Since: 23-09-2009

  Latest News :
दिवाली में सिर्फ दो घंटे फोड़ पाएंगे पटाखे.   दुनिया का सबसे लंबा पुल चीन में .   राफेल डील हमारे लिए बूस्टर डोज : वायुसेना चीफ.   नरेंद्र सिंह तोमर की तबीतय बिगड़ी, एम्स में भर्ती.   राम और रोटी के सहारे कांग्रेस .   डीजल-पेट्रोल के दाम में फिर लगी आग.   कमजोर विधायकों के भाजपा काटेगी टिकट.   डिजियाना की स्‍कार्पियो से 60 लाख रुपए जब्‍त.   पेड़ न्यूज़ के सबसे ज्यादा मामले बालाघाट में .   कुरीतियों को समाप्त करने में योगदान करें महिला स्व-सहायता समूह.   गरीबों के बकाया बिजली बिल के माफ हुए 5200 करोड़ :चौहान.   ग्रामीण महिलाओं से संवाद के प्रयास जरूरी : जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र.   साक्षर इलाकों के नामांकन-पत्र ज्यादा होते हैं खारिज.   गिर सकता है 20 फीसद सराफा कारोबार.   सुकमा मुठभेड़ में तीन नक्सली मरे ,नारायणपुर में तीन का समर्पण .   पखांजूर में शुरू होगा नया कृषि महाविद्यालय.   रमन सरकार नक्सलियों को लेकर उदार हुई .   दिग्विजय सिंह बोले -अजीत जोगी के कारण मप्र में हारे थे.  
एससीएसटी एक्ट का मिसयूज ,अब धोखाधड़ी का मामला
एट्रोसिटी एक्ट

 

देशभर में एट्रोसिटी एक्ट को लेकर हंगामा मचा हुआ है। राजनेताओं का घेराव किया जा रहा है। इस एससी/एसटी एक्ट के दुरुपयोग का एक ताजा मामला शहर में सामने आया है। जहां पीड़ित ने आरोपितों पर एससी-एसटी एक्ट की धाराएं बढ़ाने के लिए फर्जी जाति प्रमाण कोर्ट के सामने प्रस्तुत कर दिया। जांच में प्रमाण पत्र फर्जी पाए जाने के बाद कोर्ट के निर्देश पर एमपीनगर पुलिस ने फरियादी को अब आरोपित बनाते हुए उसके खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है।

अर्चना गैस एजेंसी के पास शक्ति नगर छोला निवासी 20 वर्षीय सोनू अहिरवार ने जून 2017 को छोला पुलिस में अशोक उर्फ नक्का, सोनू सिंह भदौरिया व अजय अहिरवार के खिलाफ मामला दर्ज करवाया था कि इन्हों उसपर जानलेवा हमला किया है। इस दौरान सोनू ने अपने को अनुसूचित जाति का बताया। पुलिस ने उसकी शिकायत पर एफआईआर दर्ज कर ली थी। छोला पुलिस सोनू से उसका जाति प्रमाण पत्र जांच के दौरान काफी दिनों तक मांगती रही थी, लेकिन वह प्रस्तुत नहीं कर सका। शंका होने पर छोला पुलिस ने मामले में एससी-एसटी की धाराएं एसपी नार्थ से विचार विमर्श के बाद हटा लीं ।

पुलिस ने कोर्ट में इस मामले का चालान पेश किया तो कोर्ट ने एससीएसटी का प्रमाण पत्र मांगा, जिस पर पीड़ित सोनू अहिरवार ने जाति प्रमाण पत्र प्रस्तुत कर दिया था। कोर्ट ने यह प्रमाण पत्र छोला पुलिस को देकर इस जांच करवाई। छोला पुलिस ने संबंधित एसडीएम से इस प्रमाण पत्र की जानकारी मांगी तो वह फर्जी पाया गया। इसकी जानकारी पुलिस ने कोर्ट को दी।

MadhyaBharat 4 September 2018

Comments

Be First To Comment....
Video

Page Views

  • Last day : 694
  • Last 7 days : 5187
  • Last 30 days : 42477

Advertisement

All Rights Reserved ©2018 MadhyaBharat News.