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रायपुर News


मूणत CD कांड

खबर रायपुर से । एसआईटी को सेक्स सीडी कांड की फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट का बेसब्री से इंतजार है। दरअसल सीडी कांड को लेकर छत्तीसगढ़ की राजनीति गरमाई हुई है। रायपुर पुलिस विपक्षी पार्टी के निशाने पर है। गुढ़ियारी में कांग्रेस-भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच हुए पथराव की घटना के बाद से मामला और गरमा गया है। कांग्रेस के नेताओं ने पुलिस पर सरकार के दबाव में काम करने का आरोप लगाते हुए यहां तक कह दिया है कि सरकार बदलने पर जिम्मेदार पुलिस अफसरों को देखा जाएगा, उनसे हिसाब लिया जाएगा। इस बयानबाजी के बाद अफसर भी बचाव की मुद्रा में आ गए हैं। पुलिस सूत्रों ने बताया कि सीबीआई जांच की घोषणा होने के बाद से एसआईटी जल्द से जल्द इस मामले से मुक्त होना चाह रही है। सीबीआई ने भी सीडी कांड की केस डायरी का दो दिनों तक अध्ययन करने के बाद इसी हफ्ते जांच शुरू करने के संकेत दिए हैं। लिहाजा एसआईटी का पूरा ध्यान हैदराबाद फॉरेंसिक लैब भेजे गए अश्लील सीडी, पेन ड्राइव, लैपटॉप आदि की जांच रिपोर्ट पर है। पुलिस के मुताबिक सेक्स सीडी की पूरी जांच रिपोर्ट हैदराबाद लैब से कम से कम महीनेभर में मिलने की उम्मीद है। हालांकि रिपोर्ट जल्द से जल्द मिल जाए, इसके लिए उच्च स्तर पर भी प्रयास किए जा रहे हैं। फिर भी 20-25 नवम्बर से पहले मिलने की संभावना कम ही है। सेक्स सीडी कांड में गिरफ्तार विनोद वर्मा जेल में है, जबकि भिलाई के फरार कारोबारी विजय भाटिया की सरगर्मी से तलाश की जा रही है। खबर मिली है कि वह पंजाब में फरारी काट रहा है। विजय के घर से पुलिस ने 500 अश्लील सीडी बरामद की है। उसके पकड़े जाने पर यह राज खुलेगा कि किसके कहने पर वह विनोद वर्मा से सीडी लेकर यहां आया था। पुलिस का दावा है कि सीडी कांड में राजधानी रायपुर के दो युवा नेताओं की भूमिका सामने आई है। इन्होंने पर्दे के पीछे रहकर कार्य किया। इन कांग्रेसी युवा नेताओं का नाम दो साल पहले अंतागढ़ टेपकांड में भी सामने आ चुके हैं। लिहाजा दोनों पुलिस के निशाने पर हैं। कभी भी इनकी गिरफ्तारी की जा सकती है। पिछले पखवाड़ेभर से रायपुर पुलिस का पूरा अमला एकमात्र सीडी कांड की जांच में उलझा हुआ है। ऐसे में कई हाईप्रोफाइल हत्या व लूट की केस डायरी दब गई है। इनमें सराफा कारोबारी पंकज बोथरा हत्याकांड, छछानपैरी हत्याकांड, सेरीखेड़ी गोलीकांड समेत करीब 15 बहुचर्चित केस शामिल हैं।  

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 MadhyaBharat  11 November 2017

मूणत की CD का सच

छत्तीसगढ़ की सियासत में बवाल मचाने वाले कथित अश्लील सीडी कांड मामले को सीबीआई को सौंपने के लिए रायपुर पुलिस की स्पेशल टीम (एसआईटी) दिल्ली पहुंच गई है। खबर है कि टीम वहां सीबीआई के अधिकारियों से मिलकर अब तक हुई जांच का पूरा ब्योरा देगी। घटनाक्रम के अध्ययन के बाद सीबीआई जांच शुरू करेगी। हालांकि प्रदेश सरकार ने सीडी कांड की जांच सीबीआई से कराने का प्रस्ताव भेजा है। सीबीआई कब से जांच शुरू करेगी, फिलहाल स्पष्ट नहीं है और न ही अधिकारी इस बारे में कुछ बताने की स्थिति में हैं। मामले में विपक्ष से जुड़े बड़े-छोटे नेताओं की संलिप्तता होने की वजह से एसआईटी फूंक-फूंककर कदम बढ़ा रही है। संदेह के घेरे में आए लोगों को शॉर्ट लिस्ट कर उनके खिलाफ तगड़ा सबूत जुटाया जा रहा है। खबर यह भी है कि एसआईटी ने रायपुर समेत भिलाई, राजनांदगांव आदि शहरों के छह से अधिक संदेहियों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। हालांकि हिरासत में कौन-कौन हैं और उनसे क्या जानकारी ली जा रही है, यह बताने को कोई भी असर तैयार नहीं है। उनका कहना है कि मामला हाईप्रोफाइल है, इसलिए मीडिया में शेयर करना संभव नहीं है। प्रदीप गुप्ता, आईजी रायपुर रेंज ने कहा सीडी कांड मामले में फिलहाल किसी को हिरासत में लेने की जानकारी मुझे नहीं है। एसआईटी जांच कर रही है। महत्वपूर्ण सुराग जुटाए जा रहे हैं।   

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 MadhyaBharat  3 November 2017

अम्बुजा सीमेंट

बलौदा बाजार जिला मुख्यालय से 7 किमी दूर अंबुजा सीमेंट संयंत्र रवान में रविवार दोपहर 3 बजे 2 मजदूर पत्थर पीसने वाली मशीन में फंस गए। इससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। वहीं 3 मजदूर बाल-बाल बच गए। हादसे के बाद प्रबंधन तत्काल मजदूरों के शवों को इलाज के नाम पर रायपुर लेकर रवाना हो गया। हादसे की जानकारी मिलते ही ग्रामीण कंपनी के मुख्यद्वार पर इकट्ठे होकर प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी करते रहे। देर शाम विभिन्ना राजनीतिक दलों के नेताओं का जमावड़ा हो गया। संयंत्र में महीनेभर से बंद पड़े रॉ मिल में गियर बॉक्स रिपेयरिंग का काम चल रहा था। सोमवार को टेस्टिंग थी। हादसे के समय 5 मजदूर वहां काम कर रहे थे। मोहरा निवासी दिलीप वर्मा व मिरगी निवासी धीरेन्द्र वर्मा रॉ मिल के अंदर थे। वहीं 3 मजदूर ऊपर गियर बॉक्स में थे। तभी प्रबंधन ने वस्तुस्थिति का जायजा लिए बिना लापरवाहीपूर्वक रॉ मिल को चालू करवा दिया। इससे अंदर काम कर रहे धीरेन्द्र व दिलीप रॉ मटेरियल की तरह पिस गए और उनकी वहीं मौत हो गई। गियर बॉक्स पर बैठकर कार्य कर रहे कामगार झटके से दूर जा गिरे। उन्होंने नीचे गिरते समय वहीं से गुजरने वाले केबल को पकड़ लिया जिससे उनकी जान बच गई। सीमेंट प्रबंधन ने मजदूरों को सेफ्टी लॉक नहीं दिया था। मशीनरी के सुधार में लगे मजदूरों को सुरक्षा के लिहाज से सेफ्टी लॉक दिया जाता है जिसे वे मशीन के ऑन ऑफ स्वीच बॉक्स में लगा देते हैं और चाबी अपने पास रखते हैं। काम खत्म होने के बाद ही सभी मजदूर अपने लगाए तालों को खोलते हैं तब जाकर मशीन चालू होती है। मगर घटना के दिन अति संवेदनशील एरिया में काम कर रहे मजदूरों को सेफ्टी लॉक दिया ही नहीं गया।    

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 MadhyaBharat  18 September 2017

अजीत जोगी

अजीत जोगी की जाति मामले में हाईकोर्ट में शुक्रवार को होने वाली सुनवाई फिर टल गई है। हाईपावर कमेटी के फैसले के खिलाफ दायर याचिका पर शुक्रवार को सुनवाई सुनवाई होनी थी, लेकिन अब इस मामले में 14 सितंबर को सुनवाई होगी। अजीत जोगी के लिए हाईकोर्ट का फैसला कितना महत्वपूर्ण है, इसका अहसास इसी बात से लगाया जा सकता है कि जोगी समर्थक पल-पल फैसले को लेकर निगाहें टिकाए हुए हैं, वहीं याचिककर्ता नंदकुमार साय समीरा पैकरा भी हाईकोर्ट में मौजूद हैं। हालांकि कोरबा के प्रदर्शन की वजह से जोगी कांग्रेस के कई सीनियर लीडर कोरबा में हैं, लेकिन प्रदर्शन से ज्यादा उत्सुकता जोगी कांग्रेस के समर्थकों की हाईकोर्ट की सुनवाई पर है। अजीत जोगी की पैरवी के लिए मध्यप्रदेश से सीनियर हाईकोर्ट वकील ब्रायन डिसिल्वा और दिल्ली से सुप्रीम कोर्ट के वकील राहुल त्यागी पहुंचे हुए हैं। एक पक्ष की सुनवाई लगभग पूरी हो गई है। हाईपावर कमेटी की रिपोर्ट को अजीत जोगी ने चुनौती दी है। हाईपावर कमेटी ने जोगी को कंवर आदिवासी नहीं माना है बल्कि उन्हें ईसाई बताया है। लिहाजा अजीत जोगी की मुश्किलें बढ़ी हुई है। वहीं बिलासपुर कलेक्टर पी. दयानंद ने हाईपावर कमेटी के निर्देश के बाद जोगी का जाति प्रमाण पत्र को रद्द कर दिया है।

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 MadhyaBharat  8 September 2017

महानदी  बैराज

  नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के फैसले से आडिशा सरकार को झटका लगा है। उसने महानदी पर छत्तीसगढ़ सरकार की परियोजनाओं का संचालन शुरू नहीं करने की याचिका लगाई थी। एनजीटी ने उसे खारिज कर दिया है। उसने यह साफ कर दिया कि महानदी पर निर्माणाधीन परियोजनाओं में पहले से कोई स्थगन नहीं था। इस कारण नए बैराजों के निर्माण का रास्ता खुल गया है। गुरुवार को कोलकाता के एनजीटी की पूर्वी बेंच ने इस प्रकरण की सुनवाई की। छत्तीसगढ़ सरकार की तरफ से महाधिवक्ता जुगल किशोर गिल्डा ने पक्ष रखा। उनके साथ जल संसाधन विभाग बिलासपुर के मुख्य अभियंता और प्रकरण के प्रभारी अधिकारी एसके अवधिया और कार्यपालन अभियंता आरएस नायडू भी उपस्थित थे। दोनों अधिकारी शाम को कोलकाता से रायपुर लौट आए। नायडू ने बताया कि महानदी पर राज्य सरकार पांच बैराज बसंतपुर, मिरौनी, साराडीह, कलमा और समोदा में बैराज का निर्माण पूर्ण कर लिया गया है, जबकि शिवरीनारायण बैराज निर्माणाधीन है। एनजीटी ने छत्तीसगढ़ सरकार का पक्ष सुनने के बाद कहा कि महानदी पर ऐसे बैराज, जिनका निर्माण शुरू नहीं हुआ, उन्हें भी अब प्रारंभ कर सकते हैं। गौरतलब है कि पूर्वी क्षेत्रीय बेंच ने 26 जुलाई 2017 को अभिलेखों का परीक्षण करने के बाद राज्य सरकार से यह अपेक्षा की थी, कि जिन बैराजों निर्माण शुरू नहीं हुआ है, उनमें फिलहाल आगामी सुनवाई होने तक कार्य प्रारंभ नहीं किया जाए।

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 MadhyaBharat  1 September 2017

naya raipur

  नया रायपुर में अक्षरधाम मंदिर (स्वामी नारायण संप्रदाय) को 10 एकड़ भूमि 25 फीसदी दर पर दी जाएगी। अन्य कई संस्थाओं को भी रियायती दर पर भूमि दी जाएगी। सरकार ने सत्य साईं हास्पिटल सहित कुछ संस्थाओं को आवंटित भूमि पर भूभाटक 1 रूपए सालाना कर दिया है। राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में इस पर निर्णय हुआ है। नगरीय प्रशासन मंत्री अमर अग्रवाल ने कहा कि धार्मिक, सामाजिक संस्थाओं के नया रायपुर में आने से देश विदेश के पर्यटकों को आकर्षित करने में मदद मिलेगी। इससे निवेश को भी बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने बताया कि मंत्रिपरिषद ने अक्षरधाम को 10 एकड़, इस्कॉन को 10 एकड़, वेदमाता गायत्री ट्रस्ट को 5 एकड़, मंदिर, मस्जिद, चर्च, गुरूद्वारा के लिए एक-एक एकड़ भूमि 25 प्रतिशत दर पर दी जाएगी। धार्मिक, आध्यात्मिक तथा सांस्कृतिक प्रयोजनों के लिए भूभाटक की राशि का 25 प्रतिशत ही संस्था को देना होगा। भूमि के कुल दर का 25 प्रतिशत भार (13.09 करोड़ रूपए) एनआरडीए वहन करेगा। कैबिनेट ने निर्णय लिया है कि नया रायपुर के सेक्टर 2 नवागांव में 12.10 हेक्टेयर में स्थापित सत्य साईं हेल्थ एंड एजुकेशन ट्रस्ट को लीज पर दी गई भूमि की 90 साल की लीज दर 1 करोड़ 76 लाख 17 हजार 6 सौ रूपए की जगह सालाना 1 रूपए निर्धारित कर दी है। संस्था को अब 90 साल में मात्र 90 रूपए चुकाना होगा। सत्य साईं संजीवनी हास्पिटल में बच्चों के हृदय रोग का निशुल्क इलाज किया जाता है। अब तक यहां देश विदेश के 3620 बच्चों का ऑपरेशन किया जा चुका है। सत्य साईं हास्पिटल के नजदीक यहां आने वाले मरीजों व उनके परिजनों के ठहरने के लिए धर्मशाला के निर्माण के लिए 25 हजार वर्गफीट जमीन दी गई है। कैबिनेट ने वर्ल्ड स्प्रिचयुएल ट्रस्ट (प्रजापति ईश्वरीय विश्वविद्यालय) को सेक्टर 20 कयाबांधा में 6049.59 वर्गमीटर भूमि दी गई है। कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री डॉ.रमन सिंह ने प्रधानमंत्री मोदी द्वारा भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों की बैठक में हुई चर्चा की जानकारी भी दी। उन्होंने कहा कि हमें पीएम के संकल्प से सिद्घि तक के मंत्र पर आगे बढ़ना है। 2022 में भारत के नवनिर्माण की प्रधानमंत्री की परिकल्पना पर चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा हमें कोशिश करनी है कि योजनाओं का लाभ जनता को निरंतर मिले। काम की गतिशीलता को भी बढ़ाना है।

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 MadhyaBharat  24 August 2017

सीएम रमन सिंह तिरंगा

छत्‍तीसगढ़ के मुख्‍यमंत्री रमन सिंह ने स्‍वतंत्रता दिवस के मौके पर रायपुर में पुलिस परेड ग्राउंड में तिरंगा फहराया। इसके बाद पुलिस परेड ग्राउंड में गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस बीच वहां मौजूद लोगों का उन्‍होंने अभिवादन भी किया और इसके लिए वह पूरे ग्राउंड में गाड़ी से घूमते रहे। सलामी लेने के बाद वो मंच पर उपस्थित रहे और इस दौरान होने वाले कार्यक्रमों को देखा। इसके बाद मुख्‍यमंत्री रमन सिंह मंच से प्रदेश की जनता को स्‍वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दी। इसके साथ ही उन्‍होंने अपनी योजनाओं के बारे में लोगों को जानकारी दी। उन्‍होंने योजनाओं की भी जानकारी दी जिन्‍हें इस वर्ष लागू किया जाना है। इस दौरान सुरक्षा का विशेष ध्‍यान रखा गया है। देश आज अपना 71वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है और इस मौके पर पूरे प्रदेश में कई कार्यक्रमों का आयोजन किया गया है। बच्‍चे सड़कों पर तिरंगा लेकर दौड़ते और भारत माता की जय के नारे लगाते हुए नजर आ रहे हैं।  

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 MadhyaBharat  15 August 2017

रायपुर 12वें नंबर पर

छत्तीसग़ढ  सरकार ने छह माह के परफॉर्मेंस के आधार पर नगरीय निकायों की रैंकिंग तय की है। इसके आधार पर प्रदेश के 13 नगर निगमों में रायपुर की रैकिंक 12वें नंबर पर है। कोरबा, चिरमिरी और भिलाई नगर निगम का भी परफॉर्मेंस बिगड़ा है, जबकि आठ नगर निगमों ने अपनी व्यवस्थाओं को कसकर रैंकिंग में सुधार किया है। निकायों को राज्य सरकार ने उनके काम के आधार पर 100 में से कम-ज्यादा अंक दिए हैं। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग मंत्री अमर अग्रवाल के निर्देश पर प्रदेश के सभी 168 नगरीय निकायों के कामकाज की हर छह में रैंकिंग होती है। दिसंबर 2016 के बाद अब नगरीय निकायों की रैंकिंग जारी की गई है। अभी सबसे अच्छा प्रदर्शन कोरबा नगर निगम का रहा है, हालांकि पिछली रैंकिंग से तुलना की जाए तो इसके अंक भी कम हुए हैं। दूसरे नम्बर पर भिलाईचरौदा नगर निगम है, इसने पिछली बार की तुलना में अपने अंक बढ़ाए हैं। तीसरे नम्बर पर बिलासपुर नगर निगम है। अंकों के आधार पर देखा जाए तो बिलासपुर नगर निगम ने पिछली बार की तुलना में अपना परफॉर्मेंस काफी ज्यादा सुधारा है, तभी तो इस बार 17 अंक बढ़कर मिले हैं। अंबिकापुर नगर निगम ऐसा नगरीय निकाय है, जिसने अपने परफॉर्मेंस का स्थित बनाकर रखा है। इसके अंक न बढ़े और न ही कम हुए। रायपुर नगर निगम के पास दूसरे नगर निगमों की तुलना में ज्यादा संसाधन है, उसके बावजूद यहां का प्रदर्शन बहुत ही ज्यादा खराब हुआ है। सीधे 22 अंक कम हो गए। रायपुर नगर निगम के लिए अब रैंकिंग को सुधारना बड़ी चुनौती है, क्योंकि राज्य सरकार ने स्वच्छ भारत मिशन और सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट सिस्टम को भी शामिल कर अंक दिए हैं। इस बार स्वच्छता की रैंकिंग में केंद्र सरकार ने प्रदेश के सभी 168 निकायों को शामिल करने की सूचना पहले ही भेज दी है, इसलिए निकायों के लिए प्रतिस्पर्धा और चुनौतीपूर्ण हो गई है। अधोसंरचना मद से कराए जाने वाले विकास कार्यों की पूर्णता-अपूर्णता, राज्य व केंद्र प्रवर्तित योजनाओं के क्रियान्वयन, स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालयों के निर्माण और खुले में शौच को बंद कराने, निदान 1100 में आने वाली शिकायतों के निराकरण, आईएचडीपी और प्रध्ाानमंत्री आवास योजना के तहत आवास निर्माण व आवंटन, राजस्व वसूली और सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट सिस्टम की समीक्षा की गई। सीए ने उसके आध्ाार पर अंक दिए। स्वच्छ भारत मिशन के तहत सौ फीसदी रिजल्ट देकर धमतरी जिला पूरे देश में अव्वल आया है। पिछले साल धमतरीजिले में जितने ओडीएफ गांव बने थे, उनकी रैंकिंग के लिए छह घटक निर्धारित किए गए थे, यह जिला सभी घटक में पहले पायदान पर रहा। जियो टैगिंग और फोटो अपलोडिंग में एक भी शौचालय फर्जी नहीं मिला।

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 MadhyaBharat  15 August 2017

आदिवासी दिवस

   विश्व आदिवासी दिवस पर बस्तर से रायपुर तक सत्तारूढ़ भाजपा और विरोधी कांग्रेस वोट बैंक साधते नजर आए। दोनों दलों के बीच बस्तर की 12 विधानसभा सीटों पर जोर-आजमाइश दिखी, जहां आदिवासी आबादी अधिक है। राजधानी में सूबे के मुखिया डॉ.रमन सिंह ने आदिवासियों के कल्याण की सभी योजनाओं का बखान किया। समाज के प्रतिभावान छात्रों, खिलाड़ियों और समाजसेवियों को सम्मानित किया। प्रधानमंत्री के 'मन की बात' सुनने वाले अति संरक्षित जनजाति के बुजुर्गों को कंबल, छतरी और रेडियो बांटे। आदिवासी लेखकों की कृतियों का विमोचन किया। उधर, बस्तर में कांग्रेसियों ने सम्मेलन के बहाने राज्य सरकार की रीति-नीति पर सवाल उठाए। नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव ने तो यहां तक कहा कि भाजपा आदिवासियों से छलावा करती है। उसका मकसद केवल वोट लेना है। समाज के आशीर्वाद से 14 साल से मुख्यमंत्री हूं: रमन सिंह राजधानी के इंडोर स्टेडियम में डॉ. रमन सिंह ने प्रदेश भर से जुटे समाज के प्रतिनिधियों से कहा कि यह समाज के लोगों का आशीर्वाद है कि मैं 14 साल से मुख्यमंत्री हूं। 14 अगस्त को 5 हजार दिन पूरे हो जाएंगे। कोई पूछता है कि आपकी सबसे महत्वपूर्ण योजना क्या है? मैं कहता हूं-पीढ़ियों के निर्माण की। प्रयास विद्यालयों में नक्सल प्रभावित इलाकों के बच्चों को 2 साल की ट्रेनिंग देनी शुरू की गई, नतीजा सामने है। इसी साल 9 बच्चों का मेडिकल में चयन हुआ है। इसे 90 तक ले जाना है। प्रयास में अभी 15 सौ सीटें हैं। इन्हें 3 हजार किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी की लड़ाई में शहीद वीरनारायण सिंह और गुंडाधूर जैसे शूरवीरों ने खून बहाया है। इस आजादी को हमें और मजबूत करना है। जगदलपुर में गुंडाधूर और रायपुर में शहीद वीरनारायण सिंह के नाम से संग्रहालय का निर्माण किया जाएगा। आदिवासियों को मिटाने का प्रयास कर रही सरकार : सिंहदेव कांकेर में चारामा ब्लॉक के जैसाकर्रा में बुधवार को आदिवासी सम्मेलन में सिंहदेव ने प्रदेश सरकार पर जमकर शब्दों के तीर छोड़े। कहा कि भाजपा सरकार आदिवासियों का शोषण कर रही है। उन्हें मिटाने का घटिया प्रयास किया जा रहा। आदिवासी संस्कृति हमारे समाज और देश की धरोहर है। समाज ने देश की एकता और अखंडता के लिए बलिदान दिया है। इसे भूलना नहीं चाहिए। प्रदेश सरकार को गरीब और किसानों के हित से कोई सरोकार नहीं है। विधायक मनोज मंडावी ने कहा कि आदिवासियों को नक्सली बताकर फर्जी मुठभेड़ में मारा जा रहा है। उन्हें आज भी अच्छी शिक्षा, स्वास्थ्य व अन्य सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। समाज के लोगों ने बस्तर के आदिवासी की समस्याएं, क्षेत्रों में छठवीं अनुसूची लागू करने, राज्य में पेशा एक्ट लागू करने सहित 18 सूत्रीय ज्ञापन सिंहदेव को सौंपा। सिंहदेव ने उसे सरकार तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।  

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 MadhyaBharat  15 August 2017

छत्तीसगढ़ में व्यापारिक सुधार

व्यापार सुधार कार्ययोजना (इज ऑफ डूइंग बिजनेस) के मामले में छत्तीसगढ़ देश का चौथा अग्रणी राज्य है। यहां व्यापार सुधार के लिए लगातार प्रयास हो रहा है। मुख्यमंत्री डॉ.रमन सिंह ने मंत्रालय में इज ऑफ डूइंग बिजनेस के तहत बिजनेस एक्शन प्लान-2017 लागू करने के लिए आयोजित उद्योग एवं वाणिज्य विभाग समेत 21 विभागों की बैठक ली। मुख्यमंत्री ने इस मौके पर अधिकारियों से कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में व्यापार और उद्योगों के लिए उपयुक्त माहौल बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। सभी विभाग इज ऑफ डूइंग बिजनेस के तहत सुधारों को तुरंत लागू करें और व्यापार के लिए अनुकूल परिस्थिति निर्मित करें। सीएम ने कहा कि किसी भी विभाग में किए जा रहे सुधारों का आकलन उपयोगकर्ता के आधार पर तय किया जाएगा। गत वर्ष से लागू किए गए सुधारों के कारण छत्तीसगढ़ पिछले दो साल से व्यापार सुधारों को लागू करने वाले 28 राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों में चौथे स्थान पर है। वर्तमान में प्रक्रियागत सुधारों को लागू करने से प्रदेश प्रथम स्थान पर आ जाएगा। बैठक में बताया गया कि खाद्य विभाग रिटेल एवं बल्क ड्रग लाइसेंस के लिए, दवाओं के निर्माण के लिए लाइसेंस जारी करने ऑनलाइन भुगतान प्रणाली विकसित की जाएगी। राजस्व विभाग द्वारा नजूल रिकॉर्ड को डिजिटल कर आम जनता के लिए ऑनलाइन पोर्टल से उपलब्ध करवाया जाएगा। भूमि डायवर्सन और वृक्ष कटाई संबंधित कार्य के लिए समय सीमा निर्धारित की जाए और लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत भी अधिसूचित करें। बैठक में नगरीय विकास विभाग को भवन निर्माण संबंधी अनुज्ञा के लिए कॉमन आवेदन पत्र तैयार करने एवं जल शुल्क के भुगतान के लिए ऑनलाइन मॉड्यूल विकसित करने के निर्देश भी दिए गए। लोक निर्माण, मापतौल विभाग, उद्योग एवं वाणिज्य कर विभाग तथा पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग में इज ऑफ डूइंग बिजनेस के संबंध में आवश्यक सुधार करने कहा गया। प्रदेश में उद्योग एवं वाणिज्य विभाग ने सिंगल विंडो सिस्टम विकसित किया है, जो ऑनलाइन है। बैठक में मुख्य सचिव विवेक ढांड, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव एमके राउत, उद्योग विभाग के अपर मुख्य सचिव एन.बैजेंद्र कुमार, वन विभाग के प्रमुख सचिव आरपी मंडल, प्रमुख सचिव (वित्त) अमिताभ जैन सहित अन्य संबंधित अधिकारीगण उपस्थित थे।  

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 MadhyaBharat  9 August 2017

आईपीएस कल्लूरी किडनी

  खबर रायपुर से । रक्षाबंधन पर यूं तो कई उदाहरण है, लेकिन इस पवित्र त्योहार से पहले ही एक बहन अपने भाई को किडनी का अनमोल तोहफा देकर इस रिश्ते की गरिमा को और बढ़ाने की पहल कर रही है। कमेटी ने अनुमति दी तो 14 अगस्त को किडनी ट्रांसप्लांट होगा। आईजी एसआरपी कल्लूरी की दोनों किडनी खराब हो गई है। उन्हें जल्द से जल्द किडनी की जरूरत थी। ऐसे में जब उनकी बड़ी बहन डॉक्टर अनुराधा को इस बारे में पता चला तो उन्होंने तुरंत अपनी एक किडनी भाई को देने का फैसला कर लिया। बहन अनुराधा ने कहा कि वह ऐसा करके ऑर्गन ट्रांसप्लांट को लेकर लोगों में जागरूकता लाने का प्रयास कर रही हैं। ऐसे में भाई को किडनी की जरूरत पड़ने पर किसी और से इसके लिए कहने की बजाय मैंने अपनी किडनी देने का फैसला किया। डॉक्टरों की माने तो शनिवार को नईदिल्ली के मेदांता अस्पताल में उसके ब्लड आदि की जांच होगी। 9 अगस्त को इस बाबत कमेटी बैठेगी, जो किडनी ट्रांसप्लांट के बारे में निर्णय लेगी। यदि सबकुछ सही रहा तो 13 अगस्त को किडनी ट्रांसप्लांट की प्रक्रिया शुरू होगी। 14 अगस्त को ऑपरेशन होगा। इसके बाद कल्लूरी करीब 3 महीने तक डॉक्टरों की निगरानी में रहेंगे। ज्ञात हो कि बस्तर आईजी रहते हुए कल्लूरी पर मानवाधिकार हनन के आरोप लगे थे। पिछले साल दिसंबर में उन्हें सीने में दर्द की शिकायत पर बस्तर से विशाखापटनम ले जाया गया था। वहां अपोलो अस्पताल के डॉक्टरों ने उनके हार्ट की सर्जरी की थी। तब बताया गया था कि उनके किडनी का भी उपचार किया गया है। हालांकि कहा जा रहा था कि वे अपोलो से पूरी तरह स्वस्थ होकर लौटे हैं। हाल ही में दोबारा समस्या शुरू होने पर कल्लूरी नईदिल्ली चले गए। वहां चेकअप कराने पर किडनी की समस्या सामने आई। इसके बाद डॉक्टरों ने किडनी ट्रांसप्लांट का निर्णय लिया है। ट्रांसप्लांट करने वाले मेदांता अस्पताल के डाक्टरों के अनुसार अलग ब्लड ग्रुप के लिए ट्रांसप्लांट प्रक्रिया काफी चुनौतीपूर्ण होती है। इस केस में यदि ब्लड ग्रुप एक ही रहा तो आसानी से ट्रांसप्लांट प्रक्रिया पूरी होगी। यदि ब्लड ग्रुप अलग-अलग हुआ तो ऐसे में इसे संभव करने के लिए हमें फेरेसिस प्लाज़्मा की सहायता लेनी पड़ेगी। इसके तहत प्राप्तकर्ता के ऐंटि बॉडी लेवल को कम करके इसे सफल बनाया जाएगा।    

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 MadhyaBharat  5 August 2017

 छत्तीसगढ़ विधानसभा

  रायपुर में छत्तीसगढ़ विधानसभा में गुरुवार को पौधों की खरीदी को लेकर विपक्ष ने हंगामा किया। साढ़े 8 रुपए का नीलगिरी पौधा 732 रुपए में खरीद कर 73 करोड़ के भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए विपक्ष ने सदन से वॉकआउट किया। वनमंत्री महेश गागड़ा ने खरीदी में किसी भी तरह की गड़बड़ी से इंकार किया। उन्होंने कहा कि यदि विपक्ष के पास कोई दस्तावेज है तो उपलब्ध कराए, परीक्षण करा लूंगा। जरूरत पड़ी तो कार्रवाई भी की जाएगी। कांग्रेस विधायक मोहन मरकाम ने कांकेर वन वृत्त में 2015-16 में पौधा खरीदी को लेकर सवाल किया। उन्होंने कहा कि 732 रुपए में एक पौधा खरीदा गया है। मरकाम ने दस्तावेज दिखाते हुए कहा कि इस खरीदी में 73 करोड़ 20 लाख की गड़बड़ी हुई है। उन्होंने इसकी जांच की मांग की। वनमंत्री ने प्रक्रिया की जानकारी देते हुए कहा कि कहीं कोई गड़बड़ी नहीं हुई है। इस पर भूपेश बघेल सहित विपक्ष के कई सदस्य अपनी जगह पर खड़े हो गए और जांच की मांग को लेकर नारेबाजी करने लगे। विरोध में कांग्रेसियों ने नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव के नेतृत्व में सदन से वॉकआउट कर दिया।

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 MadhyaBharat  4 August 2017

पत्रकार सुधीर जैन हुए सम्मानित

श्रमजीवी पत्रकार संघ के रायपुर में संपन्न प्रादेशिक पत्रकार सम्मेलन में उत्कृष्ठ पत्रकारिता एवं बस्तर की समस्याओं को निरंतर उठाने के लिए मुख्य अतिथि प्रदेश के कबीना मंत्री प्रेमप्रकाश पांडे द्वारा बस्तर के वरिष्ठ पत्रकार सुधीर जैन को सम्मानित किया गया।  इस अवसर पर प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह सहित संघ के प्रदेशाध्यक्ष अरविंद अवस्थी भी विशेष रूप से उपस्थित थे। उल्लेखनीय है कि सुधीर जैन विगत 38 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में सेवारत हैं। इस दौरान लगभग ढाई दशक तक वे दैनिक नवभारत एवं दैनिक भास्कर से बतौर ब्यूरो प्रमुख जुड़े रहे। वर्तमान में वे पिछले एक दशक से हिंदुस्थान समाचार एवं राष्ट्रीय न्यूज सर्विस समाचार सेवा के ब्यूरो प्रमुख के पद पर सेवारत हैं।  

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 MadhyaBharat  1 August 2017

दक्षिण और मध्य छत्तीसगढ़

  दक्षिण और मध्य छत्तीसगढ़ में मानसून बे्रक जैसे हालात बन गए हैं। 3 दिनों से इन इलाकों में बारिश नहीं हो रही है और हफ्तेभर होने की संभावना भी नहीं है। इससे मध्य छत्तीसगढ़ खासकर रायपुर, दुर्ग और बलौदाबाजार जिले में खेती खतरे में नजर आ रही है। यहां अब तक सामान्य से 35 फीसदी तक कम बारिश हुई है। रायपुर मौसम केंद्र के विज्ञानियों का कहना है कि झारखंड और मध्यप्रदेश के ऊपर बने निम्नदाब क्षेत्र ने दिशा बदल दी है, जिससे राज्य में बारिश बंद हो गई है। हालांकि बंगाल की खाड़ी के उत्तरी भाग में निम्नदाब क्षेत्र बनने की संभावना दिख रही है, लेकिन उसमें कम से कम 7 दिन का समय लगेगा। इसके प्रबल होने के बाद 2 दिनों में राज्य में इसका असर होगा और तब बारिश होगी। इस दौरान मणिपुर की ओर बने दाब क्षेत्र से उत्तरी छत्तीसगढ़ में जरूर हल्की बारिश होगी। इस बीच बाकी जगह स्थानीय प्रभाव से मामूली बारिश ही होगी। 30 सालों के वर्षा के औसत अनुसार रायपुर में 30 जुलाई तक 515 मिमी बारिश होनी चाहिए। इस बार 35 प्रतिशत कम 335 मिमी ही हुई है। दुर्ग में 489.9 मिमी के बजाय 317.2 मिमी और बलौदाबाजार में 508.6 मिमी के बजाय 300.5 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है। राज्य के बाकी सभी जिलों में सामान्य वर्षा हुई है। बारिश का आंकड़ा औसत 488 से 644 मिमी के मुकाबले बालोद में 727.9 मिमी, बस्तर में 708.6, कोंडागांव में 701.2, सूरजपुर में 908.9 और सरगुजा में 908 मिमी वर्षा हो चुकी है। बारिश बंद होते ही प्रदेश में तापमान भी बढ़ने लगा है। रविवार को रायपुर का अधिकतम तापमान सामान्य से 2 डिग्री ज्यादा 32.6 डिग्री रहा जबकि 4 दिन पहले तक लगातार पड़ रही बौछार के कारण पारा 26.6 डिग्री था। शुक्रवार-शनिवार की दरमियानी रात का न्यूनतम तापमान 26.1 डिग्री रहा। हवा में नमी की मात्रा 85 प्रतिशत से घटकर 65 प्रतिशत तक पहुंच गई। प्रदेश में सबसे ज्यादा तापमान माना एयरपोर्ट में सामान्य से 3 डिग्री अधिक 33.1 और न्यूनतम जगदलपुर में 23.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

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 MadhyaBharat  31 July 2017

मंत्री बृजमोहन अग्रवाल

खबर रायपुर से । कृषि मंत्री बृजमोहन अग्रवाल के जमीन मामले पर फैसला भाजपा अध्यक्ष अमित शाह करेंगे। यह संकेत दिल्ली से लौटने के बाद मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने दिया है। उन्होंने कहा कि पूरा प्रकरण केन्द्रीय नेतृत्व के संज्ञान में है। उनसे बातचीत और चर्चा के बाद आगे का निर्णय लिया जाएगा। सीएम ने कहा- 'मंत्री कल अपना स्पष्टीकरण दे चुके हैं, उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि कोई भी जांच होती है तो मैं सामना करने को तैयार हूं।" दो दिन के दिल्ली प्रवास के बाद राजधानी लौटे मुख्यमंत्री डॉ. सिंह ने बताया कि इस मामले पर उनकी पूरी नजर है। इसको लेकर मीडिया में आई खबरों और विपक्ष के बयानों को मैंने देखा और सुना है। उन्होंने बताया कि इस बीच मैंने पूरे मामले में मुख्य सचिव से विस्तृत रिपोर्ट तलब की थी। मीडिया से चर्चा में रमन सिंह ने जानकारी दी कि सीएस ने रिपोर्ट प्रस्तुत कर दी है। सीएस की जांच रिपोर्ट के संबंध में पूछे जाने पर सीएम ने कहा कि यह सरकारी रिपोर्ट है, आप लोगों (मीडिया) के सामने तब आएगी जब उसे मैं प्रस्तुत करूंगा। जमीन बेचने वाले किसान के आरोपों के संबंध में पूछे जाने पर सीएम ने कहा कि इस विषय में बहुत सारी बातें आ चुकी हैं, रिपोर्ट भी हमें मिल गई है, इसलिए इस पर ज्यादा कुछ नहीं बोलूंगा। गौरतलब है कि बृजमोहन पर आरोप है कि उन्होंने अपनी पत्नी के नाम महासमुंद जिले के सिरपुर में कथित वनभूमि की खरीदी की है, जिस पर रिसॉर्ट का निर्माण चल रहा है। जबकि बृजमोहन का दावा है कि खरीदी नियम से की गई है और जब खरीदी तब वह एक किसान के नाम पर दर्ज थी। अब वन विभाग यह पता कर रहा है कि किसकी गलती से इतने सालों तक वन विभाग की भूमि राजस्व दस्तावेजों में वन विभाग के नाम नहीं चढ़ाई गई। वन मंत्री महेश गागड़ा ने 'नईदुनिया" से कहा- जांच के आदेश पीसीसीएफ को दिए गए हैं। हम यह भी पता लगा रहे हैं कि क्यों जमीन का नामांतरण नहीं किया जा सका। जांच रिपोर्ट आने के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी। ज्ञात हो कि जिस भूमि पर विवाद है वह भूमि वन विभाग को जल संसाधन विभाग से मिली थी। वन विभाग के उच्च पदस्थ सूत्रों ने बताया कि 2003 में उक्त भूमि पर प्लांटेशन किया गया, जिसमें 23 लाख रुपए खर्च किए गए। 2015 में जब वन भूमि पर रिसोर्ट की शिकायत हुई तो कलेक्टर ने जांच कराई। वन विभाग से पूछा गया कि नामांतरण क्यों नहीं हुआ? वन विभाग ने जवाब दिया कि उन्हें जमीन जल संसाधन विभाग से मिली है। नामांतरण कराने की जवाबदारी जल संसाधन विभाग की है। इस संबंध में वन विभाग ने जल संसाधन विभाग को पत्र लिखा तो जवाब मिला कि वह जमीन बिक चुकी है, इसलिए हम आपको लौटा नहीं सकते।

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 MadhyaBharat  28 July 2017

नेशनल ग्रीन ट्राइब्यूनल

रायपुर में नेशनल ग्रीन ट्राइब्यूनल (एनजीटी) ने छत्तीसगढ़ सरकार को ओडिशा के साथ महानदी जल साझा करने के मामले में  नदी पर चल रही 31 परियोजनाओं का काम बंद करने का निर्देश दिया है. एनजीटी की कोलकाता पीठ ने महानदी पर चल रही छत्तीसगढ़ सरकार की छह ग्रेड ए परियोजनाओं सहित 31 परियोजनाओं के निर्माण पर रोक का आदेश जारी किया है. एनजीटी ने यह आदेश सामाजिक कार्यकर्ता सुदर्शन दास निर्माण पर रोक की मांग की याचिका पर दिया. उन्होंने कहा है कि 81 परियोजनाओं में यह आदेश 31 परियोजनाओं पर प्रभावी होगी, जिसका अभी निर्माण किया जाना है. परियोजनाओं को पर्यावरण मंजूरी मिली है, लेकिन इन परियोजनाओं का कार्य ट्राइब्यूनल के आदेश के बिना नहीं शुरू किया जा सकता है. मामले की अगली सुनवाई 25 अगस्त को तय की गई है. दास ने ट्राइब्यूनल से छत्तीसगढ़ सरकार से महानदी पर इन परियोजनाओं को निर्माण को तत्काल रोकने के लिए दखल देने की मांग की, क्योंकि उनका मानना है कि यह परियोजनाएं पारिस्थितिकीय को प्रभावित करने के साथ ही साथ ओडिशा के लोगों के जीवन को भी प्रभावित करती हैं.

