Since: 23-09-2009

Latest News :
शाह ने कहा- दंगों के वक्त मेरे साथ विधानसभा में थी माया.   प्रद्युम्न की हत्या के बाद खुला रेयान स्कूल.   आतंकवाद से साथ मिलकर लड़ेंगे भारत-जापान:शिंजो आबे.   प्रद्युम्न मामले में जुवेनाइल एक्ट के तहत होगी कार्रवाई.   साक्षरता के क्षेत्र में मध्यप्रदेश राष्ट्रीय पुरस्कारों से नवाजा गया.   छत्तीसगढ़ को मिले चार राष्ट्रीय पुरस्कार.   मध्यप्रदेश के सभी गाँव और शहर खुले में शौच से मुक्त किये जाएंगे.   शिवराज ने ग्राम रतनपुर में किया श्रमदान.   डेंगू लार्वा मिलने पर होगा 500 रुपये का जुर्माना.   पदयात्रा में जनहित विकास कार्यों की शुरुआत.   लोगों से रू-ब-रू हुए मुख्यमंत्री चौहान.   फैलोज व्यवहारिक और सैद्धांतिक अनुभवों पर आधारित सुझाव दें.   मजदूरों को छत्तीसगढ़ में पांच रूपए में मिलेगा टिफिन.   अम्बुजा सीमेंट में पिस गए दो मजदूर.   एम्बुलेंस ये ले जाती है नदी पार .   भालू के हमले से दो की मौत.   जोगी की जाति के मामले में सुनवाई फिर टली.   5 ट्रेनें रद्द, दो-तीन दिन बनी रहेगी परेशानी.  

नरसिंहपुर News


नर्मदा के दर्शन

 पवित्र सलिला गंगा में एक दिन और यमुना में तीन दिन नहाने के बराबर पुण्य माँ नर्मदा के दर्शन मात्र से मिलता है। इस तरह की मान्यता नर्मदा तट में बसे ग्रामीणों और 'नमामि देवि नर्मदे' -सेवा यात्रियों की है। यात्रा में शामिल सिवनी जिले कोमा गांव के श्री समनालाल साहू और श्री कुंजबिहारी साहू तथा खंडवा जिले के ग्राम शेरदा केसरी चंपालाल कहते हैं कि यह यात्रा आने वाली पीढ़ी में माँ नर्मदे के संरक्षण के प्रति जागरूकता पैदा करेगी। श्री साहू 11 दिसंबर से लगातार यात्रा में शामिल हैं। उन्होंने कहा कि आने वाली पीढ़ी के मन में यह भाव पैदा करना जरूरी है कि माँ नर्मदा में यदि लहरें नहीं उठेंगी तो जीवन में खुशी की तरंगें आना नामुमकिन है। यात्रियों का मानना है कि मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान ने नर्मदा संरक्षण के साथ ही नशामुक्ति, स्वच्छता और बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ जैसे सामाजिक सरोकारों को जोड़कर यात्रा को और अधिक प्रासंगिक बना दिया है। सेवा यात्रा में शामिल किसी भी नर्मदा भक्त के चेहरे पर शिकन तक नजर नहीं आयी। उस चमक के बारे में जब उनसे पूछा जाता है तो कहते हैं कि सिर्फ हममें नहीं बल्कि जीवनदायिनी नर्मदा के तट में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति के साथ ही खेत-खलिहानों को देखकर आप माँ नर्मदा की कृपा का अनुमान लगा सकते हैं। स्वार्थवश जो गलतियाँ हम लोगों ने की हैं, उन्हें अब सुधारने का समय आ गया है। उनका कहना है कि सरकार ने समय रहते इस बात को समझा और यात्रा के माध्यम से हमको समझाने का प्रयास भी कर रही है। यात्रियों का स्पष्ट मानना है कि पवित्र उद्देश्य से शुरू की गयी यह यात्रा अपने उद्देश्य को जरूर पूरा करेगी। 'नमामि देवी नर्मदे''- सेवा यात्रा नरसिंहपुर जिले के ग्राम हीरापुर से रवाना होकर जबलपुर जिले के मेरे गाँव में प्रवेश हुई। यात्रा का आज 114 वाँ दिन है। चिकित्सा शिक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री शरद जैन, विधायक श्रीमती प्रतिभा सिंह सहित अन्य जन प्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों ने यात्रा का भावपूर्ण स्वागत किया।

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  10 April 2017

 गुरू गुफा

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने नरसिंहपुर जिले के ग्राम नीमखेड़ा (हीरापुर) में अपनी धर्मपत्नी श्रीमती साधना सिंह के साथ प्राचीन गुरू गुफा के दर्शन किये। गुफा आदि शंकराचार्य के पूज्य गुरू गोविंद भगवत पादाचार्य जी महाराज की है, जहाँ उन्होंने साधना की थी। गुफा आदि गुरू शंकराचार्य की दीक्षा एवं साधना-स्थली भी है। नमामि देवि नर्मदे- सेवा यात्रा में शामिल होने आये मुख्यमंत्री ने कहा कि यह अदभुत साधना-स्थली है। इस पवित्र स्थान के दर्शन करना मेरा सौभाग्य है। इस अवसर पर जगदगुरू शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती महाराज, लोक निर्माण मंत्री तथा जिले के प्रभारी मंत्री श्री रामपाल सिंह भी मौजूद थे। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने ग्राम नीमखेड़ा (हीरापुर) में धर्मपत्नी श्रीमती साधना सिंह के साथ गुरू गुफा के नजदीक पौध-रोपण किया। उन्होंने त्रिवेणी पीपल, बरगद एवं नीम के पौधे रोपे। इस अवसर पर आम, चीकू, अनार, जामुन सहित 11 फलदार वृक्षों के लिए पौध-रोपण किया गया।

