबीबीएस की पढ़ाई करवाने के लिए खर्च हुए 22 लाख रुपए के दस्तावेज भी मिले। लोकायुक्त टीम की कार्रवाई जारी है।

अरविंद जैन के घर कार्रवाई करने वाली टीम में लोकायुक्त निरीक्षक अतुल सिंह, मनीष शर्मा, राजीव गुप्ता, रविंद्र सिंह के अलावा 10 कर्मचारी भी शामिल हैं। टीम अपने साथ एक डॉक्टर को भी लाई थी।

इस जांच में सरकार से अधिकारी या कर्मचारी को मिले अब तक के वेतन और उसकी संपत्ति का अनुपात किया जाता है। अगर संपत्ति सैलरी से ज्यादा पाई जाती है तो उसके लिए आय के स्त्रोत की जानकारी देनी पड़ती है।

 

MadhyaBharat 13 July 2017

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