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 MadhyaBharat  27 July 2017

रमन कैबिनेट

रायपुर में सोमवार को हुई रमन सरकार की कैबिनेट बैठक में आठ नए विधेयकों को मंजूरी दे दी गई है। मिली जानकारी के मुताबिक मानसून सत्र में ही आबकारी विधेयक को पेश किया जाएगा। बैठक में राज्य सामान्य भविष्य निधि और अंशदायी भविष्य निधि पर एक जुलाई 2017 से 30 सितंबर 2017 तक की अवधि के लिए ब्याज दर 7.8 फीसदी रखने का निर्णय लिया गया है। इसके अलावा बैठक में यह भी निर्णय लिया गया है कि भविष्य में भारत सरकार की अधिसूचना के अनुरूप ही ब्याज दर निर्धारित करने के लिए वित्त विभाग को अधिकृत किया जाएगा। सरकार ने छत्तीसगढ़ निराश्रित व निर्धन व्यक्तियों की सहायता, छत्तीसगढ़ नगर पालिका संशोधन विधेयक, आबकारी विधेयक सहित आठ विधेयकों को अनुमोदित कर दिया है।

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 MadhyaBharat  24 July 2017

संतकुमार नेताम

खबर रायपुर से है। पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी की जाति संबंधी विवाद थम नहीं रहा है। अब याचिकाकर्ता संतकुमार नेताम ने शनिवार को नया खुलासा किया है। अजीत जोगी की जाति विवाद पर याचिका दायर करने वाले नेताम ने आरोप लगाया है कि उन्हें इस मामले में अब डराने धमकाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की निजी सचिव ओपी गुप्ता ने उन पर याचिका को वापस लेने के लिए दबाव बनाया है। नेताम ने एक मोबाइल नंबर भी जारी करते हुए दावा किया है कि यह नंबर ओपी गुप्ता का ही है। नेताम ने कहा कि ओपी गुप्ता ने उन्हें CM हाउस बुलाया था और जोगी की जाति संबंधि याचिका को वापस लेने पर 1 लाख रुपए देने की कोशिश की गई थी। उन्होंने कहा कि मेरी जान को खतरा है।  

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 MadhyaBharat  22 July 2017

नया रायपुर

  नया रायपुर को केंद्र सरकार ने स्मार्ट सिटी बनाने के लिए चुन लिया है, लेकिन नया रायपुर विकास प्राधिकरण (एनआरडीए) के लिए दोहरी चुनौती है। पहली तो स्मार्ट सिटी के लिए निर्धारित शर्त के अनुसार शहर की आबादी को एक लाख पहुंचाकर नगर निगम का दर्जा दिलाना है। प्राधिकरण के अधिकारियों का दावा है कि अभी नया रायपुर की आबादी 15 हजार है। एक साल में 85 हजार आबादी बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है। यह तब संभव होगा, जब लोगों को आवास के साथ चिकित्सा, शिक्षा, व्यापार और मनोरंजन की सुविधा मिले। इस दिशा में प्राधिकरण ने पहले ही काम शुरू कर दिया था, लेकिन अब इसमें तेजी लाई जाएगी। दूसरी चुनौती, नया रायपुर को स्मार्ट सिटी प्लान को पूरा करने की है, जिसके लिए प्राधिकरण के पास पांच साल का समय है। नया रायपुर के मास्टर प्लान में किस सेक्टर का क्या उपयोग होगा, इसका ले-आउट के अनुसार काम चल रहा है। प्राधिकरण अब तक यहां आबादी बढ़ाने में कमजोर साबित हुआ है। हाउसिंग बोर्ड ने मकान तो बना दिए, लेकिन जनसुविधाएं नहीं दीं। रोजमर्रा की चीजें नहीं मिलतीं। इसी कारण लोगों ने केवल निवेश के लिए मकान खरीदकर छोड़ दिया है। प्राधिकरण को ऐसे लोगों को नया रायपुर में बसाने के लिए बिजली, पानी और सड़क के अलावा दूसरी आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध करानी हैं। जब नया रायपुर को स्मार्ट सिटी की सूची में शामिल कर लिया गया, तब प्राधिकरण के अधिकारियों को यह बात समझ में आई है। लेकिन, इतना आसान नहंी है, क्योंकि सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के लिए दो-तीन बार टेंडर बुलाया जा चुका है। पुराने शहर के पांच मॉल में मल्टीप्लेक्स है, इसलिए नया रायपुर में फिल्म देखने वालों की भीड़ कम होगी। ऐसी स्थिति में मल्टीप्लेक्स कंपनियां दिलचस्पी नहीं ले रहीं। ऐसे ही रिटेल कॉम्प्लेक्स और सेंट्रल बिजनेस डिस्ट्रिक्ट में अभी दुकान और ऑफिस लेने वाले नहीं मिल पा रहे हैं। एनआरडीए सीईओ मुकेश बंसल ने कहा कि नया रायपुर क्षेत्र में कुछ हाउसिंग प्रोजेक्ट पूरे हो चुके हैं और कुछ पर काम चल रहा रहा है। हाउसिंग प्रोजेक्ट को सफल बनाने के लिए जरूरी है कि साथ में अन्य जनसुविधाओं को विकसित किया जाए। स्कूल तो चल रहे हैं, लेकिन अस्पताल, मॉल और मनोरंजन के क्षेत्र में भी काम हो रहा है, जिसमें तेजी लाई जाएगी। जिन्होंने हाउसिंग प्रोजेक्ट में निवेश किया है, वे नया रायपुर में आकर बसें, इसके लिए जनसुविधाओं का प्रचार-प्रचार किया जाएगा।  

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 MadhyaBharat  19 July 2017

नया रायपुर  स्वामीनारायण मंदिर

  नया रायपुर में विश्व प्रसिद्ध स्वामीनारायण संप्रदाय का मंदिर बनेगा। स्वामीनारायण संप्रदाय का एक प्रतिनिधिमंडल कुछ दिनों पहले नया रायपुर आया था। संस्था ने नया रायपुर स्थित जंगल सफारी के निकट रियायती दर पर सरकार से जमीन की मांग की है। स्वामीनारायण संप्रदाय के अलावा और भी कई धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक संगठन नया रायपुर में जमीन की मांग कर रहे हैं। नया रायपुर विकास प्राधिकरण अब ऐसे संगठनों को जमीन देने के लिए एक नीति तैयार करने में लगा है। फिलहाल जमीन देने पर कोई निर्णय नहीं किया गया है। नया रायपुर में पहले प्रजापति ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय को जमीन दी गई है। हालांकि उन्होंने जमीन बाजार मूल्य पर खरीदी है। इस्कॉन, बालाजी मंदिर ट्रस्ट जैसे धार्मिक संप्रदाय के अलावा अक्षयपात्र जैसे सामाजिक सांस्कृतिक संगठन भी नया रायपुर में जमीन चाहते हैं। एनआरडीए की दिक्कत यह है कि अगर किसी एक को रियायती दर पर भूमि दी तो सैकड़ों ऐसे संगठन हैं, जो जमीन की मांग करने लगेंगे। एनआरडीए के अफसरों का कहना है कि अगर यहां ऐसे संप्रदाय आएंगे तो इससे नया रायपुर को फायदा ही होगा। कई शहरों में अर्थव्यवस्था का आधार ही तीर्थ है। अगर नया रायपुर में ऐसे मंदिर बनें तो उससे शहर का विकास होगा। स्वामीनारायण संप्रदाय की स्थापना स्वामी रामानंद के शिष्य स्वामी सहजानंद ने 18 वीं सदी में की थी। अहमदाबाद सहित गुजरात के कई शहरों में इस संप्रदाय के मंदिर हैं। अमेरिका, इंग्लैंड, आस्टे्रलिया, अफ्रीका सहित दुनिया के अनेक देशों में इस संप्रदाय के मंदिर हैं। राधा कृष्ण के ये मंदिर शिलाओं से बने हैं और स्थापत्य कला का बेहतरीन नमूना माने जाते हैं। स्वामीनारायण संप्रदाय वैदिक परंपरा पर आधारित संप्रदाय है। इसमें सभी जाति के लोग शामिल हैं। एनआरडीए पीआरओ विकास शर्मा ने बताया स्वामीनारायण संप्रदाय ने नया रायपुर में जमीन मांगी है। हम उनके प्रस्ताव को बोर्ड मीटिंग में लाएंगे फिर सरकार को भेजेंगे। अभी जमीन देने का निर्णय नहीं हुआ है। इस बारे में नीति बनाने की तैयारी है। इस्कॉन, बालाजी मंदिर ट्रस्ट सहित कई दूसरे संगठनों ने भी जमीन की मांग की है।  

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 MadhyaBharat  15 July 2017

नईदुनिया जागरण समूह

नईदुनिया जागरण समूह के भारत रक्षा रथ को मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने हरी झंडी दिखाकर किया रवाना। शुक्रवार को मुख्यमंत्री निवास पर आयोजित भव्य कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे, सामाजिक कार्यकर्ता और गणमान्य लोग शामिल हुए। जानकारी के मुताबिक शुक्रवार को भारत रक्षा रथ पूरे दिन राजधानी रायपुर में घूमेगा। इसके बाद यह रथ बिलासपुर के लिए रवाना हो जाएगा। वहां ये यह रथ जबलपुर, भोपाल, इंदौर और ग्वालियर होते हुए 2 अगस्त को जम्मू पहुंचेगा।

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 MadhyaBharat  14 July 2017

 छत्तीसगढ़ की खेल नीति

16 साल बाद छत्तीसगढ़ की खेल नीति बदलने जा रही है। नई खेल नीति में प्रदेश के खिलाड़ियों को विदेश में कोचिंग मिलेगी। कोचिंग का पूरा खर्च खेल विभाग उठाएगा। अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर गोल्ड मेडल लाने वाले खिलाड़ियों को खेल निखारने पॉलिसी लागू की जाएगी। वहीं खिलाड़ियों के लिए नौकरी में 2 प्रतिशत आरक्षण का नियम लागू किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि खेल नीति बनकर तैयार है। 29 अगस्त को अंतरराष्ट्रीय खेल दिवस पर लागू की जाएगी। बता दें कि प्रदेश के अलग-अलग खेल संघों से आए सुझाव के बाद खेल नीति संशोधन कर बनाई गई है। इसमें सबसे अहम उन बिन्दुओं को ध्यान में रखा गया है, जिससे खेल और खिलड़ियों का विकास हो सके।  रायपुर, दुर्ग-भिलाई, बिलासपुर और राजनांदगांव में खेल विभाग नई खेल नीति की तहत नेशनल स्तर की कोचिंग देने की तैयारी कर रहा है। जहां उच्च स्तर के कोच, स्पोर्ट्स किट खिलाड़ियों को उपलब्ध करवाई जाएगी। स्पेशल कोचिंग की सुविधा उन खिलाड़ियों को मिलेगी, जो लगातार नेशनल और इंटरनेशन में बेहतर परफॉर्मेंस कर रहे हैं। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि जो खेल नीति लागू होने जा रही है, उसका पूरा फोकस ओलिंपिक गेम्स पर है। खिलाड़ियों को उसी लेवल पर तैयार किया जाएगा। इसमें सबसे खास बात है कि खेल विभाग ओलिंपिक गेम्स पर ज्यादा ध्यान दे रहा है। पिछले कुछ वर्षों में जिन खेलों में खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन कर गोल्ड मेडल अपने नाम किया उन्हें स्पेशल सुविधाएं मुहैया करवाई जाएंगी। वहीं आगामी नेशनल गेम्स पर भी फोकस होगा। जिन खेलों में पिछले वर्ष सिल्वर तक सीमित रह गए थे उन्हें गोल्ड की तैयारी करवाई जाएगी। सहायक संचालक, खेल विभाग राजेंद्र डेकाटे नई खेल नीति बनकर तैयार है। खेल विभाग ने ओलिंपिक खेलों को ध्यान में रख पॉलिसी को लागू करेगा। विदेशों में कोचिंग भी खिलाड़ियों को दी जाएगी।   

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 MadhyaBharat  14 July 2017

rto raipur

    रायपुर क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) में शुक्रवार से नई व्यवस्था लागू हो जाएगी। परमिट और फिटनेस को छोड़कर वाहन संबंधी सभी काम तभी हो पाएंगे, जब कार्यालय पहुंचे व्यक्ति के पास शपथपत्र होगा। शपथपत्र की जरूरत तब पड़ेगी, जब वाहन मालिक खुद उपस्थित नहीं होगा। उसके प्रतिनिधि के तौर पर पहुंचे व्यक्ति को शपथपत्र दिखाने के बाद ही कार्यालय परिसर में प्रवेश दिया जाएगा। क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय में प्रभारी आरटीओ और एजेंटों के बीच लगातार टकराव हो रहा है। गुस्र्वार को प्रभारी आरटीओ ने एक बार फिर एजेंटों को कार्यालय से बाहर कर दिया। एजेंटों ने विरोध किया। इसके बाद प्रभारी आरटीओ ने एजेंटों को बुलाया और दोटूक कहा कि मोटरयान अधिनियम में आरटीओ एजेंट का कोई प्रावधान नहीं है, लेकिन प्रतिनिधि के तौर पर वे वाहन मालिकों का काम कर सकते हैं। इसके लिए शर्त यह है कि वे जिस भी वाहन का काम कराने आएं, उसके मालिक का शपथपत्र लाएं। शपथपत्र में प्रतिनिधि का फोटो चस्पा होगा और वाहन मालिक प्रतिनिधि का नाम व पता के साथ उसे अधिकृत करेगा। सौ स्र्पए के स्टाम्प पेपर पर शपथपत्र बनवाना होगा। वाहन के ट्रांसफर, आरसी बुक, लोन निरस्त, एनओसी के लिए हर बार नया शपथपत्र बनवाना होगा। किसी के पास एक या उससे अधिक वाहन है तो वह उनके परमिट और फिटनेस के लिए एक बार शपथपत्र बनवाएगा और उसका प्रतिनिधि हर बार उपयोग में ला सकेगा। हालांकि आरटीओ एजेंट इसका विरोध कर रहे हैं, क्योंकि इससे वाहन मालिकों का खर्च बढ़ेगा और शपथपत्र बनवाने का समय अलग लगेगा। परिवहन विभाग की कई सुविधाएं ऑनलाइन कर दी गई हैं, लेकिन बहुत से लोग इंटरनेट का उपयोग नहीं कर पाते हैं। इसलिए दुर्ग और बिलासपुर के बाद रायपुर आरटीओ कार्यालय में भी लोक सेवा केंद्र खोलने का विचार चल रहा है। प्रभारी आरटीओ ने बताया कि इस संदर्भ में वे जल्द ही कलेक्टर से चर्चा करेंगे। रायपुर आरटीओ पुलक भट्टाचार्य ने बताया कार्यालय में गड़बड़ी करने वालों की भीड़ खत्म करने के लिए यह व्यवस्था लागू की गई है। विभाग चाहता है कि वाहन मालिक खुद अपना काम कराने पहुंचे, ताकि बिचौलियों के कारण होने वाली गड़बड़ी को रोका जा सके। किसी कारणवश मालिक उपस्थित नहीं हो पाता है तो वह शपथपत्र बनाकर किसी भी व्यक्ति को प्रतिनिधि नियुक्त कर सकता है।   

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 MadhyaBharat  14 July 2017

छत्तीसगढ़ युवा नीति

छत्तीसगढ़ की पहली युवा नीति के मसौदे को बुधवार को रमन सरकार ने हरी झंडी दे दी। इसमें सबसे अहम है, छत्तीसगढ़ के सारे ग्राम पंचायतों में विवेकानंद युवा केंद्र की स्थापना और पढ़े-लिखे युवाओं के लिए सरकारी विभागों में इंटर्नशिप देने की योजना है। इससे सरकार और युवाओं दोनों को लाभ होगा। युवाओं को सरकारी सिस्टम को समझने का अवसर मिलेगा।मुख्यमंत्री निवास में दो घंटे से अधिक समय तक चली इस मीटिंग में मुख्यमंत्री रमन सिंह समेत उनके कैबिनेट के कई मंत्री और शीर्ष नौकरशाह मौजूद थे। सरकारी सूत्रों के मुताबिक सरकार के इस कदम को रोजगार की दिशा बदलावकारी माना जा रहा है।

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 MadhyaBharat  12 July 2017

छत्तीसगढ़ -वित्तीय प्रबंधन

वित्तीय प्रबंधन में छत्तीसगढ़ पूरे देश में पहले स्थान पर आ गया है। नीति आयोग ने देश के 29 राज्यों का आंकड़ा जारी किया है। 2015 की तुलना में छत्तीसगढ़ दो पायदान चढ़ा है। 2 साल पहले छत्तीसगढ़ तीसरे स्थान पर था। नई दिल्ली में नीति आयोग के प्रवासी भारतीय केन्द्र में राज्यों के मुख्य सचिवों के राष्ट्रीय सम्मेलन में ये आंकड़े प्रस्तुत किए गए। इस सूची में उत्तर प्रदेश दूसरे, तेलंगाना तीसरे और आंध्रप्रदेश चौथे स्थान पर है।  

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 MadhyaBharat  12 July 2017

डॉ. रमन सिंह-रामनाथ कोविंद

राष्ट्रपति पद के लिए यूपीए की उम्मीदवार मीरा कुमार बुधवार को रायपुर आ रही हैं। उनके पक्ष में वोट डलवाने के लिए कांग्रेस विधायक दल के नेता टीएस सिंहदेव ने पार्टी के 39 विधायकों के अलावा एकमात्र निर्दलीय विधायक डॉ. विमल चोपड़ा, बसपा विधायक केशव चंद्रा और जोगी समर्थक सियाराम कौशिक से बात कर उन्हें बुलाया है। निर्दलीय विधायक को साधने की कोशिश पर सीएम डॉ. रमन सिंह पानी फेर दिया है। उन्होंने न केवल खुद चोपड़ा से बात की, बल्कि भाजपा के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद से भी बात करा दी। इस कारण अब डॉ. चोपड़ा ने भाजपा उम्मीदवार को ही वोट देने का फैसला कर लिया है। चंद्रा ने यूपीए उम्मीदवार को वोट करने का संकेत दिया है। ऐसे ही जोगी समर्थक कौशिक ने भी साफ कर दिया है कि वे कांग्रेस उम्मीदवार को ही वोट देंगे। प्रदेश की 90 विधानसभा सीटों में से 49 में भाजपा का कब्जा है। कांग्रेस के 38 विधायक हैं, लेकिन इसमें से एक अमित जोगी पार्टी से निष्कासन के बाद कांग्रेस से असम्बद्ध विधायक हैं। मतलब अब अधिकारिक तौर पर कांग्रेस में 37 विधायक रह गए हैं। एक सीट पर बसपा और एक सीट पर निर्दलीय विधायक हैं। जिस तरह से अभी समीकरण बना है, उससे तो यही तय माना जा रहा है कि राष्ट्रपति पद के लिए भाजपा के उम्मीदवार कोविंद को पार्टी के 49 विधायकों के अलावा एक निर्दलीय विधायक डॉ. चोपड़ा का वोट मिलेगा। इनका छत्तीसगढ़ से 50 वोट तय माना जा रहा है। कांग्रेस उम्मीदवार मीरा कुमार को पार्टी के 37 और बसपा विधायक को मिलाकर 38 वोट मिलने की पूरी संभावना है। कांग्रेस से निष्कासित अमित जोगी और निलंबित आरके राय से कांग्रेस ने बात ही नहीं की है, इसलिए ये दो वोट किस पाले में गिरेंगे, इसे लेकर जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के सुप्रीमो अजीत जोगी ने 16 बिंदुओं का छत्तीसगढ़ एजेंडा तैयार किया है, जिसे वे दोनों पार्टियों के उम्मीदवारों को भेजेंगे। जोगी का कहना है कि उनके एजेंडा को पूरा करने वाले प्रत्याशी को ही उनके समर्थक विधायक वोट देंगे।  

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 MadhyaBharat  11 July 2017

अमित जोगी

कांग्रेस के तर्क के अनुसार उनकी पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी पर मुकदमा चलना चाहिए। यह कहना है विधायक अमित जोगी का। उनका कहना है कि जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के संस्थापक अध्यक्ष अजीत जोगी जब कांग्रेस में थे तब 16 साल तक सोनिया गांधी ने उन्हें आदिवासी माना। इसी आधार पर उन्होंने जोगी को कांग्रेस के आदिवासी विभाग का राष्ट्रीय अध्यक्ष भी बनाया था। पार्टी के दूसरे पदाधिकारियों ने भी संयुक्त बयान जारी किया है कि जिन आदिवासी विधायकों की मांग पर ही जोगी को प्रदेश का पहला मुख्यमंत्री बनाया गया था, उन्हीं में से कई अब जोगी के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। अमित जोगी का कहना है कि हाईपावर कमेटी के फैसले में थोड़ी भी सच्चाई है तो कांग्रेस को न केवल जोगी बल्कि, सोनिया गांधी के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कराकर जेल भेजना चाहिए। सोनिया गांधी ने ही जोगी को आदिवासी मानकर कई जिम्मेदारियां दी थीं। 2004 से 2016 तक जोगी को आदिवासी विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष का पद दिया था। अमित के मुताबिक 2000 में दिग्विजय मंत्रिमंडल ने जोगी के आदिवासी न होने की लिखित शिकायत की थी, जिसे सोनिया गांधी ने खारिज कर दिया था। 29 अक्टूबर 2000 को दिग्विजय सिंह को दिल्ली बुलाकर सोनिया गांधी ने कहा था, जोगी काबिल और अनुभवी आदिवासी नेता हैं। इस बात को दिग्विजय भी नहीं झुठला सकते, क्योंकि सोनिया गांधी के निवास में रजिस्टर में दिग्विजय के आने का रिकॉर्ड है। इसी तरह जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के महासचिव गौरीशंकर पांडेय, युवा जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष विनोद तिवारी और प्रदेश प्रवक्ता भगवानू नायक ने संयुक्त बयान जारी कर कहा है कि आठ सितंबर 2000 को कांग्रेस के 21 विधायकों ने छत्तीसगढ़ का पहला मुख्यमंत्री आदिवासी को बनाने की मांग की थी। इसमें मनोज मंडावी, कवासी लखमा, मंतुराम पवार, गुलाब सिंह, गोपाल राम, डोमेंद्र भेड़िया समेत अन्य विधायक शामिल थे। तब न केवल मनोज मंडावी बल्कि, अरविंद नेताम को भी जोगी सच्चे आदिवासी लगते थे। जब राजनीति में बदलाव आया तो उन्हें जोगी नकली आदिवासी लगने लगे हैं।

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 MadhyaBharat  10 July 2017

अरुण जेटली  जीएसटी

एनडीए के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद और केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली रविवार को रायपुर पहुंच यहां उन्‍होंने मुख्यमंत्री निवास में वे भाजपा के सभी सांसदों, विधायकों तथा राष्ट्रीय पदाधिकारी की उपस्थिति में आयोजित बैठक में हिस्‍सा लिया। इसके बाद जीएसटी के ऊपर बेबीलोन होटल में आयोजित वर्कशॉप में उन्‍हेांने हिस्‍सा लिया। जेटली की इस क्‍लास में चेंबर ऑफ कॉमर्स और सीए एसोसिएशन के लोग उपस्थित रहे। इस दौरान पहले छत्‍तीसगढ़ के मुख्‍यमंत्री रमन सिंह ने अरुण जेटली का स्‍वागत करते हुए लोगों को संबोधित किया। उनका कहना था कि जीएसटी हमारे देश के विकास के लिए बहुत ही महत्‍वपूर्ण साबित होगा। इसके साथ ही इसका पूरा श्रेय अरुण जेटली को जाता है क्‍योंकि इसे लागू कराना आसान नहीं था। इसी के साथ उन्‍होंने व्‍यापारियों और कंपनियों से छत्‍तीसगढ़ में निवेश करने के लिए निमंत्रित किया। मुख्‍यमंत्री के भाषण के बाद वित्‍त मंत्री अरुण जेटली ने लोगों को संबांधित किया और जीएसटी से जुड़ी कई भ्रांतियों को दूर करने की कोशिश की। इसके साथ ही उनका कहना था कि छत्‍तीसगढ़ निवेश के लिए एक बहुत ही महत्‍वपूर्ण जगह है क्‍योंकि यह देश के बीचों बीच है और यहां से यातायात के माध्‍यम से देश के किसी भी हिस्‍से तक आसानी से पहुंचा जा सकता है। एनडीए के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद भी उनके साथ इस कार्यक्रम में उपस्थित थे। राष्ट्रपति चुनाव को लेकर रामनाथ कोविंद भाजपा सांसदों और विधायकों से मुलाकात की और अपने लिए समर्थन की मांग की है।

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 MadhyaBharat  9 July 2017

स्मार्ट सिटी रायपुर

  स्मार्ट सिटी बनने की दौड़ में राजधानी रायपुर ने लंबी छलांग लगाई है. मुख्यमंत्री डा.रमन सिंह ने एक्सप्रेस वे, ओवरब्रिज, ओवरपास, स्काई वाक, अंडर ब्रिज बनाने 680 करोड़ रूपए की विकास योजनाओं का शिलान्यास किया.  इस दौरान डा.रमन सिंह ने कहा कि – 13 सालों के मेरे कार्यकाल में ये पहला मौका है, जब 680 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का शिलान्यास एक साथ रखा है. उन्होंने कहा कि पूरे देश में 17 सालों की यात्रा को देखा जाए तो किसी भी राज्य की राजधानी में अधोसंरचना का इतना काम नहीं हुआ। डा.रमन सिंह ने कहा कि- आज भी मैं जब भोपाल जाता हूँ, तो देखता हूँ, भोपाल वैसा का वैसा है, लेकिन कोई यदि रायपुर आता है, तो यहां का विकास देखकर हतप्रभ हो जाता है.

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 MadhyaBharat  8 July 2017

 कोविंद छत्तीसगढ़

एनडीए के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद 9 जुलाई को छत्तीसगढ़ के दौरे पर आएंगे। कोविंद देशभर में समर्थन जुटाने की मुहिम के तहत दौरा कर रहे हैं। दिल्ली और हिमाचल प्रदेश के दौरे से लौटे मुख्यमंत्री डा रमन सिंह ने बताया कि कोविंद के साथ वित्त मंत्री अस्र्ण जेटली भी आएंगे। जेटली राजधानी में जीएसटी को लेकर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगे। धान के बोनस के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इसको लेकर राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह से कोई चर्चा नहीं हुई। उनके निर्देशों के तहत संगठन ने कितना काम किया है, इसका ब्यौरा दिया गया।  

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 MadhyaBharat  6 July 2017

 नकली पनीर जब्त

 रायपुर रेलवे पुलिस ने 800 किलो से ज्यादा नकली पनीर जब्त किया है। मिली जानकारी के मुताबिक रेलवे पुलिस जब सर्चिंग कर रही थी, तब काफी तादाद में पनीर ले जाने पर पुलिस को शक हुआ, जब मामले की जांच की गई तो पता चला कि पूरा पनीर नकली है और इसे अमरकंटक एक्सप्रेस से रायपुर लाया गया था। जांच में दौरान हिरासत में लिए गए व्यक्ति ने खुलासा किया कि इस नकली पनीर को भोपाल से किशन मोदी नाम के व्यक्ति द्वारा भेजा गया था। रायपुर रेलवे पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। इसके अलावा भोपाल पुलिस को भी इस मामले में सूचित किया जा रहा है।

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 MadhyaBharat  4 July 2017

cg gst band

 जीएसटी के कड़े प्रावधानों के खिलाफ शुक्रवार को छत्तीसगढ़ बंद का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है। गौरतलब है कि चेम्बर ऑफ कॉमर्स के आह्वान इस बंद का आह्वान किया गया है। शुक्रवार सुबह बड़ी तादाद में व्यापारी जय स्तंभ चौक पहुंचे और जीएसटी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। इसके अलावा बिलासपुर में सदर बाजार, गोल बाजार, लिंक रोड, प्रताप चौक सहित शहर के अधिकांश हिस्सो में बंद बेअसर दिखा। यहां अधिकांश इलाकों में दुकानें खुली हुई दिखी। बिलासपुर में कपड़ा मार्केट पूरी तरह से खुला दिखाई दिया, जब कुछ व्यापारिक संगठन यहां भी विरोध प्रदर्शन देखे गए। ये हैं 11 सूत्रीय मांगें जीएसटी को सरल, पारदर्शी और व्यवहारिक बनाया जाए ,ईवे बिल व्यापारी पर लागू न हो ,व्यापारी को सजा का प्रावधान न हो,महीने में 3 रिटर्न के स्थान पर एक त्रैमासिक रिटर्न हो ,विक्रेता अगर जीएसटी जमा नहीं करता है तो खरीदार की जिम्मेदारी न हो ,एक सूत्रीय सरल जीएसटी की व्यवस्था हो ,ऑनलाइन रिटर्न की बाध्यता समाप्त हो ,कपड़ा, ब्रांडेड अनाज, तिलहन, कृषि यंत्र और आवश्यक वस्तुएं जीएसटी से मुक्त हों ,मिसमैच-जीएसटी में प्रत्येक आइटम वाइज मिसमैच के मिलान का प्रावधान है, इससे परेशानियां होंगी। इस प्रावधान को हटाना चाहिए ,जीएसटी एडवांस पेमेंट का नियम नहीं होना चाहिए , रिवर्स चार्जेस नहीं होना चाहिए।  स्कूल-कॉलेज, अस्पताल नहीं रह बंद  स्कूल-कॉलेज, अस्पताल, खुदरा दवा दुकानों में बड़े अस्पतालों के मेडिकल स्टोर्स, कच्ची सामग्री जैसे सब्जी, दूध आदि को बंद से मुक्त रखा गया है। जबकि थोक दवा बाजार पूरी तरह से बंद रहा ।

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 MadhyaBharat  30 June 2017

छत्तीसगढ़ में केंद्र सरकार

  छत्तीसगढ़ में केंद्र सरकार से वित्त पोषित कई ऐसी योजनाएं हैं, जिनमें समय पर पैसा न मिलने से काम अटका है। मनरेगा जैसी योजनाओं में अब पैसा आ रहा है, लेकिन शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई आदि विभागों में कई योजनाओं में पैसा मिलने में लेटलतीफी की शिकायतें आ रही हैं। अब मुख्यमंत्री सचिवालय ने सभी विभागों से ऐसी लंबित परियोजनाओं की जानकारी मांगी है, जिनका प्रस्ताव केंद्र को भेजा गया है, लेकिन पैसा नहीं मिला है। मुख्यमंत्री के सचिव सुबोध कुमार सिंह ने लिखा है कि यह जानकारी इसलिए चाहिए, ताकि सांसदों को मानसून सत्र के पहले प्रदेश की योजनाओं की पूरी जानकारी दी जा सके। सांसद जानकारी के आधार पर संसद में प्रश्न पूछ सकें और चर्चा में भाग ले पाएं। सीएम सचिवालय ने कहा है कि सरकार ऐसी कई योजनाएं चलाती हैं, जिनकी स्वीकृति केंद्र से मिलती है। ऐसी योजनाओं के क्रियान्वयन की राशि पूर्णतः या अंशतः केंद्र से मिलती है। विभागों से कहा गया है कि ऐसी योजनाओं की जानकारी दें, जिनके प्रस्ताव केंद्र को भेजे गए हैं, लेकिन राशि नहीं मिली है। पहले से चल रही ऐसी योजनाएं, जिनका काम पैसा न मिलने से अटका हो, उसकी भी जानकारी मांगी गई है। सांसदों को राज्यहित के मुद्दे बताने के लिए यह भी पूछा गया है कि विभागों ने स्वीकृत परियोजनाओं में आवंटन पाने के लिए केंद्र के संबंधित मंत्री या सचिव को कब-कब पत्र लिखा। जो पत्र व्यवहार किया गया है, उसकी फोटोकॉपी भी देने को कहा गया है। समेकित बाल विकास परियोजना, हार्टीकल्चर, वन विकास परियोजना, मिड डे मील, स्मार्ट सिटी परियोजना, स्वच्छ भारत मिशन, राष्ट्रीय आयुष मिशन, कृषि, राष्ट्रीय ग्रामीण लाइवलीहुड मिशन आदि परियोजनाओं में जून के महीने में कोई पैसा नहीं मिला है। पीएम आवास योजना, पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप आदि योजनाओं में भी पैसा नहीं मिला है। हालांकि मनरेगा में इस महीने अब तक का पूरा बकाया मिला है। ग्रामीण विकास विभाग के सचिव पीसी मिश्रा ने बताया कि पीएम आवास के लिए पैसा मांगा गया है। केंद्र से आश्वासन मिला है कि इसी हफ्ते राशि जारी कर दी जाएगी। केंद्र सरकार ने शिक्षा विभाग का करीब एक हजार करोड़ रूपया रोक रखा है। सर्व शिक्षा अभियान, माध्यमिक शिक्षा मिशन, साक्षरता मिशन आदि सभी मदों में पैसे का इंतजार किया जा रहा है। सर्व शिक्षा अभियान के पैसे से शिक्षाकर्मियों का मानदेय दिया जाता है। इस मद में राज्य सरकार अपने खाते से एडवांस जारी करके काम चला रही है।

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 MadhyaBharat  29 June 2017

raman singh

  छत्तीसगढ़ में कौशल विकास का हाल देखने केंद्रीय कौशल विकास मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) राजीव प्रताप रूड़ी बुधवार को रायपुर पहुंचे। मिली सूचना के मुताबिक राजीव प्रताप रूड़ी इंडिगो एयरवेज की नियमित उड़ान से रायपुर पहुंचे। ऐसी भी सूचना है कि केंद्रीय मंत्री खुद एक पायलट के रूप में विमान चलाते हुए रायपुर पहुंचे। रायपुर पहुंचने के बाद सबसे पहले मुख्यमंत्री रमन सिंह से मुलाकात की और उसके बाद कौशल विकास कार्यक्रम की समीक्षा बैठक में हिस्सा लेने पहुंचे। जानकारी के मुताबिक कुछ अन्य कार्यक्रमों में शामिल होने के बाद केंद्रीय मंत्री राजीव प्रताप रूडी शाम को दिल्ली रवाना हो जाएंगे।

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 MadhyaBharat  28 June 2017

रामनाथ कोविंद

  राष्ट्रपति चुनाव के लिए नामांकन भरने के बाद एनडीए उम्मीदवार रामनाथ कोविंद ने प्रचार अभियान शुरू कर दिया है। रविवार को उत्तर प्रदेश से कोविंद ने प्रचार अभियान की शुस्र्आत की। भाजपा के उच्च पदस्थ सूत्रों की मानें तो कोविंद प्रचार के लिए मध्यप्रदेश और  छत्तीसगढ़ भी आ सकते हैं। हालांकि अभी उनके प्रवास की तारीख तय नहीं हुई है, लेकिन संभावना व्यक्त की जा रही है कि वे इस सप्ताह प्रदेश के दौरे पर आ सकते हैं। बिहार के राज्यपाल रहे कोविंद के छत्तीसगढ़ के भाजपा नेताओं से घनिष्ठ संबंध हैं। सरगुजा सांसद कमलभान के बेटे की शादी में कोविंद हाल ही में सरगुजा आए थे। भाजपा के उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार कोविंद से पार्टी के 20 विधायकों और सभी सांसदों ने दिल्ली में मुलाकात की है। नामांकन प्रक्रिया में भाजपा विधायक प्रस्तावक और समर्थक बने थे। उस दौरान कोविंद ने विधायकों से अलग से चर्चा की थी। अब बताया जा रहा है कि उनका दौरा कार्यक्रम तय किया जा रहा है। वहीं यूपीए की उम्मीदवार मीरा कुमार ने दिल्ली में कांग्रेस के 20 विधायकों से मुलाकात की। इस दौरान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल भी मौजूद थे। बताया जा रहा है कि मीरा कुमार का प्रचार का अभी कोई कार्यक्रम तय नहीं हुआ है। प्रदेश के विधायक दिल्ली में ही मुलाकात कर लिए हैं, इसलिए छत्तीसगढ़ आने की संभावना कम ही नजर आ रही है। लेकिन अगर मीरा कुमार का प्रदेश में दौरा होता है तो कांग्रेस संगठन पूरी तैयारी में रहेगा। कांग्रेस मीडिया विभाग के अध्यक्ष ज्ञानेंद्र शर्मा ने बताया कि केंद्रीय कार्यालय से अभी दौरा कार्यक्रम नहीं आया है। अगर मीरा कुमार आती हैं तो उनका भव्य स्वागत किया जाएगा।

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 MadhyaBharat  26 June 2017

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की अध्यक्षता में रायपुर  में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। सौर ऊर्जा नीति  2017-2027 का अनुमोदन भी किया गया।  सौर ऊर्जा नीति 2017-27 का अनुमोदन। राज्य में नवीकरणीय ऊर्जा के दोहन के लिए वर्ष 2002 में जारी नीति की वैधता 31 मार्च 2017 तक थी। विगत कुछ वर्षों में सौर ऊर्जा के क्षेत्र में तकनीकी बदलाव हुए हैं। लागत व्यय में कमी आयी है तथा अपरम्परागत स्रोत आधारित बिजली खरीदी की अनिवार्यता के लिए विनियमों में परिवर्तन हुआ है। इसे ध्यान में रखकर  आगामी दस वर्ष में इस क्षेत्र में निवेश की बहुत अधिक संभावनाओं को देखते हुए छत्तीसगढ़ में नई सौर ऊर्जा नीति की आवश्यकता महसूस की जा रही है। छत्तीसगढ़ केबिनेट में वर्ष 2017 से 2027 तक के लिए सौर ऊर्जा नीति का अनुमोदन किया गया। यह नीति जारी होने की तारीख होने से 31 मार्च 2027 तक प्रभावशील रहेगी। इस नीति के मुख्य प्रावधान इस प्रकार हैं।  1.कोई भी व्यक्ति, पंजीकृत व्यक्ति, केन्द्रीय और राज्य विद्युत उत्पादन और वितरण कम्पनियां, सार्वजनिक अथवा निजी क्षेत्र के सौर बिजली परियोजना विकासकर्ता  तथा इन परियोजनाओं से  संबंधित उपकरणों के निर्माणकर्ता और सहायक उद्योग इसके पात्र होंगे चाहे वे समय-समय पर यथा संशोधित विद्युत अधिनियम 2003 के अनुशरण में सौर ऊर्जा  परियोजनाओं  का संचालन केप्टिव उपयोग अथवा बिजली विक्रय के उद्देश्य से  कर रहे हैं। 2.नई सौर ऊर्जा नीति (2017-27) के तहत 10 किलोवॉट तक के रूफ टॉप, सोलर पॉवर प्लांट को ग्रिड कनेक्टिविटी की सुविधा दी जाएगी। 3. प्रत्येक सौर ऊर्जा विद्युत परियोजना द्वारा संयंत्र की स्वंय की खपत और राज्य के भीतर की गई केप्टिव खपत पर विद्युत शुल्क से भुगतान की छूट मिलेगी । यह छूट सौर ऊर्जा नीति के तहत मार्च 2027 तक स्थापित होने वाली परियोजनाओं को मिलेगी। 4.छत्तीसगढ़ राज्य द्वारा समय-समय पर अधिसूचित औद्योगिक नीति के तहत अपरम्परागत स्रोत आधारित बिजली संयंत्रों को प्राप्त होने वाली सुविधाओं की पात्रता होगी। भण्डार क्रय नियम 2002 में संशोधन प्रस्ताव का अनुमोदन  छत्तीसगढ़ शासन भंडार क्रय नियम 2002 में संशोधन के लिए वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के प्रस्ताव  का अनुमोदन किया गया। भारत सरकार के डीजी एस एण्ड डी द्वारा संचालित जेम (ळवअमतदउमदज म.डंतामज च्संबम) का उपयोग छत्तीसगढ़ सरकार के विभागों  द्वारा करने के लिए यह संशोधन अनुमोदित किया गया। इलेक्ट्रॉनिक सामग्री खरीदी के लिए भण्डार क्रय नियम में संशोधन शासकीय विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों, मण्डलों, जिला और जनपद पंचायतों तथा नगरीय निकायों में इलेक्ट्रॉनिक सामग्री की खरीदी के लिए छत्तीसगढ़ शासन भण्डार क्रय नियम 2002 में संशोधन हेतु वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। इसके अनुसार इलेक्ट्रॉनिक एवं सूचना प्रौद्योगिकी से संबंधित सामग्री खरीदने के लिए संबंधित नीति, नियम एवं प्रक्रिया तथा आवश्यक होने पर दर निर्धारण का कार्य इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा किया जाएगा। इसके लिए सामग्री की सूची का निर्धारण इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा भण्डार क्रय नियम के अनुसार किया जाएगा।

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 MadhyaBharat  22 June 2017

cg yoga  विश्व रिकॉर्ड

रायपुर में  मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में बुधवार सुबह छत्तीसगढ़ राज्य ने एक अनोखा विश्व कीर्तिमान बनाया। मुख्यमंत्री के साथ राज्य के लगभग 50 लाख लोगों ने अलग-अलग स्थानों पर एकसाथ योगाभ्यास किया। प्रदेश के लगभग 11 हजार स्थानों पर स्कूली बच्चों, बुजुर्गो, युवाओं और महिलाओं सहित समाज के सभी वर्गों ने पूरे उत्साह के साथ योगाभ्यास किया। मुख्यमंत्री डॉ. सिंह राजधानी रायपुर के बूढ़ातालाब (विवेकानंद सरोवर) के सामने इंडोर स्टेडियम में 600 स्कूली बच्चों के साथ एक घण्टे तक सामान्य योग अभ्यास क्रम के अनुसार योग के विभिन्न आसनों का अभ्यास किया। योग अभ्यास कार्यक्रम छत्तीसगढ़ योग आयोग के अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने किया। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के सभी जिलों में एक साथ लगभग 50 लाख लोगों के योगाभ्यास के कीर्तिमान को गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित गोल्डन बुक ऑफ वर्ड रिकार्डस् के आब्जर्वर संतोष अग्रवाल ने मुख्यमंत्री को इस विश्व कीर्तिमान का प्रमाण पत्र सौंपा। आयोजन में मुख्यमंत्री के साथ स्कूली बच्चों के अलावा कई जनप्रतिनिधियों और शासन प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी योग अभ्यास किया। डॉ.रमन सिंह ने सामूहिक योग अभ्यास के बाद स्कूली बच्चों और नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि योग को हमें अपनी दिनचर्या में शामिल करना चाहिए। हमने यहां केवल आज ही नही बल्कि वर्ष के पूरे 365 दिन योग करने का संकल्प लिया है। इस संकल्प पर हमें कायम रहना होगा।  

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 MadhyaBharat  21 June 2017

cg kisan

     छत्तीसगढ़ में पांच दिन के भीतर दो किसानों की खुदकुशी की इन घटनाओं के साथ ही छत्तीसगढ़ में किसानों के कर्ज का मुद्दा अब सुलगने लगा है। सरकारी दावों के विपरीत राज्य के छोटे और सीमांत किसान कर्ज के बोझ तले दबे पड़े हैं। किसान नेताओं का कहना है कि सरकारी योजनाओं का लाभ सभी किसानों को नहीं मिलता। ऐसे में उन्हें बाजार, परिचितों या साहूकारों से कर्ज लेना पड़ता है। यही कर्ज उन पर भारी पड़ रहा है। इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो खुदकुशी के आंकड़े बढ़ते जाएंगे। सरकारी आंकड़ों के अनुसार राज्य में 37.46 लाख किसान हैं। इनमें 76 फीसदी लघु व सीमांत श्रेणी में आते हैं। नाबार्ड में पंजीकृत किसानों की संख्या 10 लाख 50 हजार है। मापदंडों के अनुसार केवल इन्हीं किसानों को शून्य फीसदी ब्याज पर कृषि ऋण मिल पाता है। यानी करीब 27 लाख किसान सरकारी ऋण योजना के दायरे से बाहर हैं। ऐसे किसान खुले बाजार या दूसरों से कर्ज लेते हैं। किसान नेता संकेत ठाकुर के अनुसार सरकार किसानों को ब्याज मुक्त लोन देती है। यह अल्पकालीन ऋण है, जो खेती करने के लिए दी जाती है, वह भी नाबार्ड में पंजीकृत किसानों को ही दिया जाता है। यह ऋण खाद- बीज आदि खरीदने के लिए दिया जाता है। ट्रैक्टर, कृषि उपकरण सहित अन्य कामों के लिए उन्हें बाजार दर पर कर्ज लेना पड़ता है। किसान नेताओं के अनुसार खाद-बीज के अलावा अन्य जरूरतों के लिए न केवल छोटे बल्कि बड़े किसान भी निजी बैंकों के हवाले कर दिए गए हैं। जहां ट्रैक्टर सहित अन्य उपकरणों की खरीदी में उन्हें कोई राहत नहीं मिलती। बैंक सामान्य दर पर ही फाइनेंस करते हैं। इसी वजह से सरकार के पास इसका कोई रिकॉर्ड भी नहीं रहता है। सरकार ने खरीफ सीजन में किसानों को 3 हजार 200 करोड़ स्र्पए का ब्याज मुक्त ऋ ण देने का लक्ष्य रखा है। अपेक्स बैंक के अध्यक्ष अशोक बजाज का कहना है छत्तीसगढ़ के किसान लोन चुकाने के मामले में दूसरे राज्यों के किसानों से बेहतर हैं। यहां 80 से 85 फीसदी तक लोन किसान लौटा देते हैं। इसकी बड़ी वजह यह है कि यहां पैदावार अच्छी होती है और सरकार जीरो फीसदी ब्याज दर पर लोन उपलब्ध कराती है। मौसम की मार जैसी प्रतिकूल परिस्थिति में ही उन्हें दिक्कत होती है। इसके बावजूद कर्ज वसूली के लिए बैंक तंग नहीं करते। छत्तीसगढ़ किसान- मजदूर महासंघ के सयोंजक संकेत ठाकुर ने बताया छत्तीसगढ़ में भी किसान कर्ज में डूबे हुए हैं। कर्ज माफी यहां भी बड़ा मुद्दा है। सरकार बिना ब्याज के जो लोन देती है, वह खेती के लिए देती है। ट्रैक्टर सहित अन्य कृषि उपकरण के लिए किसान बैंकों से व्यावसायिक दर पर लोन लेते हैं। इसका रिकॉर्ड सरकार नहीं रखती है। यही कर्ज किसानों को भारी पड़ रहा है। अगर इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो किसानों की आत्महत्या की दर बढ़ती जाएगी। भूषण की दास्ताँ  खैरागढ़ के गोपालपुर में युवा किसान भूषण गायकवाड़ ने शुक्रवार (16 जून) को कीटनाशक सेवन कर खुदकुशी कर ली। मृतक के पिता मेघनाथ का कहना है कि भूषण कर्ज से परेशान था। सब्जी के दाम घटने से काफी नुकसान हुआ था। मजदूरों को छह महीने से भुगतान नहीं कर पाया था। ट्रैक्टर लोन के साथ ही करीब 10 से 15 लाख रुपए कर्ज था। बैंक वालों के साथ ही मजदूर भी तगादा करते थे। इसी वजह से उसने खुदकुशी की। हालांकि सुसाइड नोट में मृतक ने पारिवारिक विवाद को कारण बताया है। कुलेश्वर की दास्ताँ  दुर्ग के पुलगांव थाना के बघेरा गांव निवासी कुलेश्वर देवांगन (50) ने 12 जून को कुएं में कूदकर खुदकुशी कर ली थी। देवांगन के पास 12 एकड़ खेत है। परिजन के अनुसार पिछले साल उसे खेती में काफी नुकसान उठाना पड़ा था। मृतक ने करीब ढ़ाई-तीन लाख रुपए साहूकारों से कर्ज ले रखा था, जिसे अदा करने का दबाव उस पर था। छत्तीसगढ़ में भी किसानों की कर्जमाफी का मुद्दा अब सुलगने लगा है।

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 MadhyaBharat  19 June 2017

new naxli

मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ के बीच बन रहे नक्सलियों के नए जोन (राज्य) में सेंट्रल कमेटी के बड़े नक्सली नेताओं की आमद के भी संकेत मिले हैं। दिसंबर, 2016 में राजनांदगांव जिले में हुई एक मुठभेड़ के बाद पुलिस ने जो दस्तावेज बरामद किया है, उसमें पॉलिटिकल और इकॉनामिक वीकली पत्रिकाएं भी मिली हैं। नक्सलियों ने नए जोन का कमांडर सुरेंद्र को बनाया है, जो बस्तर के गोलापल्ली का रहने वाला बताया जा रहा है। नया जोन बनाने के लिए बस्तर से जो 58 नक्सली भेजे गए हैं, वे सभी वहां के स्थानीय हैं। ऐसे में अंगे्रजी की पत्रिकाएं मिलने से यह आशंका जताई जा रही है कि इस इलाके में नक्सलियों के बड़े लीडर भी डेरा जमा रहे हैं। दुर्ग आईजी दीपांशु काबरा का कहना है कि उस इलाके में नक्सलियों की रणनीति पर पुलिस का पूरा फोकस है। चुनौती से निपटने की तैयारी पहले से चल रही है। ज्ञात हो कि अप्रैल 2017 में एक मुठभेड़ के बाद पुलिस ने नक्सलियों का 25 पेज का एक दस्तावेज बरामद किया है। इससे पता चला है कि नक्सली छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव, कवर्धा, मुंगेली, मध्यप्रदेश के बालाघाट और महाराष्ट्र के गोंदिया जिलों को जोड़कर एक नया जोन खड़ा कर रहे हैं। इस जोन को एमएमसी जोन कहा गया है। दस्तावेज में नक्सलियों ने कहा है कि हमें हमेशा तैयार रहना चाहिए। हर छह महीने के लिए कम से कम 50 किलो गन पाउडर, 3 हजार पीस लोहे के टुकड़े, 25 पाइप, 20 बंडल वायर, 10 फ्लैश तैयार रखना होगा। फोर्स का पीछा करने के बजाय एंबुश लगाने की बात इस दस्तावेज में कही गई है। नक्सलियों ने लिखा है कि हम यहां के लोगों की समस्या समझने में सफल नहीं हुए हैं। जमीन की ज्यादा दिक्कत नहीं है। बांस और तेंदूपत्ता के दामों पर एरिया कमेटी और डिवीजन कमेटी ने ज्यादा काम नहीं किया है। हमारे नए जोन में तीन राज्य हैं। मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ तथा महाराष्ट्र में बांस का अलग-अलग रेट है। स्थानीय कैडर से कहा है कि इस साल सितंबर तक बांस के मामले में एक्शन प्लान तैयार करो। तीनों राज्यों में क्या दाम है, कितना बोनस है यह पता करो। बांस कौन काट रहा है, वन सुरक्षा समिति, पेपर मिल, ठेकेदार या वन विभाग यह पता लगाएं। मध्यप्रदेश के मलाजखंड में तांबा खदानों में 70 फीसदी स्थानीय को रोजगार देने का मुद्दा भी उठाने की बात कही गई है। नक्सल दस्तावेज में कहा गया है कि गोपनीयता नहीं रखी जा रही है। कैडर जल्दबाजी कर रहे हैं। कैडर से राजनीति और प्लानिंग पर और बात करने की जरूरत है। कहा है-वाकी-टाकी या फोन पर बात करते हुए हमेशा कोडवर्ड इस्तेमाल करें। इसमें कहा गया है कि हमारे कैडर के लोग छत्तीसगढ़ी और हिंदी सीखने में रूचि नहीं दिखा रहे। ऐसे में जनता से कैसे जुड़ेंगे। भाषा सीखने पर ज्यादा ध्यान देने की जरूरत है। हमेशा सतर्क रहने को कहा है। लिखा है-कैडर किसी पेड़ के पास होते हैं तो बंदूक पेड़ से टिका देते हैं जबकि उसे हमेशा कंधे पर रखना चाहिए। संतरी को हमेशा बंदूक लोड रखनी चाहिए।  

