Since: 23-09-2009

  Latest News :
स्टार्टअप के लिए हम दुनिया का सबसे बड़ा ईकोसिस्टम.   उत्तर प्रदेश में गरीब सवर्णों को मिलेगा 10 फीसदी आरक्षण.   ममता की मेगा रैली, राहुल गांधी ने भी दिया समर्थन.   यूपी में NIA के 16 जगह छापेमारी , कई गिरफ्तार .   गहलोत- वसुंधरा सरकार के फैसलों की समीक्षा करेंगे .   दिवाली में सिर्फ दो घंटे फोड़ पाएंगे पटाखे.   आँगनवाड़ियों में बिजली, पानी की व्यवस्थाएँ करें.   कमल नाथ छिन्दवाड़ा में राष्ट्र ध्वज फहरायेंगे.   कमल नाथ से मिलीं प्रोचांसलर सुश्री मजूमदार.   मुख्यमंत्री से मिले भारतीय प्रशासनिक सेवा के प्रोबेशनर अधिकारी.   कमलनाथ से बोले मंत्री बिजली के मसले पर ध्यान दीजिये.   रेलवे बीना-इटारसी में सोलर ऊर्जा से बिजली पैदा करेगा .   बम बनाने का सामान छोड़कर भागे नक्सली.   यूनिवर्सल हेल्थ स्कीम अक्टूबर में लागू होगी.   ऊर्जा, राजस्व और खनिज मंत्रालय मुख्यमंत्री बघेल के पास .   साक्षर इलाकों के नामांकन-पत्र ज्यादा होते हैं खारिज.   गिर सकता है 20 फीसद सराफा कारोबार.   सुकमा मुठभेड़ में तीन नक्सली मरे ,नारायणपुर में तीन का समर्पण .  
नई बाघिन बच्चों के साथ भोपाल पहुंची
नई बाघिन बच्चों के साथ भोपाल पहुंची

दो शावकों के साथ एक बाघिन राजधानी भोपाल से सटे केरवा के जंगल तक पहुंच गई है। इसके चलते जंगल में पहले से घूम रहे बाघों के साथ उसकी भिड़ंत का खतरा बढ़ गया है। यह बाघिन नई है जो दिसंबर 2017 के आखिरी में कठौतिया के जंगल में देखी गई थी। जिसे रातापानी की तरफ से आना बताया जा रहा है। फिलहाल वन विभाग ई-सर्विलांस टॉवर की मदद से दोनों शावक और बाघिन पर नजर रखें हुए हैं।

वन विभाग के सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक बाघिन को उसके शावकों के साथ केरवा-कलियासोत के जंगल में घूमते देखा गई है। उसके साथ घूम रहे दोनों शावकों की उम्र 2 से 6 महीने की बताई जा रही है। सूत्रों की माने तो यही बाघिन दिसंबर 2017 के आखिरी सप्ताह में कठौतिया के जंगल में शावकों के साथ देखी गई थी लेकिन कठौतिया के जंगल में पहले से बाघिन टी-21 अपने शावकों के साथ ढेरा डाल हुई थी। इसके कारण दो शावकों के साथ पहुंची बाघिन जंगल छोड़कर केरवा-कलियासोत के जंगल में पहुंच गई।

बीते एक साल से केरवा-कलियासोत के जंगल में बाघिन टी-123 और बाघ टी-121 घूम रहे हैं। एक महीने पहले सबसे उम्रदराज बाघ टी-1 भी आ चुका है। ऐसे में नई बाघिन व उसके दोनों शावकों को पहले से घूम रहे बाघों से खतरा भी हो सकता है।

वन्यप्राणी विशेषज्ञ आरके दीक्षित का कहना है जब भी बाघिन के साथ शावक होते हैं तो उसे दूसरे बाघों से खतरा हो सकता है। वन विभाग को इसकी कड़ी मॉनीटरिंग करनी चाहिए। 

 

MadhyaBharat 15 January 2018

Comments

Be First To Comment....
Video

Page Views

  • Last day : 2183
  • Last 7 days : 12598
  • Last 30 days : 39041

Advertisement

All Rights Reserved ©2019 MadhyaBharat News.