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  10 April 2017

मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान

चरणबद्ध तरीके से बंद होंगी शराब की सभी दुकानें  मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि मध्यप्रदेश में नशामुक्ति का आंदोलन चलेगा। प्रथम चरण में नर्मदा नदी के दोनों तट पर पाँच-पाँच किलोमीटर तक शराब की दुकानें एक अप्रैल से बंद कर दी गयी हैं। उन्होंने कहा कि अब रिहायशी इलाकों, शिक्षण संस्थाओं और धार्मिक स्थलों के पास शराब की दुकानें नहीं खुलेंगी । मुख्यमंत्री ने कहा कि चरणबद्ध तरीके से शराब की सभी दुकानें बंद कर प्रदेश में शराब-बंदी लागू की जाएगी । उन्होंने कहा कि नदियाँ बचेंगी, तो मानव-सभ्यता और संस्कृति बचेगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान नर्मदा सेवा यात्रा के 113 वें दिन नरसिंहपुर जिले के ग्राम नीमखेड़ा (हीरापुर) में जन-संवाद को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने माँ ताप्ती, बेतवा और क्षिप्रा की धार को टूटते हुए देखा है । अगर माँ नर्मदा की धार टूटी तो जीवन नहीं बचेगा । उन्होंने बताया कि एशिया की सर्वश्रेष्ठ खेती नरसिंहपुर जिले में माँ नर्मदा के कारण ही होती है। मुख्यमंत्री ने बताया कि अगामी मानसून सत्र में मासूमों के साथ दुराचार करने वालों को फाँसी की सज़ा देने संबंधी विधेयक लाया जायेगा । उन्होंने कहा कि नरसिंपुर में गौ-वंश वन्य विहार की स्थापना की जायेगी । मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि आगामी दो जुलाई को अमरकंटक से बड़वानी तक नर्मदा के तट पर लाखों लोग करोड़ों पेड़ लगायेंगे। माँ नर्मदा मध्यप्रदेश की समृद्धि का आधार है, जो दर्जनों शहर को पेयजल उपलब्ध करवाती है। इसकी कृपा से मध्यप्रदेश को चार बार कृषि कर्मण अवार्ड मिला है। प्रदेश को सिंचाई के लिए जल और बिजली उपलब्ध करवाती है। यात्रा नर्मदा को बचाने और उसका कर्ज उतारने की यात्रा है। नर्मदा के दोनों तटों के शहरों में ट्रीटमेंट प्लांट बनाये जाएंगे तथा साफ पानी को खेतों में ले जाया जायेगा । उन्होंने संकल्प दिलवाया कि नर्मदा के तटों पर पेड़ लगायें, इसके किनारे के गाँवों में हर घर में शौचालय बनायें, पूजन-सामग्री पूजन कुण्ड में डालें। नर्मदा के किनारे चेंजिंग रूम और मुक्तिधाम बनाये जायेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियों को बचायें और हर बच्चे को स्कूल भेंजे। परिक्रमा सिर्फ माँ नर्मदा की : जगदगुरू शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती जन-संवाद में जगतगुरू शंकराचार्य श्री स्वरूपानंद महाराज ने कहा कि देश-दुनिया में अनेक नदियाँ हैं लेकिन परिक्रमा सिर्फ माँ नर्मदा की की जाती है । उन्होंने कहा कि आदि शंकराचार्य ने अद्वैतवाद के सिद्धांत में बताया है कि शरीर भिन्न हैं लेकिन आत्मा एक है। शंकराचार्य जी ने कहा कि बच्चों को गीता और रामायण की भी शिक्षा दी जाये । अमजद अली खान ने की यात्रा की सराहना विश्व विख्यात सरोद वादक श्री अमजद अली खान ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा शुरू की गई नर्मदा और पर्यावरण संरक्षण की यात्रा सराहनीय एवं अनुकरणीय है । इसका अनुसरण अन्य मुख्यमंत्रियों को भी करना चाहिये । उन्होंने 'भारत है देश प्यारा- भारत है देश न्यारा, इसकी सभ्यता है महान- इसकी संस्कृति है महान'' गीत गाया । जन-संवाद को लोक-निर्माण एवं नरसिंहपुर जिला प्रभारी मंत्री श्री रामपाल सिंह और सांसद श्री राव उदयप्रताप सिंह, अध्यक्ष राज्य महिला आयोग श्रीमती लता वानखेड़े, श्री अखिलेश्वरानंद, दीदी प्रज्ञा भारती सहित अन्य वक्ता ने भी संबोधित किया। यात्रा के पहुँचने पर ग्रामीणों ने भारी उत्साह-उमंग, आस्था और श्रद्धाभाव के साथ तथा महिलाओं ने सिर पर कलश लेकर यात्रियों का स्वागत किया। यात्रा में बच्चे, बुजुर्ग, महिलाओं सहित हर वर्ग के लोग शामिल हुए। यात्रा में हुए 'हर-हर नर्मदे' के उदघोष से आसमान गूँज उठा। इसके बाद माँ नर्मदा की महाआरती की गई। जन-संवाद में सांसद श्री गणेश सिंह, जिले के विधायक, जिला पंचायत अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, साधु-संत और पर्यावरणविद श्री भारत-भूषण गर्ग, प्रसिद्ध नृत्यांगना श्रीमती शुभालक्ष्मी खान, मो. अकील रज़ा सहित अन्य जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे ।