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 MadhyaBharat  19 June 2017

raipur

  रायपुर के स्वच्छता सर्वेक्षण 2017 में पिछड़ने के बाद नगर निगम कचरा कलेक्शन को लेकर गंभीर हुआ है। इसके लिए पायलट प्रोजेक्ट के तहत जोन 3 में पहली 'ग्रीन गैंग' बनाई गई है। गैंग में 16 महिलाएं हैं। इन्हें प्रशिक्षण देकर स्वच्छता के प्रति लोगों को जागरूक करने, गीला-सूखा कचरा अलग-अलग एकत्रित करने और मासिक यूजर चार्ज वसूली का जिम्मा सौंपा गया है। गुरुवार से 'गैंग' ने काम शुरू कर दिया। यह प्रोजेक्ट सफल होता है तो इसे जोनवार लागू किया जाएगा। आयुक्त ने इसकी मासिक रिपोर्ट भी मांगी है। उल्लेखनीय है कि स्वच्छता सर्वेक्षण में शहरर 129वीं रैंक पर आया। ट्रेंचिंग ग्राउंड में कचरा निष्पादन, खुले में शौचमुक्त और डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन न होना प्रमुख वजहें थीं। इसलिए नगर निगम ने यह कदम उठाया है। जोन 3 में 8 वार्ड आते हैं। इनमें 65 फ्लैट, 26 कॉलोनियां हैं। गैंग की सदस्य कचरा कलेक्शन के लिए रिक्शावालों के साथ क्षेत्रों में जाएंगी। लोगों को जागरूक करेंगी और निर्धारित समय के बाद दूसरे क्षेत्र में जाएंगी। इन 16 महिलाओं के जरिए चरणबद्ध ढंग से स्वच्छता बनाए रखने में जनभागीदारी सुनिश्चित करने की तैयारी है। निगम से मिली जानकारी के मुताबिक स्व-सहायता समूह की महिलाओं से बनी 'ग्रीन गैंग' की सदस्यों को 5 हजार रुपए मासिक वेतन मिलेगा। शहर के 70 वार्डों में करीब 13 लाख आबादी 2.20 लाख मकान हैं। एक वार्ड से कम से कम 2 लाख रुपए यूजर चार्ज की वसूली होनी चाहिए, लेकिन नहीं हो रही है। 4 से 5 वार्ड को छोड़ दें तो कई वार्ड ऐसे हैं, जहां से 10 हजार रुपए भी निगम के खाते में नहीं पहुंचते। इसलिए महिलाओं को जिम्मा सौंपा जा रहा है। वे कचरा कलेक्शन के लिए घर-घर पहुंचने वाले ठेका कर्मियों पर नजर रखेंगी, नहीं पहुंचने पर निगम को जानकारी देंगी। जोन तीन के आयुक्त रमेश जायसवाल ने कहा आपके दरवाजे पर कचरा कलेक्शन करने वाला आ रहा है या निगम ने डस्टबीन फ्लैट के बाहर रखा है तो उसमें ही कचरा डालें। हमारा पहला मकसद लोगों को जागरूक करना है। इसके लिए 'ग्रीन गैंग' बनाई गई है।  

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 MadhyaBharat  16 June 2017

kisan sangh kelkar

छत्तीसगढ़ में किसानों के चक्काजाम को भारतीय किसान संघ समर्थन नहीं देगा। रायपुर में किसान संघ के प्रभाकर केलकर ने  पत्रकारों से चर्चा में कहा कि हिंसा से निकले आंदोलन को संघ का समर्थन नहीं है। प्रदेशभर के किसान 16 जून को चक्काजाम कर रहे हैं। किसानों के इस आंदोलन को कांग्रेस, जोगी कांग्रेस सहित अन्य राजनीतिक दलों का समर्थन है। भारतीय किसान संघ ने सरकार का पक्ष लेते हुए समर्थन नहीं देने का निर्णय लिया है। केलकर ने बताया कि किसानों को धान को लागत मूल्य पर खरीदी की मांग को लेकर विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल को ज्ञापन सौंपा गया है। इसमें किसानों के सभी उत्पाद की खरीदी लागत के आधार पर लाभकारी मूल्य पर करने की मांग की गई है। केलकर ने भाजपा सरकार से चुनाव घोषणापत्र में धान का समर्थन मूल्य 2100 स्र्पए और 300 स्र्पए बोनस का वादा पूरा करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि सभी कृषि उत्पाद की समर्थन मूल्य पर खरीदी की व्यवस्था वर्षभर हो। कृषि मंडियों में किसानों के फसल विक्रय के पश्चात 24 घंटे के अंदर बैंक के माध्यम से भुगतान हो। कृषि सिंचाई पंपों पर बिजली बिल 50 स्र्पए फ्लैट किया जाए। कृषि भूमि के विवाद को निपटारे के लिए कृषि न्यायालय बनाया जाए। पारिवारिक बंटवारे और कृषि भूमि का आपसी अदला-बदली पर स्टांप और पंजीयन शुल्क न लिया जाए। रसायन मुक्त खेती के लिए गोपालन एवं पशुपालन नीति बनाकर गोचर भूमि का संरक्षण, संवर्धन कर सस्ता चारा उपलब्ध कराया जाए। किसानों के लिए कृषक बीमा, कृषक भविष्य निधि एवं कृषक पेंशन योजना लागू किया जाए। केलकर ने मध्यप्रदेश में हिंसा के दौरान मारे गए किसानों को सरकार की तरफ से एक करोड़ स्र्पए मुआवजा देने की निंदा की है। उन्होंने कहा कि इससे प्रदेश में अराजक स्थिति पैदा होगी। आंदोलनों में मुआवजा का लालच देकर किसानों की हत्या भी शुरू हो जाएगी। उन्होंने सरकार से मांग की कि किसानों की आकस्मिक मृत्यु पर उनके परिवार को दस लाख स्र्पए की सहायता राशि प्रदान की जाए।   

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 MadhyaBharat  15 June 2017

raman singh

  मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने राज्य कर्मचारियों को महंगाई भत्ते (डी.ए.) की चार प्रतिशत की अतिरिक्त किस्त देने की घोषणा की है। भत्ते में एक जनवरी 2017 से चार प्रतिशत की वृद्धि गई है। अब मंहगाई भत्ते की दर 132 प्रतिशत से बढ़कर 136 प्रतिशत हो गई है। आदेश के अनुसार महंगाई भत्ते की यह अतिरिक्त किस्त एक जनवरी 2017 से (माह जनवरी का वेतन जो माह फरवरी 2017 में देय है) से दी जाएगी। बढ़े हुए भत्ते की राशि का नगद भुगतान किया जाएगा। गणना मूल वेतन (वेतन बैंड में वेत) ग्रेड वेतन) के आधार पर की जाएगी। यह आदेश यू.जी.सी., ए.आई.सी.टी.ई. तथा कार्यभारित एवं आकस्मिकता से वेतन पाने वाले कर्मचारी की सेवा के सदस्यों पर भी लागू होंगे। राज्य शासन द्वारा ऐसे कर्मचारियों जिन्होंने छत्तीसगढ़ वेतन पुनरीक्षण नियम 1998 के अन्तर्गत वेतन प्राप्त करते रहने का विकल्प दिया है अथवा जिनके वेतन भत्तों का पुनरीक्षण किन्ही कारणों से नहीं हुआ है। इन कर्मचारियों के महंगाई भत्ते की दरों में भी संशोधन किया गया है। अब इन कर्मचारियों के महंगाई भत्ते की दर एक जुलाई 2016 से 256 प्रतिशत और एक जनवरी 2017 से 264 प्रतिशत की गई है। बढ़े हुए महंगाई भत्ते की राशि नगद दी जाएगी। यह आदेश यूजीसी, एआईसीटीई तथा कार्यभारित च आकस्मिकता से वेतन पाने वाले कर्मचारियों पर भी लागू होगा।  

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 MadhyaBharat  14 June 2017

जनसंपर्क सचिव बने टोप्पो

जनसंपर्क आयुक्त राजेश सुकुमार टोप्पो (आईएएस) को विभागीय सचिव का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।  अभी तक यह जिम्मेदारी तमिलनाडु कैडर के आईएएस संतोष मिश्रा संभाल रहे थे। टोप्पो अब आयुक्त और सचिव दोनों का काम देखेंगे। उनकी प्रतिनियुक्ति खत्म हो गई है और अब वे अपने मूल कैडर में लौट रहे हैं। वहीं, मिश्रा के प्रभार वाले संस्कृति और पर्यटन विभाग के सचिव का पद एम. गीता को दिया गया है।  

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 MadhyaBharat  14 June 2017

ias सुब्रत साहू

  स्वास्थ्य सचिव आईएएस सुब्रत साहू को छत्तीसगढ़ का मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (सीईओ) बनाया गया है। केंद्रीय चुनाव आयोग की अनुशंसा पर उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। पूर्व सीईओ निधि छिब्बर करीब महीनेभर पहले ही केन्द्रीय प्रतिनियुक्ति पर गईं, तब से संयुक्त निर्वाचन पदाधिकारी डीडी सिंह प्रभार पर थे। अफसरों के अनुसार सीईओ के लिए आयोग को तीन नामों की सूची भेजी गई थी। आयोग ने साहू के नाम को हरी झंडी दे दी है।  

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 MadhyaBharat  14 June 2017

रायपुर अमित शाह

रायपुर में बीजेपी भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने शनिवार को कहा कि छत्तीसगढ़ में रमन सरकार ने बहुत अच्छा काम किया है, इसलिए आने वाले विधानसभा चुनाव में भाजपा शानदार प्रदर्शन कर फिर सरकार बनाएगी। उन्होंने दावा किया कि विधानसभा चुनाव में भाजपा 65 से ज्यादा सीटें जीतेगी। गौरतलब है कि भाजपा अध्यक्ष अमित शाह बीते तीन दिन से छत्तीसगढ़ दौरे पर हैं। इन तीन दिनों में प्रदेश भाजपा के आला नेताओं के अलावा विधायकों और सांसदों से मुलाकात की। तीन दिनों की यात्रा के बाद शनिवार को प्रेस वार्ता में अमित शाह ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार ने हर स्तर पर बेहतर काम किया है इसलिए हम सरकार के काम को जनता के बीच लेकर जाएंगे और चौथी बार छत्तीसगढ़ में फिर भाजपा की सरकार बनाएंगे। अमित शाह ने कहा  मनमोहन सरकार के समय जीडीपी 4.4 के पास थी। मोदी सरकार ने इसे दुनिया की सबसे तेज़ गति से विकास होता राष्ट्र बनाया है। मुद्रा बैंक में पौने सात करोड़ का लोन उपलब्ध कराया। GST का विचार अटल सरकार की योजना थी। सरकार ने ONE RANK ONE PENSION लागू किया। भारत दुनिया में स्पेस लीडर बना। 13000 गांव में बिजली पहुंचाई है। 2018 तक भारत के सभी गांव बिजली वाले होंगे। 2014 के चुनाव के बाद बीजेपी ने अपनी स्थिति सुधरी है। छत्तीगढ़ सरकार ने बड़ी उपलब्धियां हासिल की हैं।भारत सरकार ने छत्तीसगढ़ को पहले से ज्यादा पैसे दिए है। उप्र के चुनाव ने साबित कर दिया कि जातिवाद, क्षेत्रवाद की राजनीति नही चलेगी। अब देश मे पॉलिटिक्स ऑफ परफॉरमेंस की राजनीति चलेगी। धान का बोनस अंडर कंसीडेरेशन है। मध्यप्रदेश में कांग्रेस विधायकों ने लोगो को भड़काया, ये निंदनीय है। स्वामीनाथन कमेटी की सिफारिशों को लागू होने का समय आ चुका है। 2100 धान के मूल्य पर विचार करेंगे।

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 MadhyaBharat  10 June 2017

कांग्रेसियों का प्रदर्शन

  खबर रायपुर से। मध्यप्रदेश में किसानों पर हुई गोलीबारी और भाजपा के वायदा खिलाफी के विरोध में किसान आंदोलन की आग अब छत्तीसगढ़ तक पहुंच गई है। शनिवार को कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने प्रदेशभर में प्रदर्शन किए और चक्काजाम करने का प्रयास किया। हालांकि प्रशासन की सख्ती के चलते चक्काजाम सफल नहीं हो पाया। मिली जानकारी के मुताबिक कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रायपुर, बिलासपुर, धमतरी, कोरबा, जशपुर और अंबिकापुर सहित कई जिलों में विरोध प्रदर्शन किया। रायपुर में टाटीबांध चौक पर प्रदर्शन कर रहे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल को पुलिस ने जब पुलिस वैन में डाला।    

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 MadhyaBharat  10 June 2017

अमित शाह

रायपुर में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने रायुपर में मोदी फेस्ट का शुभारंभ किया। इस दौरान उनके साथ सीएम डॉ रमन सिंह भी मौजूद थे। केंद्र में भाजपा की सरकार के तीन वर्ष पूरे होने पर सरकार की उपब्धियां बताने के लिए मोदी फेस्ट आयोजित किया जा रहा है। इस दौरान अमित शाह ने कहा कि तीन साल में हमारी सरकार गुड गर्वनेंस लेकर आई है इसके साथ ही केंद्र की नितियों के बारे में लोगों को जागरुक किया। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने की जिम्मेदारी कार्यकर्ताओं को दी। इसके साथ ही शाह ने उम्मीद जताई कि छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार चौथी बार जनता के ज्यादा समर्थन से बनेगी। रमन सिंह ने छत्तीसगढ़ को विकास के पथ पर ले जाने का काम किया है।  

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 MadhyaBharat  9 June 2017

amit shah

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह तीन दिवसीय प्रवास पर गुरुवार सुबह रायपुर पहुंचे। एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह, प्रदेश अध्यक्ष धरम माल कौशिक, राष्ट्रीय महामंत्री सरोज पांडेय, राज्य के मंत्री और संगठन के पदाधिकारियों ने उनका स्वागत किया। एयरपोर्ट से शाह सीधे छत्तीसगढ़ भाजपा मुख्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने संगठन की बैठक में भाग लिया और चुनावी रणनीति पर चर्चा की।  छत्तीसगढ़ भाजपा मुख्यालय में जारी बैठक के दौरान मुख्यमंत्री के सुरक्षा कर्मियों के वाहन को बाहर रोक लिया गया। इसको लेकर सीएम की सिक्योरिटी में तैनात अफसरों और पदाधिकारियों के बीच जमकर बहस भी हुई। सीएम के गार्ड ने सुरक्षा कारणों का हवाला भी दिया लेकिन पार्टी के नियम के आगे किसी की नहीं चली। काफी जद्दोजहद के बाद सीएम सुरक्षा गार्ड के केवल एक वाहन को ही अंदर जाने दिया गया। यही नहीं मंत्रियों और विधायकों के पीए को भी कार्यालय के बाहर ही रोक दिया गया। सिर्फ प्रदेश पदाधिकारियों को ही कार्यालय के अंदर जाने दिया गया। संगठन पदाधिकारियो के वाहन को मेन गेट के बहर ही रोक लिए गए। केवल मंत्रियों की गाड़ी ही दो नंबर गेट तक गई, लेकिन उन्हें भी कार्यालय परिसर में जाने नहीं दिया गया। प्रदेश कार्यालय में राष्ट्रीय पदाधिकारियों, कोरग्रुप, सांसद-विधायक, प्रदेश पदाधिकारियों, प्रदेश मोर्चा अध्यक्ष/महामंत्री, महामंत्री, प्रदेश प्रकोष्ठों के संयोजक, जिला संगठन प्रभारी, जिला भाजपा अध्यक्ष/ महामंत्री, महापौर, जिला पंचायत अध्यक्ष, निगम, मंडल, आयोग के अध्यक्ष, जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष/ उपाध्यक्ष भी मौजूद हैं।  

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 MadhyaBharat  8 June 2017

ajit jogi

जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के संस्थापक अध्यक्ष अजीत जोगी दूसरी राजनीतिक पार्टियों की तरह चुनावी घोषणापत्र जारी नहीं करेंगे। जोगी ने कहा कि पार्टी के स्थापना दिवस पर स्टाम्प पेपर में संकल्पों का शपथपत्र जारी करेंगे, जो कि नोटराइज होगा। पार्टी के दस लाख सदस्य एक करोड़ परिवार तक शपथपत्र की प्रति को पहुंचाएंगे। जोगी का कहना है कि 2018 के विधानसभा चुनाव में जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ की सरकार बनती है और संकल्पों को समयसीमा में पूरा नहीं करती है तो कोई भी व्यक्ति सीधे कोर्ट जा सकेगा। इसके आधार पर उनके खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया जा सकेगा। जेल रोड स्थित एक होटल में जोगी और उनकी पार्टी के लोगों ने 'कोटमी घोषणा" की पहली वर्षगांठ मनाई। पिछले साल छह जून को कोटमी गांव में पार्टी का नाम और उद्देश्य तय हुआ था। 21 जून को पार्टी की घोषणा की गई थी। मीडिया से चर्चा में जोगी ने कहा कि देश में उनकी एकमात्र पार्टी होगी, जो चुनाव के पहले शपथपत्र जारी करने जा रही है, जिसमें हर संकल्प को पूरा करने की समय सीमा भी होगी। शपथपत्र को जनता तक पहुंचाने के लिए आरएसएस फॉर्मूले पर स्थापना दिवस से जन जन जोगी अभियान शुरू किया जाएगा। पार्टी के हर कार्यकर्ता को कम से कम दस परिवार तक शपथपत्र की प्रति पहुंचाने की जिम्मेदारी दी जाएगी। जोगी ने कहा वे खुद मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के विधानसभा क्षेत्र राजनांदगांव जाएंगे और दस परिवारों तक शपथपत्र पहुंचाएंगे। जनता को बताया जाएगा कि भाजपा और कांग्रेस की तरह दिल्ली से चलने वाली सरकार प्रदेश को समृद्ध नहीं बना सकती। जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ ऐसी पार्टी होगी, जो यहीं से सरकार चलाएगी। जोगी का दावा है कि जन जन जोगी अभियान के माध्यम से उनकी पार्टी प्रदेश की आधी आबादी तक अपना संदेश पहुंचाने में सफल रहेगी।जोगी ने कहा कि धन के मामले में कमजोर हैं, लेकिन विधानसभा चुनाव में भाजपा के धनबल और जोगी के जनबल का ही सीधा मुकाबला होना है।  

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 MadhyaBharat  7 June 2017

 मुख्यमंत्री रमन सिंह

 मुख्यमंत्री रमन सिंह दक्षिण कोरिया और जापान के दौरे से लौटकर मंगलवार को राजधानी रायपुर पहुंचे। अपने नौ दिन के विदेशी प्रवास के दौरान रमन सिंह ने दक्षिण कोरिया की राजधानी सियोल और जापान के दो प्रमुख शहरों टोक्यो और ओसाका का दौरा किया और कई निवेशकों से चर्चा की। रायपुर लौटने के बाद मुख्यमंत्री ने एयरपोर्ट पर मीडिया से चर्चा करते हुए अपने यात्रा का संक्षिप्त ब्योरा दिया। मुख्यमंत्री रमन सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मेक इन इंडिया कार्यक्रम की तर्ज पर ही छत्तीसगढ़ में मेक इन छत्तीसगढ़ अभियान चलाया जा रहा है। इसमें निवेशकों को जुटाने के लिए जापान व दक्षिण कोरिया का दौरा किया गया था। उन्होंने कहा कि जापान और दक्षिण कोरिया में भारत को एक महाशक्ति के रूप में देखा जा रहा है। खासतौर पर मेक इन इंडिया जैसे अभियान को के कारण दुनिया में देश का मान-सम्मान बढ़ा है। वहीं जीएसटी लागू होने के बाद भारत में विदेशी निवेश को लेकर भी विश्वास बढ़ा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि जापान के व्यापारिक संगठन जेट्रो, कोरिया के व्यापारिक संगठन कोटरा और सीआईआई के साथ सार्थक चर्चा हुई है। उन्होंने कहा कि हमने 25 से ज्यादा कंपनियों के साथ छत्तीसगढ़ में निवेश के लिए चर्चा है। आईटी, रक्षा उपकरण, ऊर्जा, आटोमोटिव, विद्युत मोटर्स, इलेक्ट्रानिक्स, स्मार्ट सिटी जैसे कई क्षेत्रों में प्रदेश में निवेश की संभावना है। मुख्यमंत्री ने दक्षिण कोरिया में स्मार्ट सिटी सिंगम का दौरा भी किया। उन्होंने बताया कि सुंग ह टेलीकॉम कंपनी छत्तीसगढ़ में 120 करोड़ का पूंजीनिवेश करेगी। इसके अलावा जापान के 100 से अधिक उद्योग समूहों के साथ निवेश को लेकर सकारात्मक चर्चा हुई।  

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 MadhyaBharat  6 June 2017

शिवराम कल्लुरी

बस्तर के पूर्व आईजी शिवराम कल्लुरी को जल्दी ही काम सौंपा जा सकता है. वे पिछले चार महीनों से पुलिस मुख्यालय में हैं और सरकार ने उन्हें अब तक कोई काम नहीं सौंपा था. वे पुलिस मुख्यालय में काम नहीं होने के कारण कम समय के लिये ही आ रहे थे. बस्तर से हटाये जाने के बाद वे बिना काम के ही पुलिस मुख्यालय में पदस्थ थे. खबर है कि संघ के कुछ नेताओं के दबाव के बाद भी सरकार ने उन्हें कोई जिम्मेवारी सौंपने से इंकार कर दिया था. अब चार महीने बाद उन्हें कोई काम सौंपने पर विचार किया जा रहा है. बस्तर में आई जी रहते हुये मानवाधिकार आयोग समेत कई सरकारी और गैर सरकारी संगठनों के निशाने पर रहे शिवराम प्रसाद ने स्वास्थ्यगत कारणों से अवकाश लिये था. लेकिन सरकार ने उन्हें लंबी छुट्टी पर भेज दिया था. इसके बाद वे यह कहते हुये वापस लौट आये थे कि वे अब स्वस्थ हैं. इन परिस्थितियों में कल्लुरी को बस्तर से हटा कर फरवरी में पुलिस मुख्यालय में पदस्थ कर दिया गया था. हालांकि यहां पदस्थ रहते हुये उन्होंने सोशल मीडिया में जो टिप्पणियां की, जिस तरीके से बिना सूचना के निजी आयोजनों में भाग लिया, उसे लेकर सरकार में भारी नाराज़गी दिखाई गई. इन मामलों में उन्हें नोटिस भी जारी किया गया. सरकार की नाराज़गी का ही सबब है कि शिवराम प्रसाद कल्लुरी को पिछले चार महीने से कोई काम नहीं दिया गया. इन चार महीनों में वे रायपुर और दिल्ली के एक-एक नक्सल विरोधी आयोजनों में शामिल हुये और सुर्खियां भी बटोरी. इन आयोजनों के अलावा मानवाधिकार आयोग और दूसरे संगठनों में भी कल्लुरी के नाम की चर्चा बनी रही.सोशल मीडिया में कल्लुरी के समर्थक लगातार उनकी बस्तर वापसी की भी मांग के साथ सक्रिय रहे हैं. खबर है कि अब कल्लुरी को सरकार कोई कार्यभार सौंपने पर विचार कर रही है. अगले सप्ताह तक सरकार किसी कार्यभार के साथ उनकी वापसी कर सकती है. हालांकि अभी कल्लुरी अवकाश पर हैं.

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 MadhyaBharat  3 June 2017

sharab

छत्तीसगढ़ में शराब की अवैध बिक्री और कोचियों की शिकायत अब टोल फ्री नम्बर पर की जा सकेगी। सरकार ने 14405 नम्बर जारी किया है। इसके अलावा शराब की अवैध बिक्री रोकने और कॉर्पोरेशन की शराब दुकानों की निगरानी के लिए 15 जून तक सभी दुकानों में सीसीटीवी कैमरे लग जाएंगे। कोचियाबंदी अभियान में लापरवाही बरतने पर वाणिज्यिक कर (आबकारी) मंत्री अमर अग्रवाल ने तीन आबकारी उपनिरीक्षकों को निलंबित कर दिया है। आबकारी भवन में मंत्री अग्रवाल ने विभागीय कामकाज की समीक्षा बैठक ली। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में पूर्ण कोचियाबंदी करनी है। इसमें लापरवाही बरतने पर कोई भी बख्शा नहीं जाएगा। शिकायत के आधार पर सरगुजा जिले के उपनिरीक्षक छविलाल पटेल, पूनम सिंह और धमतरी जिले की उपनिरीक्षक सुशीला साहू को निलंबित कर दिया है। तीनों उपनिरीक्षकों की शिकायत थी कि वे कर्तव्य में लापरवाही बरतते हैं और मुख्यालय से अनुपस्थित रहने के कारण राजस्व का नुकसान हुआ है। मंत्री ने निलंबन अवधि में पटेल को जशपुर जिला आबकारी कार्यालय, पूनम सिंह को कोरिया जिला आबकारी कार्यालय और सुशीला साहू को गरियाबंद जिला आबकारी कार्यालय अटैच किया है। अग्रवाल ने अधिकारियों से कहा कि टोल फ्री नम्बर का अधिकाधिक प्रचार करें। लोगों को यह बताएं कि शिकायकर्ता की पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी। टोल फ्री नम्बर में निर्धारित दर से ज्यादा में शराब बिकने की शिकायत भी दर्ज कराई जा सकेगी। मंत्री अग्रवाल ने कहा कि शराब बिक्री की राशि को किसी और उद्देश्य के लिए खर्च नहीं किया जाए । सभी देसी और विदेशी मदिरा दुकानों में रजिस्टर भी अनिवार्य रूप से रखे जाएं और उनमें बिक्री का विवरण दर्ज किया जाए।  

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 MadhyaBharat  2 June 2017

raman singh

  दक्षिण कोरिया की कंपनी सुंग हा टेलीकॉम छत्तीसगढ़ में प्लांट स्थापित करेगी। कंपनी 130 करोड़ रुपए निवेश कर मोबाइल उपकरण बनाएगी। काम 2018 तक शुरू होने की संभावना है। सियोल में मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की अध्यक्षता में राज्य सरकार व कंपनी के बीच हुए एमओयू के तहत नया रायपुर में प्लांट लगेगा। टीम के साथ द. कोरिया व जापान दौरे पर गए सीएम ने मंगलवार को वहां निवेशक सम्मेलन को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि व्यापार व्यवसाय को आसान बनाने इज ऑफ डुइंग बिजनेस में छत्तीसगढ़ भारत की अग्रिम पंक्ति का राज्य है। गुरुवार को सीएम जापान जाएंगे।  

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 MadhyaBharat  31 May 2017

 सीआरपीएफ

छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के खिलाफ सीआरपीएफ के जवानों ने अब आखिरी लड़ाई का मोर्चा खोल दिया है। सीआरपीएफ के सेंट्रल जोन कमांड का मुख्यालय रायपुर में बनने के बाद ही सीआरपीएफ स्पेशल डीजी कुलदीप सिंह ने रायपुर में डेरा डाल दिया है। सीआरपीएफ अब बारिश से पहले तक नक्सलियों के खिलाफ अभियान चलाएगी। सीआरपीएफ के आला अधिकारियों की मानें तो सुकमा, बीजापुर, दंतेवाड़ा में 20 हजार जवानों को जंगलों में रणनीति के साथ आपरेशन के लिए उतार दिया गया है। इसके साथ ही मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ के बार्डर पर भी नक्सलियों के खिलाफ स्पेशल आपरेशन शुरू कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि नक्सलियों ने बालाघाट, गढ़चिरौली और राजनांदगांव में गोपनीय आपरेशन शुरू किया है। इसको देखते हुए प्रदेशों के ज्वाइंट पर विशेष फोकस किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि कोबरा कमांडोज सुकमा को घेरकर रुटीन ऑपरेशन के अलावा अलग से अभियान चलाएंगे। कोबरा कमांडो के साथ आईईडी एक्सपर्ट भी तैनात किए जा रहे हैं। सूत्रों की मानें तो सीआरपीएफ अब माओवादियों के खिलाफ आक्रामक रवैया अपनाएगा। नक्सलियों को जंगल में घुसकर मारने के लिए सुरक्षाबलों को फ्री हैंड कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि पांच राज्यों की मानिटरिंग के लिए स्पेशल डीजी को रायपुर में तैनात किया गया है। यहां से अगले दस दिन में ज्वाइंट आपरेशन प्लान किया जा रहा है, जो ओडिशा, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, तेलंगाना, झारखंड, उत्तर प्रदेश में एक साथ शुरू होगा। इस ज्वाइंट आपरेशन का बेस कैंप रायपुर में रहेगा। सूत्रों की मानें तो नक्सलियों के बड़े नेताओं की लोकेशन भी सुकमा और आसपास के इलाकों में मिली है। इसी को देखते हुए सुकमा में विशेष फोकस किया जा रहा है। सीआरपीएफ के आईजी डीएस चौहान ने बताया कि सीआरपीएफ के जवान बस्तर में नक्सलियों के खिलाफ लगातार अभियान चला रहे हैं। सुकमा में हमले के बाद अभियान को और भी मुस्तैदी के साथ शुरू किया गया है। जवान जंगलों में उतरकर नक्सलियों से मोर्चा लेने को तैयार हैं।   

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 MadhyaBharat  11 May 2017

भूपेश बघेल

  आवासीय प्लॉट के फर्जीवाड़े के मामले में छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रमुख भूपेश बघेल के खिलाफ ईओडब्ल्यू ने सोमवार को मामला दर्ज कर लिया है। इस मामले में भूपेश बघेल के मां और पत्नी के खिलाफ भी प्रकरण दर्ज किया है। साथ ही सारड़ा में काम करने वाले अधिकारियों के खिलाफ शिकंजा कसा गया है। मिली जानकारी के मुताबिक मानसरोवर योजना के तहत पीसीसी प्रमुख भूपेश बघेल ने बड़ा फर्जीवाड़ा किया था। इस मामले में आर्थिक अन्वेषण ब्यूरो जांच कर रहा था। भूपेश बघेल पर आरोप है कि उन्होंने अवैध तरीके से आवासीय प्लॉट का आवंटन किया। वहीं प्रकरण दर्ज किए जाने के बाद भूपेश बघेल ने कहा कि वह इस मामले में हर तरह की जांच करने के लिए तैयार है।  

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 MadhyaBharat  8 May 2017

varsha dongre

    बुरकापाल नक्सली हमले में शहीद जवानों को लेकर फेसबुक पर विवादित पोस्ट लिखकर सुर्खियों में आई रायपुर केन्द्रीय जेल की निलंबित डिप्टी जेलर वर्षा डोंगरे 3 मई से अपने सरकारी आवास से गायब हैं। जेल परिसर स्थित वर्षा के घर में पांच दिनों से ताला लगा हुआ है। लिहाजा बंद दरवाजे पर ही जेल प्रशासन ने उनके नाम पर जारी नोटिस और निलंबन आदेश को चस्पा कर दिया है। घर के बाहर 3 मई से लेकर 7 मई तक के अखबार पड़े होने से यह संभावना जताई जा रही है कि पिछले पांच दिनों से दरवाजा नहीं खुला है। वर्षा कहां गईं, इस बारे में जेल प्रशासन के पास किसी तरह की अधिकृत जानकारी नहीं है।  रायपुर सेंट्रल जेल परिसर स्थित वर्षा डोंगरे के सरकारी आवास पर रविवार को नईदुनिया टीम पहुंची। दरवाजे पर ताला बंद मिला। पड़ोसियों ने बताया कि कई दिनों से घर में कोई नहीं है। वर्षा कहां गई हैं, इसका पता किसी को नहीं है। उनका मोबाइल स्वीच ऑफ है। दरवाजे पर चस्पा नोटिस में निलंबन अवधि में उन्हें अंबिकापुर केंद्रीय जेल संलग्न में करने का उल्लेख है। शरारती तत्वों ने इस नोटिस को फाड़ दिया है।  डीआईजी जेल एवं रायपुर सेंट्रल जेल अधीक्षक के के गुप्ता ने कहा कि बिना पूर्व सूचना के ड्यूटी से गायब वर्षा डोंगरे कहां हैं, इसकी जानकारी जेल प्रशासन को नहीं है। इसी मामले में उनका निलंबन किया गया है। निलंबन आदेश की एक प्रति उनके सरकारी आवास पर चस्पा की गई है। साथ ही एक प्रति सेवा पुस्तिका में दिए गए पते पर रजिस्ट्री के जरिए भेजी गई है।   

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 MadhyaBharat  7 May 2017

raman singh

  नक्सल मोर्चे की समीक्षा के लिए  मंत्रालय में मुख्यमंत्री डॉ.रमन सिंह की अध्यक्षता में हुई यूनीफाइड कमांड की बैठक में जिला स्तर पर यूनीफाइड कमांड बनाने का फैसला हुआ। तय हुआ कि फोर्स विकास कार्यों को पहले की तरह सुरक्षा देती रहेगी। बैठक शुरू होते ही बुरकापाल हमले में सुरक्षाबलों में तालमेल की कमी सामने आई तो आंतरिक सुरक्षा सलाहकार और यूनीफाइड कमांड में केंद्र सरकार के प्रतिनिधि के. विजय कुमार भड़क गए। उन्होंने डीजीपी से जवाब तलब किया। कहा-पड़ोसी राज्यों से तालमेल कर अभियान चलाने कहा गया है, लेकिन पुलिस उनके संपर्क में नहीं रहती। अर्धसैन्य बलों को पूरा सहयोग नहीं मिल रहा। इस पर सीएम भी नाराज हुए। अंदरूनी इलाकों में मोबाइल नेटवर्क न होने की शिकायत पर सीएम ने बीएसएनएल अफसरों को तलब कर खरी-खोटी सुनाई। सुरक्षा बलों की दिक्कतों और उनकी जरूरतों पर चर्चा हुई। समस्याओं की राज्य व केंद्र स्तर की अलग-अलग सूची बनाई गई। बैठक में पहली बार रेलवे के अधिकारियों को भी बुलाया गया था। बैठक में यूनीफाइड कमांड के उपाध्यक्ष गृह मंत्री रामसेवक पैकरा, मुख्य सचिव विवेक ढांड, एसीएस एन बैजेंद्र कुमार, एमके राउत, पीएस अमन सिंह, सचिव सुबोध सिंह, डीजीपी एएन उपाध्याय, स्पेशल डीजी नक्सल ऑपरेशन डीएम अवस्थी, सीआरपीएफ, आरएपी, सीआईएसएफ के डीजी, बीएसएफ के एडिशनल डीजी, एसआईबी, आईटीबीपी, गृह मंत्रालय के डायरेक्टर, आर्मी के कर्नल, एयरफोर्स के एयर कमाडोर, प्रशासन के अफसर उपस्थित थे। सीएम ने कहा कि जिलों में एसपी की अध्यक्षता में यूनीफाइड कमांड बनाएं जिसमें अर्धसैन्य बलों के अफसरों को भी शामिल करें। ताकि केंद्र व राज्य मिलकर इस चुनौती का सामना कर पाएं। सुकमा व बीजापुर में केंद्र व राज्य के जवानों के संयुक्त प्रशिक्षण के लिए जंगलवार स्कूल बनाएं। जहां एक साथ जवानों को 3 दिन विशेष प्रशिक्षण दिया जाए, जिससे तालमेल बढ़े। कहा-सभी सुरक्षा बलों को अपने कार्यक्षेत्र की भौगोलिक जानकारी हो। हथियारबंद नक्सलियों और उनके समर्थकों की पूरी सूचना होनी चाहिए। नक्सल विरोधी अभियानों में कार्यरत सभी अधिकारियों कर्मचारियों को इन अभियानों की वीडियो फुटेज दिखाई जानी चाहिए। उन्होंने नक्सल इलाकों मेंं शिक्षा और विकास की जरूरत पर जोर दिया।

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 MadhyaBharat  6 May 2017

aaykar

छत्तीसगढ़ में आयकर की टीम ने चार समूहों की जांच में 150 करोड़ की टैक्स चोरी पकड़ी है। तीन दिन चली कार्रवाई के बाद ग्रीनवुड होटल और शुक्ला किचन के संचालकों ने छह करोड़ 70 लाख स्र्पए सरेंडर किए हैं। मुख्य आयकर आयुक्त केसी घुमरिया ने बताया कि ग्रीनवुड के दस्तावेजों की जांच चल रही है। विभाग को अनुमान है कि कंपनी ने 15 करोड़ से ज्यादा की टैक्स चोरी की है। घुमरिया ने बताया कि कंपनी ने आय से ज्यादा निवेश दिखाया है। कैपिटल गेन टैक्स की चोरी के भी दस्तावेज मिले हैं। जमीनों की खरीदी और बिक्री में बड़े पैमाने पर अनियमितता मिली है। उन्होंने बताया कि बिलासपुर के हरिओम ग्रुप में 70 करोड़ की टैक्स चोरी पकड़ी गई है। इसमें 48 करोड़ स्र्पए चावल सप्लाई में बोगस बिलिंग के पकड़ में आए हैं। शेयर कैपिटल में 12 करोड़ स्र्पए की टैक्स चोरी की गई है। हरिओर समूह की जांच पूरी हो गई है। हरिओम समूह के संचालकों ने बोगल बिल का कारोबार करने वालों से कोलकाता की कंपनियों से बिल लिए हैं। इन कारोबारियों के खिलाफ आयकर की टीम ने पिछले साल कार्रवाई की थी। इन बिलों की जांच के लिए विभाग ने कोलकाता आयकर की टीम को पत्र लिखा है। उन्होंने बताया कि भगवती स्टील एंड पावर मंे 50 करोड़ की टैक्स चोरी की है। इसकी जांच भी कोलकाता की टीम को सौंपी गई है। सार्थक समूह के संचालक आयकर की टीम को जवाब नहीं दे रहे हैं। घुमरिया ने बताया कि कंपनी के डायरेक्टर विदेश दौरे पर हैं। संभवत: गुस्र्वार को वे रायपुर आ जाएंगे, इसके बाद ही सही जानकारी मिल पाएगी। उन्होंने बताया कि छह-सात करोड़ की फैक्ट्री खरीदी है, जिसके दो एग्रीमेंट भी मिले हैं। शेयर कैपिटल, शेयर प्रिमियम में निवेश के दस्तावेज मिले हैं। समूह के संचालकों का आयकर की टीम ने देर रात तक बयान दर्ज किया। सभी से मुख्य आयकर कार्यालय में जांच चल रही है।  

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 MadhyaBharat  4 May 2017

aaykar

छत्तीसगढ़ में आयकर की टीम ने चार समूहों की जांच में 150 करोड़ की टैक्स चोरी पकड़ी है। तीन दिन चली कार्रवाई के बाद ग्रीनवुड होटल और शुक्ला किचन के संचालकों ने छह करोड़ 70 लाख स्र्पए सरेंडर किए हैं। मुख्य आयकर आयुक्त केसी घुमरिया ने बताया कि ग्रीनवुड के दस्तावेजों की जांच चल रही है। विभाग को अनुमान है कि कंपनी ने 15 करोड़ से ज्यादा की टैक्स चोरी की है। घुमरिया ने बताया कि कंपनी ने आय से ज्यादा निवेश दिखाया है। कैपिटल गेन टैक्स की चोरी के भी दस्तावेज मिले हैं। जमीनों की खरीदी और बिक्री में बड़े पैमाने पर अनियमितता मिली है। उन्होंने बताया कि बिलासपुर के हरिओम ग्रुप में 70 करोड़ की टैक्स चोरी पकड़ी गई है। इसमें 48 करोड़ स्र्पए चावल सप्लाई में बोगस बिलिंग के पकड़ में आए हैं। शेयर कैपिटल में 12 करोड़ स्र्पए की टैक्स चोरी की गई है। हरिओर समूह की जांच पूरी हो गई है। हरिओम समूह के संचालकों ने बोगल बिल का कारोबार करने वालों से कोलकाता की कंपनियों से बिल लिए हैं। इन कारोबारियों के खिलाफ आयकर की टीम ने पिछले साल कार्रवाई की थी। इन बिलों की जांच के लिए विभाग ने कोलकाता आयकर की टीम को पत्र लिखा है। उन्होंने बताया कि भगवती स्टील एंड पावर मंे 50 करोड़ की टैक्स चोरी की है। इसकी जांच भी कोलकाता की टीम को सौंपी गई है। सार्थक समूह के संचालक आयकर की टीम को जवाब नहीं दे रहे हैं। घुमरिया ने बताया कि कंपनी के डायरेक्टर विदेश दौरे पर हैं। संभवत: गुस्र्वार को वे रायपुर आ जाएंगे, इसके बाद ही सही जानकारी मिल पाएगी। उन्होंने बताया कि छह-सात करोड़ की फैक्ट्री खरीदी है, जिसके दो एग्रीमेंट भी मिले हैं। शेयर कैपिटल, शेयर प्रिमियम में निवेश के दस्तावेज मिले हैं। समूह के संचालकों का आयकर की टीम ने देर रात तक बयान दर्ज किया। सभी से मुख्य आयकर कार्यालय में जांच चल रही है।  

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 MadhyaBharat  4 May 2017

sharad yadav

रायपुर में  पूर्व केन्द्रीय मंत्री और जदयू के वरिष्ठ नेता शरद यादव ने तीन तलाक के मुद्दे पर मोदी सरकार को आड़े हाथ लिया। उन्होंने कहा कि पहले हिंदू समाज की बुराई दूर करो, उसके बाद दूसरी तरफ झांको। उन्होंने कहा कि देश में मां, बहन, बेटियों को घरों में कैद करके रखा गया है, इसी वजह से तरक्की नहीं हो रही है। उन्‍होंने चीन का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां महिलाओं को पूरी आजादी है, इसी वजह से वह तरक्की कर रहा है। उन्होंने कहा कि मोदी ने हर साल दो करोड़ नौकरी देने का वादा किया था, लेकिन तीन साल में कितनों को नौकरी मिली? उन्होंने कहा कि जो सरकार वादा पूरा न करे उसे बदल देना चाहिए। यादव छत्तीसगढ़ के प्रवास पर रायपुर पहुंचे हैं। राजधानी स्थित छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स के सभागार में रविवार को आयोजित व्याख्यान में यादव ने आदिवासियों की खराब स्थिति का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि देश में 11 करोड़ आदिवासी हैं। सारी खनिज संपदा उनका है, जिसे लोग हथियाने की कोशिश कर रहे हैं। यादव ने राज्य सरकार पर भी हमला बोला। यादव ने कहा कि आदिवासियों की सबसे ज्यादा तबाही छत्तीसगढ़ में हुई है और उसका भी ठिकाना बस्तर है। उन्होंने इस बात पर चिंता जताई कि मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ का पानी उद्योग ले जा रहे हैं। 10 साल से ज्यादा यहां रमन सिंह की सरकार है और सबसे ज्यादा जवान यहीं शहीद हो रहे हैं। यादव ने कहा कि हिन्दू धर्म में कोई अंदर आ ही नहीं सकता, केवल जा सकता है। कोई हिन्दू बनना चाहेगा तो किस जाति में शामिल होगा? कोई अपनी जाति में शामिल नहीं होने देगा। यादव ने कहा कि देश को गोली से नहीं, बोली से चलाना चाहिए।  

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 MadhyaBharat  1 May 2017

raman singh

  मुख्यमंत्री रमन सिंह ने सुकमा जिले में नक्‍सली हमले पर अपनी पहली प्रतिक्रिया में कहा है कि ऐसी घटनाओं से जवान पीछे नहीं हटेंगे। दिल्ली दौरा अधूरा छोड़कर लौटे सीएम ने मीडिया को इस पूरे हमले का विवरण देते हुए मारे गए जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि घायल जवानों का बेहतर उपचार किया जाएगा। इस हमले में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के 26 जवान मारे गए हैं। सीएम ने कहा कि यह हमला नक्सलियों की कायरता का प्रतीक है। हमारे जवान उस क्षेत्र में काम करते रहेंगे और अपने कदम पीछे नहीं खीचेंगे। रमन सिंह ने कहा कि सुकमा और दोरनापाल नक्‍सलियों की मौजूदगी की दृष्टि से काफी संवेदनशील है। यहां सुरक्षाबलों पर खासा दबाव रहता है। नक्सली जानते हैं कि क्षेत्र में सड़क बन जाने से उनकी कमर टूट जाएगी इसलिये वे इस तरह के हमलों को अंजाम देते हैं। उन्होंने कहा कि यह घटना काफी गंभीर है। हम सब शहीदों के परिजनों के साथ हैं। आने वाले समय में हमारे जवानों को और सतर्क रहकर काम करना होगा। नक्सलियों के खिलाफ हम अब सबसे बड़ी लड़ाई लड़ रही हैं।  

