जीतू सोनी के होटल पर चला नगर निगम का बुल्डोजर
 JITU SONI

जीतू सोनी की संपत्ति के अवैध हिस्सों को तोड़ा गया

 

संझा लोकस्वामी अखबार में हनीट्रैप की ख़बरें सबूतों के साथ प्रकाशित होने के बाद सरकार ने जीतू सोनी पर नकेल कसी और उनके अवैध कारोबारों का खुलासा किया  | इंदौर प्रशासन ने जीतू सोनी की सम्पत्तियों पर किये गए अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाया और तोड़ा   | इस कार्यवाही के बाद इंदौर प्रशासन पर भी सवाल उठना शुरू हो गए हैं कि इतने सालों से सब कुछ गलत हो रहा था तो प्रशासन आँख बंद कर क्यों बैठा रहा | 

संझा लोकस्वामी में हनी ट्रेप मामले के खुलासे के साथ सरकार ने जीतू सोनी के अवैध कारोबारों पर शिकंजा कैसा और मानव तस्करी, अतिक्रमण, लूट व अन्य मामले दर्ज किए | जीतू सोनी के अवैध निर्माण पर गुरुवार अल सुबह 5 बजे से नगर निगम का बुल्डोजर चलना शुरू हो गया  |  साउथ तुकोगंज स्थित होटल बेस्ट वेस्टर्न के अवैध हिस्सों को हटाने का काम  शुरू हुआ  |  इसके साथ ही गीता भवन चौराहा स्थित होटल माय होम, कनाड़िया रोड स्थित सोनी के बंगले, ओ2 और न्यू पलासिया स्थित ओ2 कैफे के अवैध हिस्सों पर भी कार्रवाई  हुई  |  जिला प्रशासन, पुलिस और नगर निगम के अफसरों ने चारों जगह मुआयना करने व दस्तावेज जुटाने के साथ ही कार्रवाई की रूपरेखा  दो दिन पहले ही  तैयार कर ली थी |  जीतू सोनी के अवैध कारोबार के खिलाफ शुरू हुई कार्रवाई बुधवार देर रात तक जारी रही  |   जीतू की चारों स्थानों की संपत्ति की नपती शुरू  की गई |  बुधवार को निगम अधिकारी चारों जगह पहुंचे और देखा कि किस इमारत में कितना हिस्सा तोड़ा जाना है  | माय होम होटल पर कार्रवाई के दौरान निगम की 3 में से 2 पोकलेन मशीन तकनीकी खराबी की वजह से बंद हो गई   इस  कार्रवाई से पहले 100 से ज्यादा गैस सिलेंडर भी जब्त किए गए  . कार्रवाई के लिए निगम ने 12 पोकलेन मशीन, 250 निगमकर्मी, 250 मजदूरों को मिलाकर 13 टीमें  बनाई  |  इसके अलावा वाइब्रेटर, गैस कटर, ट्रैक्टर और डंपर आदि भी इस अभियान में शामिल हुए | . होटल माय होम दो बेसमेंट में पार्किंग बनानी थी, लेकिन मौके पर दो हॉल बने हैं जिनकी दीवारें तोड़ी  गईं  | .साउथ तुकोगंज स्थित बेस्ट वेस्टर्न होटल की टॉप फ्लोर पूरी तरह अवैध  मिली   इसके अलावा बेसमेंट में पार्किंग की जगह हॉल और कमरे बनाए गए हैं  |  वहां भी खुला क्षेत्र नहीं छोड़ा गया है  | कनाड़िया रोड स्थित सोनी के बंगले पर काफी अवैध निर्माण मिला  |  वहां 2100 वर्गफीट की मंजूरी है, लेकिन बंगला सात से आठ हजार वर्गफीट जमीन पर बना है |  इसके अलावा आसपास भी अवैध कब्जा है| .