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  9 April 2017

नमामि देवि नर्मदे

111 वें दिन नरसिंहपुर के रमपुरा में यात्रा का गर्मजोशी से स्वागत    “नमामि देवि नर्मदे”- सेवा यात्रा 111 वें दिन  नरसिंहपुर जिले के रमपुरा ग्राम पहुँची। कड़ी धूप में भी बड़ी संख्या में ग्रामवासियों ने गर्मजोशी से यात्रा का स्वागत किया। जन-समूह में ललाट पर चंदन एवं रोली का तिलक लगाये पुरूष एवं कलश लेकर चल रही बालिकाएँ एवं महिलाओं को देखकर प्रतीत हो रहा था जैसे कोई भव्य मंगल उत्सव हो। जन-संवाद में संतों ने ग्रामीणों को नदी एवं प्रकृति संरक्षण का संकल्प दिलवाया तथा समझाइश दी कि नदी संरक्षण के लिए यही सही समय है, अगर अभी प्रयास नहीं किए तो पछताने का समय नहीं मिलेगा। नर्मदा के बिगड़े स्वरूप को पुनर्जीवित करने के लिए दोनों तट पर सघन पौध-रोपण करना होगा। इसी के साथ जल-संरक्षण, नशा-मुक्ति, बेटी बचाओ का भी संकल्प दिलवाया गया। साध्वी प्रज्ञा भारती ने कहा कि कड़ी धूप में जन-समूह की उपस्थिति नर्मदा के प्रति लोगों की असीम आस्था एवं भक्ति को दिखाती है। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा बेटी बचाओ अभियान की तरह ही शिव की बेटी नर्मदा को बचाने के लिए नमामि देवि नर्मदे- सेवा यात्रा प्रारंभ की गई है। इसकी सफलता समाज की भागीदारी से ही संभव है। संत, समाज एवं सरकार के सहयोग से ही यह संकल्प सफल होगा। संकल्प को सार्थक करने के लिए युद्ध स्तर पर चहुँमुखी प्रयास करने होंगे। उन्होंने आव्हान किया कि प्रत्येक व्यक्ति जन्म-दिवस पर पौध-रोपण कर उसका पोषण करें। हमें जीती- जागती विरासत नर्मदा को आने वाली पीढ़ी को सम्पन्न स्वरूप में सौंपना चाहिये। नर्मदा ही हमारा अस्तित्व है और इसका संरक्षण ही हमारा संरक्षण है। संत चैतन्य बापू ने नर्मदाष्टक का गायन किया। संत श्री बालकदास महाराज ने नर्मदा के धार्मिक, पौराणिक, आध्यात्मिक, सामाजिक एवं आर्थिक महत्व को बताया। नर्मदा मानव एवं जीव- जंतुओं के साथ- साथ क्षिप्रा एवं साबरमती सहित अन्य सहायक नदियों की जीवनदायिनी भी है। उन्होंने उज्जैन महाकुंभ को याद करते हुए कहा कि नर्मदा के कारण ही क्षिप्रा में निर्बाध शाही स्नान हुए। राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष श्रीमती लता वानखेड़े ने कहा कि श्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा प्रारंभ किया गया यह अभियान स्वतंत्र भारत का अनूठा अभियान है। नदी संरक्षण के लिए ऐसा महा-अभियान न तो इतिहास में हुआ और न ही भविष्य में कभी होगा। विधायक श्री जालम सिंह पटेल ने कहा कि नशा सामाजिक, आर्थिक एवं पारिवारिक पतन का कारण है, इसलिये हर प्रकार के नशे को त्यागें। स्वागतम् लक्ष्मी कार्यक्रम में जन-प्रतिनिधि एवं संतों ने नवजात बेटी का नामकरण कर माँ नर्मदा के हजार नामों में से एक ‘नमामि’ रखा। उसे उपहार भेंट कर सम्मानित किया गया। जन-संवाद में अतिथियों ने यात्रा के ध्वज, कलश और कन्याओं का पूजन किया।