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 MadhyaBharat  24 April 2017

raman singh

नीति आयोग की बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने छत्तीसगढ़ में कौशल उन्नयन  और स्वच्छ भारत मिशन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने प्रजेंटेशन दिया। मुख्यमंत्री ने विजन डाक्यूमेंट 2030 के तहत सरकार के पांच सूत्रीय एजेंडे में बताया कि सरकार का फोकस गरीबी निवारण और भूख से मुक्ति के साथ पोषण पर है। पंचायतों को मजबूत करने, सभी को स्वास्थ्य सुविधा, शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने, सबको साफ पानी उपलब्ध कराने और अधोसंरचना मजबूत करने पर जोर है। नीति आयोग की शासी परिषद (गवर्निंग काउंसिल) की बैठक में डॉ. रमन ने बताया कि नक्सल प्रभावित क्षेत्र के 20 हजार युवाओं को कौशल प्रशिक्षण दिया गया और अब उनके सामने रोजगार का संकट नहीं है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत छत्तीसगढ़ में स्वच्छता का कवरेज बढ़कर 84 प्रतिशत हो गया है और 2 अक्टूबर 2017 तक छत्तीसगढ़ खुले में शौच से मुक्त राज्य बन जाएगा। उन्होंने दूरस्थ आदिवासी क्षेत्रों में इंटरनेट और मोबाइल कनेक्टिविटी बढ़ाने की भी कार्ययोजना बताई। उन्होंने प्रधानमंत्री से बेसलाइन सर्वेक्षण में राज्य में अनुपयोगी शौचालयों को उपयोगी बनाने के लिए स्वच्छ भारत कोष के तहत राशि स्वीकृत करने की मांग की।  मुख्यमंत्री ने देश के लिए एक कर नीति का समर्थन करते हुए कहा कि जीएसटी के क्रियान्वयन में हम तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। सुझाव दिया कि जीएसटीएन द्वारा तैयार ई-पोर्टल को व्यवसायियों के लिए सुगम और सरल बनाया जाए।  

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 MadhyaBharat  23 April 2017

डॉ. रमन सिंह

  भाजपा की प्रदेश कार्यसमिति में सीएम डॉ. रमन सिंह ने 'बैक टू बूथ' का नारा दिया। बैठक के दूसरे दिन उन्होंने कहा कि चौथी पारी के लिए कार्यकर्ताओं को दौड़ना होगा। पहली 3 रेस मेरे नाम पर जीत ली गई, लेकिन अब 400 मीटर दौड़ जीतना चुनौती है। इसे कार्यकर्ता ही लांघ सकते हैं। कम से कम एक साल के लिए कमीशन छोड़ दो, 30 साल तक बीजेपी सरकार को कोई हिला नहीं पाएगा। यदि करोड़ों खर्च कर पुल बनाते हैं और वह गिर जाए तो ये गुड गवर्नेंस नहीं कहलाएगा। सरकारी योजनाओं से नहीं सुशासन से वोट बैंक बढ़ेगा। डॉ. सिंह ने बताया कि पं. दीनदयाल उपाध्याय जन्म शताब्दी वर्ष में विशेष लोगों वाले लेटरहेड छपवाए जाएंगे, जिनका इस्तेमाल सांसद से लेकर जनपद तक होगा। सौदान सिंह ने कहा कि भाग्य के भरोसे बार-बार जीत नहीं मिलती। इस बार जीतना है तो मेहनत करनी होगी। लोकसुराज की तर्ज पर कार्यकर्ताओं के लिए अभियान चलाना होगा। संगठन पदाधिकारी गांव-गांव जाकर उनकी समस्याएं सुलझाएं और नाराजगी दूर करें।  

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 MadhyaBharat  22 April 2017

छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ के बेरोजगार युवाओं के लिए अगले साल की शुरुआत में नौकरियों का पिटारा खुलेगा। चुनावी साल में सरकार युवाओं को लुभाने के लिए बड़े पैमाने पर सरकारी नौकरियों में भर्ती करने की तैयारी कर रही है। अनुमान के मुताबिक प्रदेश में कनिष्ठ स्तर के करीब 10 हजार पद खाली पड़े हैं। मध्यप्रदेश के जमाने से जिन पदों को नहीं भरा गया है उन पदों पर भी अब नई नियुक्तियां की जाएंगी। सहायक ग्रेड-3 से लेकर प्रयोगशाला सहायक और वेटनरी फील्ड असिस्टेंट जैसे पदों पर अवसरों की भरमार होने की संभावना मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी बता रहे हैं। जीएडी ने प्रदेश के सभी सरकारी विभागों से रिक्त पदों की जानकारी मांगी है। इन सभी पदों के लिए संयुक्त अर्हता परीक्षा का आयोजन किया जाएगा। परीक्षा में क्वालीफाई करने वालों को चुनाव के ऐन पहले नौकरी मिल जाएगी। प्रदेश में पिछले कुछ सालों से संविदा में नियुक्तियां ही होती रही हैं। वन विभाग, पीडब्ल्यूडी, पीएचई और स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण विभागों में चतुर्थ श्रेणी के पदों पर दैनिक वेतनभोगियों से काम चलाया जा रहा है। अब इन पदों पर स्थाई नियुक्ति का मन सरकार ने बना लिया है। सामान्य प्रशासन विभाग ने विभागवार रिक्तियों की जानकारी भी मांगी है। खेल विभाग ने भी खेल कोटे से किन विभागों में कितने पद रिक्त हैं, इसकी जानकारी मांगी है। सभी विभागों में रिक्त पद चुनाव से पहले भरे जाएंगे। अफसरों ने बताया कि राज्य सरकार छत्तीसगढ़ कनिष्ठ सेवा परीक्षा का आयोजन करेगी। इसमें सफल उम्मीदवारों को विभागों में रिक्त विभिन्न पदों पर उनकी योग्यता के मुताबिक नौकरी दी जाएगी। व्यावसायिक परीक्षा मंडल इस परीक्षा का आयोजन करेगा और अंतिम सूची जारी करेगा। मंडल पात्र अभ्यर्थियों के नाम सभी विभागों, संस्थाओं, निगमों, आयोग, स्वायत्तशासी निकाय, सोसाइटी, सहकारी बैंकों को भी सफल उम्मीदवारों के नाम भेजेगा। समूह-1- सहायक संचालक मंडी, सचिव-अ, बी प्रमाणीकरण अधिकारी, बीज रोग विशेषज्ञ, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी। सहायक सांख्यिकी अधिकारी, वरिष्ठ अनुसंधान सहायक, मेडिकल सोशल वर्कर, प्रबंधक, अधीक्षक सह लेखापाल आदि। समूह-2- सहायक कृषि विस्तार अधिकारी, सहायक उद्यान विकास अधिकारी, भू संरक्षण अधिकारी, भू संरक्षण सर्वे अधिकारी, प्रक्षेत्र विस्तार अधिकारी, वरिष्ठ उत्पादन सहायक, मंडी निरीक्षक, मंडी सचिव। कनिष्ठ अंकेक्षक, सहायक संपरीक्षक, लेखापाल, ऑडिटर। प्रयोगशाला तकनीशियन, सेम्पलर, रसायनज्ञ, बायोकेमिस्ट, कनिष्ठ रेशम निरीक्षक, डायटीशियन, औषधि निरीक्षक, ग्राम सुरक्षा अधिकारी,कम्प्यूटर प्रोग्रामर, श्रम निरीक्षक, सहायक जन संपर्क अधिकारी, सहायक ग्रेड-1 आदि। समूह-3- उप अभियंता मैकेनिकल, सिविल, विद्युत, यांत्रिक सहायक, राजस्व निरीक्षक, वरिष्ठ भूमापक, सर्वेयर, सहायक मानचित्रकार आदि। समूह-4- सहायक ग्रेड-3, स्टेनो टाइपिस्ट, आशुलिपिक, शीघ्रलेखक, आईटी ऑपरेटर, स्टोर कीपर, पंजीयन लिपिक, डाटा इंट्री ऑपरेटर, इलेक्ट्रीशियन, कैशियर, निज सचिव आदि। समूह-5- लैब टेक्नीशियन चिकित्सा, सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारी, नर्स, लैब असिस्टेंट, रेडियोग्राफर, ड्रेसर, सहायक स्टीवर्ड, ईसीजी टेक्नीशियन, मॉडलर, फिजियोथेरेपिस्ट आदि। समूह-6- कर्मशाला निदेशक, कुशल सहायक, तकनीकी सहायक, डिमांस्ट्रेटर, मेंटेनेंस तकनीशियन, जूनियर इंस्ट्रक्टर, प्रयोगशाला परिचारक आदि। जीएडी ने सभी विभागों से कहा है कि 30 सितंबर से पहले व्यावसायिक परीक्षा मंडल को मांगपत्र भेज दें। ऐसे पदों को भी शामिल करने को कहा गया है जो अगले साल रिक्त होने वाले हैं। संयुक्त अर्हता परीक्षा अब हर साल आयोजित की जाएगी। सामान्य प्रशासन विभाग के अवर सचिव एमआर ठाकुर ने कहा कि कनिष्ठ सेवाओं में भर्ती के लिए छत्तीसगढ़ कनिष्ठ सेवा भर्ती परीक्षा हर साल आयोजित की जाएगी। विभागों से रिक्त पदों की जानकारी मांगी गई है।  

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 MadhyaBharat  19 April 2017

 टीएस सिंहदेव

  रायपुर में  नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव ने गृहमंत्री रामसेवक पैकरा को मंत्रिमंडल से हटाने की मांग मुख्यमंत्री से की है। सिंहदेव ने कहा कि हाईकोर्ट ने पैकरा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति और स्वेच्छानुदान में गड़बड़ी मामले की जांच लोक आयोग को सौंपने का निर्देश दिया है। इससे साफ है कि पैकरा पर लगे आरोपों की प्रथम दृष्टया पुष्टि हो गई है। ऐसे में पैकरा को अपने पद पर बने रहने का कोई अधिकार नहीं है। सिंहदेव ने कहा कि इस मामले को कोर्ट ले वाले वकील डीके सोनी को पैकरा अपने पद का इस्तेमाल कर धमका रहे हैं। ऐसे में गृहमंत्री जैसे पद पर रह कर वे जांच को भी प्रभावित कर सकते हैं। अत: तत्काल उन्हें मंत्रिमंडल से हटा देना चाहिए।  

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 MadhyaBharat  11 April 2017

aag

रायपुर रेलवे स्टेशन की पार्किंग में आज भयंकर आग लग गयी। इस घटना में सैंकड़ों बाईक जलकर खाक हो गयी ,वहीं कई साइकिल भी आग में राख हो गयी। घटना दोपहर करीब 12 बारह बजे की है.. रेलवे स्टेशन की पार्किंग में एकाएक आग की लपटें उठने लगी। आग की लपटें इतनी तेज थी पार्किंग में लगी गाड़ियों को हटाने तक का मौका नहीं मिला। जिसके बाद एक-एक कर गाड़ियां धू-धकर जलने लगी। गाड़ियों में पेट्रोल भरे रहने की वजह से पूरी तरह से आग फैल गयी। आगजनी में  करीब 500 गाड़ियां जलकर खाक हो चुकी गई। जिसमें साइकिल भी शामिल है।  घटना की सूचना मिलने के बाद तत्काल मौके पर 2 फायर बिग्रेड की गाड़ियां पहुंची। फिलहाल काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू नहीं पाया जा सका है। रविवार का दिन होने की वजह से और दिनों की तुलना में आज कम गाड़ियां पार्किंग में थी.. नहीं तो और भी बड़ा हादसा हो सकता था। इस मामले में डीआरएम ने कहा- मुआवजे का कोई प्रावधान नहीं है। वहीँ पार्किंग ठेकेदार ने कहा- हम क्या कर सकते हैं। पार्किंग नियमों के तहत यह जिम्मेदारी रेलवे और ठेकेदार की होती है। 

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 MadhyaBharat  9 April 2017

टीवी न्यूज एंकर सुरप्रीत कौर

एन्कर ने पढ़ी अपने पति की मौत की खबर  छत्तीसगढ़ में एक टीवी न्यूज एंकर सुरप्रीत कौर ने ब्रेकिंग न्यूज में अपने ही पति की मौत की खबर पढ़ डाली। यह न्यूज रीडर कौर छत्तीसगढ़ के एक प्राईवेट चैनल आईबीसी-24 में काम करती है। शनिवार सुबह वह रोजाना की तरह ऑफिस आई और न्यूज बुलेटिन पढ़ने लगी। इसी दौरान महासमु्ंद जिले के पिथौरा में हुए एक सड़क हादसे की जानकारी आई तो महिला एंकर ने उसकी ब्रेकिंग न्यूज पढ़ी। हालांकि इस दौरान महिला को पता नहीं था कि इस हादसे में उसके पति की भी मौत हो गई है। इसके बाद महिला एंकर ने रिपोर्टर को फोन करके घटना की जानकारी हासिल की। रिपोर्टर ने बताया कि हादसे में व्हीकल में पांच लोग सवार थे जिसमें से तीन की मौत हो गई है। रिपोर्टर ने यह भी बताया कि मरने वाले तीन लोगों की पहचान नहीं हो सकी है।  इस दौरान महिला एंकर कौर को याद आया कि जहां ये हादसा हुआ है उसी रूट से उस वक्त उसके पति अपने चार साथियों के साथ जाते हैं।  यह खबर सुनने के बाद महिला एंकर टूट गई और न्यूज अवर खत्म करने के बाद टीवी स्टूडियो से निकल गई। महिला एंकर के साथियों का कहना है कि वह बहुत बहादुर महिला है। हमें गर्व है कि वह हमारी एंकर है लेकिन इस घटना से आज हम सभी सदमे में हैं। 28 वर्षीय कौर आईबीसी-24 न्यूज चैनल में एंकर है। कौर की शादी एक साल पहले हरशद कवादे के साथ हुई थी और ये दंपत्ति रायपुर में रहता है। कौर न्यूज अवर के बाद हादसे वाली जगह गई थी, लेकिन उसके बाद वापस ऑफिस लौटी। खबर साभार- लाइव हिन्‍दुस्‍तान

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 MadhyaBharat  8 April 2017

डॉ.रमन सिंह

मनरेगा के मजदूरों को छत्तीसगढ़ सरकार मुफ्त स्टेनलेस स्टील का टिफिन बॉक्स बांटेगी।  लोक सुराज अभियान के दौरान मुख्यमंत्री डॉ.रमन सिंह ने मजदूरों के लिए इस नई योजना की घोषणा की। उन्होंने अधिकारियों से कहा-मनरेगा के पंजीकृत मजदूरों को लंच बॉक्स बांटने की कार्ययोजना बनाएं। सरकार श्रमिकों को निशुल्क टिफिन बॉक्स इसलिए दे रही है, ताकि कार्यस्थल पर जो भोजन वे लेकर जाते हैं, वह अधिक देर तक सुरक्षित व ताजा बना रहे। उन्होंने कहा-गुरुवार को बिलासपुर के गौरखेड़ा में मेरी मुलाकात तपती दोपहरी में काम कर रही महिला मजदूर उर्मिला से हुई थी। उसने मुझे भात-आमरी भाजी और चटनी खिलाई। वह भोजन घर से बनाकर लाई थी। उसी समय मुझे लगा कि श्रमिकों को टिफिन बॉक्स देने की योजना शुरू की जाए।  

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 MadhyaBharat  8 April 2017

छत्तीसगढ़ में मीडिया दमन

अमेरिकी गृह विभाग ने भारत में मानवाधिकारों के उल्लंघन पर जारी 2016 की अपनी रिपोर्ट में छत्तीसगढ़ में मीडिया के दमन का भी जिक्र किया है। दंतेवाड़ा के पत्रकार प्रभात सिंह और दीपक जायसवाल के नाम का उल्लेख करते हुए लिखा गया है कि उन्हें सिर्फ इसलिए गिरफ्तार किया गया, क्योंकि उन्होंने सरकार की आलोचना करने वाली एक पोस्ट को सोशल मीडिया पर शेयर किया था। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि भारत में आलोचना करने पर मीडिया के अधिकारों का हनन किया जा रहा है। एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया ने अमेरिका की इस रिपोर्ट का समर्थन करते हुए कहा है कि बस्तर में पत्रकारों का लगातार दमन किया जा रहा है। ज्ञात हो कि अमेरिकी गृह विभाग की उक्त रिपोर्ट इन दिनों काफी चर्चा में है। इसमें भारत में कथित उत्पीड़न, रेप, मानवाधिकारों के हनन का जिक्र किया गया है। इसमें माओवादियों की भी आलोचना की गई है। कहा गया है कि माओवादी मासूम बच्चों का इस्तेमाल कर रहे हैं। एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया के मीडिया एंड एडवोकेसी ऑफिसर रघु मेनन ने कहा कि छत्तीसगढ़ में काम करने वाले पत्रकारों और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं को राज्य व माओवादी दोनों ओर से परेशान किया जा रहा है। यह हम कई सालों से देख रहे हैं। 2015-16 में खासकर राज्य ने उन पत्रकारों को टारगेट किया जो सरकार के बारे में आलोचनात्मक लेख लिख रहे थे। प्रभात सिंह और दीपक जायसवाल से पहले सोमारू नाग को भी ऐसे ही उत्पीड़न का सामना करना पड़ा। छत्तीसगढ़ सरकार को पत्रकारों की सुरक्षा के लिए कदम उठाना चाहिए। एनएचआरसी जैसी संवैधानिक संस्थाओं को भी ऐसे मामलों में निष्पक्ष जांच करानी चाहिए। सरकार या राज्य की आलोचना करना कोई गुनाह नहीं है। यह हमारी अभिव्यक्ति की आजादी का अहम हिस्सा है।  

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 MadhyaBharat  5 April 2017

छत्तीसगढ़ में 3146 करोड़ की गड़बड़ी का खुलासा

छत्तीसगढ़ में सरकारी तंत्र में हावी भ्रष्टाचार ने विकास का चक्का तो था ही है, सामाजिक क्षेत्रों में सरकारी लूट ने जनता का हक भी छीन लिया। विधानसभा में पेश भारत के नियंत्रक-महालेखापरीक्षक (कैग) की रिपोर्ट में प्रदेश सरकार पर पिछले 17 साल में जनता का 3146 करोड़ गड़बड़ी का खुलासा हुआ है। यह राशि बजट के बाहर जाकर व्यय की गई है, जिसका कोई हिसाब नहीं है। इसके बाद छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने कहा कि कैग  के प्रतिवेदन पर विधानसभा की लोक लेखा समिति और सार्वजनिक उपक्रम समिति जांच करेंगी। जांच और विचारोपरांत दोनों समितियों के प्रतिवेदन अभिमत सहित विधानसभा में प्रस्तुत किए जाएंगे।  सड़क, एनीकट, पुल आदि निर्माण कार्यों में तो मनमानी की ही गई है, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल जैसी बुनियादी सेवाओं में भी जमकर लूट की गई है। निर्माण कार्यों के 194 प्रोजेक्ट ऐसे हैं, जो एक से दस साल से लंबित हैं। इनमें सरकार के 5912 करोड़ रुपए बेकार हो गए। वहीं सामाजिक, आर्थिक क्षेत्र में 2183 करोड़ की अनियमितता का खुलासा कैग ने किया है। 280 एनीकट अब तक अपूर्ण हैं, जिनमें 1093 करोड़ बेकार हो गए। कैग ने 79 एनीकट का निरीक्षण किया। चार ऐसे मिले जो जल्द ही टूट जाएंगे। 48 ऐसे मिले जिनमें साल में तीन-चार महीने ही पानी रहता है। 90 फीसदी एनीकट तय समय से काफी देर से पूरे हुए, जिससे लागत कई गुना बढ़ गई। गेट न होने से 3.66 करोड़ के एनीकट अनुपयोगी हैं। 50 फीसदी मामलों में भूजल स्तर बढ़ने के बजाय और नीचे चला गया।  20 फीसदी स्कूल ही अपग्रेड हुए। 879 गांवों में अब भी प्राथमिक शाला नहीं है। 1231 गांवों में मिडिल स्कूल नहीं है। निर्माण कार्यों के लिए मिले 858 करोड़ शिक्षकों की तनख्वाह में बांटे गए। गणवेश की खरीदी में राजीव गांधी शिक्षा मिशन और डीपीआई के रेट में अंतर है। डीपीआई ने 25.29 करोड़ अतिरिक्त खर्च किया। किताब खरीदी में भी 7.1 करोड़ ज्यादा व्यय हुआ है। 9.69 करोड़ सरपंच गबन कर गए।  679 गांवों में अब भी पीएमजीएसवाय सड़क नहीं है। 33 करोड़ रुपए सड़क बनाने के बजाय अपग्रेड करने में खर्च हुए। 3 मीटर की जगह 3.75 मीटर की सड़क बना कर 9 करोड़ अतिरिक्त खर्च किया गया है। 6 सड़कों पर पुल नहीं है। काम में देरी से 21 करोड़ ज्यादा खर्च हुआ है। बिलासपुर में कंसल्टेंट ने 12 करोड़ का मेजरमेंट दिया, जबकि काम 4 करोड़ का ही हुआ है। प्रदेश में एक हजार पर एक के बजाय 17 हजार लोगों पर एक डॉक्टर है। जगदलपुर मेडिकल कॉलेज अब तक नहीं बना है, जिससे उसकी लागत 2 सौ करोड़ से बढ़कर 750 करोड़ हो गई है। स्पेशलिस्ट डॉक्टर के 963 पद स्वीकृत हैं पर राज्य में इसके चार प्रतिशत ही स्पेशलिस्ट हैं। 945 नए डॉक्टरों में से एक भी गांव नहीं गया।  पांच साल में कुल 216 पुल आठ साल तक देरी से पूरे किए गए। 127 पुलों की जांच की गई, जिनमें से 87 देर से बने, जिससे 44.81 करोड़ की हानि हुई। निर्माण शुरू करने के बाद ड्राइंग डिजाइन किया गया। 6 पुल दस साल में खराब हो गए, जबकि पुलों की आयु सौ साल होती है।  कैग की रिपोर्ट में उल्लेख है कि कांकेर में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के एक एसडीओ ने वित्तीय अधिकार का दुरुपयोग किया। खुद के नाम एक-एक लाख का चेक काटकर कुल 2 करोड़ निकाल लिए। इसे कम्प्यूटर में दर्ज नहीं किया गया। अब वह पकड़ा गया है।  16.63 करोड़ का राजस्व नहीं वसूल पाए। उद्योगों को 13 प्रकार की छूट दी गई। 44 करोड़ का पानी मुफ्त दिया। अलग-अलग विभाग छूट देते हैं पर एक-दूसरे के बारे में पता नहीं होता। जॉइंट फॉरेस्ट मैनेजमेंट की राशि जमा नहीं हुई। वैट में 14 करोड़ कम वसूले गए। जिंदल समूह से 14.14 करोड़ की रायल्टी नहीं ली गई।  कोयला, बाक्साइट, टिन और कोलंबाइट में नुकसान हुआ है। कोयला में 330 करोड़ की खदानें समय पर नहीं खुल पाईं। आयरन ओर में 6 खदान सेल के सहयोग से खुलनी थी, पर नहीं खुली। बाक्साइट में 15 खदान पर काम नहीं हुआ।  कंपनियां ब्रेवरेज कॉर्पोरेशन को लैंडिंग प्राइज देती हैं, जिसमें रेट की सौदेबाजी न करके जो दाम बताया उतना भुगतान किया। नियमानुसार लैंडिंग प्राइज देखने के बाद अन्य राज्यों से शराब की कीमत मंगाकर अध्ययन किया जाता है फिर दाम तय होता है। एल्कोहल में 65 प्रतिशत ड्यूटी लगती है। कंपनियों को 111 करोड़ का फायदा पहुंचाया गया।   

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 MadhyaBharat  31 March 2017

 मुख्यमंत्री नीतीश कुमार

  छत्तीसगढ़ में शराबबंदी के लिए जारी जन आंदोलन का बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी खुला समर्थन किया है। उन्होंने रविवार को राजधानी रायपुर आकर हजारों लोगों को शराब न पीने की शपथ दिलाई। खुले मंच से आह्वान किया कि तब तक चुप मत बैठना जब तक पूर्ण शराबबंदी न हो जाए। इससे बिहार में बड़ी सामाजिक क्रांति आई है। बदलाव हर जगह महसूस किया जा सकता है। हमें शराबबंद करने से पहले जनजागरण मुहिम चलानी पड़ी। यहां तो पहले से ही माहौल है। बंद की घोषणा करनी है बस। मैं आपके मुख्यमंत्री से मिलने जा रहा हूं। कहूंगा- वे यहां भी तुरंत शराब बंद कर दें। नीतीश कुमार धरसींवा के परसतरई में छत्तीसगढ़ मनवा कुर्मी क्षत्रिय समाज के 71वें वार्षिक सम्मेलन के बहाने शराबबंदी आंदोलन को समर्थन देने औऱ जदयू के लिए जमीन तलाशने पहुंचे थे। उन्होंने कहा शराब बंद होने से राजस्व का नुकसान होने की बात गलत है। 5 हजार करोड़ शराब से आता था। अब लोगों की जेब में 15 हजार करोड़ बच रहा है। खजाने का पैसा भी जनता का है। अब उनकी जेब में ही खजाना बन गया है। क्रय शक्ति बढ़ी है। शराबबंदी के बाद कपड़ों की बिक्री 49 प्रतिशत बढ़ी है। सिलाई मशीन की बिक्री में 19 प्रतिशत का इजाफा हुआ। लोग फटा-पुराना पहनते थे और शराब में पैसा उड़ा देते थे। गांव का वातावरण बदल गया। दूध की खपत बढ़ी, पेड़ा, रसगुल्ला बिकने लगा। यही तो सामाजिक परिवर्तन है। नीतीश ने कहा- मुख्यमंत्री डॉ.रमन सिंह का फोन आया था। अभी उनके साथ बैठूंगा। जो यहां कह रहा हूं, वही उनसे कहूंगा। कहूंगा- जल्दी शराबबंदी लागू करिए। शराबबंदी सिर्फ कानून से लागू नहीं हो सकती। इसके लिए जनचेतना जरूरी है। हमने दो महीने का अभियान चलाया। शराब बंद करने से अपराध में कमी आई, सड़क दुर्घटनाएं कम हो गईं। हर जगह सुख शांति का वातावरण है। घर परिवार में महिलाओं की इज्जत होने लगी। बच्चों का भविष्य सुरक्षित हुआ। आप भी शराब बंद कराइए। जब तक बंद न हो चैन से न बैठना। छत्तीसगढ़ को कुदरत ने भरपूर संपदा दी है। यहां के लोग शांत हैं। अगर यहां शराबबंदी हो जाए तो यह प्रदेश देश का आदर्श राज्य बन जाएगा। नीतीश ने कहा शराब बंदी का निर्णय लिया तो पीने वालों ने कई तरह के कुतर्क किए। बहुत विरोध हुआ, मुकदमेबाजी हुई। लोग कहते पर्यटक घट जाएंगे। हमने पूरी मजबूती से लागू किया। समझौता नहीं किया। आपको जानकर आश्चर्य होगा कि पर्यटक बढ़ गए। देसी- विदेशी दोनों। जो आलोचना करते थे, वही अब तारीफ कर रहे हैं। महिला सम्मेलन में एक महिला मंच से बोली-पहले वे शाम को आते तो झगड़ा करते। देखने में भी क्रूर लगते थे। अब हंसते-मुस्कराते हैं। देखने में भी अच्छे लगते हैं। हमने स्कूली बच्चों से कहा अपने पिता से शपथ-पत्र भरवाएं। 1 करोड़ 19 लाख शपथ-पत्र मिले। 9 लाख वाल पेंटिंग की। 25 हजार नुक्कड़ नाटक करवाए। माहौल बन गया। पहले सोचा था गांव में बंद करेंगे। 1 अप्रैल 2016 से बंद किया। उसी दिन से शहरों में दुकानों का विरोध होने लगा। जनता जाग चुकी थी। 5 अप्रैल से पूर्ण शराबबंदी कर दी। कई दूसरे राज्यों में शराबबंदी हुई फिर वापस हो गई। इसी से मन में दुविधा थी। एक सम्मेलन में महिलाओं ने कहा-बंद करो। बस वहीं दुविधा खत्म हो गई। मंच से घोषणा की- अब सरकार आई तो शराब बंद। नीतीश ने कहा- राजनीति करने नहीं आया हूं, लेकिन गुजरात जैसी शराबबंदी का क्या फायदा। अगर मेडिकल सर्टिफिकेट पर शराब बिकेगी तो उसके लिए भी दुकान खोलनी ही पड़ेगी। दुकान होगी तो पिछले दरवाजे से भी शराब बिकेगी। उन्होंने केंद्रीय मंत्री रामकृपाल यादव के हाल के छत्तीसगढ़ दौरे पर बिना उनका नाम लिए कहा-हमारे यहां के एक सज्जन हैं, जिन्हें लालू ने बनाया। अभी वे यहां आए तो उल्टा-सीधा बोलकर गए। ऐसे लोगों के दुष्प्रचार में न पड़ना। मैं तो सरकार से कह रहा हूं कि अपना प्रतिनिधिमंडल हमारे यहां भेजें। अपनी मर्जी से किसी भी गांव जाएं और देखें शराबबंदी का क्या असर है।  

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 MadhyaBharat  27 March 2017

 शराबबंदी की शपथ दिलाएंगे नीतीश कुमार

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार रविवार को छत्तीसगढ़ के 50 हजार लोगों को शराबबंदी की शपथ दिलाएंगे। धरसींवा तहसील के परसतराई गांव में मनवा कुर्मी समाज ने शराबबंदी संकल्प का कार्यक्रम रखा है, जिसमें वे शामिल होंगे। उनके साथ बिहार कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष और मंत्री अशोक चौधरी भी आएंगे। जनता दल (यू) के राष्ट्रीय सचिव अखिलेश कटियार ने बताया कि दोपहर एक बजे नीतीश कुमार और मंत्री चौधरी विशेष विमान से पहुंचेंगे। यहां कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल समेत कांग्रेस के अन्य नेता और जदयू के नेता नीतीश कुमार और चौधरी का स्वागत करेंगे। एयरपोर्ट से दोनों अतिथि सरकारी गेस्ट हाउस पहुना शंकरनगर आएंगे। गेस्ट हाउस में जदयू के पदाधिकारियों से मिलेंगे। पीसीसी अध्यक्ष के बंगले में भोजन करने के बाद ग्राम परसतराई के लिए रवाना होंगे, जहां दोपहर दो बजे पहुंचने का समय तय हुआ है। शाम पौने चार बजे नीतीश और चौधरी कार्यक्रम से निकलेंगे और तेलीबांधा स्थित गुस्र्द्वारा में मत्था टेकने पहुंचेंगे। इसके बाद एयरपोर्ट पहुंचकर पटना के लिए रवाना होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने नीतीश कुमार से फोन पर चर्चा कर चाय के लिए सीएम हाउस का निमंत्रण दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. सिंह ने मीडिया को बताया कि नीतीश कुमार ने लौटते समय सीएम हाउस आने की हामी भर दी है। सीएम ने कहा कि बिहार के शराबबंदी फार्मूले का अध्ययन करने के लिए छत्तीसगढ़ से टीम भेजी जाएगी।  

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 MadhyaBharat  25 March 2017

income tax

छत्तीसगढ़ में काला धन जमा करने वाले कारोबारियों पर आयकर विभाग ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। आयकर विभाग ने प्रदेश के नौ शहरों में 15 अलग-अलग कारोबारियों के ठिकानों पर बुधवार को एक साथ सर्वे की कार्रवाई शुरू की। मुख्य आयकर आयुक्त केसी घुमरिया ने नईदुनिया को बताया कि नोटबंदी के दौरान खातों में लाखों रुपए जमा करने वालों के खिलाफ विभाग ने कार्रवाई शुरू की है। इसके तहत रायपुर सहित बिलासपुर, राजनांदगांव, भिलाई, महासमुंद, कांकेर, जगदलपुर, बेमेतरा और भाटापारा में कार्रवाई की गई है। आयकर विभाग के आला अधिकारियों ने बताया कि बस्तर के कारोबारियों पर पहली बार कार्रवाई हो रही है। आदिवासी बहुल कांकेर और जगदलपुर के रियल एस्टेट और सराफा कारोबारी कार्रवाई जद में आए हैं। नोटबंदी के दौरान मनमाने पैसा जमा करने पर देशभर के 12 लाख कारोबारियों से जवाब मांगा गया था। लेकिन अधिकांश कारोबारियों ने जवाब नहीं दिया। इनमें सबसे ज्यादा सराफा और रियल एस्टेट कारोबारी हैं। कई कारोबारियों ने बोगस कंपनियां बनाकर करोड़ों स्र्पए जमा किए हैं। बोगस कंपनी संचालकों की ओर से कोई जवाब नहीं आया। अब ऐसी कंपनियों की भी जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों ने बताया कि कई बोगस कंपनियों के पते की जांच की गई। राजधानी सहित राजनांदगांव और बिलासपुर में बोगस कंपनियों के पते पर टीम पहुंची तो कंपनी मिली ही नहीं। आसपास के लोगों ने ऐसी कोई कंपनी नहीं होना बताया। ये सभी जांच की जद में हैं। नोटबंदी के बाद आयकर की टीम ने आठ सर्वे किए, जिनमें कारोबारियों ने 15 करोड़ की अघोषित आय सरेंडर की है। रायपुर, राजनांदगांव और तिल्दा में जांच पूरी हुई है। अधिकारियों ने बताया कि राजनांदगांव के बरड़िया ज्वेलर्स में 1 करोड़ 70 लाख स्र्पए सरेंडर किए हैं। आयकर इन्वेस्टिगेशन विंग ने मार्च में चार सर्वे किए, जिनमें कारोबारियों ने छह करोड़ स्र्पए सरेंडर किए हैं। सीसीआईटी केसी घुमरिया ने बताया कि इस वर्ष 4200 करोड़ के राजस्व वसूली का टारगेट है, जिसमें से अब तक 2800 करोड़ की वसूली हो गई है। उन्होंने कहा कि 31 मार्च तक सर्वे की कार्रवाई में तेजी रहेगी।  

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 MadhyaBharat  16 March 2017

 बाबूलाल के प्रमोशन की जाँच शुरू

आईएएस बाबूलाल अग्रवाल की डीपीसी  को लेकर अब खुलासा हुआ है कि विधि विभाग के प्रमुख सचिव ने इस पर दो बार आपत्ति जताई थी। तब सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) ने महाधिवक्ता (एजी) से सकारात्मक अभिमत ले, उनको पदोन्नति देकर प्रमुख सचिव बना दिया। सीबीआई ने इस मामले की भी जांच शुरू कर दी है। आईएएस अग्रवाल के ठिकानों पर 2012 में आयकर का छापा, फिर सीबीआई में आपराधिक प्रकरण दर्ज होने के बाद सरकार ने उन्हें निलंबित कर दिया था। पदोन्नति भी रोक दी गई। इसके बावजूद जीएडी ने अग्रवाल की पदोन्नति के लिए पहले तो विधि विभाग के प्रमुख सचिव सामंत रे से राय मांगी। रे ने आपराधिक प्रकरण होने से आपत्ति कर दी। जीएडी ने दूसरी बार तर्क बदलकर फिर से राय मांगी, तब भी रे ने आपत्ति की। इस पर जीएडी ने सीधे हाईकोर्ट महाधिवक्ता जेएस गिल्डा को पत्र भेजा। गिल्डा ने भी मंशा के अनुरूप सकारात्मक अभिमत दे दिया। आईएएस बाबूलाल की न्यायिक अभिरक्षा 17 मार्च को खत्म हो रही है। सीबीआई पटियाला हाउस कोर्ट में उनके नार्को टेस्ट के लिए आवेदन कर सकती है। अभी तक पूछताछ और जांच में सीबीआई के हाथ कोई ठोस सबूत नहीं आया है, जिससे साबित हो कि बाबूलाल ने पीएमओ को रिश्वत देने की कोशिश की है। इधर 21 फरवरी को बिलासपुर हाईकोर्ट के जज ने बाबूलाल की जमानत याचिका पर सुनवाई से इनकार कर दिया था। 17 मार्च को अग्रवाल परिवार दोबारा जमानत आवेदन लगाने की तैयारी में है।

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 MadhyaBharat  15 March 2017

रायपुर  टमाटर  होली

रायपुर में चल रहे ला-टेमाटिना फेस्टिवल मतलब टमाटर की होली। जिंदगी न मिलेगी दोबारा फिल्म के गाने के बोल पर थिरक रहे टीन एजर्स रायपुर के हैं। होली के एक दिन पहले स्पेन की तर्ज पर रायपुर में भी ला-टेमाटिना फेस्टिवल आयोजित किया गया। रितिक रोशन, करण जोहर और अभय देवल की फिल्म जिंदगी न मिलेगी दोबारा से यह फेस्टिवलस इंडिया में लोकप्रिय हुआ था। तब से मेट्रो सिटीज में इस प्रकार के इंवेट आए दिन होते हैं, लेकिन रायपुर में ऐसा इवेंट चार साल बाद आयोजित किया गया। इंवेट में एंट्री फीस कपल्स के लिए 700 रुपए थी, अकेले आने वालों के लिए 400 रुपए। होली खेलने के लिए 5 हजार किलो टमाटर को पहले अच्छी तरहा हाथों से मसला गया, ताकि किसी को चोट न लगे। आयोजक हेमंत ने बताया कि इमसें भाग लेने वाले एक दूसरे पर मसले हुए टमाटर फेंकते हैं, फिसलते हैं। स्पेन के बुनोल में ला-टेमाटिना अगस्त में मनाया जाता है। लेकिन उन्होने भारत में मनाए जाने वाले रंगों के त्योहार होली के ठीक एक दिन पहले इंवेट आयोजित करने का प्लान बनाया। शहर के लगभग 500 युवा सुबह से शाम तक हिंदी और अंग्रेजी गानों में टमाटर के बीच एजॉय करते रहे।  

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 MadhyaBharat  14 March 2017

छत्तीसगढ़ का बजट

 45 लाख लोगों को मुफ्त दिए जाएंगे स्मार्टफोन रायपुर में  मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह बतौर वित्त मंत्री अपना 11वां बजट पेश किया । सीएम ने कहा कि हमारा बजट अंत्योदय पर केंद्रीत है। सूचना क्रांति के लिए इस बजट में 45 लाख लोगों को मुफ्त स्मार्टफोन उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने कहा शिक्षा के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ दूसरा स्थान रखा है। रायपुर में दिव्यांग महाविद्यालय की स्थापना की जाएगी। सीएम ने कहा कृषि क्षेत्र में प्रदेश में 5.87 प्रतिशत की ग्रोथ हुई है। सीएम डॉ सिंह ने कहा कि पीडीएस की दिशा में छत्तीसगढ़ में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। दिव्यांगों को चिकित्सा बीमा कराने के लिए प्रीमियन की राशी दी जाएगी। प्रदेश में जैविक मिशन कृषि के लिए 25 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। अल्पकालीन कृषि लोन के लिए 197.30 करोड़ का प्रावधान है। भाटापारा कृषि महाविद्यालय में 100 सीट का छात्रावास खोला जाएगा। नारायणपुर में नया कृषि विद्यालय खोला जाएगा। सीएम ने कहा कि प्रदेश में पशु रेस्क्यु ऑपरेशन चलाया जाएगा। सीएम ने दावा किया कि प्रदेश में कुपोषण में 10 फीसदी की कमी आई है। सीएम ने कहा कि छत्तीसगढ़ में आधुनिक अधोसंरचना के लिए 14 करोड़ का प्रावधान है। प्रदेश में 25 नए पशु चिकित्सालय खोले जाएंगे। युवा को आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास किया जा रहा है। 8 लाख 40 हजार कामगारों का पंजीयन किया जाएगा। इस वर्ष उज्जवला योजना के तहत 35 लाख गैस कनेक्शन देने का प्रावधान है। बालोद और कोंडागांव में 100-100 बिस्तर का जच्चा-बच्चा अस्पताल खोले जाएंगे। बीजों के लिए 81 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। जिलों में पशु अनुसंधान प्रयोगशाला खोली जाएंगी। सीएम ने कहा कि प्रदेश में गेहूं उत्पादन में 12 सालों में 39 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। खाद्यान्न सहायता योजना में 3 हजार करोड़ का प्रावधान है। मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बीमा योजना की राशि 30 हजार से बढ़ाकर 50 हजार की गई है। नया रायपुर और बीजापुर में केंद्रीय विद्यालय खोला जाएगा। शहीद वीर नारायण की स्मृति में रायपुर में संग्रहालय और स्मारक बनाया जाएगा। कबीरधाम में 500 और कोंडागांव में 100 सीट पोस्ट मैट्रिक छात्रावास बनाया जाएगा। कठघोरा में 50 बिस्तर का जच्चा बच्चा हॉस्पिटल खोला जाएगा। प्रदेश के 26 जिलो में सखी वन स्टॉप सेंटर की शुरुआत होगी। नि:शक्तजन छात्रवृत्ति की राशि दोगुनी की जाएगी। कृषि क्षेत्र के लिए 10,433 करोड़ रुपए का प्रावधान है। कुपोषण से मुक्ति के लिए 1,333 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। कैंस हॉस्पिटल मनेंद्रगढ़ के लिए 10.50 करोड़ का प्रावधान है। 68 करोड़ रुपए मेडिकल कॉलेज में उपकरणों के लिए देने का प्रावधान है। प्रदेशभर में 10 करोड़ पौधा रोपण का लक्ष्य है। प्रदेश में पोषण पुनर्वास के लिए 15 केंद्र खुलेंगे। स्कूलों के उन्नयन के लिए 51 करोड़ रुपए का प्रावधान है। 9 जिलो में जवाहर नवोदय विद्यालय बनाए जाएंगे। सिंचाई के लिए किसानों को मुफ्त बिजली दी जाएगी। 40 करोड़ रुपए का गन्ना बोनस किसानों को दिया जाएगा। गन्ने पर 50 रुपए प्रति क्विंटल बोनस दिया जाएगा। सिंचाई के लिए 5242 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। जंगल सफारी में 33 प्रकार के पशु होंगे। महिला एवं बाल विकास विभाग में बेटी बचाओं बेटी पढ़ाओं योजना में 50 करोड़ रुपए का प्रावधान। सीएम ने बजट भाषण में कहा कि सस्ती हवाई सेवा के लिए 10 करोड़ का प्रावधान किया गया है। आगामी सत्र में 11वीं में एनसीईआरटी की किताबों से पढ़ाने का प्रावधान है। प्रदेश में 3 सिंचाई परियोजनाओं के लिए 200 करोड़ रुपए का प्रावधान है। रायपुर स्टेशन से एयरपोर्ट नैरोगेज लाइन पर फोर लेन की मंजूरी दी गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क के लिए 640 करोड़ रुपए। प्रदेश में 200 करोड़ रुपए में रेलवे ओवरब्रिज बनेंगे। सड़क और पुल निर्माण के लिए 5063 करोड़ का प्रावधान है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 16 फीसदी ज्यादा है। बस्तर क्षेत्र में 2,400 किमी की सड़क का निर्माण किया जाएगा। नक्सल प्रभावित बस्तर क्षेत्र में 146 मोबाइल टावर और 800 किमी ऑप्टिकल फाइबर बिछाई जाएगी। एसटी-एससी के लिए 47 छात्रावास खोले जाएंगे।  

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 MadhyaBharat  6 March 2017

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह

गांव, गरीब और किसान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में हैं। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने अनुपूरक बजट पर विधानसभा में हुई चर्चा का जवाब देते हुए कहा कि विगत वर्षों में भी हमने बजट में उनके लिए बेहतर से बेहतर प्रावधान किए हैं। राज्य के विकासात्मक व्यय में लगातार वृद्धि हुई है। उन्होंने सदन को बताया कि तृतीय अनुपूरक की इस राशि को मिलाकर राज्य सरकार के वर्तमान वित्तीय वर्ष 2016-17 के मुख्य बजट का आकार 80 हजार 202 करोड़ रुपए का हो गया है। मुख्यमंत्री ने सदन को बताया कि कृषि, औद्योगिक और सर्विस सेक्टर से प्रदेश राष्ट्रीय औसत से आगे हैं। सर्विस सेक्टर में और बेहतर करने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि सौर सुजला योजना के अंतर्गत जून 2017 तक किसानों को ग्यारह हजार सोलर पम्प प्रदान करने का लक्ष्य है। प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत 36 करोड़ 50 लाख रुपए का प्रावधान किया गया है। प्रथम चरण में बेमेतरा, जांजगीर एवं बलौदाबाजार जिलों के अनुसूचित जाति बहुल 100 चयनित गांवों में अधोसंरचनात्मक कार्यों के लिए प्रति गांव 45 लाख रुपए की राशि का प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सौर ऊर्जा आधारित ग्रामीण पेयजल योजना हमारे प्रदेश में काफी लोकप्रिय हो रही है। विधायक अपने-अपने क्षेत्रों में सोलर पम्प आधारित पेयजल व्यवस्था की मांग करते हैं। इस योजना के लिए तृतीय अनुपूरक में 50 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। राज्य के 1053 गांवों में सौर ऊर्जा आधारित 2339 पम्पों के माध्यम से पेयजल योजना की कुल लागत 162 करोड़ रुपए है। मुख्यमंत्री ने कहा कि गौण खनिज को लेकर नेता प्रतिपक्ष ने आपत्ति दर्ज कराई है। गौण खनिज का फंड पंचायत ही खर्च करता है। उन्होंने बताया कि गौण खनिज से प्राप्त राजस्व का नगरीय निकायों का अंतरण किए जाने के लिए तीन करोड़ 88 लाख रुपए का प्रावधान किया गया है। नगरीय निकायों के लिए तृतीय अनुपूरक में 80 करोड़ का प्रावधान किया गया है। इंडिया रिजर्व बटालियन यानी आरआई बटालियन के लिए केंद्रांश 26 करोड़ 19 लाख रुपए होगा। नाबार्ड सहायता से गोदाम निर्माण के लिए 27 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। छत्तीसगढ़ राज्य मार्केटिंग कार्पोरेशन (आबकारी) के लिए 70 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। वित्तीय वर्ष के मुख्य बजट में 73 हजार 996 करोड़ रुपए का प्रावधान था। द्वितीय अनुपूरक में पारित 2801 करोड़ रुपए को मिलाकर इसका आकार 78 हजार 952 करोड़ रुपए हो गया था। तृतीय अनुपूरक में आयोजना व्यय 818 करोड़ रुपए, आयोजनेत्तर व्यय 432 करोड़ रुपए, पूंजीगत व्यय 586 करोड़ रुपए और राजस्व व्यय 664 करोड़ रुपए अनुमानित है। राजकोषीय घाटा मुख्य बजट में 8 हजार 111 करोड़ रुपए अनुमानित है। इसको मिलाकर मुख्य बजट का आकार 80 हजार 202 करोड़ रुपए का हो गया है।  

