भवन लोकार्पण को लेकर बीजेपी और निगम में विवाद
 BHAVAN LOKARPAN

आयुक्त:कार्य पूर्ण नहीं, लोकार्पण नहीं किया जा सकता

शुक्ल:मानसिक रूप से बीमारअधिकारी बैठे है कुर्सी पर

 

रीवा नगर निगम और बीजेपी के बीच विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा  |  बीजेपी कार्यकर्ताओं ने नवनिर्मित परिषद् भवन  के गेट में लगे ताले को तोड़कर भवन का लोकार्पण कर दिया | निगम आयुक्त का कहना है की भवन का कार्य पूरा नहीं हुआ  है  |  लोकार्पण नहीं किया जा सकता  | इस पर पूर्व मंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा की अगर कार्य पूरा नहीं था तो मंत्री से भवन लोकर्पण क्यों कराया जा रहा था  | 

रीवा नगर निगम और भारतीय जनता पार्टी के बीच विवाद बढ़ता जा रहा है  | दोनों के बीच आए दिन किसी न किसी बात को लेकर जंग छिड़ी रहती है | ताजा मामला  निगम कार्यालय में बने नवनिर्मित परिषद भवन में लोकार्पण का  है | भारतीय जनता पार्टी  के पदाधिकारियों ने पार्षद व महापौर के साथ मिलकर भवन के लोकार्पण की बात रखी  | भवन के लोकार्पण को लेकर तमाम पदाधिकारी कार्यालय पहुंचे जहां निगम अमले के साथ बैठी पुलिस की टीम ने भाजपाइयों को कार्यालय परिसर के अंदर घुसने से ही मना कर दिया |  जिसके बाद  भाजपा कार्यकर्ता इसके  विरोध में आ गए और  परिसर के अंदर बने राम जानकी मंदिर पर बैठकर सुंदरकांड का पाठ करना शुरू कर दिया |  भाजपाइयों ने  निगम आयुक्त द्वारा परिषद कार्यालय के बंद कराए गए गेट का ताला तोड़कर लोकार्पण भी कर डाला |  नगर निगम आयुक्त का कहना है की मुझे लोकार्पण की जानकारी नहीं है  |   मुझे कल एक पत्र मिला था लोकार्पण के संबंध में जिस पर मैंने बताया था की अभी परिषद का कार्य अधूरा है और भवन ठेकेदार के पास है |  जिसका कार्य पूर्ण होने के बाद वह निगम को सौपेगा  | 

इस मामले में  पूर्व मंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा की  |  नगर  निगम के आयुक्त अगर सामान्य शिष्टाचार का पालन नहीं करेंगे तो ऐसा ही होगा  | जब मानसिक रूप से असंतुलित अधिकारी कुर्सी में बैठ जाते है तो इसी प्रकार की हरकत करते हैं  |  जिनको जनता ठीक करती  है  | उन्होंने बताया की एक हफ्ते पहले इसका उद्घाटन प्रदेश सरकार के मंत्री को बुलाकर कराने की तैयारी थी  |  जब अधूरा था तो लोकार्पण  क्यों कर रहे थे  |   हम तो एक हफ्ते बाद कर रहे हैं  गौरतलब है की राजेंद्र शुक्ल को निगम द्वारा वसूली का  नोटिस दिए जाने के बाद से ही  | राजेंद्र शुक्ल के समर्थक  और निगम आमने सामने आ गए है  |