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  8 April 2017

मंत्री गोपाल भार्गव

नरसिंहपुर जिले के बरमान कलां जनसंवाद में मंत्री  गोपाल भार्गव   पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री गोपाल भार्गव ने कहा है कि बिना नर्मदा के प्रदेश के विकास की कल्पना नहीं की जा सकती। मध्यप्रदेश से नर्मदा को कम कर दिया तो उसकी स्थिति वैसे ही होगी जैसे कि बिना प्राण का शरीर होता है। नर्मदा के कारण ही लाखों हेक्टेयर जमीन सिंचित हो रही है। बिजली मिल रही है, शहरों और कस्बों में पेयजल की सप्लाई हो रही है। नर्मदा विरासत है, इसे सहेजकर रखना है। उन्होंने नागरिकों का आव्हान किया कि नर्मदा को निर्मल बनाये रखने के लिए कहीं पर भी उसमें गंदगी प्रवाहित न होने दें। श्री भार्गव नर्मदा सेवा यात्रा के नरसिंहपुर जिले के बरमानकलां पहुँचने पर जनसंवाद को संबोधित कर रहे थे। श्री भार्गव ने कहा कि मध्यप्रदेश के विकास और तरक्की में नर्मदा मैया का बहुत बड़ा योगदान है। उन्होंने कहा कि भारत ही नहीं, पूरी दुनिया में नर्मदा सेवा यात्रा सबसे बड़ा अभियान है। लोग नर्मदा के प्रति आस्था रखते हैं। इस आस्था को आचरण में बदलने की आवश्यकता है। नर्मदा का संरक्षण करना हम सभी का दायित्व है। उन्होंने कहा कि नर्मदा किसी एक धर्म के लिए नहीं बल्कि प्राणी मात्र का कल्याण करती है। उन्होंने बताया कि आज के जनसंवाद में सभी धर्म के धर्माचार्य शामिल हैं, जो इस बात का प्रतीक है कि नर्मदा से सभी धर्म के लोग समान रूप से लाभांवित होते हैं। पंचायत एवं ग्रामीण मंत्री ने जनसमुदाय को यात्रा के पवित्र उद्देश्यों की पूर्ति में योगदान और इसके लिए दूसरों को प्रेरित करने का संकल्प दिलवाया। मध्यप्रदेश गौ-पालन एवं पशुधन संवर्धन बोर्ड के अध्यक्ष श्री स्वामी अखिलेश्वरानंद ने नर्मदा के पौराणिक, धार्मिक, सांस्कृतिक, पर्यावरणीय, आर्थिक महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि नर्मदा सेवा यात्रा पर्यावरण, मृदा, नदी, वनस्पति, वन्य प्राणियों और जलचरों के संरक्षण की अनूठी यात्रा है। यात्रा सफल प्रभावी और सार्थक सिद्ध हो रही है। यात्रा के संयोजक डॉ. जितेन्द्र जामदार ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने यात्रा के माध्यम से नर्मदा के संरक्षण का संकल्प लिया है, जिसे सभी को पूरा करना होगा। नेहरू युवा केन्द्र के पूर्व राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री विष्णुदत्त शर्मा ने कहा कि संत, समाज एवं सरकार के समन्वय से नर्मदा सेवा यात्रा जन-आंदोलन का रूप ले चुकी है।  जन संवाद के दौरान अतिथियों ने नर्मदा सेवा यात्रा के ध्वज एवं कलश और कन्याओं का पूजन किया। स्वागत लक्ष्मी कार्यक्रम में मोना/ गोविंद नौरिया की बेटी का नाम सौम्या रखा गया। सौम्या को उपहार भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन खनिज निगम के अध्यक्ष श्री शिव कुमार चौबे ने किया। इस अवसर साध्वी प्रज्ञा भारती, पदमदास महाराज, स्वामी परमानंद महाराज, सिख समाज से श्री ज्ञानी, ईसाई समाज से श्री जोसेफ, मुस्लिम समाज से मो. इश्तयार, राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष श्रीमती लता वानखेड़े, विधायक सर्वश्री जालम सिंह पटेल, संजय शर्मा, शैलेन्द्र जैन, सागर भाजपा जिलाध्यक्ष श्री राजा दुबे, जिला पंचायत अध्यक्ष संदीप पटेल एवं उपाध्यक्ष श्रीमती शीला देवी ठाकुर, जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक के अध्यक्ष श्री वीरेन्द्र फौजदार, जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष श्री प्रदीप पांडे, साधु- संत, जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे। यात्रा और जन-संवाद के लिये गाँव में पीले चावल और निमंत्रण पत्र द्वारा ग्रामीणों को आमंत्रित किया गया था। धार्मिक और आध्यात्मिक माहौल में ग्रामीणों ने बंदनवार और राँगोली से गाँव की साज-सज्जा कर यात्रा पर पुष्प वर्षा कर स्वागत किया।  