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 MadhyaBharat  4 March 2017

छत्तीसगढ़ स्टेंट

केंद्र सरकार के स्टेंट की दरें तय करने के फैसले के 16 दिन बाद राज्य सरकार ने गुरुवार को स्टेंट की दरें छत्तीसगढ़ में लागू कर दीं। अब हर अस्पताल को तय दर पर ही स्टेंट लगाना होगा। छत्तीसगढ़ में वेयर मेटल स्टेंट 7260 रुपए और दवाई वाला (ड्रग इल्युटिंग स्टेंट्स, इन्क्लूडिंग मेटेलिक, डीईएस एंड बायोरिसॉर्वेबल वास्कुलर स्कॉफोल्ड बीवीएस बायोडिग्रेडेबल स्टेंट) स्टेंट 29600 रुपए में मिलेगा। दरें पुराने स्टॉक पर भी लागू होंगी। ऐसा न करने वाले के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के संकेत हैं। राज्य सरकार के आदेश से निजी अस्पतालों में हड़कंप मच गया है, वहीं मरीजों के लिए राहत वाली बात है। स्टेंड की दरें 85 फीसदी तक कम हुई है। केंद्र के फैसले के बाद राज्य के कई बड़े अस्पताल जो एंजियोप्लास्टी के 1.50 लाख से 2.50 लाख रुपए तक ले रहे थे, उन्होंने सर्जरी कम या बंद कर दी थी। स्टेंट छिपा लिए थे। हालांकि इसका फायदा सरकारी अस्पतालों को हुआ, एकाएक एंजियोप्लास्टी बढ़ गई। 'नईदुनिया' ने अंबेडकर अस्पताल की कैथलैब यूनिट से जानकारी ली तो पता चला कि 14 से 28 फरवरी (10 वर्किंग डे) के बीच 28 स्टेंट डाले गए। यानी 3 स्टेंट प्रतिदिन, जो पहले 1 हुआ करता था। शहर के कॉर्डियोलॉजिस्ट का कहना है कि निजी अस्पतालों इसका भी तोड़ निकाल लिया है। पहले एंजियोप्लाटी के बाद 3 दिन तक मरीज को भर्ती रखा जाता था और 1.50 लाख से 2 लाख के पैकेज में सीसीयू का बिल शामिल था। अब 3 दिन का बिल प्रतिदिन के हिसाब से 10 हजार रुपए कर दिया है। दवा खर्च अलग है। महासमुंद निवासी सायरा बानो (परिवर्तित नाम, 52) का अंबेडकर अस्पताल में 75 हजार के पैकेज में एंजियोप्लास्टी हो गई। परिजन सायरा को शहर के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे थे, जहां 1.50 लाख खर्च बताया गया था। इतना पैसा था नहीं, इसलिए अंबेडकर आए। परिजनों ने निजी अस्पताल से कहा था कि केंद्र ने तो दरें तय कर दी हैं, तो जवाब मिला था- जानकारी नहीं है। दुर्ग निवासी पंकज (परिवर्तित नाम, 50) को हार्ट पैन पर परिजन दुर्ग के निजी अस्पताल ले गए। एंजियोप्लास्टी का पैकेज 2 लाख रुपए बताया गया। मरीज के रिश्तेदार रायपुर में रहते हैं, संपर्क करने पर अंबेडकर अस्पताल जाने की सलाह दी। यहां संजीवनी कोष से इलाज हो गया। 2 स्टेंट डाले गए हैं।

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 MadhyaBharat  3 March 2017

विधानसभा में छिड़का गंगाजल

  विधानसभा बजट सत्र के तीसरे दिन बुधवार को शराबबंदी की मांग को लेकर विपक्ष ने जमकर हंगामा किया। जैसे ही मंत्री अमर अग्रवाल ने शराब दुकानें सरकार के चलाने के फैसले वाले आबकारी संशोधन अध्यादेश को पटल पर रखा विधायक अमित जोगी प्रदेश में पूर्ण शराबबंदी की मांग को लेकर नारे लगाने लगे। विरोध में काली पट्टी बांधकर पहुंचे जोगी ने विधानसभा में सीएम के कमरे समेत पूरे परिसर में गंगाजल छिड़का और गर्भगृह में पहुंच गए। उनके साथ कांग्रेस विधायक सियाराम कौशिक व आरके राय भी थे। तीनों अध्यादेश वापस लेने की मांग कर रहे थे। गर्भगृह में पहुंचने के कारण अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल ने उन्हें निलंबित कर दिया। इस पर जोगी परिसर में गांधी प्रतिमा के सामने प्रदर्शन करने जा पहुंचे। जोगी का कहना है कि विधानसभा हमारे लोकतंत्र का मंदिर है और हम लोग उसके पुजारी। लोकतंत्र के मंदिर में शराब का अध्यादेश लाया जा सकता है और हम गंगाजल नहीं ला सकते? गंगाजल छिड़कने पर मंत्री अजय चंद्राकर ने कहा कि सदन में पानी लाकर छिड़कना संसदीय परंपरा के खिलाफ है। जोगी ने विधायक होने का दुरुपयोग किया है। आज वे पानी लेकर आए हैं, कल आग लगाने वाली कोई वस्तु लेकर आ जाएंगे। कार्रवाई होनी चाहिए। विधायक शिवरतन शर्मा ने राज्यपाल के अभिभाषण के बाद राष्ट्रगान के समय जोगी के हाथ में तख्ती लेने को सदन और देश का अपमान बताया और कार्रवाई की मांग की। मंत्री मूणत ने कहा कि जोगी ने राष्ट्र का और संसदीय परंपरा का अपमान किया है। उन्होंने अध्यक्ष से इस पर व्यवस्था की मांग की। अध्यक्ष ने कहा कि सरकार इसे गंभीर मानती है तो संसदीय कार्यमंत्री प्रस्ताव दें। धान खरीदी व बारदाने की कमी को लेकर काम रोको प्रस्ताव पर कांग्रेस विधायक, मंत्री पुन्नूलाल मोहले के जवाब से संतुष्ट नहीं हुए। विधायक भूपेश बघेल धान के मुद्दे पर विधानसभा अध्यक्ष से चर्चा कराने की अनुमति की मांग कर रहे थे। अध्यक्ष ने अनुमति नहीं दी तो सभी कांग्रेसी विधायक गर्भगृह में पहुंच हंगामा करने लगे। इस पर अध्यक्ष ने 35 विधायकों को निलंबित करते हुए विधानसभा की कार्यवाही 10 मिनट के लिए स्थगित कर दी। कांग्रेसी धान खरीदी में भ्रष्टाचार की जांच की मांग करते हुए नारेबाजी करने लगे। नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव ने कहा कि इस साल धान की लिमिट तय करने से किसानों को भारी दिक्कत हुई। उन्होंने कहा - मेरा खुद का पंजीयन नहीं हुआ, ऐसे में अंदाजा लगाया जा सकता है कि बाकी प्रदेश में क्या हाल होगा। विधायक धनेंद्र साहू ने कहा कि फर्जी पंजीयन करके पड़ोसी राज्यों से धान लाकर बेचा गया। पेंड्रावन जलाशय मुद्दे पर भूपेश बघेल के साथ बहस करने वाले जल संसाधन सचिव गणेश शंकर मिश्रा को लेकर बुधवार को सदन में जमकर हंगामा हुआ। बघेल ने मिश्रा के खिलाफ विधानसभा में विशेषाधिकार हनन का नोटिस दिया है। प्रश्नकाल शुरू होते ही बघेल ने यह मुद्दा उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि सदन में मुद्दा उठाने पर अफसर धमकाते हैं, ऐसे में हम सदन में प्रश्न कैसे पूछ सकते हैं। मिश्रा के व्यवहार को लेकर कांग्रेसियों ने सदन के अंदर सरकार विरोधी नारेबाजी शुरू कर दी। नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव सहित अन्य कांग्रेस सदस्यों ने सरकार में अफसरशाही हावी होने का आरोप लगाया। कांग्रेसी सरकार की तरफ से इस मामले में कोई वक्तव्य नहीं आने से भी नाराज थे। इस बीच उच्च शिक्षा मंत्री प्रेम प्रकाश पाण्डेय ने सरकार की तरफ से सदन को आश्वस्त करने का प्रयास किया, लेकिन कांग्रेसी नहीं माने और नारेबाजी करते हुए सदन से बाहर चले गए।  

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 MadhyaBharat  2 March 2017

131 कर्मचारियों के यहां  छापे

  एन्टी करप्शन ब्यूरो और आर्थिक अपराण अन्वेषण ब्यूरो (एसीबी/ईओडब्ल्यू) ने 10 साल में राज्य के भ्रष्ट अफसरों के यहां छापे मारे। जांच में करीब 17 करोड़ रुपए से अधिक की नकदी जब्त की गई। इसमें एसीबी की कार्रवाई में 6 करोड़ और ईओडब्ल्यू ने 9 करोड़ 94 लाख से अधिक की राशि शामिल है। विधायक अरुण वोरा के एक सवाल के लिखित जवाब में मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने विधानसभा को बताया है कि 2011 से 2016 के बीच 131 कर्मियों के यहां छापे मारे गए। इसमें 4 अरब से अधिक की संपत्ति का पता चला है। कार्रवाई के दायरे में आए 33 अधिकारियों- कर्मचारियों पर अभियोजन की स्वीकृति दे दी गई है। इसी तरह मोतीलाल देवांगन के एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने बताया है कि 2014, 15 और 16 में 60 अधिकारियों- कर्मचारियों पर कार्रवाई की गई। इसमें एक अरब 53 लाख से अधिक की संपत्ति का खुलासा हुआ। इसमें से 8 के खिलाफ कोर्ट में चालान पेश किया जा चुका है। 12 में विवेचना पूरी हो चुकी है और अभियोजन स्वीकृति मांगी गई है। इनमें से चार में अभियोजन की स्वीकृति मिल गई है और चालान की कार्रवाई की जा रही है। 35 मामलों की विवेचना चल रही है। वहीं एक मामले के खात्मा के लिए कोर्ट में आवेदन दिया गया है।  

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 MadhyaBharat  28 February 2017

 आईएएस बाबूलाल अग्रवाल

  डेढ़ करोड़ की रिश्वत देने के मामले में फंसे आईएएस बाबूलाल अग्रवाल, उनके साले आनंद अग्रवाल और दलाल भगवान सिंह की सीबीआई रिमांड तीन दिन और बढ़ गई है। इसके साथ ही जांच के दायरे में प्रधानमंत्री कार्यालय को रखकर उस अधिकारी की तलाश की जा रही है, जिनसे इन दलालों के लगातार संपर्क रहे। सीबीआई ने दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट में तीनों को शनिवार को पेश किया। कोर्ट में सीबीआई ने कहा कि मामले की जांच अभी संवदेनशील स्थिति में है और हवाला के लिंक का पता लगाना अभी बाकी है। वह जांच कर रहे हैं कि मामले में और कौन अधिकारी लिप्त हैं। विशेष सीबीआई जज वीरेंद्र कुमार गोयल के समक्ष सीबीआई ने तर्क दिया कि खुद को पीएमओ से संबंध होने का दावा करने वाले सैयद बुरहानुद्दीन के समक्ष अन्य आरोपियों को बैठाकर पूछताछ करना है, इसलिए इनकी हिरासत अवधि बढ़ाई जाए। सीबीआई प्रवक्ता आरके गौर ने बताया कि तीनों आरोपियों से अभी और पूछताछ बाकी है। बताया जा रहा है कि रिश्वत कांड में लगातार नए खुलासे हो रहे हैं, जिसका क्रॉस एक्जामिन करने के लिए तीनों आरोपियों से पूछताछ करनी है। सीबीआई ने हैदराबाद से पकड़े गए बुरहानुद्दीन और रायपुर के सराफा कारोबारियों से पूछताछ का हवाला दिया। इसके बाद कोर्ट ने रिमांड स्वीकृत कर दी। सीबीआई के उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार बिचौलिया बुरहानुद्दीन के साथ बाबूलाल अग्रवाल सहित अन्य को एक साथ बिठाकर पूछताछ की जा रही है। चारों आरोपियों से सीबीआई हेडक्वार्टर में रोजाना आठ से नौ घंटे तक पूछताछ चल रही है। आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर रायपुर में सराफा कारोबारियों से सीबीआई की टीम ने पूछताछ की, उसकी रिपोर्ट भी दिल्ली कार्यालय में जमा कर दी गई है। बताया जा रहा है कि सराफा कारोबारियों ने सोना देने की पुष्टि कर दी है। सीबीआई के सूत्रों की मानें तो सराफा कारोबारी से सीबीआई की टीम ने खरीदी के दस्तावेज मांगे, लेकिन कारोबारियों ने बिना बिल के ही सोना बेचा था। इसके बाद कारोबारी से सीबीआई की टीम ने सोना बेचने की लिखित में जानकारी ली है।  सीबीआई के आला अधिकारियों ने बताया कि भगवान सिंह और बुरहानुद्दीन मिडिलमैन (दलाल) का काम करते थे। पूछताछ के बाद सीबीआई टीम दोनों के पीएमओ कनेक्शन की तलाश कर रही है। बताया जा रहा है कि पीएमओ के कुछ अधिकारियों से दोनों लगातार संपर्क में थे। अब उन अधिकारियों से भी सीबीआई की टीम पूछताछ कर सकती है। सीबीआई ने छापे के दौरान भगवान सिंह से 20 लाख स्र्पए नकद बरामद किए थे। रायपुर के सराफा कारोबारी सुनील सोनी और मोनू के पास से दो किलो सोना जब्त किया गया है। सीबीआई की टीम ने दिल्ली के ठिकाने से भी 19.5 लाख रूपये  जब्त किए हैं। अब तक आरोपियों से 91.9 लाख स्र्पए नकद और 3.50 किलो सोना जब्त किया जा चुका है।

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 MadhyaBharat  25 February 2017

विधायकों को बीयर गिफ्ट

शराबबंदी पर समर्थन जुटाने कल से हर विधायक के घर दस्तक देगी जोगी कांग्रेस  शराबबंदी पर विधायकों से समर्थन मांगने जोगी कांग्रेस बीयर की बोतल लेकर जायेगी। तय किया गया है कि कम से कम 50 लोग हर क्षेत्र में विधायकों के बंगले और घरों में पहुंचेंगे। जिसमें 25 महिलाओं की “गुलाबी टोली” गुलाबी साडी पहने हुए और 25 युवा कार्यकर्ता गुलाबी गमछा गले में लपेटे रहेंगे। सभी साथ में एक बियर बोतल भी ले जाएंगे।  इस दौरान विधायक से मिलकर उनसे एक सवाल पूछा जाएगा और उसे मोबाइल पर वीडियो रिकॉर्ड किया जाएगा। सवाल ये पूछा जायेगा कि  क्या आप छत्तीसगढ़ में शराबबंदी चाहते हैं ? अगर जवाब हां है तो उन्हें प्रतीकात्मक रूप से बियर की बोतल फोड़ने या बोतल से शराब उलटने कहा जाएगा और उन्हें धन्यवाद दिया जाएगा। अगर जवाब ना है तो उन्हें विरोधस्वरूप बियर की बोतल भेंट की जायेगी इस तर्क के साथ कि वो चाहते हैं कि लोग शराब पीयें इसलिए उन्हें ही शराब मुबारक हो। साथ ही विधायक जी के घर के सामने लगी नाम की पट्टी का फोटो खींचा जायेगा..और उसे सोशल मीडिया पर वायरल किया जायेगी। जब तक विधायक के घर से कोई न आये तब तक जोगी कांग्रेस के कार्यकर्ता वहीँ डटे रहेंगे। अगर फिर भी कोई न आये तो बियर की बोतल विरोधस्वरूप वहीँ छोड़ कर आएं।  

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 MadhyaBharat  21 February 2017

छत्तीसगढ़ कम्पोजिशन टैक्स

छत्तीसगढ़ के व्यापारी चाहते हैं कि कम्पोजिशन टैक्स का दायरा बढ़ाया जाए। 60 लाख की जगह 1 करोड़ पर लिया जाए। व्यापारियों के उत्थान के लिए व्यापारी कल्याण बोर्ड का गठन और व्यवसायिक व औद्योगिक कल्याण कोष की भी स्थापना करना चाहिए। व्यापारी वर्ग चाहता है कि जीएसटी लागू होने से पहले ही कराधान से संबंधित सारे मामलों को सुलझा लिया जाए। इस सबके साथ दस सूत्रीय सुझाव चेम्बर ऑफ कॉमर्स ने राज्य शासन को भेजा है। चेम्बर का कहना है कि इन मांगों पर ध्यान दिए जाने से व्यापार जगत के साथ ही आम उपभोक्ताओं को भी राहत मिलेगी। कारोबारियों का कहना है कि केंद्र सरकार के बजट से टैक्स दरों में थोड़ी राहत मिली है, लेकिन वह नाकाफी है। अब पूरी उम्मीद राज्य शासन के बजट से है। उनका कहना है कि साइकिल और साइकिल पार्ट्स पर वैट की छूट 31 मार्च को समाप्त हो रही है, जिसे बढ़ाना चाहिए। शक्कर में लगने वाले प्रवेश कर को समाप्त किया जाना चाहिए। इससे यहां शक्कर महंगी है। ई-पेमेंट के लिए सभी राष्ट्रीयकृत व निजी बैंकों को अधिकृत किया जाना चाहिए। ई-पेमेंट को सभी प्रकार के शुल्क से मुक्त रखा जाना चाहिए। चेम्बर के सुझाव में प्रमुख बिंदु छत्तीसगढ़ में एसएमई सेक्टरों को बढ़ावा देने के लिए कच्चे माल पर लगने वाले प्रवेश कर से पूर्ण रूप से छूट मिलनी चाहिए। साथ ही उद्योगों को केपिटल सब्सिडी मिलनी चाहिए। जीएसटी लागू होने के पहले कराधान से संबंधित सारे विवादित प्रकरण निष्पादित होने चाहिए। इलेक्ट्रिसिटी ड्यूटी 6 प्रतिशत से 3 प्रतिशत है, इसे स्थायी रूप से लागू किया जाए। इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों जैसे वीडियो गेम्स, आईपेड,बच्चों की खेल सामग्री पर वैट 14 फीसदी के स्थान पर 5 फीसदी लगे। कन्फेक्शनरीज पर वैट की दर 14 से घटाकर 5 फीसदी की जाए।सोया बड़ी, सोया नगेट्स को करमुक्त किया जाए।अगरबत्ती, धूप को करमुक्त किया जाए।बिल्डरों को वाणिज्यिक कर में कम्पोजिशन संबंधी सुविधा दी जाए। चेम्बर ऑफ कॉमर्स अध्यक्ष अमर पारवानी कहते हैं राज्य शासन से बजट से राहत मिलने की उम्मीद है। आशा है कि चेम्बर की मांगों पर राज्य शासन ध्यान देगी। 

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 MadhyaBharat  18 February 2017

एंटी करप्शन ब्यूरो

   एसीबी की टीम ने गुरुवार सुबह छत्तीसगढ़  में अलग-अलग स्थानों पर 9 सरकारी अफसरों के 15 से ज्यादा ठिकानों पर दबिश दी। इन अधिकारियों के घर से बड़ी संख्या में चल और अचल संपत्ति के कागजात बरादम होने की बात सामने आ रही है। कार्रवाई में 10 करोड़ के आसपास की संपत्ति का अब तक पता चल चुका है। कहीं सोने की सिल्ली तो कहीं स्विमिंग पुल, कहीं सोने के जेवहरात के अलावा लाखों रुपए नकद भी मिले हैं। जिन अधिकारियों के घर एसीबी कार्रवाई कर रही है उनके नाम निम्न हैं... 1. एम एल पांडेय, एडिशनल डायरेक्टर, समाज कल्याण विभाग ,2. रामेश्वर प्रसाद वर्मा, फॉरेस्ट एसडीओ को कोरिया, 3. श्रवण सिंह, कॉपरेटिव सोसाइटी जांजगीर-चांपा ,4. एके तंबोली, सहायक खाद्य अधिकारी ,5.शालिकराम वर्मा, कृषि विभाग, 6. डॉ पुनीत सेठ, भिलाई (सूर्या विहार),7. सुभाष गंजीर, दंतेवाड़ा जिला शिक्षा अधिकारी,8. प्रदीप गुप्ता ,9. अविनाश गुंजाल, बिलासपुर बस्तर, कोरिया, बिलासपुर, जांजगीर चांपा, दुर्ग और रायपुर में छापेमार कार्रवाई जारी है। एसीबी की इस कार्रवाई में 10 डीएसपी और 25 टीआई शामिल हैं। रायपुर में समाज कल्याण विभाग के एडिशनल डायरेक्टर एमएल पांडे के सुंदरनगर स्थित बंगले पर छापेमारी की कार्रवाई जारी है। फारेस्ट विभाग के एसडीओ रामेश्वर प्रसाद वर्मा और कृषि विभाग के शालिकराम वर्मा के घर पर भी एसीबी की टीम की कार्रवाई कर रही है। जांजगीर में कॉपरेटिव सोसायटी के श्रवण सिंह के घर पर भी कार्रवाई की जा रही है। जानकारी के मुताबिक करीब 150 से ज्यादा अधिकारी-कर्मचारी छापेमारी में लगे हुए हैं। वहीं 100 से ज्यादा पुलिसकर्मियों को भी कारईवाई में शामिल किया गया है। 15 से ज्यादा ठिकानों पर कार्रवाई चल रही है, जिसमें कोरिया, बिलासपुर, जांजगीर, चांपा, दुर्ग और रायपुर शामिल हैं। गहने तौलने के लिए मंगाई मशीन अविनाश गुंजाल के पास से सोने की सिल्ली मिलने की खबर है। जबकि दंतेवाड़ा जिला शिक्षा अधिकारी के पास 8 लाख से ज्यादा नकद और सोने के गहने मिले हैं, एसीबी की टीम को गहने तौलने की मशीन मंगानी पड़ी। बिलासपुर में सहायक खाद्य अधिकारी एके तम्बोली के विजयापुरम कालोनी व पीएमजेएसवाय मुंगेली के ईई प्रदीप गुप्ता के सांई परिसर स्थित आवास पर कार्रवाई हुई। दंतेवाड़ा में जिला शिक्षाधिकारी सुभाष गंजीर के आवास पर छापा। रायपुर से पहुंची छह सदस्यीय टीम। गंजीर के जगदलपुर आवास पर भी कार्रवाई जारी है। कोरिया में वन विभाग के एसडीओ रामेश्वर साहू के बैकुंठपुर स्थित सरकारी मकान में कार्रवाई हुई। बैकुंठपुर में एसीबी के अधिकारी ने बातचीत में बताया कि फिलहाल 60 हजार रुपए नकद बरामद किए गए हैं, अभी कार्रवाई जारी है। पांच सदस्यीय टीम यहां जांच कर रही है जिसमें तीन बिलासपुर और दो अंबिकापुर के अधिकारी बताएं जा रहे हैं। यहां कार्रवाई सुबह 5 बजे से जारी है।  

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 MadhyaBharat  16 February 2017

गृहमंत्री रामसेवक पैकरा

गृहमंत्री रामसेवक पैकरा का बयान  छत्तीसगढ़ के नक्सल मोर्चे से हटने के बाद भी आईजी एसआरपी कल्लूरी सुर्खियों में हैं। गृहमंत्री रामसेवक पैकरा के ताजा बयान ने बस्तर में कल्लूरी के नक्सल विरोधी अभियान में नया विवाद खड़ा कर दिया है। रविवार को रायपुर में मीडिया से चर्चा में पैकरा ने कहा कि बस्तर का वातावरण खराब हो रहा था, मानवाधिकार उल्लंघन की बात सामने आ रही थी, बस्तर में मानवाधिकार की रक्षा हो, इसलिए सरकार ने आईजी को हटाने का फैसला किया है। कल्लूरी के बस्तर आईजी से हटाने के बाद पहली बार गृहमंत्री का इस तरह का बयान आया है। इससे पहले यह दावा किया जा रहा था कि बीमारी के कारण कल्लूरी से बस्तर आईजी का प्रभार लिया गया है। गृहमंत्री ने कहा कि बस्तर आईजी रहे कल्लूरी ने स्वास्थ्यगत कारणों से छुट्टी मांगी थी, लेकिन बस्तर में उनके कार्यकाल के दौरान आईजी पर कई तरह के आरोप-प्रत्यारोप लगते रहे हैं, इसलिए भी उन्हें हटाया गया है। बस्तर का वातावरण को ठीक करने के लिए बदलाव करते हुए प्रभारी आईजी को भेजा गया है। हालांकि गृहमंत्री ने कहा कि जरुरत पड़ी तो कल्लूरी को फिर बस्तर भेजा जा सकता है। एसआरपी कल्लूरी को 7 फरवरी को रायपुर पुलिस मुख्यालय अटैच किया गया था। बस्तर में डीयू प्रोफेसर नंदिनी सुन्दर पर हत्या का मामला दर्ज करने, मानवाधिकार कार्यकर्ता बेला भाटिया पर हमले के बाद सरकार की हुई किरकिरी को देखते हुए कल्लूरी को बस्तर से हटाया गया था। गृहमंत्री पैकरा के बयान के बाद यह माना जा रहा है कि सरकार ने बस्तर में मानवाधिकार हनन के आरोपों के लिए कल्लूरी को जिम्मेदार माना है। कल्लूरी ने कहा- मेरे हर काम में सरकार-मुख्यमंत्री का था समर्थन गृहमंत्री रामसेवक पैकरा के बयान के बाद आईजी एसआरपी कल्लूरी ने मीडिया से चर्चा में साफ किया कि उनके हर अभियान और हर काम में सरकार और मुख्यमंत्री का समर्थन था। कल्लूरी ने कहा कि हम जो भी काम करते हैं, उसके पीछे मुख्यमंत्री से लेकर हमारे वरिष्ठ अधिकारियों का सपोर्ट होता है। उन्होंने कहा कि हम नक्सल क्षेत्र में जनजागरण अभियान के तहत ही काम कर रहे। बस्तर की जनता को इस मुहिम से जोड़कर पुलिस प्रशासन ने काम किया। अग्नि संस्था के बारे में उन्होंने कहा कि अग्नि चलाने वालों को माओवादियों ने जान से मारने की धमकी दी है। सलवा जुडूम के नेता भी मारे गए थे। अग्नि राष्ट्रभक्त और नक्सल विरोधी संस्था है, लेकिन अब मेरे हटते ही वो नक्सलियों के निशाने पर हैं। भूपेश बघेल पर कल्लूरी ने कहा कि मेरी उनसे कभी बात नहीं हुई। वो विपक्ष में होने के कारण मेरा विरोध करते होंगे। चुनाव लड़ने पर कल्लूरी ने कहा कि मेरा अभी बस्तर पर फोकस है। मैंने सरगुजा में नक्सलवाद खत्म किया था, अब मेरा फोकस बस्तर है। वहां नक्सलवाद खत्म करना है, फिर देखेंगे परिस्थिति कैसी बनती है।

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 MadhyaBharat  12 February 2017

आईजी एसआरपी कल्लूरी

कल्लूरी ने रायपुर में दी आमद  आईजी एसआरपी कल्लूरी ने नया रायपुर स्थित पुलिस मुख्यालय पहुंचकर डीजीपी एएन उपाध्याय से मुलाकात की। उन्होंने पीएचक्यू में आमद दे दी है, पर देर शाम तक उनकी भूमिका नहीं तय हो पाई थी।  कल्लूरी ने मीडिया से चर्चा की। उन्होंने कहा-सरकार ने जो भी निर्णय लिया है, मैं उसके साथ हूं। यह सामान्य प्रशासनिक फेरबदल है। बस्तर से मुझे हटाए जाने को अलग नजरिए से नहीं देखा जाना चाहिए। बस्तर में विकास हुआ है। सड़कें, पुल, स्कूल, अस्पताल खुले हैं। हाट बाजार में रौनक आ गई। देश-विदेश में भारी बदनामी और विरोध के बावजूद हमने सरेंडर के लिए नक्सलियों को प्रेरित करना नहीं बंद किया। इस काम को मिशन मोड में किया। उन्हाेंने कहा कि नोटबंदी पर राज्य सभा में बोलते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद इसकी तारीफ की। मुख्यमंत्री और सरकार ने मेरी हर कदम पर मदद की, पूरा समर्थन किया। मैं सरकार के निर्णय के साथ हूं। हम बस्तर में बदलाव लाने में सफल रहे। मिशन 2016 शानदार रहा। आगे भी अच्छा होगा। उन्हांने कहा-मैं मानता हूं कि आंतरिक सुरक्षा पर नक्सली गंभीर खतरा हैं। इन्हें बेरहमी से कुचलने की जरूरत है। कल्लूरी ने कहा कि हमारे जवान जंगल में जान हथेली पर लेकर मुकाबला कर रहे हैं, ताकि संविधान और प्रजातंत्र बचा रहे, लेकिन मानवाधिकारवादी विदेशों से पैसे लेकर फोर्स को बदनाम कर रहे हैं। यह उनका धंधा है। उन्होंने कहा-मुझे बस्तर से हटाने में साजिश भी हो सकती है, पर इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। मैं बीमार था पर अब फिट हूं। यहां भी बेहतर करने की कोशिश करूंगा। बस्तर में जनता जाग गई है। अब नक्सलवाद का खात्मा निश्चित है। बस्तर में नक्सलवाद के खिलाफ जनता लड़ रही है। अग्नि, बस्तर संघर्ष समिति और दूसरे संगठनों को सुरक्षा दी जानी चाहिए। हालांकि अभी अग्नि को भंग कर दिया गया है पर जिन लोगों ने नक्सलवाद से लड़ाई में पुलिस का साथ दिया उनकी सुरक्षा की मांग मैं सरकार से करूंगा।

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 MadhyaBharat  10 February 2017

महानदी विवाद

 भुवनेश्वर में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री रमन सिंह ने आज दावा किया कि राजनीतिक कारणों से महानदी जल विवाद ‘पैदा’ किया जा रहा है और अगर राजनीतिक विमर्श को हटा दें तो महज तीन मिनट में विवाद खत्म हो जाएगा। बोलंगीर जिले के बुडरा में आम सभा में सिंह ने कहा, ‘महानदी को लेकर जल विवाद नहीं हो सकता है। राजनीतिक कारणों से इसे पैदा किया जा रहा है। अगर हम (रमन और ओड़िशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक) एक मिनट के लिए बैठें तो तीन मिनट के अंदर समाधान निकल आएगा..मैं समझता हूं कि पंचायत चुनावों में महानदी जल विवाद को मुद्दा बनाना उचित नहीं है।’ ओड़िशा सरकार ने आरोप लगाया कि पड़ोसी राज्य ने महानदी पर एकतरफा परियोजनाओं का निर्माण कराया जिससे हीराकुंड जलाशय से पानी का बहाव धीमा हो गया। नदी पर परियोजनाएं रोकने के ओड़िशा सरकार के प्रस्ताव को सिंह द्वारा खारिज किए जाने के बाद राज्य सरकार ने छत्तीसगढ़ के खिलाफ केंद्र का दरवाजा खटखटाया है। सत्तारूढ़ बीजद ने इसे पंचायत चुनावों में मुद्दा बनाया है। ओड़िशा में तीन स्तरीय पंचायत चुनाव लड़ रहे भाजपा उम्मीदवारों के लिए स्टार प्रचारक के रूप में पहुंचे सिंह ने स्पष्ट किया कि उनके दौरे का उद्देश्य महानदी विवाद को लेकर ओड़िया के लोगों के बीच भ्रम की स्थिति को दूर करना है। राज्य में उनके दौरे का सभी गैर भाजपा दलों ने विरोध किया। उन्होंने कहा, ‘मैं यहां सच्चाई बताने आया हूं और भ्रम की स्थिति को दूर करने आया हूं। मैं यहां छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के रूप में नहीं आया हूं बल्कि सच्चे पड़ोसी के रूप में आया हूं। पड़ोसी के तौर पर मेरा कर्तव्य है कि लोगों को सच्चाई बताउं।’ सिंह ने कहा कि दोनों राज्यों के लाभ के लिए वह महानदी जल मुद्दा सुलझाने के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा, ‘बहरहाल मामले का समाधान तथ्यों के आधार पर होना चाहिए न कि राजनीतिक आधार पर।’

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 MadhyaBharat  9 February 2017

स्वास्थ्य मंत्री अजय चंद्राकर

  आय से अधिक संपत्ति के आरोपों से भड़के पंचायत और स्वास्थ्य मंत्री अजय चंद्राकर ने रायपुर कहा है कि वे आरोप लगाने वाली मंजीत बल और उनके साथी कृष्णकुमार साहू का पॉलीग्राफी टेस्ट कराने की मांग करेंगे।  रिटर्न की जांच जितनी बार चाहो, करा लो। उसमें अगर दोषी निकला तो चाहे जो सजा दो। फर्जी आरोपों से कुछ हासिल नहीं होगा। चंद्राकर ने कहा जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आएंगे, इस तरह के आरोपों की बाढ़ आएगी। कृष्ण कुमार साहू खुद को सामाजिक कार्यकर्ता बताते हैं, जबकि हकीकत यह है कि वे कांग्रेस कार्यकर्ता हैं और स्थानीय चुनावों में कई बार भाजपा के हाथों पराजित हो चुके हैं। चंद्राकर के खिलाफ मोर्चा खोलने वाली ग्रामीण विकास संस्थान की पूर्व प्रशिक्षक मंजीत बल और कुरुद के एक एक्टिविस्ट कृष्ण कुमार साहू ने 3 फरवरी को हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है। इसमें मंत्री पर आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप लगाया गया है। मंत्री ने कहा-साहू ने 2014 में यही आरोप लगाया था। वह मामले को लेकर हाईकोर्ट गया। कोर्ट के आदेश पर एसीबी ने मामले की जांच की और मुझे क्लीन चिट दी गई। तब उसने कोर्ट में लिखकर दिया था कि अब इस मामले का तूल नहीं देना चाहता। जो मामला चार साल पहले खत्म हो चुका है, उसे अब दोबारा उछाला जा रहा है। साहू कोई सामाजिक कार्यकर्ता नहीं हैं। मंडी और जनपद चुनाव में कांग्रेस की ओर से लड़ चुका है। ये लोग भयादोहन और अवैध वसूली के लिए आरटीआई का दुरुपयोग करते हैं। आज ही सुप्रीम कोर्ट का एक फैसला आया है, जिसमें कोर्ट ने एक याचिका इसलिए खारिज कर दी कि आरटीआई का उपयोग जनहित में नहीं किया जा रहा था। कोर्ट ने कहा है कि यह आरटीआई कानून की मूल भावना के खिलाफ है। देखना होगा कि इन लोगों के पीछे कौन है। कौन पैसा दे रहा है। साहू के खिलाफ आरटीआई लगाकर ब्लैकमेल करने का मामला थाने तक गया है। इनका पॉली टेस्ट होगा तो सच सामने आ जाएगा। मंत्री चंद्राकर ने कहा कि लालू और नीतीश (मंजीत बल और कृष्णकुमार साहू) को मिलाया किसने। कोई तो जरूर है, जो इसके पीछे है। मंजीत बल से कोई दुश्मनी नहीं है। मैंने उसकी संविदा नियुक्ति का रिन्युअल नहीं किया। यह एक सामान्य प्रशासनिक निर्णय था। वह जानबूझकर मेरी गाड़ी के सामने आईं। उनके पिता डीएस बल मेरे दोस्त हैं, इसलिए माफ करता हूं। ईश्वर उन्हें सद्बुद्घि दें। चंद्राकर ने कहा कि जब अमित शाह यहां लाइब्रेरी का उद्घाटन करने आए थे, तब भी किसी ने फर्जी खबर चलवा दी। हम लाइब्रेरी से नीचे आए भी नहीं थे, इसे पहले ही खबर उड़ गई कि शाह ने मुझे डांटा है। मेरी रोज जांच कराएं, पर इसके पीछे उद्देश्य क्या है। कौन आरटीआई लगवा रहा है। मैं जांच की मांग करूंगा। इनका पॉली टेस्ट हो सब सामने आ जाएगा।  

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 MadhyaBharat  8 February 2017

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  छत्तीसगढ़ में गणतंत्र दिवस के अवसर पर राज्यपाल बलरामदास टंडन ने राजधानी रायपुर में तिरंगा फहराया। पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित इस कार्यक्रम में सांस्कृत कार्यक्रम के साथ, राज्यपाल ने पुलिस परेड की सलामी ली। वहीं सीएम डॉ रमन सिंह ने जगदलपुर में तिरंगा फहराया। इस दौरान उन्होंने कहा कि 'बस्तर नेट' योजना के माध्यम से बस्तर संभाग के सभी जिलों को 900 किमी ऑप्टिकल फाइबर नेटवर्क से जोड़ा जा रहा है। स्टार्टअप छत्तीसगढ़ के तहत यह प्रावधान किया गया है कि युवाओं को प्रेरणा के साथ सुविधा भी मिले, ताकि वे जॉब क्रिएटर बनें न कि जॉब सीकर। सीएम ने कहा अजा एवं अजजा वर्ग के बच्चों के उत्थान के लिए स्थापित शिक्षण संस्था 'प्रयास' के छात्र निरंत राष्ट्रीय संस्थानों में चयनित हो रहे हैं। महिलाओं की सुरक्षा एवं समस्याओं के समाधान के लिए देश में सर्वप्रथम वन स्टॉप सेंटर 'सखी' की स्थापना छत्तीसगढ़ में की गई है। उन्होंने कहा विमुद्रीकरण जैसे साहसिक निर्णय में प्रधानमंत्री जी का साथ देते हुए प्रदेश को कैशलेस बनाने के लिए आपकी एकजुटता को मैं सलाम करता हूं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का धन्यवाद जिन्होंने केंद्र से राज्यों को मिलने वाला राजस्व 32 से बढ़ाकर 42 प्रतिशत किया। दंतेवाड़ा जिला मुख्यालय के मुख्य समारोह में मंत्री केदार कश्यप ने झंड़ा फहराया। बिलासपुर में गणतंत्र दिवस का मुख्य समारोह पुलिस मैदान में आयोजित हुआ जिसमें मंत्री अमर अग्रवाल ने ध्वजारोहण व परेड की सलामी लिया। स्कूली छात्र छात्राएं रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम दिए और विभिन्न सरकारी विभाग द्वारा झांकी प्रस्तुत की गईं। थाना सिविल लाइंस में नवनिर्मित आगंतुक कक्ष का लोकार्पण पुलिस अधीक्षक मयंक श्रीवास्तव के द्वारा किया गया। इस अवसर पर अति. पुलिस अधीक्षक प्रशांत कतलाम, अर्चना झा, नगर पुलिस अधीक्षक लखन पटले एवं मधुलिका सिंह उपस्थित थे।  

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 MadhyaBharat  26 January 2017

chhatisghar goverment

कंपनी के लिए अध्यादेश को मंजूरी      एक अप्रैल से राज्य सरकार शराब बेचने जा रही है। इसके लिए राज्य कैबिनेट ने आज छत्तीसगढ़ आबकारी (संशोधन) अध्यादेश 2017 का अनुमोदन किया।      सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया है कि नेशनल हाइवे से लगी दुकानें सड़क से 500 मीटर के दायरे में नहीं होंगी। ऐसे में राज्य की 411 दुकानों के ठेकेदार दुकान चलाने के इच्छुक नहीं हैं। अब इन दुकानों से जो घाटा होगा, उसे पूरा करने के लिए ही कार्पोरेशन का गठन किया जा रहा है। मंत्री प्रेम प्रकाश पांडेय ने बताया कि इस पर राज्य सरकार का पूरा स्वामित्व होगा। सूत्रों के अनुसार राष्ट्रीय राजमार्गों से लगी दुकानों को 500 मीटर के दायरे से बाहर करने के सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद आबकारी कारोबार में होने वाले नुकसान की पूर्ति के लिए सरकार ने यह निर्णय किया है। ये दुकानें एक अप्रैल से बंद की जानी है। छत्तीसगढ़ की 411 ऐसी दुकानें बंद या शिफ्ट की जानी है। ये दुकानें शहर-गांव-कस्बे के भीतर शिफ्ट किए जाने से बड़ी संख्या में ठेकेदार दुकान चलाने के इच्छुक नहीं हैं। ऐसी स्थिति में केरल और तमिलनाडु की तर्ज पर इन दुकानों को आबकारी विभाग के अमला चलाएगा। ऐसी व्यवस्था इस समय तमिलनाडु में है। उसी तर्ज पर छग में भी सरकार ने शराब के कारोबार के लिए एक पृथक कंपनी के गठन का फैसला किया है। यदि सभी दुकानें नीलामी में उठ जाती हैं तो सरकार अपने इस फैसले को लागू नहीं करेगी और अध्यादेश फंक्शनल नहीं रहेगा। यह कंपनी वर्तमान ब्रेवरेजेस कार्पोरेशन से अलग होगी। गौरतलब है कि प्रदेश में 700 से ज्यादा शराब दुकानें हैं और 3900 करोड़ रुपए का कुल कारोबार होता है।  प्रदेश के गांव-गांव में शराब की अवैध बिक्री रोकने में आबकारी विभाग की नाकामी को लेकर कैबिनेट के वरिष्ठ मंत्रियों ने मंत्री अमर अग्रवाल को घेर लिया। मंत्रियों ने अग्रवाल से पूछा कि जब प्रदेश में शराब की दुकानें कम की गईं है तो फिर खपत कैसे बढ़ रही है? इस पर मंत्री अग्रवाल ने इसे केवल दुष्प्रचार बताते हुए जल्द नई पालिसी लाने की बात कही।  

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 MadhyaBharat  25 January 2017

अमुपम खेर

  रायपुर में प्रसिद्ध फिल्म अभिनेता अनुपम खेर ने अपने भाषण की शुरुआत राष्ट्रपिता महात्मा गांधी से की और समापन इशारों-इशारों में कांग्रेस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राहुल गांधी पर शब्दों के तीर छोड़कर किया। इंडोर स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि बिना कपड़ा पहले कोई भारत को आजाद करा सकता है तो कुछ भी हो सकता है, जो महात्मा गांधी ने किया। एक व्यक्ति 27 साल जेल में रहने के बाद दक्षिण अफ्रीका का राष्ट्रपति हो सकता है तो कुछ भी हो सकता है। आखिर में खेर ने कहा कि अगर राबड़ी देवी मुख्यमंत्री हो सकती हैं तो कुछ भी हो सकता है। युवाओं में जोश भरते हुए खेर ने कहा कि छत्तीसगढ़ देश का ऐसा राज्य है, जहां स्वामी विवेकानंद के आदर्शों की जीवंत झलक देखने को मिलती है। देश का एकमात्र एयरपोर्ट स्वामी विवेकानंद के नाम पर है, जो रायपुर शहर में है। खेर ने कहा कि यहां के लोगों के मुस्कराते चेहरे से पता लगता है कि छत्तीसगढ़ निरंतर आगे बढ़ रहा है। डॉ. रमन सिंह छत्तीसगढ़ में और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जब तक देश की कमान संभाले हैं तो किसी को चिंता करने की जरूरत नहीं है। अपने भाषण के आखिर में खेर ने राहुल गांधी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि एक 46 साल के युवा हैं, उनके भी हाथ में भगवान नजर आता है। लेकिन 2जी, 3जी और कोयला घोटाले के समय यह हाथ कहां था, जब उसमें भगवान नजर नहीं आए। खेर ने कहा कि अब आपको तय करना है कि आप किसके साथ हंै। उसके साथ, जो आपके चेहरे पर मुस्कराहट लाए या फिर युवा हाथ के साथ। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा कि स्वामी विवेकानंद के पदचिन्हों पर प्रदेश के युवा आगे बढ़ रहे हैं। जहां प्रेरणा की बात आती है, वहां दुनियाभर के युवा स्वामी विवेकानंद की ओर देखते हैं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के लिए गौरव की बात है कि स्वामी विवेकानंद ने कोलकाता के बाद सबसे ज्यादा समय रायपुर में व्यतीत किया। बूढ़ातालाब के सामने ही उनका निवास था। ऐसा कहा जाता है कि स्वामी विवेकानंद जब जबलपुर के रास्ते छत्तीसगढ़ आ रहे थे तो चिल्फी घाटी में ही उन्हें आध्यात्मिक ज्ञान की अनुभूति हुई। स्वामी विवेकानंद ने 39 साल की अल्प आयु में जो उपलब्धियां अर्जित कीं, वे अद्वितीय हैं। खेर ने पढ़ी रमन एप की कविता, कोशिश करने वालों की हार नहीं होती अनुपम खेर ने रमन एप का लोकार्पण किया। इस एप के माध्यम से लोग सीधे मुख्यमंत्री से जुड़ सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के एप पर सभी नवीनतम जानकारी एवं अपडेट उपलब्ध है। एप्प पर रमन के गोठ के एपिसोड को सुना जा सकता है। रमन एप एंड्रायड एवं आईओएस दोनों प्लेटफार्म पर उपलब्ध है। सभा में अनुपम खेर ने एप्प की एक कविता कोशिश करने वालों की हार नहीं होती, पढ़कर सुनाई।  

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 MadhyaBharat  13 January 2017

ips rajkumar devangan

  19 साल पहले बाराद्वार डकैती कांड में संलिप्त रहने के आरोप में भारतीय पुलिस सेवा 1992 बैच के अधिकारी राजकुमार देवांगन को बुधवार को अनिवार्य सेवानिवृत्ति दे दी गई। उनसे 11 साल 6 महीने 13 दिन पहले नौकरी छीन ली गई। किसी दागी आईपीएस पर देश की यह सबसे बड़ी कार्रवाई बताई जा रही है। गृह विभाग के प्रमुख सचिव बीवीआर सुब्रमण्यम ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के आदेश के बाद यह कार्रवाई की। आईजी होमगार्ड देवांगन के केस की विभागीय जांच डीजी होमगार्ड गिरधारी नायक कर रहे थे। हाल ही में नायक ने जांच रिपोर्ट केंद्रीय गृह मंत्रालय को सौंपी थी। 1998 में अविभाजित मध्यप्रदेश के बाराद्वार (जांजगीर) में 65 लाख रुपए की डकैती हुई। शिक्षकों के वेतन की रकम हेडमास्टर से रास्ते में कुछ लोगों ने लूट ली। इसमें से कुछ पैसा बाराद्वार के थानेदार नरेंद्र मिश्रा के घर से बरामद हुआ। मिश्रा कुछ महीने जेल में रहे तो उन्होंने एसपी देवांगन पर भी डकैती में संलिप्त होने का इशारा किया। इसके बाद सरकार ने देवांगन को सस्पेंड कर दिया। महकमे ने 14 साल बाद 2012 में चार्जशीट इश्यू की। देवांगन के जवाब से संतुष्ट न होने पर सरकार ने विभागीय जांच की अनुशंसा की। उन्हें पुलिस मुख्यालय से हटाकर आईजी होमगार्ड नियुक्त किया गया था। पीएचक्यू के आला अधिकारियों के मुताबिक देवांगन पर यूएन मिशन में पदस्थापना के दौरान देश की छवि खराब करने का मामला भी था। आरोप था कि शांति सेना में कोसोवो-बोस्निया में उन्होंने आर्थिक अनियमितता की। वे तय समय-सीमा से ज्यादा रुके। लाखों रु. के आईएसडी कॉल किए और जब लौटे तो संस्थान का कुछ सामान भी साथ ले आए। शिकायत मिलने पर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने देवांगन के कार्यकाल की जांच करवाई। सुब्रमण्यम ने बताया कि देवांगन को ऑल इंडिया सर्विस डेट कम रिटायरमेंट बेनिफिट (डीसीआरबी) 1958 के नियम 16(3) के प्रावधानों के तहत जनहित में सेवानिवृत्ति दी है। राज्य सरकार ने इसका आदेश बुध्ावार को जारी कर दिया। डीसीआरबी के तहत हुई कार्रवाई में देवांगन पेंशन और अन्य सुविधाओं के हकदार नहीं रहेंगे। केंद्र के आदेशानुसार देवांगन को 3 महीने का वेतन भत्ता दिया जाएगा। 7 जनवरी को आईपीएस की डीपीसी में राज्य सरकार ने देवांगन की बैच के दो अफसरों पवनदेव और अरुणदेव गौतम को पदोन्न्त कर एडीजी बनाया है। डकैती प्रकरण के चलते देवांगन का प्रमोशन रोका गया था। डीजी जेल और डकैती कांड के जांच अधिकारी गिरधारी नायक ने कहा बाराद्वार डकैती की जांच दो साल पहले मुझे मिली थी, अभी यह पूरी नहीं हुई है अंतिम गवाह का बयान दर्ज करना बाकी है। मुझे नहीं पता केंद्र सरकार ने देवांगन को किस प्रकरण में नौकरी से निकाला है।  

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 MadhyaBharat  12 January 2017

raman singh

नोटबंदी के खिलाफ होने वाले देशव्यापी आंदोलन की बैठक में कांग्रेस नेताओं में इस बात की चिंता दिखी कि अब तक जनता का गुस्सा सामने नहीं आ पाया है। शांतिपूर्ण ढंग से काम नहीं बना तो अब कांग्रेस ने गांवों से लेकर दिल्ली तक जनता में गुस्सा जगाने की रणनीति बनाई है। पार्टी के राष्ट्रीय सचिव भक्तचरण दास ने माना कि नोटबंदी के बाद फैली अव्यवस्था से हर वर्ग नाराज है, लेकिन गुस्से को प्रदर्शित नहीं किया। ऐसे ही नेता-प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव ने भी माना कि तमाम घोटालों और भ्रष्टाचार के आरोपों के बावजूद कांग्रेसी मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की छवि को तोड़ नहीं पा रहे हैं। प्रदेश कांग्रेस भवन में मंगलवार को राष्ट्रीय सचिव दास, छत्तीसगढ़ समन्वयक अनिल शर्मा, प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल, नेता-प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव ने नोटबंदी के विरोध में छह और नौ जनवरी को होने वाले आंदोलन को लेकर जिला अध्यक्षों की बैठक ली। इसके बाद 11 तारीख को दिल्ली में देशभर के कार्यकर्ता आंदोलन में जुटेंगे। बैठक में दास ने कहा कि नोटबंदी के बाद बैंकों में एक लाख 25 हजार करोड़ रुपए का शॉर्टेज हुआ। अब हर वर्ग परेशान है, तो भी प्रदेश बंद सफल नहीं रहा, क्यों? इसका कारण है कि जनता का गुस्सा सामने नहीं आ रहा। कांग्रेस को भाजपा कार्यालयों और मंत्रियों की गाड़ियों को घेरकर जनता में गुस्सा जगाना है। दास ने कहा-कांग्रेसियों को सब काम छोड़, अभी केवल यही करना है। सिंहदेव ने कहा कि हर चुनाव में भाजपा कालेधन का उपयोग कर रही है। ये बात सही है कि कहीं न कहीं हम सहमे हुए हैं, जबकि हमारी कोशिश भाजपा की करतूत को उजागर करने की होनी चाहिए। भाजपा ने नोटबंदी का ऐसा प्रचार किया है कि जनता यह समझ रही है कि कालाधन, जाली नोट और आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई है, हमें इस मिथक को तोड़ना है। कैशलेस ट्रांजेक्शन के नाम पर सरकार हजारों करोड़ का घोटाला कर रही है। जनता से लिया जाने वाला टैक्स का कमीशन निजी कंपनियों को जाएगा। सिंहदेव ने बताया कि उनसे यूपी कैडर के एक बड़े अधिकारी ने सही बात कही थी, कांग्रेस को अपनी बात रखनी नहीं आती। पीसीसी अध्यक्ष बघेल ने बताया कि छह जनवरी को सभी जिलों में पार्टी के कार्यकर्ता कलेक्टोरेट का घेराव कर सभा करेंगे। नौ जनवरी को महिला कांग्रेस के नेतृत्व में हर जिले में महिलाएं थाली बजाकर रैली निकालेंगी। छत्तीसगढ़ समन्वयक अनिल शर्मा ने सोमवार को कहा था कि अगले चुनाव में छत्तीसगढ़ और केंद्र में कांग्रेस की सरकार नहीं आई तो मेरे नाम का कुत्ता पाल लेना। इस बयान पर मंगलवार को शर्मा ने कहा कि उन्हें पूरा भरोसा है कि कांग्रेस ही सरकार बनाएगी। कार्यकर्ताओं में जोश और आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए ऐसा कहा था। राष्ट्रीय सचिव ने कहा कि अब पुतला जलाना पुराना हो गया है। अबकी बार प्रधानमंत्री का पुतला कुर्सी पर रखें। दो-चार हजार लोगों को जमा करें। लोग पुतले से सवाल पूछें। इसके बाद पुतले पर अंडे, टमाटर और पत्थर फेंके जाएं। इसकी वीडियो रिकॉर्डिंग करें और सोशल मीडिया में जारी कर दें। कांग्रेस का आईटी सेल पत्रकार वार्ता और बैठक को फेसबुक पर लाइव कर रहा है। इसका पहला ट्रायल सोमवार को पत्रकार वार्ता में हुआ। वीडियो रिकॉर्डिंग मोबाइल से कर फेसबुक पर अपलोड की जा रही है।  

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 MadhyaBharat  4 January 2017

raipur

 सोमवार को राजधानी रायपुर से लगे 4 जिलों के परेशान  किसान सब्जी लेकर राजधानी आए। सुबह से ये 35 वाहनों में करीब 1 लाख किलो (100 टन) सब्जी लेकर बूढ़ातालाब धरना स्थल पहुंचे और इन्हें मुफ्त में बाँट दिया।  इनका शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन देर शाम तक जारी रहा। इन्होंने सब्जी फेंकने के बजाय मुफ्त में बांटने का फैसला लिया। सब्जी लेने 2 किमी लंबी कतार 5 घंटे तक लगी रही। इससे पहले कभी राजधानी में किसानों का इतना बड़ा प्रदर्शन नहीं हुआ।  

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 MadhyaBharat  3 January 2017

bhavan

      7 मौजूदा कलेक्टरों को भी मिला नये साल का तोहफा    छत्तीसगढ़ शासन द्वारा भारतीय प्रशासनिक सेवा के पांच अधिकारियों को वरिष्ठ श्रेणी वेतनमान (पे बैंड-3,रूपए 15600-39100 और ग्रेड पे रूपए 6600) और 11 अधिकारियों को कनिष्ठ प्रशासनिक वेतनमान (पे बैंड-3, रूपए 15600-39100 और ग्रेड पे रूपए 7600) और 10 अधिकारियों को प्रवर श्रेणी वेतनमान (पे बैंड-4, रूपए 37400-67000 और ग्रेड पे रूपए 8700) दिया गया है। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा इस आशय के अलग-अलग आदेश रायपुर में  मंत्रालय (महानदी भवन) से जारी कर दिए गए हैं। वरीष्ठ श्रेणी वेतनमान पर पदोन्नत अधिकारियों की सूची में जांजगीर चांपा जिला पंचायत सीईओ अजीत बसंत ,दंतेवाड़ा जिला पंचायत सीईओ गोरव सिंह , धमतरी जिला पंचायत सीईओ विनीत नंदनवार, कोरबा जिला पंचायत सीईओ इंद्रजीत एस चंद्रवाल और बालोद जिला पंचायत सीईओ राजेंद्र कुमार कटारा के नाम शामिल हैं। वहीं कनिष्ठ प्रशासनिक वेतनमान और प्रवर श्रेणी वेतनमान पाने वाले अधिकारियों की सूची में बलौदाबाजार जिला पंचायत सीईओ शारदा वर्म , सरगुजा कलेक्टर भीम सिंह , बालोद कलेक्टर राजेश राणा ,सुकमा कलेक्टर नीरज कुमार बंसोड ,महिला बाल विकास की उप सचिव शिखा राजपूत ,एनआरडीए के महाप्रबंधक महादेव कांवड़े , भिलाई नगर निगम आयुक्त नरेंद्र कुमार दुग्गा , पंजीयन एवं मुद्रांक के महानिरीक्षक श्याम लाल धावड़े, बस्तर के अपर कलेक्टर हीरालाल नायक , कौशल विकास के उपसचिव नीलकंठ टेकाम , आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास के डायरेक्टर चंद्रकांत उईके ,वहीं 10 अधिकारियों को प्रवर श्रेणी वेतनमान दिया गया है। प्रवर श्रेणी वेतनमान पाने वालों में बेमेतरा कलेक्टर रीता शांडिल्य , सेल टैक्स कमिश्नर संगीता पी, स्वास्थ्य संचालक आर प्रसन्ना , बस्तर कलेक्टर अमित कटारिया ,बिलासपुर कलेक्टर अन्बलगन पी , रायगढ़ कलेक्टर अलरमेलमंगई डी… वन विभाग के संयुक्त सचिव ए कुलभूषण  , कृषि विपणन  के प्रबंध संचालक नरेंद्र कुमार शुक्ला ,नगरीय प्रशासन विभाग के संचालक निरंजन दास और आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास विभाग के आयुकत् ईमिल लकड़ा के नाम हैं।  

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 MadhyaBharat  30 December 2016

 सातवां वेतनमान

  छत्तीसगढ़ में भी सरकारी कर्मचारियों को शीघ्र केन्द्र के समान सातवां वेतनमान दिया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने को इसकी घोषणा की। सरकार ने इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी है। छत्तीसगढ़ अधिकारी-कर्मचारी फेडरेशन के प्रतिनिधि मंडल के साथ रविवार को चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री ने इसकी घोषणा की। उन्होंने तत्काल मुख्य सचिव को फोन लगाया और उनसे फेडरेशन के प्रतिनिधि मंडल के साथ कर्मचारी हितों से जुड़े उनके सभी मुद्दों पर विस्तार से चर्चा करने को भी कहा। फेडरेशन के संयोजक सुभाष मिश्रा और राज्य कर्मचारी संघ के पूर्व अध्यक्ष वीरेन्द्र नामदेव के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल ने अलग-अलग ज्ञापन सौंपकर इन मुद्दों की ओर सीएम ध्यान आकर्षित किया।  

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 MadhyaBharat  26 December 2016

inc

      कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा पीएम नरेंद्र मोदी पर सहारा समूह से 40 करोड़ रुपए लेने के दावे के बाद कांग्रेस ने शुक्रवार रात समूह की एंट्रियों की सूची को टि्वटर पर सार्वजनिक कर दिया। इसके आधार पर कांग्रेस ने आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह को 4 करोड़ रुपए और मप्र के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को सहारा ने दो बार में 10 करोड़ रुपए दिए थे। खास बात यह है कि सूची में दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री व उप्र में कांग्रेस की सीएम प्रत्याशी शीला दीक्षित को भी सहारा द्वारा एक करोड़ देने का जिक्र है। माना जा रहा है कि अति उत्साह में कांग्रेस नेताओं ने शीला दीक्षित का भी नाम उजागर कर दिया। कांग्रेस की सूची के अनुसार छत्तीसगढ़ के सीएम डॉ. रमन सिंह को एक अक्टूबर 2013 को चार करोड़ रुपए नकद दिए गए। मप्र के सीएम शिवराज को 29 सितंबर और एक अक्टूबर 2013 को 5-5 करोड़ रुपए दिए गए थे। भाजपा कार्यालय के अरुण जैन को भी फरवरी 2014 में तीन किस्तों में 15 करोड़ नकद दिए गए थे। यह रकम फरवरी 2014 में तीन किस्तों में दी गई थी।  

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 MadhyaBharat  24 December 2016

gagan

    वन मंत्री  महेश गागड़ा जी संयुक्त राज्य अमेरिका (USA)के कैलिफोर्निया शहर के सेन डियागो जू सफारी में शैक्षिक भ्रमण पर पहुंचे । वन मंत्री महेश गागड़ा जी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ शासन की पांच सदस्यीय टीम अमेरिका और तंजानिया के दौरे पर हैं ।जिसमें प्रमुख सचिव वन श्री आर पी मंड़ल, ए पी सी सी एफ श्री मुदित कुमार , सी सी एफ श्री अरूण पाण्डे ,राजनांदगाँव कलेक्टर श्री मुकेश बंसल एवं डी एफ ओ श्री ए राजू शामिल हैं ।                              भ्रमण के दौरान  फिल्ड़ ड़ायरेक्टर सेन ड़ियागो जू सफारी बारबारा दुरंड़ ने 1800 एकड़ क्षेत्र में विस्तृत, विश्व प्रसिद्ध जू सफारी के विविध विषयों एवं विशेषताओं से माननीय मंत्री जी को अवगत कराया । इस भ्रमण का उद्देश्य नंदन वन जंगल सफारी रायपुर में गुणात्मक विषयों को कार्यान्वित करते हुए जंगल सफारी को अंतर्राष्ट्रीय स्तर की मानद पर विकसित करना है ।  

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 MadhyaBharat  22 December 2016

cash less

      कैशलेस लेन-देन के लिए आयोजित डिजिटल वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम छत्तीसगढ़ में पिछले 10 दिनों में 4 लाख 70 हजार से अधिक लोगों को प्रशिक्षण दिया गया। छत्तीसगढ़ इंफोटेक प्रमोशन सोसायटी (चिप्स) के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एलेक्स पॉल मेनन ने बताया कि केन्द्र सरकार ने छत्तीसगढ़ की 9734 ग्राम पंचायतों में 3 लाख 89 हजार 360 लोगों को 31 दिसम्बर तक कैशलेस लेन-देन के लिए प्रशिक्षण देने का लक्ष्य दिया था, जबकि 19 दिसम्बर तक 5 लाख 20 हजार से अधिक लोगों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। छत्तीसगढ़ के बाद उत्तरप्रदेश में एक लाख 72 हजार और ओडिशा में एक लाख 55 हजार से अधिक लोगों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। चिप्स की मास्टर ट्रेनर डिजिटल वित्तीय साक्षरता प्रशिक्षण कार्यशाला में मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने विश्वास व्यक्त किया था कि प्रशिक्षण में छत्तीसगढ़ अग्रणी राज्य बनेगा। डॉ. रमन सिंह द्वारा राज्य को 10 लाख से अधिक लोगों को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य दिया गया। चिप्स द्वारा नियुक्त ग्रामीण लोक सेवकों की सहायता से 10 दिनों में 4 लाख 70 हजार से अधिक लोगों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री जन-धन योजना जब प्रारंभ हुई थी, तब राज्य के एक करोड़ से अधिक लोगों का बैंक खाता नहीं था। छत्तीसगढ़ में शासन तथा जनता के सहयोग से 90 लाख लोगों का जन-धन खाता खोला जा चुका है। प्रदेश में 96 प्रतिशत लोगों का आधार कार्ड बन चुका है।  

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 MadhyaBharat  20 December 2016

modi ji

    छत्तीसगढ़ के सांसदों ने की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। सांसद डॉ बंशीलाल महतो, कमलादेवी पाटले और विक्रम उसेंडी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से कोरबा उर्वरक संयंत्र, मनेन्द्रगढ़ में मेडिकल कालेज, इंटरसिटी एक्सप्रेस को दोबारा शुरू करने, बांगो बांध के माध्यम से क्षेत्र में सिंचाई सुविधा, कोरबा क्षेत्र में माइनिंग कालेज प्रारम्भ करने की मांग की।  विक्रम उसेंडी ने प्रधानमंत्री से कांकेर में सुपर स्पेशलटी हॉस्पिटल स्थापित करने एवं कांकेर जिले में वनोपज/ खनिज आधारित उद्योग की स्थापना की मांग की   इस अवसर पर कोरबा  सांसद मा.डॉ  बंशीलाल महतो  एवं जांजगीर-चाम्पा सांसद  कमला देवी पाटले भी उपस्थित थी। प्रधानमंत्री जी ने बहुत ही प्रसन्न मुद्रा में मा. सांसदो से मुलाकात की ।  

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 MadhyaBharat  19 December 2016

rajiv shrivastav

      आईपीएस राजीव श्रीवास्तव छत्तीसगढ़ पुलिस के पांचवें महानिदेशक (डीजी) बन गए हैं। 1987 बैच के आईपीएस श्रीवास्तव को सेवानिवृत्ति के महज 15 दिन पहले पदोन्नत किया गया है। इसके लिए शुक्रवार को विभागीय पदोन्न्ति समिति (डीपीसी) की बैठक हुई। डीपीसी में बाकी अफसरों की पदोन्न्ति पर चर्चा नहीं हो पाई। इसके लिए चार दिन बाद फिर बैठक होगी।   पुलिस अफसरों के अनुसार श्रीवास्तव राज्य सेवा से आईपीएस कैडर में पदोन्नत होने वाले छत्तीसगढ़ के पहले अफसर हैं, जो डीजी रैंक तक पहुंचे हैं। इनकी पदोन्न्ति के साथ ही राज्य में डीजी रैंक के अफसरों की संख्या फिलहाल पांच हो गई है।  

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 MadhyaBharat  19 December 2016

ravishankar

    रायपुर के पंडित रविशंकर शुक्ल विवि ने ए ग्रेड हासिल कर लिया है। नैक (नेशनल एक्रेडिटेशन एंड एसेसमेंट काउंसिल) की टीम ने 27 से 30 नवम्बर तक विवि में विजिट कर यहां की कमियों और खूबियों को देखा था। उसकी रिपोर्ट शुक्रवार को जारी की गई। इसमें रविवि को 3.02 सीजीपीए हासिल हुआ है, जो इससे पहले 2.61 था। सीजीपीए बढ़ने से स्टूडेंट्स की डिग्री का वैल्यू और विवि का ग्रांट वैल्यू भी बढ़ गया है। यूजीसी समेत कई नेशनल फंड एजेंसीज से अब विवि को 50 करोड़ स्र्पए अधिक फंड मिल सकेगा। अभी हर साल 12 करोड़ रुपए का फंड मिलता है। कई ऐसे प्रोजेक्ट्स प्रोफेसर्स को मिलेंगे, जिनके लिए विवि अभी तक पात्र नहीं था। इससे पहले भी विवि ने नेशनल रैंकिंग फ्रेमवर्क में 46वां स्थान हासिल किया था। पहले विवि की ग्रेड बी थी। नैक की रिपोर्ट से विवि में खुशी की लहर है। दर्सल इंफ्रास्ट्रक्चर, भवन, आईसीटी, डिजिटलाइजेशन समेत ऑनलाइन मॉनिटरिंग, अटेंडेंस, लैंग्वेज क्लब आदि विकसित होने के बाद यह राज्य में दूसरा ए ग्रेड विश्वविद्यालय बन गया। अभी तक राज्य के 20 विश्वविद्यालयों में सिर्फ इंदिरा कला संगीत विवि को ही ए ग्रेड हासिल है। इसका सीजीपीए 3.11है। नैक ने इंस्टिट्यूट ऑफ एडवांस स्टडीज इन एजुकेशन बिलासपुर को भी ए ग्रेड दिया है। इसे 3.04 सीजीपीए हासिल हुआ है। गवर्नमेंट कॉलेज भैस्मा कोरबा को 2.05 सीजीपीए के साथ बी ग्रेड हासिल हुई है। राज्य के 500 कॉलेजों में अभी तक सवा सौ कॉलेजों ने ही ग्रेडिंग कराई है। इनमें चार को ए ग्रेड, 70 कॉलेजों को बी ग्रेड और 80 कॉलेजों को सी ग्रेड मिली है। राज्य में अब ए ग्रेड वाले 7 संस्थान हो गए हैं। इनमें दो विश्वविद्यालय, एक इंस्टिट्यूट और चार कॉलेज- गवर्नमेंट ई राघवेद्र राव पोस्ट गे्रजुएट साइंस कॉलेज (ऑटोनॉमस) बिलासपुर, सीएमडी कॉलेज बिलासपुर, बिलासा कन्या स्नातकोत्तर कॉलेज बिलासपुर और विश्वनाथ यादव तामस्कर पीजी कॉलेज (साइंस कॉलेज) दुर्ग शामिल हैं। एक इंस्टिट्यूट शामिल हैं।  

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 MadhyaBharat  17 December 2016

kalluri ig

    बस्तर आईजी एसआरपी कल्लूरी ने हार्ट अटैक से उबरते ही नक्सल ऑपरेशन की कमान थाम ली है। वे अस्पताल के बिस्तर से ही पुलिस अधीक्षकों के संपर्क में हैं और नक्सलियों के खिलाफ रणनीति बना रहे हैं। रविवार को उन्हें आईसीयू से जनरल रूम में शिफ्ट किया गया। उन्होंने बाहर निकलते ही बस्तर संभाग के कई पुलिस अधीक्षकों से बात की और दिशा-निर्देश दिए। ज्ञात हो कि आईजी कल्लूरी को 24 नवंबर को दिल का दौरा पड़ा था। विशाखापटनम के केयर अस्पताल में कल्लूरी की बाईपास सर्जरी की गई। इसके बाद से वे हैदराबाद के डॉक्टरों की निगरानी में आईसीयू में थे। दो दिन पहले भी उन्होंने जगदलपुर के पुलिस कंट्रोल रूम में फोन कर अफसरों से हाल-चाल जाना था। अब अस्पताल से ही वे नक्सल ऑपरेशन की रणनीति बनाने में जुट गए हैं। रविवार को उन्होंने जगदलपुर एसपी आरएन दास सहित कई अफसरों से बात की। नक्सल विरोधी अग्नि संस्था के सदस्यों से भी उन्होंने बात की। बस्तर पुलिस दरभा तोंगपाल के ओडिशा से सटे तुलसी डोंगरी इलाके में बीएसएफ, स्थानीय पुलिस व ओडिशा पुलिस के साथ संयुक्त अभियान कर रही है। तुलसी डोंगरी को नक्सलियों की सुरक्षित पनाहगाह माना जाता है। इसी रास्ते से वे वारदात के बाद ओडिशा भागते रहे हैं। अब ओडिशा पुलिस से मिलकर पूरे इलाके को घेरा जा रहा है। रविवार को दंतेवाड़ा, जगदलपुर और सुकमा पुलिस ने तीनों जिलों में नक्सल कमांडर देवा की तलाश में संयुक्त अभियान शुरू किया। तीनों जिलों की पुलिस संयुक्त टीम बनाकर दरभा, कटेकल्याण, तोंगपाल, गादीरास इलाके के जंगलों में नक्सल कैंप की तलाश कर रही है। एसपी जगदलपुर आरएन दास ने कहा आईजी कल्लूरी अब स्वस्थ हैं। उन्हें आईसीयू से बाहर निकाला गया है। वे हमें अस्पताल से ही मार्गदर्शन दे रहे हैं। उनके पास काफी इनपुट आते रहते हैं। इसका लाभ नक्सल ऑपरेशन में मिल रहा है। रविवार को जंगलों में फोर्स रवाना की गई।

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 MadhyaBharat  12 December 2016

raman singh cm

    छत्तीसगढ़ में निवेश बढ़ाने के लिए अमेरिका प्रवास पर गए सीएम डॉ रमन सिंह मंगलवार सुबह वापस रायपुर लौट आए। सीएम ने अपनी यात्रा को सफल बताया और कहा कि वहां हुए एमओयू से राज्य में विकास की रफ्तार और बढ़ेगी। तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जे. जयललिता के निधन पर डॉ रमन सिंह ने शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा जयललिता द्वारा गरीबों और आम लोगों के लिए किए गए कामों की सराहना की। सीएम ने कहा मुझे भी उनके साथ काम करने और सीखने का मौका मिला। उन्होंने कहा कि नोटबंदी से किसानों को परेशानी न हो इसका पूरा ध्यान रखा जा रहा है। पैसे किसानों के बैंक खाते में जमा करवा दिए गए हैं। किसान अपनी जरूरत के अनुसार राशि निकाल सकते हैं।

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 MadhyaBharat  6 December 2016

ladies

    ऑक्सफैम इंडिया तथा साझा मंच ने संयुक्त रूप से महिला हिंसा के विरूद्ध “बनो नयी सोच” अभियान का शुभारम्भ ५ दिसम्बर को एक रंगारंग कार्यक्रम से कियाI इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के १२ जिलों से लगभग ७०० महिलाएं, पुरुष और युवाओं ने महिला हिंसा को प्रतिपादित करती हुई सामाजिक प्रथाओं को बदलने का प्रण कियाI इस राष्ट्रीय अभियान कि शुरुआत बिहार से संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित महिला हिंसा की समाप्ति के लिए मनाये जाने वाला अंतर्राष्ट्रीय दिवस के २५वें सालगिरह के शुभवसर पर किया गयाI  कार्यक्रम में अतिरिक्त महानिदेशक (पुलिस विभाग) (योजना तथा प्रावधान, साइबर क्राइम) श्री राजेंद्र कुमार विज, राज्य महिला आयोग कि अध्यक्षा श्रीमती हर्षिता पाण्डेय, अध्यक्ष राज्य युवा आयोग श्री कमल चन्द्र भंजदेव, रायपुर जिला विधिक सहायता प्राधिकरण श्री उमेश चौहान, ऑक्सफैम इंडिया, थीम लीड जेंडर जस्टिस सुश्री जूली थेकुडन, नेहरु युवा केंद्र के प्रतिनिधी एवं संयुक्त राष्ट्र संघ के वालंटियर श्री अनिल मिश्र तथा कई प्रसिध्द सामाजिक संस्था के सदस्य अतिथि के रूप में उपस्थित हुएI “बनो नयी सोच” अभियान का उद्देश्य समाज के उस सोच और प्रथा को चुनौती देना और बदलना है जिनके कारण महिलाओं को “कोख से कब्र” तक हिंसा का सामना करना पड़ता हैI  कार्यक्रम को उद्बोधित करते हुए अतिरिक्त महानिदेशक (पुलिस विभाग) (योजना तथा प्रावधान, साइबर क्राइम) श्री राजेंद्र कुमार विज ने कहा कि, “ गत कुछ वर्षों से महिलाएं एवं लडकियां घर से बाहर निकल रही हैं, समाज में अपनी वित्तीय स्वायत्तता को स्थापित करने के लिए. एक ओर जहां यह एक प्रशंसनीय बात है, वहीँ हमें ये भी याद रखना होगा कि घरों के अन्दर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना एक कठिन कार्य होता जा रहा है.जब हम पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में प्रशिक्षण लेते हैं तो हमें ये पढाया जाता है कि अपराधिक मानसिकता मनुष्य को अपने घर से, पालन पोषण से तथा समाजीकरण से ही मिलता है. इसलिए हमें ये याद रखना होगा कि हम अपने बच्चो को कैसी परवरिश दे रहे हैं.   वहीँ राज्य महिला आयोग कि अध्यक्षा श्रीमती हर्षिता पाण्डेय ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा, कि एक ओर तो हम देवियों की पूजा करते हैं क्यूंकि हमें जीवन में लाभ एंड समृद्धि मिलेI वहीँ दूसरी ओर हम अपने घर में महिलाओं तथा बच्चियों के साथ हिंसात्मक व्यवहार करते हैंI इस दोहरी मानसिकता का अंत करना होगाI उन्होंने ऑक्सफैम को बधाई देते हुए कहा कि संस्था ने मंच दोनों ही तरफ महिलाओं को समान भागीदारी दी है.  अध्यक्ष राज्य युवा आयोग श्री कमल चन्द्र भंजदेव ने इस अवसर पर कहा कि छत्तीसगढ़ में महिला हिंसा एक ऐतिहासिक सत्य नहीं हैI परन्तु आज के दौर में यह एक भयावह सच्चाई है. इस सोच को ख़त्म करने के लिए हमें अपने बच्चों को शुरुआत से ही नैतिक शिक्षा देना होगा. इसके लिए माता पिता तथा स्कूल दोनों ज़िम्मेदार हैं. तत्पश्चात ऑक्सफैम इंडिया रायपुर के क्षेत्रीय प्रबंधक आनंद शुक्ल ने कहा कि महिला हिंसा के लिए समाज का हर वर्ग ज़िम्मेदार है. और यह देख के ख़ुशी होती है कि आज इसके खिलाफ मंच पर पुलिस विभाग के अधिकारी, सामाजिक संगठन और महिला एक्टिविस्ट एक साथ आये हैं.   ऑक्सफैम इंडिया की थीम लीड (लैंगिक न्याय) जूली थूक्काडन ने कहा कि यह जानकार भय होता है कि आज भी भारत में ५४% महिलाएं तथा ५१% पुरुषों की यह सोच है कि महिलाओं को पीटा जाना सही हैI वहीँ राष्ट्रीय परिवार तथा स्वास्थ्य सर्वे III के अनुसार छत्तीसगढ़ में हर तीसरी विवाहित महिला ने घरेलु हिंसा का सामना किया हैI उन्होंने आगे कहा कि इस सोच को बदलना ही महिला हिंसा को ख़त्म करने का एक कारगर कदम हैI ३० से भी ज्यादा देश समय के साथ इस अभियान का हिस्सा बनेंगेI  हम साथ में महिलाओं तथा बच्चियो के विरुध्ध हिंसा को समाप्त कर सकते हैं. कार्यक्रम कि शुरुआत में मेहमानो का पौधों से स्वागत किया गयाI संघर्ष के गीतों तथा नेहरू युवा केंद्र द्वारा आकर्षक नुक्कड़ नाटक ने भी समां बाँधाI एवं महिला हिंसा कि महत्वपूर्ण ऐतिहासिक पड़ाव को दर्शाते हुए एक पंडवानी प्रस्तुत की गयीI मंच का सञ्चालन हेमलता राठौर और लता नेताम ने किया और आभार प्रदर्शन वर्णिका सिन्दुरिया ने किया. अंत में विशाल मानव श्रृंखला का निर्माण किया गया तथा एक महिला हिंसा मुक्त समाज की संरचना का प्रण लिया गयाI        

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 MadhyaBharat  6 December 2016

body varn camera

  रायपुर की ट्रैफिक पुलिस आने वाले समय में लंदन के बॉडीवार्न कैमरे से वाहन चालकों की गतिविधियों पर निगाह रखेगी। यह कैमरा लंदन की एक कंपनी ने बनाया है। आए दिन पुलिस कर्मियों से चेकिंग के दौरान कुछ वाहन चालक उलझ जाते हैं। पुलिस भी ज्यादती करने से बाज नहीं आती। दुर्व्यव्यहार और मारपीट की घटनाओं को ध्यान में रखकर इस अत्याधुनिक कैमरे का उपयोग करने का फैसला लिया है। हालांकि अभी ट्रायल के रूप में चार बॉडीवार्न कैमरे तथा लाइटिंग सिस्टम एक स्थानीय फर्म से लिया गया है। पिछले दो-दिन से से इसका इस्तेमाल भी ट्रैफिक पुलिस के अधिकारी अलग-अलग चौराहों पर कर रहे हैं। ट्रैफिक पुलिस का कोई जवान किसी वाहन चालक को रोकता है, उस दौरान जो भी हरकतें होंगी, जवान की वर्दी में सामने तरफ लगा बॉडीवार्न कैमरा उन्हें कैद कर लेगा। वहीं पुलिस के जवान भी चाहकर भी किसी भी वाहन चालक से अभद्र व्यव्यहार नहीं कर पाएंगे। कैमरे में कैद फुटेज के साथ ऑडियो-वीडियो की रिकॉर्डिंग होने से पुलिस कर्मियों पर जो आरोप लगते हैं, उसमें भी पारदर्शिता बनी रहेगी। बॉडीवार्न कैमरे की खासियत यह है कि इसमें रिकॉर्डिंग आडियो-वीडियों की एडिटिंग या छेड़छाड़ करना संभव नहीं होगा और यह स्टाल किए गए सॉफ्टवेयर में ही सेव होगा। कैमरे को अप-डाउन करके रिकॉर्डिंग की जा सकती है। एक फायदा यह भी है कि अफसर ऑनलाइन ही इसकी मॉनिटरिंग कर सकेंगे। मप्र के उज्जैन में सिंहस्थ मेले के दौरान वहां की सुरक्षा के साथ यातायात व्यवस्था को संभालने के लिए देश व प्रदेशभर में पहली बार उज्जैन पुलिस प्रशासन ने बॉडीवार्न कैमरे का इस्तेमाल किया था, जो बेहद कारगर साबित हुआ है। अब इसे मप्र में सभी जिलों की भी पुलिस को देने का प्रस्ताव तैयार किया जा चुका है। उज्जैन के सिंहस्थल मेले में बॉडीवार्न कैमरा व लाइटिंग सिस्टम का सफल तरीके से इस्तेमाल के बाद मप्र के पूरे जिले की ट्रैफिक पुलिस को अत्याधुनिक कैमरा देने की कवायद चल रही है। फिलहाल राजस्थान, गुड़गांव, तेलंगाना, हैदराबाद, बैंग्लुरू पुलिस भी इसका इस्तेमाल कर रही है। लंदन यूके की बॉडी वार्न कैमरा और लाइटिंग सिस्टम की सप्लाई करने वाले पचपेढ़ी नाका स्थित फर्म के संचालक राकेश बाफना ने बताया कि रायपुर पुलिस को सप्ताह भर ट्रायल करने के लिए कैमरा और लाइटिंग सिस्टम दिया गया है। यहीं नहीं, इसका इस्तेमाल कैसे करना है, इसका प्रशिक्षण भी जवानों को दिया जा चुका है। रात के समय अंधेरे में खड़े होकर जवान ड्यूटी करते है, ऐसे में आए दिन तेज रफ्तार वाहन की चपेट में आकर घायल हो जाते हैं। ऐसे में वर्दी के साथ कंधे में लाइटिंग सिस्टम लटका होने से दूर से ही वाहन चालक को लाइट दिख जाएगा और संभावित हादसे को टल जाएगा। एएसपी ट्रैफिक बलराम हिरवानी ने बताया -ट्रायल के लिए बॉडीवार्न कैमरा, लाइटिंग सिस्टम लिया गया है। अगर यह राजधानी में सफल होता है तो इसे खरीदने का प्रस्ताव मुख्यालय को भेजा जाएगा। 

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 MadhyaBharat  5 December 2016

ajit jogi congress

  छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस अध्यक्ष अजीत जोगी ने आरोप लगाया है कि भाजपा के लोग अपना कालाधन गरीबों को बांटकर खपा रहे हैं। उनका आरोप है कि चिरमिरी में 500 के नोटों को पहले जलाने की कोशिश हुई। फिर कम जले नोटों को भाजपा के पूर्व विधायक व भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष दीपक पटेल, उनके चचेरे भाई एनआरआई चंद्रकांत पटेल और मनेंद्रगढ़ विधायक श्याम बिहारी जायसवाल ने कम्बल के साथ गरीबों को बांटा। जोगी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ट्वीट कर मामले की शिकायत की और भाजपा नेताओं पर एफआईआर कराने की मांग की। इधर जायसवाल और पटेल ने इन आरोपों को गलत बताया है। प्रेस कॉन्फ्रेंस में  अजीत जोगी ने बताया कि चिरमिरी के केबी पटेल गु्रप ऑफ कॉलेज के संचालक चंद्रकांत पटेल ने 1 दिसंबर को 500 गरीबों को दीपक पटेल और विधायक जायसवाल के हाथों कम्बल बंटवाया। जोगी का आरोप है कि कम्बल में 500-500 के पुराने नोट थे, जिनका कुछ हिस्सा जला हुआ था। कुछ स्थानीय लोगों ने जले हुए नोट के साथ गरीबों का वीडियो और फोटो ले लिया। जोगी ने उसे सोशल मीडिया में वायरल किया है, जिसमें कंबल बांटने का वीडियो है। वहीं एक बुजुर्ग को 5 सौ रुपए के जले हुए नोट के साथ ये कहते हुए दिखाया गया है कि ये नोट उसे दिया गया है। जोगी ने कहा कि नोटबंदी के 30 दिन पूरा होने पर पूरे प्रदेश में 'नोट बिन, 30 दिन, जनता खिन्न' आंदोलन किया जाएगा। पार्टी के लोग खाली जेब की अर्थी निकालेंगे। सबके हाथ में खाली कटोरा भी होगा। मनेंद्रगढ़ विधायक श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा अजीत जोगी अपनी पार्टी को चर्चा में लाने के लिए लगातार राजनीतिक षड्यंत्र कर रहे हैं। गरीबों को जले हुए नोट बांटने का आरोप लगाया है, वह भी षड्यंत्र है। चिरमिरी में केवल कम्बल बांटे गए हैं। कार्यक्रम में मैं सबसे आखिरी में पहुंचा और 3-4 लोगों को कंबल वितरित किया।

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 MadhyaBharat  5 December 2016

third gender

      छत्तीसगढ़ में थर्ड जेंडर समुदाय को जल्द ही सरकारी पेंशन मिलेगी। इस संबंध में एक प्रस्ताव राज्य शासन को हाल ही में भेजा गया है। मुख्यमंत्री के अमेरिका से लौटने के बाद इस पर निर्णय हो सकता है। राज्य सरकार ने थर्ड जेंडर समुदाय को अधिकार और सम्मान दिलाने कई योजनाएं शुरू की हैं। थर्ड जेंडर समाज में हर जगह हैं, लेकिन भारतीय सामाजिक व्यवस्था में सम्मान न मिलने की वजह से अपनी पहचान छुपाए रहते हैं और घुट-घुटकर जीते हैं। सुप्रीम कोर्ट और केंद्र सरकार के दखल के बाद राज्य में अब मंत्रालय स्तर पर एक थर्ड जेंडर का नोडल अफसर नियुक्त करने की तैयारी की जा रही है। समाज कल्याण विभाग के अफसरों से मिली जानकारी के अनुसार प्रदेश में अब तक थर्ड जेंडर समुदाय के करीब 3 हजार लोगों की पहचान की गई है। इनमें पढ़े लिखे वकील, डॉक्टर, इंजीनियर, शिक्षक से लेकर व्यवसायी और सड़क पर भीख मांगने वाले तक शामिल हैं। इनके कल्याण के लिए सरकार ने बोर्ड गठित किया है, जिसमें थर्ड जेंडर समुदाय के भी दो सदस्य रखे गए हैं। बोर्ड में समाज कल्याण विभाग, राजस्व विभाग, वित्त विभाग, आदिम जाति कल्याण विभाग सहित विभिन्न विभागों के सचिव शामिल हैं। थर्ड जेंडर को ब्यूटी पार्लर, कैटरिंग आदि व्यवसाय से जोड़ने के लिए प्रशिक्षण दिया जा रहा है। थर्ड जेंडर को समाज में हेय दृष्टि से देखा जाता है, यहां तक कि मां-बाप भी स्वीकार नहीं कर पाते। इसलिए सरकार की कोशिश है कि थर्ड जेंडर का लिंग उनकी इच्छा के मुताबिक परिवर्तित करा दिया जाए। इसके लिए मेडिकल बोर्ड भी बनाया गया है, लेकिन ज्यादा लोग सामने नहीं आ रहे। अफसरों ने बताया कि अब तक 10-12 लोगों का ही लिंग परिवर्तित कराया जा सका है। जो लिंग परिवर्तित कराने आते हैं, उनमें ज्यादातर लोग महिला बनना चाहते हैं। राज्य सरकार ने घोषणा की है कि सरकारी दस्तावेजों में जहां महिला और पुरुष का कॉलम होगा वहां अब थर्ड जेंडर का तीसरा कॉलम भी होगा। समाज कल्याण विभाग की मंत्री रमशीला साहू ने हाल ही में अफसरों की बैठक में थर्ड जेंडर के कल्याण के लिए प्रशिक्षण, सम्मेलन आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। सरकारी दफ्तरों में थर्ड जेंडर को सम्मान देने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।  

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 MadhyaBharat  3 December 2016

cg thief

      दिवाली बाद ट्विनसिटी में 5 जगह चोरी की बड़ी वारदातों को अंजाम देने वाले शातिर सिक्का गिरोह के सरगना समेत 4 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। वहीं रायपुर के 2 ज्वेलर्स को भी पकड़ा है, जो गिरोह कासोना-चांदी व अन्य चीजें खपाते थे। एसपी अमरेश मिश्रा ने शनिवार को बताया कि सरगना राजेन्द्र नगर रायपुर के राजीव सिक्का सहित शराब कोचिया रामचंद्र वस्त्रकार तिल्दा नेवरा, संदीप शाहजीत शांति नगर भिलाई, लोकेश उर्फ भुरवा वर्मा मांढर को पकड़ा है। इनके अलावा हत्या के प्रयास में जेल काट चुके एकता ज्वेलर्स हलवाई लाइन रायपुर के संचालक मो. फजल खान व बिलियन रिफाइनरी एंड गोल्ड सिल्वर टेस्टिंग जैन मंदिर सदरबाजार के संचालक दीपक डोगडे को गिरफ्तार किया गया है। इनके पास से 8 लाख रुपए के जेवर जब्त हुए हैं। इसमें 166 ग्राम सोना,चांदी के सामान और नगदी शामिल हैं। आरोपियों ने भिलाई-3, कुम्हारी, सुपेला, नेवई और पुलगांव के सूने मकानों में चोरी की थी।  

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 MadhyaBharat  3 December 2016

raipur police

    आईजी प्रदीप गुप्ता ने रायपुर पुलिस के अधिकृत फेसबुक पेज का शुभारंभ किया। उन्होंने बताया कि इस नाम से कई पेज हैं, जिन्हें डिलिट कर दिया जाएगा। पुलिस का अधिकृत पेज 'रायपुर पुलिस 4 यू' होगा। सिविल लाइन के वृंदावन हॉल में आयोजित कार्यक्रम में आईजी और एसएसपी ने अधिकारी कर्मचारियों की क्लास ली और सोशल मीडिया की उपयोगिता बताई। सुंदर नगर में कारोबारी सुनील बजाज, भिलाई में शासकीय अधिकारी के परिवार और देवेंद्र नगर में हवाला करोबारी से लूट करने वाले लव-कुश भाई की तस्वीरें भिलाई के जलाराम स्वीट्स के कैमरे में कैद हो गई थीं। पुलिस ने इन्हें फेसबुक में वायरल करवा दिया, जिसके बाद दोनों के रायपुर में रहने की बात का खुलासा हुआ। आईजी प्रदीप गुप्ता ने इन अपराधियों का उदाहरण देते हुए सोशल मीडिया का महत्व और उपयोगिता बताई। राजधानी पुलिस के फेसबुक पेज के शुभारंभ के पहले मिशन सिक्योर सिटी की झलक दिखी। पेज में मिशन से संबंधित समाचार पत्रों पर प्रकाशित खबरें और यातायात पुलिस द्वारा अग्रसेन कालेज में आयोजित ट्रैफिक की क्लास की जानकारी पोस्ट की गईं। इसके अलावा पेज में लोगों को जामताड़ा गैंग के एटीएम ठगी करने वाले गिरोह से बचने की जानकारी से संबंधित खबरें भी डाली गईं। एएसपी विजय अग्रवाल ने दशकों तक पुलिस में सेवा देने के बाद सेवानिवृत्त होने वाले राजेंद्र नगर में पदस्थ आरक्षक कलाराम खुटे को सम्मानित कर इसका प्रेस नोट पोस्ट किया। राजधानी पुलिस का फेसबुक ओपन होगा। इसमें पोस्ट की गई जानकारी पाने के लिए आपको इसे लाइक करना होगा। इसके बाद यहां पोस्ट की गई जानकारी आप को नोटिफिकेशन से मिलेगी। अपराध संबंधी जानकारी होने पर आप निकट के थाने या कंट्रोल रूम में इसकी जानकारी दे सकेंगे। इसके अलावा पुलिस की हर दिन की कार्रवाई और गतिविधियों को भी आप देख सकेंगे।