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  7 April 2017

news नरसिंहपुर

  नरसिंहपुर जिले में नर्मदा यात्रा का स्वागत-स्थल बना मेला-स्थल   “नमामि देवी नर्मदे”-सेवा यात्रा की मूल भावना को ग्रामवासी न सिर्फ समझ रहे हैं, बल्कि उसके अनुरूप अपनी भूमिका का निर्धारण भी कर रहे हैं। नरसिंहपुर जिले के ग्राम हीरापुर में आज कुछ ग्रामवासियों से बातचीत के दौरान यह जानने को मिला कि “नर्मदा सेवा यात्रा” एक कल्याणकारी सोच का परिणाम है। रायसेन जिले से नरसिंहपुर जिले में यात्रा के पहुँचने के पहले दोपहर से शाम तक अनेक ग्राम के लोग हीरापुर पंचायत की ओर से लगाए गए पंडाल में पहुँचने लगे। एक छोटी नदी सिंदूरी के किनारे हीरापुर से तीन किलोमीटर दूर बना स्वागत-स्थल एक मेले के रूप में परिवर्तित हो गया था। नरसिंहपुर जिले के ग्राम तेन्दूखेड़ा के एक मजदूर खेमचंद से चर्चा करने पर पता चला कि वह इस यात्रा के उद्देश्य नदी स्वच्छता की भावना को खूब समझता है। खेमचंद के ही शब्दों में – “जा नदी साफ रऐगी तो हमीईरे काम आएगी।” नरसिंहपुर जिले के ही ग्राम टपरिया टर्रा के कृषक रामप्रसाद ने कहा कि “नर्मदा सेवा यात्रा” बहुत सारे पेड़ लगवाने के लिए हो रही है। बातचीत में रामप्रसाद सुझाव भी देते हैं कि फलदार पेड़ ज्यादा लगाए जाएं। कक्षा दसवीं के विद्याथी देवेन्द्र पटेल और आकाश खोजा टपरिया के निवासी है। यह दोनों मित्र जिज्ञासा-वश हीरापुर पहुँचे थे। उन्होंने बताया कि इस यात्रा में प्रधानमंत्री के स्वच्छता अभियान का संदेश भी दिया जा रहा है। ग्राम हीरापुर में खेती-किसानी का कार्य करने वाले ओमकार ने बताया कि पढ़ाई-लिखाई के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए यह यात्रा हमारे गाँव आ रही है। “नर्मदा मैया को ठीक-ठाक रखने के लिए गाँव-गाँव जाकर समझाईश दी जा रही है।” ग्राम धामा के कृषक रमेश केवट ने सलाह दी कि यात्रा में जो सरकारी अफसर आ रहे हैं, वो गाँव के स्कूल और सोसायटी का काम-काज देखने भी जाए, जिससे इनका काम ज्यादा अच्छी तरह से हो सके। हीरापुर पंचायत के अलावा ग्राम पंचायत बंधी की ओर से भी यात्रा के स्वागत के लिए व्यवस्थाओं में सहयोग दिया गया। ग्रामवासियों ने पानी के टैंकर पर बोरों का आवरण बिछाकर पेयजल को तप्ती दुपहरी में गर्म होने से रोकने में सहयोग दिया। गाँव के बच्चों ने रांगोली और दीवार लेखन से साज-सज्जा कर नर्मदा यात्रा के स्वागत के लिए अपनी भावना व्यक्त की। पर्यावरण, मद्य निषेध, बेटी बचाओ और जल संरक्षण का अर्थ जानने लगे हैं। ग्रामवासियों से बातचीत में यह बात उभरकर सामने आई ।  

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  6 April 2017

narmda

मुख्यमंत्री चौहान ने मोबाइल से बरमान के जन-संवाद कार्यक्रम को किया संबोधित  मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि मध्यप्रदेश की सुख व समृद्धि का आधार माँ नर्मदा है। प्रदेश की जीवन रेखा नर्मदा के संरक्षण एवं संवर्धन और प्रदूषण मुक्ति के लिए जागरूकता बढ़ाने नर्मदा सेवा यात्रा जन-आंदोलन का रूप ले चुकी है। श्री चौहान ने इसके लिए सभी को अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान देने का संकल्प दिलवाया। उन्होंने लोगों से आव्हान किया कि माँ नर्मदा का श्रंगार दोनों तटों पर वृक्षारोपण कर हरियाली चुनरी ओढ़ाकर करें। मुख्यमंत्री श्री चौहान नर्मदा सेवा यात्रा के दौरान नरसिंहपुर जिले के बरमानखुर्द में जन-संवाद कार्यक्रम को मोबाइल से संबोधित कर रहे थे। श्री चौहान का बरमानखुर्द आगमन का कार्यक्रम प्रस्तावित था, परंतु अपरिहार्य कारणों से वे कार्यक्रम में शामिल नहीं हो सके थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने मोबाइल से दिये संदेश में कहा कि नर्मदा तट के एक किलोमीटर के दायरे में किसानों को निजी भूमि पर फलदार पौधे लगाने के लिए गड्ढा खोदने के लिए मजदूरी के साथ 40 प्रतिशत अनुदान राशि दी जायेगी। साथ ही प्रति हेक्टर 20 हजार रूपये की राशि 3 साल तक किसानों को दी जायेगी। उन्होंने कहा कि नर्मदा में गंदे पानी को मिलने से रोकने के लिए अमरकंटक से ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की शुरूआत की जायेगी। ट्रीटमेंट प्लांट से निकले साफ पानी को खेतों तक पहुँचाकर सिंचाई के उपयोग में लिया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि नर्मदा किनारे पूजन सामग्री विसर्जित करने के लिए पूजन कुंड बनाये जायेंगे। उन्होंने कहा कि नर्मदा तट से लगे गाँव में अगले वित्तीय वर्ष से कोई शराब की दुकान नीलाम नहीं होगी। साथ ही पूरे प्रदेश में नशा मुक्ति अभियान भी चलाया जायेगा। उन्होंने कार्यक्रम में नर्मदा तटों पर वृक्षारोपण करने, स्वच्छता बनाये रखने, खेती में रासायनिक उर्वरकों एवं कीटनाशकों का उपयोग नहीं करने, जैविक खेती अपनाने, फलदार एवं छायादार वृक्षों के लिए पौधेरोपित करने, बेटी बचाओ- बेटी पढ़ाओ, नशा मुक्ति और नर्मदा की निर्मलता बनाये रखने के लिए हर संभव प्रयास करने तथा इसके लिए दूसरों को प्रेरित करने का संकल्प दिलवाया। पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव ने कहा कि मध्यप्रदेश के विकास और तरक्की में नर्मदा मैया का बहुत बड़ा योगदान है। बिना नर्मदा के हम प्रदेश के विकास की कल्पना भी नहीं कर सकते। यदि मध्यप्रदेश से नर्मदा को कम कर दिया तो उसकी स्थिति वैसे ही होगी जैसे कि बिना प्राण के शरीर होता है। उन्होंने जिलावासियों का आव्हान किया कि नर्मदा जल को निर्मल बनाये रखने के लिए कहीं पर भी गंदगी नर्मदा में प्रवाहित न होने दें। ग्रामीण विकास मंत्री ने जानकारी दी कि जो पंचायतें खुले में शौच से मुक्त हो गई हैं, उन्हें विकास के लिए अधिक राशि मिलेगी, जिससे वे अपने विकास के कार्य करवा सकेंगे। वन, योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार ने कहा कि नर्मदा के आचमन योग्य जल को गंदा नहीं होने दें। हमारी सामाजिक, आर्थिक, सांस्कृतिक गतिविधियाँ भी नर्मदा पर आश्रित हैं।लोक निर्माण, विधि एवं विधायी कार्य मंत्री श्री रामपाल सिंह ने कहा कि नरसिंहपुर जिले के 10 हजार किसानों ने जैविक खेती करने का संकल्प लिया है। उन्होंने जिले के किसानों की आय 5 वर्ष में दोगुनी करने के लिए तैयार रोडमेप पत्रिका का विमोचन किया। कार्यक्रम में डॉ. जितेन्द्र जामदार ने अभी तक हुई नर्मदा सेवा यात्रा का प्रतिवेदन में बताया कि नर्मदा सेवा का आज 28वाँ दिन है। अभी तक हुई यात्रा में 7 लाख से अधिक लोगों ने इसमें भागीदारी की है। यात्रा के दौरान 124 स्थान पर चौपाल लगाकर कार्यक्रम किये गये हैं।सांसद श्री राव उदय प्रताप सिंह ने कहा कि माँ नर्मदा के स्वरूप को बनाये रखने और प्रदूषण मुक्त करने के लिए सेवा यात्रा चल रही है। इस अवसर पर भानपुरा पीठाधीश्वर अनंत विभूषित स्वामी दिव्यानंद तीर्थ, दंडी स्वामी हेमानंद सरस्वती महाराज उज्जैन, स्वामी अखिलेश्वरानंद महाराज, पदमदास महाराज, समर्थ भैया सरकार जबलपुर, कृष्णदास महाराज सिद्धघाट, साध्वी प्रज्ञा भारती, साध्वी योग माया, स्टेट माइनिंग कार्पोरेशन लि. के अध्यक्ष (मंत्री दर्जा) श्री शिव चौबे, श्री संजय शर्मा, श्री जालम सिंह पटेल, श्री गोविंद सिंह पटेल, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री संदीप पटेल, जन-अभियान परिषद के उपाध्यक्ष श्री प्रदीप पांडे, साधु-संत, अन्य जन-प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में श्रद्धालुजन मौजूद थे। नर्मदा सेवा यात्रा के ध्वज, कलश और कन्या पूजन जन-संवाद कार्यक्रम के शुभारंभ पर नर्मदा सेवा यात्रा के ध्वज एवं कलश और कन्याओं का पूजन किया गया। टीकमगढ़ जिले की उप यात्रा के माध्यम से लाये गये जिले की चार नदी के जल के कलश को स्वामी अखिलेश्वरानंद को सौंपा गया। नर्मदा की सहायक नदियों के नाम से जिले में निकाली गई उप-यात्राएँ भी नर्मदा सेवा यात्रा में शामिल हुई। इस अवसर पर नर्मदा संरक्षण एवं संवर्धन और प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए लोगों को प्रेरित करने के उद्देश्य से सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन हुआ। इसमें नुक्कड़ नाटिका, गीत आदि की प्रस्तुति दी गई। कार्यक्रम में जैविक खेती के फायदे भी बताये गये। कार्यक्रम में साधु- संतों को सम्मानित किया गया।  