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 MadhyaBharat  2 December 2016

cash less

    छत्तीसगढ़ प्रदेश शासन ने शहरी क्षेत्रों में नोट व चिल्लर संकट दूर करने दुकानों और संस्थानों में तेजी से पॉइंट ऑफ सेल (पीओएस) मशीनें लगाने की मुहिम छेड़ दी है। कोशिश की जा रही है कि नगद खरीदी- बिक्री न के बराबर हो और क्रेडिट, डेबिट कार्ड ज्यादा से ज्यादा चलन में आएं। नगरीय निकाय और स्वास्थ्य महकमे ने कवायद शुरू कर दी है। सीएम डॉ. रमन सिंह के अमेरिका से इस बारे में शासन को भेजे निर्देश के बाद बुधवार को नगरीय प्रशासन के संयुक्त सचिव जितेंद्र शुक्ला ने नगरीय निकायों को इसके लिए कदम उठाने कहा। राजधानी में निगमायुक्त रजत बंसल खुद व्यापारी संगठनों से मिले और सहयोग की अपील की। उधर संचालक स्वास्थ्य सेवाएं आर. प्रसन्ना ने बताया कि प्रदेश के सभी अस्पतालों में नगद के साथ साथ-साथ डिजीटल भुगतान- ऑनलाइन ट्रांसफर, क्रेडिट, डेबिट कार्ड से भुगतान स्वीकार किए जाएंगे। रेलवे के आरक्षण काउंटरों में जल्द सभी प्रकार के डेबिट व क्रेडिट कार्ड से भुगतान की सुविधा मिल सकेगी। इसके लिए रिजर्वेशन काउंटरों पर स्वाइप मशीनें लगाई जाएंगी। सीनियर डीसीएम रायपुर मंडल आर. सुदर्शन ने बताया कि इसके लिए मुख्यालय को पत्र लिखा है।

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 MadhyaBharat  1 December 2016

छत्तीसगढ़ में जमीन के ऑनलाइन दस्तावेज  होंगे मान्य

छतीसगढ़ में राजस्व रिकॉर्ड और जमीन के ऑनलाइन दस्तावेज भी जल्द मान्य होंगे। राजस्व विभाग ने एक प्रस्ताव तैयार किया है। इसमें बिना तहसील के चक्कर काटे ऑनलाइन मिले राजस्व रिकॉर्ड को मान्य किया जाएगा। राजस्व विभाग के आला अधिकारियों ने बताया कि अब तक ऑनलाइन रिकॉर्ड निकालने के बाद तहसील में सील लगवाना और अधिकारी का दस्तखत कराना पड़ता था। ऑनलाइन व्यवस्था होने के बाद भी सील लगवाने के लिए आम आदमी को तहसील में भटकना पड़ता था। इसे समाप्त करने के लिए अब ऑनलाइन दस्तावेज में सील पहले से ही लगी रहेगी। सभी दस्तावेज सर्टिफाइड होंगे, जिसके बाद अधिकारी के दस्तखत और सील की जरूरत नहीं होगी। राजस्व विभाग के आला अधिकारियों ने बताया कि सरकार ने तय किया है कि मार्च 2017 तक जमीन से जुड़े सारे रिकॉर्ड ऑनलाइन उपलब्ध हो जाए। वर्तमान में नागरिकों को सरकारी कार्यालयों में आना पड़ता है। बताया जा रहा है कि शहरी क्षेत्रों को छोड़कर ग्रामीण क्षेत्रों में खसरे के अनुरूप जमीन के नक्शों में सुधार के लिए तीन महीने का समयबद्ध विशेष अभियान चलाने का निर्णय लिया है। भू-अभिलेख तैयार करने के बाद गांव के नक्शे में जितने भू-खण्ड निर्धारित किए जाते हैं, उतनी ही संख्या में खसरा नम्बर तय किए जाते हैं। वर्तमान में राज्य के सभी 27 जिलों के भू-अभिलेखों का शत-प्रतिशत कम्प्यूटरीकरण कर लिया गया है। नामांतरण, बंटवारा आदि के मामलों में यह देखा गया है कि जब भी रिकार्ड दुरुस्त किया जाता है तो खसरे में तो भू-खण्ड का विभाजन कर लिया जाता है, लेकिन नक्शे में नहीं किया जाता। इससे राजस्व रिकॉर्ड में काफी अंतर आ जाता है। वर्तमान में प्रदेश के राजस्व अभिलेखों जैसे खसरा पंचसाला तथा नक्शे का शत-प्रतिशत कम्प्यूटरीकरण कर लिया गया है। राजस्व विभाग के अधिकारियों ने बताया कि कम्प्यूटर के माध्यम से यह पता चल जाता है कि किसी भी गांव, तहसील या जिले में खसरा पंचसाला में कितने भू-खण्ड और जमीन के नक्शे में कितने भू-खण्ड हैं। भुंइया सॉफ्टवेयर में भी यह जानकारी देखी जा सकती है। बताया जा रहा है कि दंतेवाड़ा, नारायणपुर, बेमेतरा, बालोद और महासमुन्द जिले को छोड़कर शेष 22 जिलों में खसरा पंचसाला में भू-खण्डों की संख्या और भू-नक्शे में भूखण्डों की संख्या में काफी अंतर है। इसे सुधारने का काम किया जा रहा है।  

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 MadhyaBharat  28 November 2016

रमन सिंह अमेरिका

मुख्यमंत्री डॉ.रमन सिंह अमेरिका में निवेश की संभावनाएं तलाशेंगे । इस दौरान उनके दफ्तर से संबंधित सभी कामकाज ऑनलाइन होंगे। जिन फाइलों पर मुख्यमंत्री के अनुमोदन की जरूरत होगी, उसे ऑनलाइन मुख्यमंत्री को भेजा जाएगा और अमेरिका से ही बाकी कामों के बीच मुख्यमंत्री डिजिटल सिग्नेचर कर फाइलों का निपटारा करेंगे। असल में संवैधानिक व्यवस्था ऐसी है कि मुख्यमंत्री अपना चार्ज किसी और मंत्री को नहीं दे सकते। मुख्य सचिव का चार्ज इस दौरान अपर मुख्य सचिव एनके असवाल के पास होगा। मुख्यमंत्री डॉ.सिंह 26 नवंबर से 4 दिसंबर तक अमेरिका दौरे पर रहेंगे। प्रवास के दौरान वे प्रदेश में निवेश की संभावनाएं तलाशेंगे। वे अलग-अलग सेक्टरों के लोगों से निवेश के संबंध में बातचीत करेंगे। इसके लिए सीएसआईडीसी को नोडल एजेंसी बनाया गया है। अमेरिका दौरा टीम में शामिल अफसरों ने बताया कि सीएम न्यूयार्क में इंजीनियरिंग बेस्ड इंडस्ट्री, फूड प्रोसेसिंग व फार्मास्यूटिकल सेक्टर के लोगों से चर्चा करेंगे। वहीं शिकागो में डिफेंस ऑटोमोबाइल, सेनफ्रांसिस्को में आईटी व फार्मास्यूटिकल इंडस्ट्री से जुड़े लोगों से चर्चा करेंगे। वे गूगल और फेसबुक के दफ्तर जाकर दोनों कंपनियों के सीईओ से मुलाकात कर सकते हैं। मुख्यमंत्री के साथ टीम में मुख्य सचिव विवेक ढांड, प्रमुख सचिव अमन सिंह, उद्योग सचिव सुबोध सिंह सहित अन्य अफसर भी शामिल हैं। डिजिटल युग में फोन, मोबाइल, सोशल मीडिया, ईमेल से सारे काम हो जाते हैं। पिछली बार जब मुख्यमंत्री अमेरिका दौरे पर थे तब आईएएस अफसरों के प्रमोशन की फाइल उन्हें ईमेल की गई थी। अमेरिका से ही उन्होंने एन बैजेंद्र कुमार और एमके राउत के अपर मुख्य सचिव के पद पर प्रमोशन की फाइल को ओके किया था।  

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 MadhyaBharat  26 November 2016

रायपुर जेल में प्रहरियों और कैदियों में भिड़ंत

    रायपुर केंद्रीय जेल में शुक्रवार सुबह प्रहरियों और कैदियों के बीच विवाद के बाद जेल का अलार्म बजाया गया। अलार्म बजने के बाद प्रशासन सतर्क हो गया और जेल में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। गौरतलब है कि गुरुवार को जेल में जांच के दौरान हथियार और नशीला पदार्थ पकड़ा गया था। इसके बाद जेल अधीक्षक राजेंद्र गायकवाड़ को हटा दिया गया। दरअसल जेल में हुई छापेमारी की कार्रवाई का कैदियों ने विरोध किया था। शुक्रवार सुबह बैरक खोलने पर जेल प्रहरियों के साथ उन्होंने नोंक-झोंक शुरू कर दी। विवाद ज्यादा बढ़ने पर जेल प्रहरियों ने इसकी सूचना तत्काल सीनियर अफसरों को दी, जिसके बाद अलार्म बजाकर प्रशासन को सतर्क किया गया। जेल प्रशाशन द्वारा 60 से ज्यादा कैदियों को दूसरी जेलों में शिफ्ट किया जा रहा है, घटना के बाद स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है।  

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 MadhyaBharat  25 November 2016

मालगाड़ी पटरी से उतरी

कानपुर में बड़ा रेल हादसा हुआ तो इधर छत्तीसगढ़ में बड़ा हादसा टल गया। रायपुर-बिलासपुर मार्ग पर एक मालगाड़ी के कई डिब्बे पटरी से उतर गये। घटना आज सुबह की बताई जा रही है। जब मांढ़र-सिलयारी के बीच मालगाड़ी के कई डिब्बे पटरी से उतर गये। घटना के बाद हावड़ा रूट की कई गाड़ी प्रभावित हुई है। हालांकि ट्रेनों के रूट डायवर्ट कर चलाने की कोशिश की जा रही है। वहीं लोकमान्य तिलक काफी देर तक तिल्दा स्टेशन पर खड़ी है। रेलवे के मुताबिक अप एंड मीडिल लाइन की कई गाड़ियां प्रभावित हो रही है। वहीं डाउन लिंक से ट्रेनों की आवजाही जारी है। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे के बड़े अधिकारी मौके पर पहुंच गये हैं। इधर एक लोकल और एक मेमू ट्रेन को रद्द किया गया है। रेलवे के अधिकारियों ने दावा किया है कि जल्द ही परिचालन को व्यवस्थित कर लिया जायेगा।

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 MadhyaBharat  20 November 2016

rashan

  विधानसभा में छत्तीसगढ़  सरकार ने दो बड़ी घोषणाएं की। पहली यह कि सरकारी राशन दुकान से अनाज लेने के लिए आधार कार्ड जरूरी नहीं होगी। दूसरी, आबादी जमीन पर काबिज सभी को पट्टा दिया जाएगा, जिसमें शहरी क्षेत्र भी शामिल हैं। खाद्य मंत्री पुन्नूलाल मोहले ने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव का जवाब देते हुए कहा कि राशन कार्ड में नाम जुड़वाने का काम सतत चल रहा है। कार्ड में दर्ज सभी सदस्यों का पहचानपत्र अनिवार्य है। विधायक डॉ. विमल चोपड़ा ने कहा कि खाद्य विभाग की वेबसाइट से परिवार के आधे सदस्यों के नाम डिलीट हो गए हैं। कहीं- कहीं परिवार के 5- 5 सदस्यों के नाम गायब हैं। आधार कार्ड नहीं होने के कारण लोगों को राशन नहीं दिया जा रहा है। खाद्य मंत्री ने कहा कि बिना सत्यापन और जांच के ही आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका, कोटवार और मितानिनों के राशन कार्ड निरस्त करने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी। जमीन पर काबिजों को मिलेगा पट्टा राजस्व मंत्री प्रेम प्रकाश पाण्डेय ने ऐलान किया कि आबादी जमीन पर काबिज हर व्यक्ति को सरकार जमीन का पट्टा देगी। ग्रामीण क्षेत्रों के साथ ही नगरीय निकायों में भी यह योजना लागू की जाएगी। इसके लिए सभी कलेक्टरों को सर्वे कराने के निर्देश दिए गए हैं। विधायक नवीन मारकंडेय के सवाल के जवाब में मंत्री पाण्डेय ने बताया कि अब तक 11 हजार से अधिक गांवों का सर्वे कराया जा चुका है। विधायक भूपेश बघेल ने पूछा कि क्या भू-राजस्व संहिता सरकार को ऐसा करने की अनुमति देती है? उन्होंने कहा कि इसमें कब्जेधारी के जमीन के सीमांकन में भी दिक्कत होगी। इससे विवाद बढ़ सकता है। मंत्री ने बताया कि पट्टे नियमों को ध्यान में रखकर बांटे जा रहे हैं।  

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 MadhyaBharat  19 November 2016

dabang duniya

 90 लाख रुपए जब्ती में MP-CG के कई शहरों में कार्रवाई की तैयारी छत्तीसगढ़ में जब्त किए गए इंदौर के गुटखा व्यापारी और दबंग दुनिया अखबार के मालिक किशोर वाधवानी के 90 लाख रुपए को लेकर तमाम जांच एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं। इसके नक्सली लिंक होने के संदेह में जहां आईबी और पुलिस चौकस है, वहीं कालेधन और मनी लॉन्ड्रिंग की आशंका ने आयकर विभाग के कान खड़े कर दिए हैं। इसके अलावा वाधवानी के हवाला लिंक से प्रवर्तन निदेशालय भी सजग हो गया है। दिल्ली से लेकर मप्र-छग में सभी एजेंसियों की सक्रियता बढ़ गई है। किशोर वाधवानी से जुड़े मीडिया जगत और व्यापार जगत के लोग पुलिस और आर्थिक अपराध पर नजर रखने वाली एजेंसियों के निशाने पर हैं। -----------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------   छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में 90 लाख रुपए के मामले को लेकर दबंग दुनिया अखबार के मालिक किशोर वाधवानी के सच को खंगालने में पुलिस, आयकर विभाग सहित अन्य विभाग, जांच एजेंसिया जुट गई है। इसमें आयकर विभाग जितनी महत्वपूर्ण भूमिका छत्तीसगढ़ की स्टेट इंटेलीजेंस ब्रांच (एसआईबी) की भी मानी जा रही है। इतनी बड़ी मात्रा में नोटों के बैंक तक आने की पूरी जानकारी एसआईबी को थी, जिसमें उन्हें पता चला था कि मोटी राशि बैंक में जमा होने के लिए रायपुर आ रही है। इस जानकारी पर एसआईबी के जवान सादा कपड़ों में रायपुर के बैंक आॅफ इंडिया की देवेंद्र नगर ब्रांच में खड़े हो गए । इसके कुछ देर बाद दबंग दुनिया अखबार रायपुर के संपादक कपिल भटनागर और अकाउंटेंट मोहम्मद शरीफ 90 लाख 56 हजार रुपए जमा करवाने पहुंचे थे। यह राशि जमा करते ही एसआईबी ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। हवाला का तो नहीं पैसा? छत्तीसगढ़ में बरामद 90 लाख रुपए के हवाला कारोबार लिंक के भी संदेह जताए जा रहे हैं। हवाला की आशंका के चलते छत्तीसगढ़ एसआईबी (स्टेट इंटेलीजेंस ब्यूरो)  और मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ आयकर विभाग, प्रवर्तन निदेशालय  को जानकारी देने की तैयारी कर रहे हैं। माना जा रहा है कि जानकारी मिलने के बाद ईडी इस मामले से जुड़े लोगों पर शिकंजा कस सकती है। ईडी और आयकर की रडार पर ऐसे कई लोग हैं, जिसके साथ किशोर वाधवानी के कारोबारी लिंक हैं। इनमें मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ के साथ महाराष्टÑ के कई लोग भी शामिल हैं। CBI की गिरफ्त में जा चुका है किशोर वाधवानी गुटखे के कारोबार में करोड़ों रुपए की कर चोरी का इल्जाम झेल रहे किशोर वाधवानी को सीबीआई गिरफ्तार कर चुकी है। सेंट्रल एक्साइज विभाग द्वारा  करोड़ों रुपए की टैक्स चोरी का इसे नोटिस भी थमाया गया है, लेकिन कालेधन में लिप्त भ्रष्ट अफसरों की सांठगांठ से इसने टैक्स चोरी के मामले को लंबित करवा के रखा है। अब यह परतें भी खुलेंगी। आरोप लगाए जा रहे हैं कि सीबीआई, सेंट्रल एक्साइज और अपने टैक्स चोरी की कारगुजारियों पर पर्दा डालने के लिए ही किशोर वाधवानी ने अखबार का संचालन शुरू किया है। सरकारी अफसरों पर अड़ी डालकर अपना उल्लू सीधा करने के उद्देश्य से डाले गए इस समाचार पत्र को लेकर भी कई सवाल उठ रहे हैं। MP-CG में बैंक खातों पर आयकर की नजर इधर इतनी बड़ी रकम एक साथ मिलने से आयकर विभाग के भी कान खड़े हो गए हैं। आयकर विभाग ने किशोर वाधवानी के मध्य प्रदेश के इंदौर से लेकर रायपुर तक के खातों पर नजर रखना शुरू हो कर दी है। जिग्नेश कुमार, जेडी एनकम टैक्स, रायपुर  ने बताया कि हमें एसआईबी रायपुर द्वारा 90 लाख रुपए मिले हैं, जिसकी जांच की जा रही है। इन रुपयों के साथ कपिल भटनागर और मोहम्मद सलीम को भी पकड़ा गया है। हम इन लोगों से पूछताछ कर रहे हैं और पता लगा रहे हैं कि यह धन कहां से आया है। यदि यह पैसा अवैध पाया गया तो उस पर नियमानुसार जुर्माना लगाया जाएगा। नक्सली लिंक को लेकर जांच जारी: पी सुंदरराजन SSP छत्तीगढ़  एसआईबी के एसएसपी पी. सुंदरराजन ने कहा है कि हमें 90 लाख रुपए मिले थे। यह राशि फिलहाल आयकर विभाग को दे दी है। नक्सली कनेक्शन को लेकर हमारी जांच अभी जारी है। अभी जांच बहुत ही प्रारंभिक स्थिति में है।  MP पुलिस लेगी जानकारी एमपी-छग की आयकर विंग इस संबंध में किशोर से पूछताछ कर सकती है। वहीं मध्य प्रदेश में नक्सल विरोधी अभियान शाखा भी इस मामले में किशोर से पूछताछ कर सकती है। मध्य प्रदेश में बालाघाट नक्सलियों का बड़ा गढ़ है। मध्य प्रदेश की नक्सल विरोधी अभियान इस संबंध में छत्तीसगढ़ एसआईबी से संपर्क करेगा। एडीजी नक्सल विरोधी अभियान सीवी मुनिराजू ने कहा कि वे इस संबंध में जानकारी लेंगे।  गौरतलब है कि मध्यप्रदेश के 8 जिले नक्सल प्रभावित हैं। पुलिस को आशंका है कि यहां भी नक्सलियों को संदिग्ध लोग फंडिंग कर रहे हैं।[प्रदेश टुडे से ]  

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 MadhyaBharat  18 November 2016

विपक्ष के सभी विधायक निलंबित,विधानसभा में हंगामा

    छत्तीसगढ़ में विधानसभा सत्र के तीसरे दिन विपक्ष के हंगामे के बाद सदन स्थगित कर दिया गया । विपक्ष ने गृहमंत्री रामसेवक पैकरा को दंतेवाड़ा के बारसूर में 2 छात्रों की मौत पर ध्यानाकर्षित किया। गृहमंत्री द्वारा दिए जवान से असंतुष्ट विपक्षी सांसदों ने सरकार विरोधी नारे लगाए और आंसदी तक पहुंच गए। इस दौरान गर्भगृह में नारेबाजी करने पर विपक्ष के सारे विधायकों को निलंबित भी कर दिया गया। बुधवार को हुए लाठीचार्ज पर स्थगन प्रस्ताव पर अमित जोगी ने शून्यकाल में चर्चा की मांग की। स्पीकर ने उनकी मांग को अस्वीकार कर दिया। जिसके बाद अमित जोगी, आरके राय और सियाराम कौशिक ने नारेबाजी की, इसके बाद इन तीनों को सदन से निलंबित कर दिया गया। कुछ देर बार उनका निलंबन रद्द कर दिया गया। शून्यकाल में भूपेश बघेल ने पुलिस द्वारा बोनस की मांग के दौरान मारपीट का मामला उठाया। बघेल ने इस पर स्थगन प्रस्ताव पर चर्चा की मांग की। विधायक देवजी भाई पटेल ने ध्यानाकर्षण में नंदनवन के वीरान होने पर सवाल उठाया। विधायक सरोजनी बंजारे ने नहर मरम्मत के लिए कितनी राशि स्वीकृत हुई इसकी जानकारी मांगी। जिस पर मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने बताया कि इसके लिए करीब एक करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत हुई है। विधायक मनोज मंडावी ने निजी- शासकीय गौशाला की जानकारी मांगी, जिसका जवाब देते हुए मंत्री अग्रवाल ने बताया कि दुर्गकोंदल में एक शासकीय गौशाल है।विधायक श्रवण मरकान ने प्रश्नकाल में सिहावा में स्कूलों के जर्जर भवन का मामला उठाया। मंत्री केदार कश्यप ने इसका जवाब में बताया कि 57 स्कूल जर्जर हैं, जिनका जीर्णोद्धार किया जाएगा।  

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 MadhyaBharat  17 November 2016

cg vidhansabha hangama

छत्तीसगढ़ विधानसभा के  शीतकालीन सत्र में नोटबंदी की चर्चा पर हंगामा हो गया, जिसके बाद सदन की कार्रवाई रोकना पड़ी। कांग्रेस सदस्य काम रोककर पहले इस मुद्दे पर चर्चा की मांग कर रहे थे। कुछ देर बाद सदन की कार्रवाई शुरू हुई और फिर हंगामा होने पर इसे 12 बजे तक स्थगित कर दिया गया। कार्रवाई शुरू होने के बाद फिर हंगामे के बाद तीसरी बार इसे स्थगित करना पड़ा। नोटबंदी से लोगों को हो रही समस्या पर चर्चा के लिए स्थगन प्रस्ताव लाया गया। इसके पहले सत्र में शामिल होने विधायक अमित जोगी, सियाराम कौशिक और आरके राय बैलगाड़ी से विधानसभा पहुंचे। इस दौरान रास्ते में पुलिस ने उन्हें रोक लिया, जिस पर जोगी ने कहा कि हम छत्तीसगढ़ की पारंपरिक गाड़ी से जा रहे हैं, रोकना गलत है। उन्होंने कहा कि सरकार शेर देखने में व्यस्त है और हम यहां बैल दिखाने आए हैं। सियाराम ने कहा कि मैं कांग्रेस का विधायक हूं, लेकिन किसानों की बॉ करने के लिए बैलगाड़ी से आया हूं। करीब एक बजे अमित जोगी और सियाराम कौशिक विधानसभा में गर्भगृह तक पहुंच गए। हंगामे के बीच विधानसभा की कार्रवाई 3 बजे तक के लिए‍ स्थगित कर दी गई। तीनों विधायक धान खरीदी में सरकार द्वारा वादा न निभाए जाने का विरोध कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हम किसी भी सवारी से आएं, सरकार को इसमें एतराज क्यों है। किसान की बैलगाड़ी छत्तीसगढ़ की पहचान है, इसे रोकना प्रदेश का अपमान है। उन्होंने कहा बैलगाड़ी असली छत्तीसगढ़ और सफारी नकली छत्तीसगढ़ है। तीनों विधायक बैलगाड़ी से विधानसभा के अंदर जाने पर अड़े रहे। इस दौरान पुलिस ने उन्हें घेर रखा। बैलगाड़ी में ही बैठकर तीनों विधयकों ने अध्यक्ष को 'विशेषाधिकार हनन' पर कार्यवाही बाबत पत्र लिखा। उन्होंने बैलगाड़ी से विधानसभा के अंदर आना कोई गुनाह नहीं। कोई नियम नहीं तोड़ा, फिर भी क्यों रोका। बैलगाड़ी को विधानसभा के प्रांगण तक में न आने देना, प्रदेश के 70 लाख किसानों का अपमान है। सात दिवसीय इस सत्र के पहले दिन कांग्रेस की ओर से मनरेगा के लंबित भुगतान और प्रदेश में कुपोषित बच्चों की संख्या में वृद्धि को लेकर ध्यानकर्षण प्रस्ताव लाया जा सकता है। विधानसभा में प्रदेश में महिलाओं के उत्पीड़न के मामले पर भी चर्चा हो सकती है। विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल ने बताया कि पक्ष-विपक्ष के सदस्यों की ओर से 830 सवाल लगाए गए हैं। इनमें 446 तारांकित व 384 अतारांकित शामिल हैं। सत्र के पहले दिन पंचायत एवं ग्रामीण विकास, स्वास्थ्य और पर्यटन के सवालों का जवाब दिया जाना कार्यसूची में शामिल है। 16 नवंबर को दूसरा अनुपूरक बजट पेश किया जाना प्रस्तावित है। शीतसत्र में पांच संशोधन विधेयक भी पेश किए जा सकते हैं,इनमें छत्तीसगढ़ भाड़ा नियंत्रण संशोधन विधेयक, लोक आयोग संशोधन विधेयक, सहकारी समिति संशोधन विधेयक, गौसेवा आयोग संशोधन विधेयक व विनियोग विधेयक शामिल हैं। शीत सत्र के लिए ध्यानाकर्षण की 74, शून्यकाल की एक व नियम 139 के तहत तीन सूचनाएं प्राप्त हुई हैं। अशासकीय संकल्प की 11 सूचनाएं मिली हैं।  

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 MadhyaBharat  15 November 2016

chatisgadh vidhansabha

 छत्तीसगढ़ विधानसभा का शीतकालीन सत्र 15 से 21 नवंबर तक चलेगा। इस सत्र के दौरान पांच बैठकें होंगी। यह सत्र भी हंगामेदार होने के आसार हैं। पक्ष-विपक्ष के सदस्यों की ओर से 830 सवाल लगाए गए हैं। इनमें 446 तारांकित व 384 अतारांकित शामिल हैं। विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए बताया कि शीतसत्र के दौरान 16 नवंबर को राज्य सरकार की ओर से चालू वित्तीय वर्ष के लिए दूसरा अनुपूरक बजट भी पेश किया जाएगा। इस पर 17 नवंबर चर्चा होगी और इसी दिन इसे पारित कर दिया जाएगा। शीतसत्र में पांच संशोधन विधेयक भी पेश किए जाएंगे। इनमें छत्तीसगढ़ भाड़ा नियंत्रण संशोधन विधेयक, लोक आयोग संशोधन विधेयक, सहकारी समिति संशोधन विधेयक, गौसेवा आयोग संशोधन विधेयक व विनियोग विधेयक शामिल हैं। इसके अलावा सदन में छत्तीसगढ़ भाड़ा नियंत्रण संशोधन अध्यादेश 2016 भी सदन के पटल पर रखा जाएगा। विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि शीत सत्र के लिए ध्यानाकर्षण की 74, शून्यकाल की एक व नियम 139 के तहत तीन सूचनाएं प्राप्त हुई हैं। अशासकीय संकल्प की 11 सूचनाएं प्राप्त हुई हैं, जिनमें से तीन सूचनाएं ग्राह्य की गई हैं। इसके साथ ही 14 याचिनाएं भी प्राप्त हुई है। इस सत्र में बिलासपुर जिले के सकरी, पेंड्रा, मरवाही, गौरेला के नसबंदी शिविरों में 13 महिलाओं की मौत व कई महिलाओं के गंभीर रूप से अस्वस्थ्य होने की घटना की न्यायिक जांच रिपोर्ट पर भी चर्चा कराई जा सकती है। शीत सत्र की अवधि कम किए जाने के सवाल पर विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि सरकार सत्र आहूत करती है। सरकार के प्रस्ताव पर ही अवधि तय होती है। चर्चा के समय कम लगेगा तो सत्र की बैठकें बढ़ाई जा सकती है। उन्होंने इस बात से इंकार किया कि सत्र की अवधि कम करने का प्रयास किया जा रहा है। विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल व प्रमुख सचिव देवेंद्र वर्मा 13 से 17 दिसंबर के बीच लंदन में होने वाले राष्ट्रकुल संसदीय सम्मेलन(सीपीए) में हिस्सा लेंगे। इसके पहले यह सम्मेलन पाकिस्तान व बांग्लादेश में आयोजित होने वाला था, जो स्थगित हो गया था। लंदन में आयोजित सम्मेलन में भारत के विभिन्न राज्य विधानमंडलों के पीठीसीन अधिकारी शामिल होंगे। पूरे देश से तीन विधानमंडलों के सचिव या प्रमुख सचिव को सम्मेलन में बुलाया गया है, जिनमें छत्तीसगढ़ विधानसभा के प्रमुख सचिव देवेंद्र वर्मा शामिल हैं। विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि सदन की कार्यवाही का टीवी चैनलों पर सीधा प्रसारण की तैयारियां की जा रही हैं। इसके लिए पूरी तैयारी भी कर ली गई हैं। केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय से अनुमति के लिए प्रयास किया जा रहा है। इस सिलसिले में केंद्रीय मंत्री वेंकैया नायडू से चर्चा की जाएगी। मुख्य विपक्षी कांग्रेस शीतसत्र में राज्य सरकार को घेरने की तैयारी में हैं। बस्तर जिले में दो छात्रों की नक्सली बताकर हत्या सहित फर्जी मुठभेड़, कानून व्यवस्था की स्थिति, पुलिस अभिरक्षा में मौत, नगरनार स्टील प्लांट के निजीकरण के प्रयास, राज्य विद्युत कंपनियों के निजीकरण, धान खरीदी, किसानों को बोनस आदि मुद्दों को लेकर विपक्ष सदन में उठा सकता है। कुछ मुद्दों पर स्थगन प्रस्ताव लाए जाने की संभावना है। नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव ने बताया कि शीत सत्र के लिए रणनीति बनाने के लिए 14 नवंबर शाम कांग्रेस विधायक दल की बैठक बुलाई गई है। इसके पहले पार्टी के पूर्व विधायकों की भी बैठक होगी। सिंहदेव ने कहा कि सरकार को घेरने के लिए विपक्ष के पास जनहित से जुड़े कई ज्लवंत मुद्दे हैं। कांग्रेस के निलंबित विधायक आरके राय के निलंबन की सूचना भी जल्द ही विधानसभा सचिवालय को भेजी जाएगी।  

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 MadhyaBharat  11 November 2016

छत्तीसगढ़ में नोट मिलते ही लोग हुए खुश

  रायपुर में  बड़े नोट बंद होने के बाद गुरुवार सुबह से बैंकों और पोस्ट ऑफिस में इन्हें बदलने का काम शुरू हो गया। अपने पुराने नोट बदलवानें के लिए लोग बैंकों के खुलने से पहले ही बाहर लाइन लगाकर खड़े रहे। जैसे ही बैंक खुली और लोगों ने अपने नोट बदले तो उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। इस दौरान कई लोगों का कहना था कि सरकार के इस फैसलें से कुछ परेशानी तो हुई, लेकिन यह हमारे देशहित में है। भिलाई के वैशाली नगर- यूको बैंक, सेक्टर-1 में एसबीआई बैंक, चार हजार रुपए ही दिए जा रहे हैं। यहां दो हजार रुपए के नोट मिलने लगा है। जांजगीर में बैंकों के बाहर नोट बदलने के लिए लंबी भीड़ लगी है, लोग मशक्कत कर रहे हैं। अंबिकापुर में बैंक में अधिकारियों के पहुचते ही ग्राहकों में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर पुलिस व्यवस्था की गई है। बैंक के अंदर लोगों को पांच से दस की संख्या में प्रवेश दिया जा रहा है। इस व्यवस्था के संचालन से बैंक उपभोक्ताओं को दिक्कत का सामना भी करना पड़ रहा है। कोरबा, रायगढ़ और जशपुर में सहित प्रदेश के सभी नगरों में बैंकों में लोगों की भीड़ लगी है। सरकार ने पहले ही बता दिया है कि एक दिन में केवल 4000 रुपए के नोट ही बदले जाएंगे।बैंक जाने से पहले अपनी पासबुक और पहचान पत्र जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड, राशन कार्ड या फिर वोटर आईडी कार्ड ले जाना ना भूलें।अगर कोई इससे ज्‍यादा रकम को बैंक में जमा करवाना चाहता है तो उसकी कोई सीमा नहीं है।आज से ही बैंक से आम जनता एक दिन में 10 हजार रुपए तक निकाल सकेगी।इसके अलावा बैंक में पुराने नोट देकर नए नोट लेने के लिए एक फॉर्म भरना होगा।बैंक में ज्‍यादा भीड़ होने पर पैसे जमा करने के लिए आप बैंक में लगी कैश डिपॉजीट मशीन का उपयोग कर सकते हैं।  

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 MadhyaBharat  10 November 2016

cgeb

बिजली विभाग उतरा विरोध में छत्तीसगढ़ में बिजली कंपनियों के प्राइवेट लिमिटेड होने के बाद यह आशंका बढ़ गई है कि नए टेरिफ में बिजली के दाम बढ़ जाएंगे। बिजली मामलों के जानकारों का कहना है कि सरकार ने खर्चों में कटौती का हवाला देकर बिजली कंपनी को प्राइवेट लिमिटेड किया है, लेकिन इससे न तो खर्चों में कमी आएगी, न ही आम आदमी को लाभ होगा। विद्युत मंडल से बिजली कंपनी बनने में बिजली के दाम तीन गुना ज्यादा बढ़ गए। वर्ष 2009 में विद्युत मंडल के समय दो रुपए से कम में बिजली की सप्लाई होती थी, जो बिजली कंपनी बनने के बाद 6 रुपए से ज्यादा हो गई है। जानकारों की मानें तो जिस प्रदेश में निजी कंपनियां आई हैं, वहां बिजली के दाम में मनमानी बढ़ोत्तरी हुई है। ऐसे में सरप्लस स्टेट होने के बावजूद छत्तीसगढ़ में दाम बढ़ेगा। बिजली कंपनी के अधिकारियों ने बताया कि देश में छत्तीसगढ़ पहला राज्य है, जहां बिजली कंपनी को प्राइवेट लिमिटेड किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि ऊर्जा विभाग के अधिकारी जिस कंपनी एक्ट का हवाला देकर प्राइवेट लिमिटेड करने जा रहे हैं, उसमें संशोधन हुआ था। कंपनी एक्ट के नए संशोधन के आधार पर पब्लिक लिमिटेड कंपनी के कामकाज को पारदर्शी बनाने की पहल की गई थी। इसमें कंपनी के बिजनेस के आधार पर डायरेक्टरों की नियुक्ति करनी थी। ऊर्जा विभाग के अधिकारियों ने डायरेक्टरों की संख्या बढ़ने का हवाला देकर इसे स्वीकार नहीं किया। अधिकारियों ने बताया कि कंपनी एक्ट में प्रावधान है कि योग्य और अनुभवी अधिकारियों को डायरेक्टर बनाया जा सकता है, लेकिन विभाग ज्यादा लोगों को निर्णय लेने वाली बाडी में शामिल नहीं करना चाहती है, इसलिए इसे स्वीकार नहीं किया। यही नहीं, इसमें सेंट्रल इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड का एक अधिकारी और एक महिला को डायरेक्टर बनाना था। सरकार के फैसले के विरोध में कर्मचारी संगठन उतर गए हैं। छत्तीसगढ़ विद्युत अधिकारी एवं कर्मचारी समन्वय समिति में 13 संगठनों ने विरोध का निर्णय लिया है। अभियंता संघ के महासचिव पीके खरे ने बताया कि सरकार के निर्णय से 18 हजार कर्मचारी प्रभावित होंगे। उन्होंने बताया कि बिजली व्यवस्था को सुधारने के लिए देश में इंटीग्रेटेड सिस्टम बनाया जा रहा है, जबकि प्रदेश में इसके उलट निजीकरण किया जा रहा है। इसका संयुक्त अधिकारी कर्मचारी संघ विरोध करेगा। अगर आदेश को तत्काल निरस्त नहीं किया गया, तो कर्मचारी मंगलवार को गेट मिटिंग करके विरोध करेंगे। बिजली कंपनी के आला अधिकारियों ने बताया भाजपा शासित राज्य असम में कई बिजली कंपनियां थी, लेकिन कामकाज को सुधारने के लिए वहां सभी कंपनियों को मिलाकर बिजली बोर्ड का गठन किया गया है। ऐसे में छत्तीसगढ़ में नया प्रयोग करके सरकार सही कदम नहीं उठा रही है। माकपा ने पब्लिक लिमिटेड विद्युत कंपनियों को प्राइवेट लिमिटेड कंपनियों में बदलने के भाजपा सरकार के निर्णय को विद्युत क्षेत्र का निजीकरण करार दिया है। माकपा के राज्य सचिव संजय पराते ने कहा कि यह केवल शब्दों की हेरा-फेरी नहीं है, जैसा कि सरकार का दावा है। बल्कि अब इन कंपनियों से सरकार का नियंत्रण ही पूरी तरह से ख़त्म हो जायेगा। आप के प्रदेश सचिव नागेश बंछोर ने बताया कि पहले भी बिजली की दरों को बढ़ाने वाले निर्णय लेने वाली रमन सिंह सरकार के इस निर्णय से बिजली की दरें आसमान छूने लगेंगी। प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं पर महंगाई की मार पड़ेगी।  

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 MadhyaBharat  8 November 2016

rajnath singh atankvad

राज्योत्सव के समापन में गृहमंत्री राजनाथ सिंह   रायपुर में केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि आतंकवाद बहादुरों का नहीं कमजोरों का हथियार है, लेकिन शायद इस हकीकत को हमारा पड़ोसी देश नहीं समझ रहा है। सिंह ने आज छत्तीसगढ़ की नई राजधानी नया रायपुर में पांच दिवसीय राज्योत्सव के समापन पर राज्य स्थापना दिवस अलंकरण समारोह को संबोधित करते हुए पाकिस्तान का नाम लिए बगैर कहा कि एक हमारा पड़ोसी देश है जो बार बार आतंकवाद को बढ़ावा देता है तथा भारत को परेशान करने की कोशिश करता है। वह भारत में आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ावा देता है। गृहमंत्री ने कहा कि शायद वह इस हकीकत को नहीं समझ रहा है कि आतंकवाद बहादुरों का नहीं कमजोरों का हथियार होता है।सिंह ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि सभी ने देखा कि किस तरह से हमारी सेना के जवानों को चोरी से मारा गया। लेकिन बाद में हमारे सेना के जवानों ने जो करिश्माई काम किया है वह सबके सामने है। राजनाथ सिंह ने कहा कि वह यकीन दिलाना चाहते हैं कि यह सरकार भारत का मस्तक कभी झुकने नहीं देगी। केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि आज भारत तेजी के साथ तरक्की कर रहा है। सार्वाधिक तेजी से आगे बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था यदि किसी देश की है तो वह भारत की है। कुछ देशों को इससे जलन हो रही है। वह भारत को अस्थिर करना चाह रहे हैं। भारत को कमजोर करना चाहते हैं। वह विश्वास दिलाना चाहते हैं कि भारत को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सशक्त नेतृत्व मिला है। दुनिया की कोई भी ताकत भारत को कमजोर नहीं कर सकती है। राजनाथ ने छत्तीसगढ़ में माओवाद की समस्या को लेकर कहा कि राज्य में तेजी से विकास हो रहा है, लेकिन यहां माओवादी गतिविधियां हम सबके लिए चिंता का विषय है। यहां की सरकार ने चुनौती को स्वीकार किया है और इसमें कामयाबी हासिल होगी। केंद्र सरकार की ओर जो भी सहयोग की आवश्यकता होगी, वह मुहैया कराई जाएगी। केंद्रीय गृहमंत्री ने कहा कि वह आदिवासी भाइयों और बहनों से कहना चाहते हैं कि माओवादी नहीं चाहते कि उनके गांव तक सड़कें बनें। वे नहीं चाहते हैं कि आदिवासी बच्चों को शिक्षा मिले। वे नहीं चाहते कि उन्हें (आदिवासियों को) संचार सुविधा मिले तथा वे नहीं चाहते हैं कि आदिवासी गरीब बेरोजगार नौजवानों को रोजगार का अवसर मिले। उन्होंने कहा कि चीन माओवाद का बहुत बड़ा समर्थक था। लेकिन अब चीन में माओवाद का भविष्य समाप्त हो गया है। लेकिन यहां पर माओवाद है। यहां माओवाद बढ़ाने की कोशिश की जा रही है। गृह मंत्री ने कहा, ‘‘मै अभी भी कह रहा हूं, आप इस काम को छोड़िए, आपको इस काम को छोड़ना चाहिए, नहीं तो आपको इस काम को छोड़ना पड़ेगा।’’ सिंह ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली केंद्र की सरकार भारत को केवल महाशक्ति नहीं बनाना चाहती हैं, बल्कि हम भारत को विश्वगुरू बनाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि जब उनसे पूछा जाता है कि क्यों वह भारत को महाशक्ति नहीं बल्कि विश्वगुरू बनाना चाहते हैं, तब वह कहते हैं कि जब कोई बहुत ताकतवर हो जाता है, तब उसके साथ खड़े होने में लोगों को भय लगने लगता है। हम ऐसा नहीं बनना चाहते हैं कि हमारे बगल में खड़े होने में किसी देश को भय हो। राजनाथ सिंह ने कहा कि हम ऐसे हालात पैदा करना चाहते हैं जैसे किसी गुरू के साथ खड़े होने में अनुकूल संवेदना, अनुकूल अनुभूति और सुखद अनुभूति होती है। हम ऐसा भारत बनाना चाहते हैं। इस दौरान सिंह ने छत्तीसगढ़ में हो रहे विकास के कामों की जमकर तारीफ की। उन्होंने छत्तीसगढ़ सरकार की आदर्श सार्वजनिक वितरण प्रणाली, किसानों को शून्य ब्याज दर पर रिण सुविधा, गरीब परिवारों की महिलाओं को उज्ज्वला योजना के तहत मात्र दो सौ रूपए में रसोई गैस कनेक्शन देने की योजना सहित कई योजनाओं का विस्तार से उल्लेख किया। राजनाथ सिंह ने कहा कि ऐसे कार्य सिर्फ वे ही कर सकते हैं, जिनके मन में गरीबों के लिए कुछ कर दिखाने की तड़प हो। छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य में करिश्माई काम किए हैं, जिसकी कोई कल्पना भी नहीं कर सकता है। सिंह ने इस अवसर पर 18 नागरिकों और दो संस्थाओं को राज्य अलंकरणों से सम्मानित किया।

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 MadhyaBharat  6 November 2016

कुत्ते ने मचाया कोहराम ,15 लोगों को काटा

रायपुर के संतोषी नगर के पीछे ब्रिज नगर, मोती नगर और गोकुल नगर में खूंखार आवारा कुत्ते ने शुक्रवार शाम को बच्चों सहित 15 लोगों को बुरी तरह काट लिया। आवारा कुत्ता इलाके में दो घंटे कोहराम मचाता रहा। उसने घूम-घूम कर 3 साल के बच्चे से लेकर 50 साल तक के लोगों को शिकार बनाया। उसने किसी का गाल काट खाया तो किसी का कान। खौफजदा लोगों ने बताया कि कुत्ता छोटे बच्चों को जमीन पर घसीट-घसीट कर भेड़-बकरी की तरह नोचता ,काटता रहा। उसने घर के दरवाजे पर बैठी 3 साल बच्ची की जांघ और पुठ्ठे पर 17 जगह काटा। सबसे ज्यादा चोट ब्रिज नगर में रहने वाली 6 साल की खुशी साहू को आई है। कुत्ते के काटने से उसके दाएं गाल का आधे से ज्यादा मांस उखड़ गया है, जिससे जबड़ा दिखने लगा है। उसके साथ खेल रहे बच्चों ने बताया कि कुत्ते के हमले से वे डर गए और वहां से भाग खड़े हुए । इस दौरान परिजन और वार्ड 52 की पार्षद जोन आयुक्त को फोन लगाते रहे, लेकिन उन्होंने यह कह कर फोन काट दिया कि कुत्ता पकड़ना मेरी जिम्मेदारी नहीं है। इस पर जोन आयुक्त से उनके मोबाइल पर कॉल कर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन नहीं हो पाया। घटना के कुछ देर बाद जिला और अंबेडकर अस्पताल में घायल बच्चों और परिजनों की भीड़ लग गई। देर शाम तक 11 लोगों को इलाज के बाद घर भेज दिया गया। गंभीर रूप से घायल खुशी अभी अस्पताल में भर्ती है। इतनी बड़ी संख्या में लोगों को कुत्ता काटने की यह दूसरी घटना है। तीन माह पहले संजय नगर में एक आवारा कुत्ते ने दो घंटे के भीतर 20 लोगों जख्मी किया था। लगातार हो रही इन घटनाओं ने निगम की व्यवस्था की पोल खोल दी है। चौंकाने वाली बात यह है कि घटना की जानकारी मिलने के बाद भी देर रात तक निगम का कोई भी अधिकारी पीड़ित परिवारों से मिलने नहीं पहुंचा।  