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  8 January 2017

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान

  महा आरती में मुख्यमंत्री हुए शामिल  नर्मदा सेवा यात्रा में शामिल होने के लिए मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान सपत्नीक को नरसिंहपुर जिले के भैंसा-ब्रम्हकुंड पहुँचे। मुख्यमंत्री सेवा यात्रियों के साथ भैंसा से दो किलोमीटर पैदल चलकर नर्मदा तट पर ब्रम्हकुंड पहुँचे। भैंसा में स्वामी श्री अखिलेश्वरानंद ने नर्मदा सेवा यात्रा का ध्वज मुख्यमंत्री को और अपेक्स बैंक के पूर्व उपाध्यक्ष श्री कैलाश सोनी ने नर्मदा सेवा यात्रा का कलश श्रीमती साधना सिंह को सौंपा। मुख्यमंत्री श्री चौहान नर्मदा यात्रा का ध्वज लेकर और श्रीमती साधना सिंह कलश लेकर यात्रा में पैदल चल रहे थे। यात्रा में आसपास के ग्राम के हजारों लोग उत्साहपूर्वक शामिल हुये। यात्रा पथ नर्मदा माई की जय और नर्मदे हर के उदघोष से गुंजायमान हो रहा था। यात्रा के दौरान महिलायें अपने सिर पर कलश लेकर आगे-आगे चल रही थीं। जगह-जगह घरों के सामने रांगोली सजाई गई थी। ग्रामीणजन यात्रा पथ पर आकर नर्मदा कलश और ध्वज की पूजा-अर्चना कर रहे थे। मुख्यमंत्री उत्साह के साथ ग्रामीणों, युवाओं और बच्चों से मिल रहे थे। नर्मदा जी की महाआरती मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सपत्नीक ब्रम्हकुंड घाट पर माँ नर्मदा की पूजा-अर्चना की और महाआरती में शामिल हुए। इस अवसर पर नर्मदाष्टक का सस्वर पाठ किया गया। मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं से कहा कि माँ नर्मदा के घाटों को साफ-स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त रखने का संकल्प लें। ऐसा कोई भी कार्य न करें जिससे नर्मदा का जल प्रदूषित हो। उन्होंने नर्मदा तटों पर पौध-रोपण कर माँ नर्मदा को हरित चुनरी उढाने का आव्हान किया। मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों से कहा कि नशा मुक्त समाज बनाने में अपना योगदान दें। बेटे और बेटी में किसी भी प्रकार का भेदभाव न करें। यात्रा के जाने के बाद नर्मदा सेवा समितियाँ नर्मदा के संरक्षण और प्रदूषण मुक्त बनाने का कार्य अपने हाथ में लें। उन्होंने श्रद्धालुओं से कहा कि वे ऐसी कोई भी पूजन-सामग्री नर्मदा में विसर्जित न करें, जिससे प्रदूषण हो। इसके लिए घाटों पर अपशिष्ट पूजन सामग्री विसर्जन के लिए अलग से बनाये जाने वाले कुंड में ही पूजन सामग्री विसर्जित करे। ध्वज व कन्या पूजन और संतों का सम्मान मुख्यमंत्री श्री चौहान ने ब्रम्हकुंड में आयोजित जनसंवाद कार्यक्रम में नर्मदा सेवा यात्रा के ध्वज, कलश व कन्याओं का पूजन और संतों का सम्मान किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज में माँ बहन, बेटी सभी महिलाओं का सम्मान होना चाहिए। उन्होंने बेटी बचाओ और बेटी पढ़ाओं पर जोर दिया। मुख्यमंत्री ने जैविक खेती अपनाने वाले 7 कृषक का सम्मान किया और नर्मदा के पौराणिक महत्व पर आधारित तट‘ नामक पुस्तिका का विमोचन किया।  

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  5 January 2017

नरसिंहपुर

    'नमामि देवि नर्मदे''-सेवा यात्रा आज 23वें दिन आठवें पड़ाव में बरगी से रवाना होकर नरसिंहपुर पहुँची। मण्डला और जबलपुर में नर्मदा सेवा यात्रा को समाज के प्रत्येक वर्ग का समर्थन मिला। जबलपुर, मण्डला के यात्रा प्रभारी महामण्डलेश्वर स्वामी अखिलेश्वरानंद और जबलपुर कलेक्टर श्री महेश चौधरी ने नर्मदा सेवा यात्रा ध्वज और कलश लोक निर्माण मंत्री श्री रामपाल सिंह को सौंपा। जबलपुर जिले के दक्षिण तट की सेवा यात्रा का ध्वज जब नरसिंहपुर जिले की सीमा पर सनेर नदी पर सौंपा गया तो यात्रा में चल रहे यात्रीगण, साधु-संत भावुक हो गये। नर्मदा सेवा यात्रा 11 दिसम्बर को मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में शुरू हुई। यात्रा नर्मदा तटीय जिलों के 1100 ग्राम से होकर अपने उद्गम-स्थल अमरकंटक पहुँचेगी। नरसिंहपुर में लोक निर्माण मंत्री श्री रामपाल सिंह ने यात्रा की अगवानी करते हुए कहा कि नर्मदा सेवा यात्रा ने जन-आंदोलन का रूप ले लिया है। उन्होंने कहा कि किसी भी काम के लिये समाज इकट्ठा हो जाये, तो कठिन से कठिन काम को आसानी से पूरा किया जा सकता है। प्रदेशवासियों द्वारा नर्मदा नदी के संरक्षण के लिये लिया गया संकल्प देश के लिये मिसाल बनेगा। नर्मदा सेवा यात्रा आज नये वर्ष के दूसरे दिन नरसिंहपुर जिले के ग्राम कुकलाह, खमरिया होकर झाँसी घाट पहुँचेगी। नर्मदा सेवा यात्रा में आज सांसद राव उदय प्रताप सिंह, सांसद श्री प्रह्लाद पटेल, विधायक श्रीमती प्रतिभा सिंह, श्री जालम सिंह पटेल, श्री संजय शर्मा और स्थानीय निकाय के प्रतिनिधि शामिल हुए। नर्मदा सेवा यात्रा में नर्मदा नदी की स्वच्छता की बात तो की जा रही है, इसके साथ ही अनेक सामाजिक मुद्दे, जिनमें जैविक खेती, उद्यानिकी फसलों को बढ़ावा देना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, गौ-संरक्षण और गौ-संवर्धन, नशामुक्ति, छायादार और फलदार पौधों के वृक्षारोपण को भी शामिल किया गया है। इन मुद्दों पर यात्रा के दौरान ग्रामवासियों की चौपाल लगाकर चर्चा की जा रही है। यात्रा जिन मार्गों से गुजर रही है, वहाँ महिलाओं और बालिकाओं के समूह रांगोली बनाकर यात्रा का अभिनंदन कर रहे हैं। यात्रा के साथ चल रहे प्रबुद्धजन ग्रामीणों को नर्मदा को स्वच्छ रखने का संकल्प भी दिला रहे हैं। नर्मदा सेवा यात्रा को लोक-नृत्य एवं लोक-भजनों से भी समर्थन दिया जा रहा है।  

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  3 January 2017

shivraj singh news

नरसिंहपुर जिले में वृहद हितग्राही सम्मेलन  मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान ने नरसिंहपुर जिले में 12 हजार 900 लाख रूपये से अधिक के 55 निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। जिले की करेली तहसील के ग्राम घाट बम्होरी (समनापुर) में हुए सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने जन-कल्याणकारी योजनाओं के 32 हजार 371 हितग्राही को हित लाभ 2301.42 लाख रूपये के हित लाभ पत्रों का वितरण किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने जिले की जनपद पंचायत करेली के खुले में शौच से मुक्त होने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने स्वच्छ भारत मिशन में खुले में शौच मुक्त ग्राम बनाने में सराहनीय कार्य करने वाली जिले की 250 ओ.डी.एफ. ग्राम पंचायतों के सरपंचों को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने जिले में पूर्व में खुले में शौच से मुक्त हुई जनपद पंचायत चांवरपाठा की अध्यक्ष श्रीमती रामवती पटेल और आज खुले में शौच से मुक्त घोषित करेली जनपद पंचायत की अध्यक्ष श्रीमती रंजना देवी जूदेव को भी सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने सम्मेलन में जिले को 26 जनवरी 2017 तक खुले में शौच से मुक्त करने का संकल्प मौजूद लोगों को दिलाया। निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने 12900.63 लाख रूपये के 55 निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। उन्होंने 1265.19 लाख रूपये के 27 कार्य लोकार्पित किये। साथ ही 11635.44 लाख रूपये के 28 कार्यों का शिलान्यास किया।  

MadhyaBharat

 MadhyaBharat  6 November 2016

29 जून से 14 जुलाई 2014 के बीच होंगी मुख्यमंत्री तीर्थ-दर्शन  की यात्राएँ

वैष्णोदेवी, रामेश्वरम एवं तिरुपति की यात्रामुख्यमंत्री तीर्थ-दर्शन योजना में 29 जून से विभिन्न तीर्थ-स्थल के लिये यात्रा प्रारंभ की जायेगी। इसमें बैतूल, होशंगाबाद, भोपाल, रायसेन, सीहोर, देवास, इंदौर, नीमच, मंदसौर, धार, रतलाम, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिण्ड, खण्डवा, खरगोन, बड़वानी, हरदा, छिन्दवाड़ा जिले के तीर्थ-दर्शनार्थी को वैष्णोदेवी, रामेश्वरम एवं तिरुपति की यात्रा करवाई जायेगी।इस योजना में 29 जून को बैतूल से 201, होशंगाबाद से 204, भोपाल से 270, रायसेन से 150 तथा सीहोर से 151 तीर्थ-यात्री बैतूल-होशंगाबाद-हबीबगंज होते हुए वैष्णोदेवी के लिये रवाना होंगे। इसी प्रकार 30 जून को नीमच से रामेश्वरम की यात्रा शुरू होगी जिसमें नीमच से 310, मंदसौर से 330 तथा रतलाम से 337 तीर्थ-यात्री रहेंगे, 9 जुलाई को इंदौर से 372, देवास से 215, सीहोर से 211 तथा धार से 180 तीर्थ-यात्री रामेश्वरम के लिये रवाना होंगे।तिरुपति के लिये 10 जुलाई को शिवपुरी से 260, ग्वालियर से 301, दतिया से 206 तथा भिण्ड से 209 तीर्थ-यात्री को रवाना किया जायेगा। इसी प्रकार 14 जुलाई को खण्डवा से 215, खरगोन से 200, बड़वानी से 153, हरदा से 152 तथा छिन्दवाड़ा से 256 तीर्थ-यात्री को रामेश्वरम तीर्थ-स्थल की यात्रा करवाई जायेगी।

MadhyaBharat

 MadhyaBharat 

Video

Page Views

  • Last day : 2842
  • Last 7 days : 18353
  • Last 30 days : 71082
Advertisement
Advertisement
Advertisement
All Rights Reserved ©2017 MadhyaBharat News.