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 MadhyaBharat  5 November 2016

modi-ig kalluri

छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बस्तर आईजी एसआरपी कल्लूरी की मुलाकात सुर्ख़ियों में है  । कल्लूरी ने राज्योत्सव स्थल पर मोदी का स्वागत किया। इस अवसर पर जब मुख्यमंत्री डॉ.रमन सिंह ने प्रधानमंत्री मोदी को कल्लूरी का परिचय दिया तो उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा इन्हें तो मैं पहले से जानता हूं। जब चुनाव प्रचार पर सरगुजा आता था तो यही मुझे रिसीव किया करते थे। कल्लूरी ने इस पर कहा कि सर अगले चुनाव से पहले नक्सलवाद खत्म हो जाएगा। इस पर पीएम ने कहा-गुड। मोदी की कल्लूरी से हुई यह मुलाकात सोशल मीडिया पर छाई हुई है। कल्लूरी समर्थक इसे बड़ी उपलब्धि मान रहे तो विरोधी कह रहे पीएम ने पद की गरिमा तार-तार कर दी है। जानकारी के मुताबिक पहले पीएम से आईजी कल्लूरी की मुलाकात तय नहीं थी। 31 अक्टूबर की रात सरकार के रणनीतिकारों ने तय किया कि चूंकि पहली बार बस्तर में नक्सली बैकफुट पर हैं इसलिए आईजी से पीएम की मुलाकात कराना चाहिए। ताड़मेटला कांड में सीबीआई की चार्जशीट के बाद से कल्लूरी विपक्ष के निशाने पर हैं। ऐसे में सरकार ने तय किया कि इस बहाने यह संदेश दिया जाए कि सरकार कल्लूरी के साथ खड़ी है। इसके बाद स्वागत करने वालों की सूची पीएमओ भेजी गई। वहां से सूची फाइनल होने में रात 11 बज गए। 11.30 बजे प्रमुख सचिव गृह बीवीआर सुब्रमण्यम ने कल्लूरी को फोन किया और तत्काल रवाना होने को कहा। कल्लूरी रात 12 बजे रवाना हुए और सुबह तय समय पर राज्योत्सव स्थल पर पहुंच गए। उन्हें स्वागत करने वालों की कतार में सबसे पहले रखा गया था। पीएम मोदी जैसे ही बीएमडब्ल्यू कार से नीचे उतरे सबसे पहले कल्लूरी का ही उनसे परिचय कराया गया। इससे यह भी साफ हो गया है कि फिलहाल कल्लूरी को हटाने के मूड में सरकार नहीं है। पीएम से हाथ मिलाते कल्लूरी की तस्वीर सोशल मीडिया में छाई रही। पक्ष में जगदलपुर से कल्लूरी समर्थक किशोर पारख ने फेसबुक पर लिखा बस्तर से नक्सलियों का सफाया तय। केंद्र और राज्य दोनों प्रतिबद्ध हैं  हैं। दिल्ली के पत्रकार राहुल पंडित और बस्तर के आदिवासी पत्रकार मंगल कुंजाम ने भी तस्वीर शेयर की है और जो तथ्य हैं उसे रखा है, न आलोचना न प्रशंसा।  

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 MadhyaBharat  3 November 2016

chattisgadh rajyotsav

'दुनिया में लोगों ने फिर अपने दिल थामे, आया हूं लेकर मैं फिर कितने हंगामे'... डॉन फिल्म के इस गाने के साथ जब बॉलीवुड सिंगर शान ने एंट्री की तो बिल्कुल डॉन सा एहसास हुआ। शान ने गाया 'मुझको पहचान लो मैं हूं शान'.. फिर देखना क्या था पूरी ऑडियंस गैलरी तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठी। लंबे इंतजार के बाद कई सुपर स्टार को अपनी अवाज दे चुके शान को सुनने आईएएस, आईपीएस जैसे आला अधिकारियों के साथ ऑडियंस गैलरी में हजार से भी ज्यादा लोग मौजूद थे। मौका था राज्योत्सव 2016 के सांस्कृतिक मंच का। शान जब इस गाने के साथ पहले दिन की आखिरी प्रस्तुति लेकर मंच पर आए, तो ऑडियंस की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। शान ने इसके बाद 'बहती हवा सा था वो', 'बिन कुछ कहे बिन कुछ सुने हाथों में हाथ लिए, चार कदम बस चार कदम चल दो न साथ मेरे' जैसे गाने गाए। शान ने कई मशहूर गानों से ऑडियंस की तालियां बटोरी।इस दौरान शान ने छत्तीसगढ़ स्थापना के 16 साल पूरे होने पर सभी को शुभकामनाएं दीं और कहा कि छत्तीसगढ़ इतने कम समय काफी आगे बढ़ गया है। मेरे लिए खुशी की बात है कि मुझे यहां परफॉर्म करने का मौका मिला। मंच पर शान से पहले सारेगामा फेम सोमदत्ता भट्टाचार्य और सुमेधा कर्महे ने भी प्रस्तुति दी। सोमदत्ता ने 'मैं तैनू समझावां क्यूं' गाकर समां बांधा। वहीं सुमेधा ने हिन्दी गानों के अलावा छत्तीसगढ़ी गाना गाया और आखिर में दिल्ली 6 का गाना 'ससुराल गेंदा फूल' गाकर दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। राज्योत्सव के मंच पर शास्त्रीय नृत्व भरतनाट्यम, ओडिसी और कथक ने भी दर्शकों का मन मोह लिया। बेंगलुरु की नृत्यांगना पूर्णिमा अशोक ने संस्कृत में श्री कृष्ण की प्रशंसा पर लिखी 'अधरम मधुरम वदनम मधुरम नयनम मधुरम हसितम मधुरम, हृदयम मधुरम गमनम मधुरम मधुराधिपतेरखिलम मधुरम' श्लोक पर नृत्य प्रस्तुत किया। इस नृत्य के जरिए भगवान कृष्ण के अधर (होठ), मुख (चेहरे), नेत्र, हंसी, हृदय को मधुर बताया। भारतीय शास्त्रीय नृत्य में भरतनाट्यम के अलावा गुड़गांव के पतित कला ग्रुप ने कविता मोहंती के नेतृत्व में ओडिसी और कथक की जुगलबंदी की। इसके अलावा साथियों ने दशम्‌ विद्या के जरिए 40 मिनट तक देवी के दस रूपों को प्रस्तुत किया। पहले दिन छत्तीसगढ़ी फैशन शो भी आकर्षण का केन्द्र रहा, जिसमें कोलकाता के मॉडल्स ने पिछले 100 साल के छत्तीसगढ़ी लाइफ स्टाइल को प्रस्तुत किया। स्वातीज ग्रुप की तरफ से इस शो में खानपान, कपड़े, रहन-सहन को दर्शाया गया। स्वाति सोनी ने अपने ग्रुप के साथ लगभग आधे घंटे तक इसकी प्रस्तुति दी। इस दौरान कर्मा, सुआ नृत्य भी प्रस्तुत किए गए, जिसे स्थानीय कलाकारों ने किया। मंच पर रंग छत्तीसगढ़, लोक रंग, लोक नृत्य, गुजरात राज्य का लोक नृत्य और ड्रम्स ऑफ इंडिया का भी खासा आकर्षण रहा। अर्जुंदा के दीपक चंद्राकर ने लोक रंग, पद्म भूषण तीजन बाई, पद्मश्री पूना राम निषाद, पद्मश्री ममता चंद्राकर और सुरुज बाई पांडे ने रंग छत्तीसगढ़ प्रस्तुत किया। दक्षिण-मध्य क्षेत्र सांस्कृति परिषद की तरफ से ड्रम्स ऑफ इंडिया और गुजरात के लोक नृत्य की प्रस्तुति दी गई। इसके अलावा दंतेवाड़ा के गौर माड़िया, बेमेतरा के कर्मा, शोभिता श्रीवास्तव ने नृत्य और बेमेतरा के वर्ल्ड एकेडमिक स्कूल के बच्चों ने लोक नृत्य प्रस्तुत किया।  

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 MadhyaBharat  2 November 2016

pm modi raipur

छत्तीसगढ़ के राज्योत्सव में प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद पर निशाना साधते हुए कहा कि देश की सभी समस्याओं का समाधान केवल विकास से हो सकता है। हम हमेशा विकास के पथ पर बढ़ने के लिए समर्पित रहते हैं। नया रायपुर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ राज्योत्सव का उद्धाटन किया और कहा अभी देश दीपावली के त्योहार में डूबा हुआ है, ऐसे समय मुझे छत्तीसगढ़ आने का अवसर मिला मैं आप सभी को इसकी शुभकामनाएं देता हूं। पीएम ने कहा आज पूरे छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश, उत्तराखंड, बिहार और झारखंड की तरफ से हम पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहार वाजपेयी का धन्यवाद करते हैं। इतने शांतिपूर्ण ढंग से अलग राज्यों का निर्माण करना बहुत मुश्किल है। लोकतंत्र की मर्यादाओं का पालन करते हुए और सभी की भावनाओं का सम्मान करते हुए राज्य की रचना कैसे की जाती है यह इसका एक बड़ा उदाहरण है। देश की सभी समस्याओं का समाधान केवल विकास से हो सकता है। हम हमेशा विकास के पथ पर बढ़ने के लिए समर्पित रहते हैं। पीएम ने कहा जंगल सफारी को देखने के लिए प्रदेश से ही नहीं बाहर से भी पर्यटक आएंगे। छत्तीसगढ़ के जंगलों में ईको-टूरिज्म की संभावना है। पीएम ने कहा कि टूरिज्म एक ऐसा क्षेत्र है जिसमें कम पूंजी में ही काम शुरू किया जा सकता है। इसमें गरीब से गरीब आदमी भी आसानी से रोजगार पा सकता है। पीएम ने कहा- गरीब को अगर हुनर और काम करने का अवसर दिया जाए तो वह अपने परिवार सहित आस-पास के लोगों की भी गरीबी मिटाने में सक्षम हो जाता है। हमारे देश में लाखों बच्चे टीकाकरण से वंचित रह जाते हैं। इसके लिए हमने इंद्रधनुष योजना की शुरुआत की, जिसमें उन बच्चों को ढूंढकर टीका लगाया गया जो इससे वंचित रह गए हैं। एक जमाना था जब पॉर्लमेंट मेंबर को 25 गैस कनेक्शन के कूपन मिलते थे। लोग उनके पास गैस कनेक्शन पाने के लिए सिफारिश लगाते थे। उस समय गैस कनेक्शन पाना बहुत कठिन था। पीएम ने कहा- मैंने उस गरीब मां के लिए यह बीड़ा उठाया जो रोज चूल्हा जलाकर खाना बनाती है। एक बार चूल्हे में खाना बनाने में शरीर के अंदर 500 सिगरेट के बराबर का धुंआ जाता है। इसे हटाने के‍ लिए हमनें उज्जवला योजना शुरू की। इस दौरान प्रधानमंत्री ने किसानों के लिए उपयोगी किसान बीमा योजना का उल्लेख किया। छत्तीसगढ़ ने कई ऐसे प्रोजेक्ट शुरू किए जिसमें किसान वेल्यू एडिशन कर अपनी कमाई बढ़ा सकता है। गन्ना पैदा करने वाला किसान सिर्फ गन्ना बेचेगा तो कम पैसा मिलेगा, लेकिन गन्ने से शुगर बनाकर बेचेगा तो ज्यादा पैसा मिलेगा। पीएम ने कहा कि हम राज्यों के बीच विकास की स्पर्धा चाहते है। राज्य सरकार बिना कोई भेदभाव के केंद्र सरकार सभी की सहायता करने के लिए तैयार है। इस दौरान मंच पर राज्यपाल बलराम दासजी टंडन, सीएम डॉक्टर रमन सिंह और प्रदेश के कई मंत्री भी मौजूद हैं। सीएम ने कहा कि आज भाई दूज का पावन अवसर है और आज उनका भाई उनके बीच पहुंचा है। जिन्होंने पांच करोड़ बहनों के आंखों के आंसू रोकने के लिए उज्जवला योजना की शुरुआत की। इस दौरान सीएम ने प्रदेशवासियों को छत्तीसगढ़ के स्थापना दिवस की बधाई दी। सीएम ने कहा कि छत्तीसगढ़ 2018 में ही खुले में शौच से मुक्त हो जाएगा। आईए आज हम सभी यह प्रण ले।प्रधानमंत्री देश के किसानों को सौर सुजला योजना की सौगात देंगे। इसके तहत किसानों को अनुदान पर सौर ऊर्जा सिंचाई पंप दिए जाएंगे। मोदी स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत मुंगेली व धमतरी जिले के साथ-साथ राज्य के 15 विकासखंडों को खुले में शौचमुक्त (ओडीएफ) घोषित होने पर सम्मानित करेंगे। संबंधित जिपं अध्यक्ष, कलेक्टर , सीईओ व जनपद पंचायत अध्यक्षों सम्मान ग्रहण करेंगे। इसके पहले नया रायपुर में उन्होंने जंगल सफारी का लोकार्पण किया। उद्धाटन के दौरान सीएम डॉ रमन सिंह ने प्रधानमंत्री को बाघ की तस्वीर भेट की। इसके बाद वे नया रायपुर के दीनदयाल सर्कल पहुंचे, जहां प्रधानमंत्री ने पं. दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा का अनावरण किया। यहीं उन्होंने एकात्म पथ लोकार्पण भी किया। इस दौरान सीएम डॉ रमन सिंह ने उन्हें इस पथ से जुड़ी सारी जानकारी दी।  

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 MadhyaBharat  1 November 2016

modi raipur

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी छत्तीसगढ़ राज्य के तीसरे प्रवास के दौरान नया रायपुर में दोपहर एक बजे राज्योत्सव 2016 का शुभारंभ करेंगे। वे इस अवसर पर समारोह में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण ) के तहत छत्तीसगढ़ के मुंगेली और धमतरी जिलों के साथ साथ प्रदेश के 15 विकासखण्डों को खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ ) घोषित होने पर विशेष रूप से सम्मानित करेंगे । दोनों जिलों के जिला पंचायत अध्यक्ष, कलेक्टर और जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अपने जिले की ओर से यह सम्मान ग्रहण करेंगे। खुले में शौच मुक्त घोषित होने वाले विकास खण्डों के जनपद पंचायतों के अध्यक्षों को समारोह में सम्मानित किया जाएगा। इनमे गौरेला , पाटन , कटघोरा ,मुंगेली , पथरिया , लोरमी ,मानपुर , खैरागढ़ ,गीदम , कांसाबेल , नगरी , धमतरी , राजनांदगांव , मस्तूरी और कवर्धा शामिल हैं। उल्लेखनीय है कि स्वच्छ भारत मिशन प्रधान मंत्री की सर्वोच्च प्राथमिकता के कार्यक्रमों में है। इस मिशन के तहत छत्तीसगढ़ राज्य में भी खुले में शौच की सामजिक समस्या को हल करने के लिए गाँवों में जन जागरण अभियान चलाया जा रहा है। ग्राम पंचायतों के द्वारा लोगों को घरों में शौचालय बनवाने और उसका उपयोग करने की प्रेरणा दी जा रही है। प्रधानमन्त्री श्री मोदी इस वर्ष 21 फरवरी को जब छत्तीसगढ़ के दूसरे प्रवास पर आए थे , तब उन्होंने राजनांदगांव जिले के ग्राम कुर्रुभाट (डोंगरगढ़ ) में आयोजित आम सभा में जिले के दो विकासखण्डों अम्बागढ़ चौकी और छुरिया को खुले में शौच मुक्त घोषित किया था। इसके बाद सिर्फ आठ महीने की अल्प अवधि में राज्य में खुले में शौच मुक्त विकासखण्डों की संख्या 33 तक पहुँच गयी है, वहीँ दो जिले मुंगेली और धमतरी को भी ओडीएफ जिला घोषित होने का गौरव मिल रहा है। प्रधानमंत्री के रूप में श्री नरेंद्र मोदी का विगत लगभग डेढ़ साल में यह तीसरा छत्तीसगढ़ प्रवास होगा। वे पहली बार 9 मई 2015 को राज्य के नक्सल पीड़ित बस्तर संभाग के दन्तेवाड़ा जिले के दौरे पर आए थे ,जहां दन्तेवाड़ा की आम सभा में उनके समक्ष बस्तर इलाके के औद्योगिक विकास के लिए 24 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाओं पर राज्य सरकार और केंद्रीय सार्वजनिक कम्पनियो के बीच एमओयू हुआ था। प्रधानमन्त्री ने दन्तेवाड़ा के एजुकेशन सिटी और लाइवलीहुड कॉलेज का भी दौरा किया था। वे इसके बाद 21 फरवरी को नया रायपुर और जिला राजनांदगाँव के डोंगरगढ़ विकासखण्ड के दौरे पर आए थे। उन्होंने नया रायपुर में प्रधानमंत्री आवास योजना का और डोंगरगढ़ के ग्राम कुर्रुभाट की आम सभा में रुर्बन मिशन का राष्ट्र व्यापी शुभारंभ किया था। मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह के आमन्त्रण पर प्रधानमंत्री छत्तीसगढ़ राज्योत्सव 2016 के शुभारंभ समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में रायपुर आ रहे हैं। वे इस अवसर पर नया रायपुर में एशिया के सबसे बड़े जंगल सफारी का भी लोकार्पण करेंगे।प्रधानमंत्री नया रायपुर में देश के किसानों को सौर सुजला योजना की सौगात देंगे । इस योजना में किसानों को उनके विद्युत विहीन खेतों में सिंचाई सुविधा के लिए आकर्षक अनुदान पर सौर ऊर्जा प्रणाली से संचालित सिंचाई पम्प दिए जाएंगे।  

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 MadhyaBharat  31 October 2016

pm modi

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक नवंबर को छत्तीसगढ़ दौरे का मिनट-टू-मिनट कार्यक्रम तय हो गया है। पीएमओ से मोदी के दौरा कार्यक्रम की अधिकृत जानकारी राज्य सरकार के पास पहुंच चुकी है। मोदी सुबह 11 बजकर दस मिनट पर रायपुर आएंगे। प्रधानमंत्री छत्तीसगढ़ में करीब साढ़े तीन घंटे गुजारेंगे। इस दौरान वे नया रायपुर स्थित जंगल सफारी का लोकार्पण व पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा का अनावरण के साथ ही छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस पर आयोजित राज्योत्सव का शुभारंभ भी करेंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रधानमंत्री मोदी जंगल सफारी में 20 मिनट, पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा अनावरण व पथ लोकार्पण कार्यक्रम में 20 मिनट और राज्योत्सव के मुख्य कार्यक्रम में एक घंटा 20 मिनट रहेंगे। प्रधानमंत्री को पहले तय कार्यक्रम के मुताबिक पहले 12.50 में रायपुर आना था, लेकिन अब वे विशेष विमान द्वारा सुबह 11 बजकर 10 मिनट पर स्वामी विवेकानंद विमानतल रायपुर पहुंच जाएंगे। प्रधानमंत्री मोदी 11.15 बजे वे विमानतल से हेलिकॉप्टर द्वारा जंगल सफारी पहुंचेंगे, जहां वे 11.45 से 12.05 बजे तक रुकेंगे। मोदी कार द्वारा 12 बजकर 45 मिनट पर दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा अनावरण करने के साथ-साथ पथ लोकार्पण कार्यक्रम में पहुंचेंगे और एक बजकर 5 मिनट तक रहेंगे।एक बजकर 15 मिनट पर वे राज्योत्सव के मुख्य कार्यक्रम में पहुंचेंगे, जहां वे दो बजकर 35 मिनट तक रुकेंगे।विमानतल पहुंचकर दो बजकर 50 मिनट पर दिल्ली रवाना हो जाएंगे। नया रायपुर में राज्योत्सव की तैयारी युद्ध स्तर पर चल रही है। प्रधानमंत्री मोदी एक नवंबर को वहां पांच दिवसीय राज्योत्सव की शुरूआत करेंगे। प्रधानमंत्री एक आमसभा को भी संबोधित करेंगे। लोक निर्माण मंत्री राजेश मूणत ने शुक्रवार दोपहर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ मुख्य समारोह स्थल पर की जा रही तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उनके साथ अपर मुख्य सचिव एमके राउत, प्रमुख सचिव अमिताभ जैन, सचिव अनिल राय, संभागीय कमिश्नर बृजेश मिश्रा, कलेक्टर रायपुर ओपी चौधरी भी थे। इसके पहले अपर मुख्य सचिव राउत ने मंत्रालय में राज्योत्सव की सभी तैयारियों की समीक्षा बैठक ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को समारोह स्थल पर आवागमन, वाहन पार्किंग, अलग-अलग सेक्टरों में लोगों की बैठक व्यवस्था, अग्नि सुरक्षा, प्राथमिक उपचार, पेयजल, शौचालय आदि की व्यवस्थाओं के संबंध में जरूरी निर्देश दिए। उल्लेखनीय है कि मोदी के आगमन को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। एनएसजी की टीम भी यहां पहुंच चुकी है।

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 MadhyaBharat  29 October 2016

rk rai mla

छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने अपने विधायक आर.के. राय को पार्टी विरोधी गतिविधियों के लिए पार्टी से निलंबित कर दिया है। राय के निलंबन का निर्णय छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा लिया गया। राय ने हाल ही में दिए अपने बयान में कांग्रेस पार्टी के महासचिव राहुल गांधी को ‘गधा’ कहा था। कांग्रेस पार्टी वर्ष 2018 में होने वाले चुनाव पार्टी के राज्य प्रमुख भूपेश वघेल के नेतृत्व में लड़ेगी, जिसे लेकर निलंबित राय ने कहा था कि वह इस निर्णय का स्वागत करते हैं परन्तु यह निर्णय राहुल ने किया है और वह गधे को घोड़ा नहीं कह सकते हैं। हालांकि राय ने अपने निलंबन को कांग्रेस के कबीलाई विरोधी चेहरा बताया है क्योंकि राय कबीलाई लोगों के प्रतिनिधी हैं।   

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 MadhyaBharat  27 October 2016

ramsevk pekra

रायपुर में गृहमंत्री  राम सेवक पैकरा ने  कहा है कि परस्पर संवाद ही लोकतन्त्र का आधार है। उन्होंने कहा कि नक्सल समस्या निराकरण के लिए राज्य सरकार माओवादियों सहित किसी भी पक्ष से बातचीत के लिए खुले दिल से हमेशा तैयार है। बातचीत के लिए सरकार के दरवाजे हमेशा खुले हुए हैं लेकिन यह बातचीत लोकतन्त्र और संविधान के दायरे में होनी चाहिए। उन्होंने कहा - मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह कई बार कह चुके हैं कि अगर नक्सली हिंसा और हथियार छोड़ कर सरकार से वार्ता के लिए आना चाहते हैं तो हम उनसे जरूर बातचीत करेंगे। मुख्यमंत्री ने तो यहां तक कह दिया है कि हिंसा का रास्ता छोड़कर शान्तिपूर्ण जीवन जीने और विकास की मुख्य धारा से जुड़ने वाले नक्सलियों को हम गले लगाने को भी तैयार रहेंगे। गृहमंत्री  पैकरा ने कहा कि आत्म आत्म समर्पण कर शांतिपूर्ण जीवन यापन करने के इच्छुक नक्सलियों के लिए राज्य सरकार ने आकर्षक पुनर्वास नीति भी बनाई है। इससे प्रभावित होकर बड़ी संख्या में नक्सली आत्मसमर्पण कर रहे हैं और उन्हें पुनर्वास नीति का लाभ मिल रहा है। श्री पैकरा ने यह भी कहा- नक्सल समस्या के स्थायी समाधान के लिए सरकार की नीति और नीयत बिलकुल साफ़ है।  

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 MadhyaBharat  23 October 2016

rahul gandhi jangal satyagrah

  छत्तीसगढ़ सरकार के खिलाफ कांग्रेस के जंगल सत्याग्रह में कांग्रेस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राहुल गांधी शामिल होंगे। जंगल सत्याग्रह के मुद्दे को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल और नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव ने शुक्रवार को राहुल गांधी से मुलाकात की। इस दौरान प्रदेश प्रभारी और राष्ट्रीय महासचिव बीके हरिप्रसाद भी शामिल थे। लगभग एक घंटे चली मुलाकात के दौरान भूपेश बघेल ने अनुसूचित जाति के युवक सतीश नवरंगे की मौत, बस्तर में दो मासूम छात्रों को फर्जी नक्सली मुठभेड़ में मौत की विस्तार से जानकारी दी। बताया जा रहा है कि राहुल गांधी ने दलित और आदिवासियों पर हो रहे अत्याचार पर नाराजगी जताई और सरकार के खिलाफ आक्रामक अभियान चलाने के निर्देश दिए। राहुल गांधी ने पीसीसी के जंगल सत्याग्रह के आग्रह को स्वीकार करते हुए 14 से 19 नवंबर के बीच रैली में शामिल होने का आश्वासन दिया है। प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल ने बताया कि राहुल गांधी ने कहा कि दलितों और आदिवासियों के साथ कांग्रेस हमेशा खड़ी रही है और वे उनकी हर लड़ाई में साथ रहेंगे। जंगल सत्याग्रह के पहले चरण में 50 से अधिक ब्लॉकों से मोटर साइकिल यात्रा निकाला जाएगी और वरिष्ठ नेता जगह-जगह सभाएं करेंगे। बघेल ने कहा कि वन भूमि पर आदिवासियों को अधिकार दिलाने, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति पर पुलिस दमन का विरोध करने और आदिवासी इलाकों में महिलाओं पर हो रहे अत्याचार के मुद्दे पर कांग्रेस ने जंगल सत्याग्रह करने का फैसला किया है।

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 MadhyaBharat  15 October 2016

चाइना बाजार

छत्तीसगढ़ में पांच सौ करोड़ के चाइना बाजार पर अब ग्रहण लगने की आशंका बढ़ गई है। दीपावली पर चाइनीज लाइट, पटाखे बाजार में आ गए हैं। अब स्वदेशी जागरण मंच इसका विरोध कर रहा है। इस बार विरोध में राष्ट्रवादी तड़का है। जागरण मंच ने मुख्यमंत्री को लिखे पत्र में कहा है कि चीन हमेश पाकिस्तान के साथ खड़ा रहता है। ऐसे में उसके सामान की प्रदेश में बिक्री और खरीदी करके हम अप्रत्यक्ष रूप से पाकिस्तान का समर्थन कर रहे हैं। ऐसे में मंच ने मांग की कि चीन में बने सामान लाइट, पटाखे पर रोक लगाकर देश की जनता को देशभक्ति का संदेश दें। स्वदेशी जागरण मंच के संरक्षक डॉ. राजेंद्र दुबे और सहप्रांत संयोजक प्रवीण मैसेरी ने एक बयान जारी करके कहा कि चीन का सामान स्वास्थ्य के लिये बेहद हानिकारक हैं। नासमझी और थोड़े पैसे बचाने के लालच में हम चाइना माल खरीद कर देश के उत्पादकों, गरीब छोटे गृहउद्योग के साथ बेशकीमती विदेशी धन को क्षति पहुंचा रहे हैं। हाल ही में आतंकवादी घटना के बाद चीन पाकिस्तान के साथ मजबूती से खड़ा नजर आया। जागरण मंच के प्रांत प्रचार प्रमुख अमरजीत छाबड़ा ने कहा कि भारत को कमजोर बनाने का एक भी मौका चीन नहीं छोड़ता है। भारत के धन से भारत को कमजोर करने की चीन की साजिश है। इसलिए विदेशी सामान पर देश में रोक लगनी चाहिए। चीन हमारे खिलाफ गुप्त तरीकों से प्रॉक्सीवॉर चलाकर अपने यहां निर्मित जहरीले सामान से देश का, जनता का स्वास्थ्य खराब तो कर ही रहा है साथ ही देश में नक्सलवादियों अलगाववादियों को हथियारों के साथ आर्थिक मदद कर देश की एकता-अखंडता के साथ खिलवाड़ कर रहा है। सस्ते और आयातित हैलोजन बल्बों के कारण मानव स्वास्थ्य को हानि पहुंचने की कुछ घटनाओं को छत्तीसगढ़ सरकार ने गंभीरता से लिया है। राज्य के सभी जिलों में चाइनीज बल्बों के उपयोग पर रोक लगा दी गई है। जिला कलेक्टरों को ऊर्जा विभाग के अधिकारियों की मदद से दुकानों पर लगातार निगरानी रखने और आम जनता के बीच जागरूकता लाने के निर्देश राज्य शासन ने दिए हैं। साथ ही आम जनता और विशेष रूप से सामाजिक-सांस्कृतिक आयोजन करने वाली संस्थाओं से कार्यक्रमों में ऐसे बल्बों का इस्तेमाल नहीं करने की भी अपील की गई है। चाइनीज लाइट, झालर, बल्ब, पटाखे, ग्रीटिंग कार्ड, रंगोली, बच्चों के खिलौने आदि प्रोडक्ट बाजर में बिक रहे हैं।

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 MadhyaBharat  13 October 2016

narendr modi

  छत्तीसगढ़ राज्योत्सव को लेकर कलेक्टर ओपी चौधरी ने अफसरों की बैठक ली। पूरे आयोजन के लिए जिला पंचायत सीईओ और एडीएम को नोडल अफसर बनाया गया है। अफसरों के अनुसार रायपुर आगमन के दौरान प्रधानमंत्री नया रायपुर में जंगल सफारी और पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा का लोकार्पण करेंगे। पीएम के दौरे की तैयारी को लेकर कलेक्टर रेडक्रॉस सभाकक्ष में जिला के अफसरों की बैठक ली। इसमें अफसरों की अलग- अलग जिम्मेदारी तय की गई है। कलेक्टर ने कहा कि आयोजन में राजधानी रायपुर सहित प्रदेश के अन्य जिलों से बड़ी संख्या में लोग सम्मिलित होंगे इसे देखते हुए सभी आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। राज्योत्सव में प्रधानमंत्री मोदी की प्राथमिकता वाली योजनाओं पर छत्तीसगढ़ में हो रहे कार्यों पर आधारित विभागों के स्टाल लगाए जाएंगे। राज्योत्सव में राज्य अलंकरण समारोह, स्वच्छता उत्सव के साथ ही प्रतिदिन सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित होंगे। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी नीलेश कुमार महादेव क्षीरसागर, अपर कलेक्टर एसएन राठौर, एडीएम डोमन सिंह, अनुराग पाण्डेय, कदीर अहमद खान सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

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 MadhyaBharat  9 October 2016

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छगत्तीसगढ़ में ठेका कंपनी  ने  सुन्दर नगर टोल प्लाजा में गोपनीय तरीके से निर्माण कार्य पुनः आरम्भ कर दिया जिसकी सूचना मिलते ही आम आदमी पार्टी ने आज टोल नाका पहुंचकर शांतिपूर्वक तरीके से निर्माण कार्य रुकवाया और भविष्य में काम न चालू  करने का निवेदन किया ।  इस विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे पर्यवेक्षक भूपेंद्र सिंह ने बताया नगर निगम सीमा में बन रहे टोल का विरोध पिछले 5 वर्षों से अधिक समय से चल रहा है जनता के लगातार विरोध को देखते हुए इस टोल को बंद किया जाना अति आवश्यक है । इसके खुलने से आम आदमी की जेब में प्रतिमाह 1500 रुपये तक का अतिरिक्त भार पड़ेगा , शहरी क्षेत्र होने के कारण लंबा ट्रैफीक जाम लगेगा साथ ही किसी भी प्रकार की मेडिकल इमरजेंसी में टोल ट्रैफिक के कारण जान माल के हानि की आशंका बढ जायेगी । आप नेताओं ने कहा कि  लंबे समय से चल रहे विरोध के बावजूद स्थानीय विधायक और मंत्री बृजमोहन अग्रवाल को आम जनता के पीड़ा की आवाज सुनाई नहीं दे रही न ही भविष्य में होने वाली समस्याएं दिखाई दे रही है । बृजमोहन जनता को दिखाने और बहकाने के उद्देश्य से अपने ही सरकार के मंत्री को ज्ञापन सौंपकर क्षेत्र की जनता के आँखों में धूल झोंक रहे हैं । आम आदमी पार्टी आम लोगों के हितों के लिए सदैव खडी है भविष्य में भी किसी प्रकार का निर्माण कार्य करने पर विरोध लगातार जारी रहेगा । विरोध प्रदर्शन में पार्टी के लोकसभा संयोजक मुन्ना बिसेन के साथ के के कोठारी, संतोष दुबे , नरेश दुग्गड़, केवल सिंह, परमिंदर सिंह , गजेंद्र लहरे , अश्विनी शर्मा , अंकित दुबे , प्रदयुम ओझा , मनप्रीत सिंह , पंकज नायक , रोहित् निहाल , गुरदयाल सिंह आदि शामिल हुए ।

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 MadhyaBharat  6 October 2016

छत्तीसगढ़ राज्योत्सव

छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस एक से पांच नवंबर तक मनाया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह की अध्यक्षता में सोमवार को मंत्रालय में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। राज्योत्सव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आमंत्रित करने का फैसला किया गया। राज्योत्सव के दौरान नया रायपुर में पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा का अनावरण व जंगल सफारी का लोकार्पण किया जाएगा। इसी समारोह के दौरान नया रायपुर में पंडित श्यामा प्रसाद मुखर्जी उद्योग एवं व्यापार परिसर में आयोजित राज्योत्सव के दौरान राज्य अलंकरण समारोह व विकास प्रदर्शनी लगाई जाएगी और प्रतिदिन सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे। इससे पहले प्रदेश में अल्पवर्षा व सूखे की स्थिति को देखते हुए पहले राज्योत्सव एक दिन का करने पर बात हुई थी। लेकिन हाल ही में प्रदेश में हुई अच्छी बारिश के बाद राज्य सरकार ने विचार बदला।

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 MadhyaBharat  4 October 2016

छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस का निर्जला उपवास

  छत्तीसगढ़ सरकार के विरुद्ध आवाज़ उठाने वाले युवा साथियों राजेंद्र तिवारी, योगेश साहू एवं सतीश कुमार नवरंगे  की प्रशासनिक हत्या के विरोध में एवं वीर शहीद आदित्य शरण कँवर को अशोक चक्र देने की मांग को लेकर छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस (जोगी) ने  प्रदेशभर में "निर्जला उपवास" रखा। बता दें कि बिल्हा के युवा राजेंद्र तिवारी ने एसडीएम की प्रताड़ना से तंग आकर आत्मदाह कर लिया था तो राजधानी में सीएम हाउस के सामने बेरोजगारी से त्रस्त होकर  युवा योगेश साहू ने आत्महत्या कर ली थी वहीं जांजगीर के नरियरा गांव के युवा सतीश कुमार नवरंगे ने तो महज बिजली न होने की शिकायत की थी तथा भ्रष्टाचार के विरुद्ध आवाज़ उठाई थी लेकिन पुलिसिया पिटाई से उनको भी मार दिया गया । छजकां ने इसे प्रशासनिक हत्याएं बताते हुए  प्रदेशभर में “निर्जला उपवास” रखा। इस दौरान इन प्रशासनिक हत्याओं की सीबीआई से जांच और नक्सल हमले में शहीद हुए जवान आदित्य शरण कंवर को अशोक चक्र देने की मांग भी रखी गई। राजधानी में इस उपवास में छजकां अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी और उनके साथ राजेंद्र तिवारी, योगेश साहू, सतीश कुमार नवरंगे और शहीड आदित्य शरण कंवर के परिजन भी शामिल रहे। उपवास के बाद राजधानी रायपुर में छजकां कार्यकर्ताओं ने राजभवन जाकर राज्यपाल  के नाम मांग पात्र सौंपा वहीं प्रदेशभर के जिला मुख्यालयों में पार्टी कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन कलेक्टर को सौंपा। निर्जला उपवास के दौरान श्री जोगी ने कहा कि रमन सरकार में डॉ रमन सिंह सिर्फ नाम के मुखिया हैं, सरकार तो अफसर चला रहे हैं, इसी का नतीजा है कि पूरे प्रदेश में अफसरशाही हावी है और प्रशासनिक हत्याएं हो रही हैं। युवाओं का या तो शोषण हो रहा या फिर वे कुचल दिए जा रहे हैं। उन्हें या तो आत्महत्या करने के लिए मजबूर कर दिया जा रहा या फिर सतीश कुमार नवरंगे की तरह पुलिसिया पिटाई से उनकी मौत हो रही है। उन्होंने कहा कि भ्रष्ट और कुशासित सरकार के विरुद्ध आवाज़ उठाने वाले युवा साथियों राजेंद्र तिवारी, योगेश साहू एवं सतीश कुमार नवरंगे की प्रशासनिक हत्या के विरोध में एवं वीर शहीद आदित्य शरण कँवर को अशोक चक्र देने की मांग को लेकर  "निर्जला उपवास" रखा गया है। अजीत जोगी ने कहा कि रमन सरकार में संवेदनशीलता नाम का अंश भी नहीं है, नक्सल मोर्चे पर लड़कर जवान अस्पताल में शहीद हो जाता है लेकिन मुख्यमंत्री के पास अस्पताल जाने का समय नहीं होता। छत्तीसगढ़ में अब अपराध से ज्यादा प्रशासनिक हत्याएं हो रही हैं, कोई अफसर से परेशान हो कर आत्मदाह कर रहा, कोई नौकरी की आस लिए आत्मदाह कर रहा तो कोई शिकायत करने पर पुलिसिया पिटाई से मर रहा है। क्या यही भाजपा सरकार का राम राज है? या छत्तीसगढ़ में सरकार सिर्फ नाम की और मूक दर्शक है? सरकार अफसर चला रहे हैं? राजेंद्र तिवारी आत्मदाह का मामला हो या सीएम हाउस के सामने योगेश साहू का आत्मदाह या फिर अभी हाल में पुलिस पिटाई से मृत सतीश नवरंगे का मामला हो। तीनों ही मामले इस बात के गवाह हैं कि रमन राज में आम जनता की, युवाओं की आवाज, उनका दर्द सुनने वाला कोई नहीं है, ये सब सिर्फ पीड़ित ही होते रहेंगे। छजकां अध्यक्ष ने कहा कि रमन शासन में छत्तीसगढ़ की जनता त्रस्त हो चुकी है, लेकिन छजकां अब ऐसा नहीं होने देगी। जनता के कंधे से कंधा मिलाकर हम उनके हक की लड़ाई लड़ रहे हैं, समय आ गया है कि अब रमन सरकार को उखाड़ फेंका जाए। छत्तीसगढ़ अब रमन मुक्त छत्तीसगढ़ बनेगा।

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 MadhyaBharat  3 October 2016

प्रधानमंत्री मोदी ने की विवेक ढांड से बात

छत्तीसगढ़ ने  जिला खनिज निधि में 70 प्रतिशत से अधिक राशि जमा की प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी ने प्रधानमंत्री खनिज क्षेत्र कल्याण योजना के तहत छत्तीसगढ़ सहित झारखण्ड एवं ओड़िशा राज्य में जिला खनिज निधि में 70 प्रतिशत से अधिक राशि जमा किए जाने पर प्रसन्नता व्यक्त की।  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने छत्तीसगढ़ सहित सभी राज्यों के मुख्य सचिवों की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से बैठक लेकर विकास कार्यों की समीक्षा की। बैठक में केन्द्रीय मंत्रालय खनिज संसाधन विभाग के सचिव ने बताया कि छत्तीसगढ़ के जिलों में गठित जिला खनिज निधि में 652.61 करोड़ रूपए की राशि जमा हो चुकी है। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ के सभी 27 जिलों में स्थापित बी.एम.एफ. ट्रस्ट के शासी परिषद द्वारा 2370 करोड़ रूपए की कार्य योजना बनाई जा चुकी है। बैठक में मुख्य सचिव  विवेक ढांड, खनिज विभाग के सचिव  सुबोध कुमार सिंह और संचालक, भैमिकी एवं खनिकर्म श्रीमती रीना कंगाले सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

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 MadhyaBharat  29 September 2016

अमेरिकन सैटेलाइट से कृषि भूमि की मैपिंग

रायपुर के इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय ने देश में पहली बार 'डिवेलपमेंट ऑफ केडेस्ट्रल लेवल लैंड यूज प्लान फॉर छत्तीसगढ़ स्टेट' के तहत अमेरिकन सेटेलाइट के 'एडवांस डिजिटिंग ग्लोब' से कृषि भूमि की मैपिंग कराई है। विश्वविद्यालय का दावा है कि देश में पहली बार छत्तीसगढ़ में मृदा स्वास्थ्य परीक्षण किया गया है। इसकी रिपोर्ट संबंधित भूमि मालिक, पोर्टल में खसरा नंबर डालकर ऑनलाइन देख सकेंगे। पायलट प्रोजेक्ट में राज्य के मुंगेली जिले के 80 गांवों की मैपिंग करा ली गई है। कृषि विवि अब सरकार से इस योजना को साझा करेगा, ताकि राज्य के सभी जिलों की कृषि जमीन की मैपिंग कराई जा सके और किसान अपनी जमीन के एक-एक इंच का उपयोग कर सकें। मुंगेली जिले में मुख्य रूप से मटासी और डोसा मिट्टी है, इसलिए औसत वर्षा कम होती है। नतीजतन लोग मानसून वर्षा पर आश्रित होते हैं और धान बुवाई करते हैं। ऐसे में यह मैपिंग भविष्य में जिले के किसानों की तकदीर को बदलेगी। यह प्रोजेक्ट कृषि विवि के कुलपति डॉ.एसके पाटील के निर्देश पर 'स्वाइल एंड वाटर इंजीनियरिंग' ब्रांच कर रही है। इसके लीड पीआई और एचओडी डॉ.एमपी त्रिपाठी हैं। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान केन्द्र (इसरो) बेंगलुरू के अंतर्गत हैदराबाद में नेशनल रिमोट सेंसिंग सेंटर (एनआरएसी) है। इसी की मदद से कृषि विवि के मैपिंग का काम अमेरिकन सेटेलाइट कर रही है, जिसकी कीमत 17 डॉलर प्रति स्केवयर किमी है। मुंगेली जिले में लगभग सात सौ गांव है, जिसमें 80 गांवों के 352 स्क्वेयर किमी का मैपिंग किया जा चुका है। यह सेटेलाइट जमीन की आधा मीटर बाई आधा मीटर चौड़ाई वाली वस्तुओं का मल्टीस्पेक्ट्रम इमेज लेती है। हाई रिव्यूल्सन के कारण फसल में लगी बीमारी, नमी और सूखे को रंग के माध्यम से डाटा इकट्टा कर लेता है, जबकि भारतीय सेटेलाइट जमीन सतह से 5.8 मीटर उपर की वस्तुओं का ही मूल्यांकन कर पाता है। साइंटिस्ट व प्रोजेक्ट इन्वेस्टिगेटर धीरज खलको का कहना है कृषि जमीन की महत्ता को बढ़ाने के लिए इंदिरा गांधी कृषि विवि ने देश में पहली बार अमेरिकल सेटेलाइट से मैपिंग कराई है। मुंगेली जिले के 80 गांवों में पिछले छह महीन से यह प्रोजेक्ट चल रहा है। निश्चित रूप से इसके माध्यम से किसानों को अपनी जमीन, फसल, बीज और पानी जैसे अन्य संसाधनों की उपयोगिता के बारे में मालूम हो सकेगा।  

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 MadhyaBharat  16 September 2016

छत्तीसगढ़

मंत्रिपरिषद की बैठक में अहम फैसला छत्तीसगढ़ सरकार ने  सभी प्रमुख शहरों को हवाई यातायात से जोड़ने का निर्णय लिया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की अध्यक्षता  मुख्यमंत्री निवास में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य के सभी प्रमुख शहरों को घरेलू वायु सेवा से जोड़ने का फैसला किया गया । इस फैसले से जगदलपुर, अम्बिकापुर, रायगढ़ और बिलासपुर जैसे बड़े शहरों को लाभ मिलेगा।  मुख्यमंत्री डॉ. सिंह की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार नवीन केन्द्रीय विमानन नीति 2016 के तहत क्षेत्रीय कनेक्टिविटी योजना के अनुसार छत्तीसगढ़ राज्य के भीतर विमान यातायात सुविधा बढ़ाने के लिए केन्द्र सरकार के साथ एम.ओ.यू. किया जाएगा। केन्द्र सरकार की क्षेत्रीय कनेक्टिविटी योजना अथवा रीजनल कनेक्टिविटी स्कीम के तहत भारत सरकार विमान सेवा देने वाली कम्पनियों को रियायती दरों पर इसके लिए अवसर देगी। इस योजना के तहत उन शहरों को जोड़ने का प्रस्ताव है, जहां विमान सेवाएं या तो लम्बे समय से बंद है या शुरू नहीं हो सकी है।  छत्तीसगढ़ राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग और आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान द्वारा की गई अनुशंसा के अनुसार छत्तीसगढ़ राज्य के अन्य पिछड़ा वर्गों की सूची में गुड़िया, गुड़ीया, जोगी, नाथजोगी, गवेल, गभेल, थुरिया, थुड़िया को भी शामिल करने की स्वीकृति केबिनेट ने दी।    छत्तीसगढ़ भाड़ा नियंत्रण अधिनियम 2011 (क्रमांक-19 सन 2012) में संशोधन के लिए अध्यादेश लाया जाएगा। वर्तमान में राज्य शासन द्वारा उच्च न्यायालय के सेवा निवृत्त न्यायाधीश अथवा अधिसमय वेतनमान की श्रेणी से अनिम्न सेवारत या सेवानिवृत्त जिला न्यायाधीश को अध्यक्ष नियुक्त करने का प्रावधान है। संशोधन अध्यादेश के अनुसार इसमें भाड़ा नियंत्रण अधिकरण में राज्य शासन द्वारा उच्च न्यायालय के परामर्श से अध्यक्ष की नियुक्ति की जाएगी।

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 MadhyaBharat  9 September 2016

chattisgadh sukha

मदद के लिए केंद्र को भेजी रिपोर्ट   छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य में सूखे की स्थिति को लेकर केंद्र सरकार को पहली रिपोर्ट भेज दी है। रिपोर्ट में यह आशंका जताई गई है कि छत्तीसगढ़ के छह जिलों सहित 40 तहसीलों में सूखे के हालात बन रहे हैं। इन तहसीलों में औसत से कम बारिश होने के कारण खरीफ फसल चौपट होने के कगार पर है। धान की बियासी का कार्य भी प्रभावित हो रहा है। समय पर राहत कार्य नहीं खोले गए तो राज्य से खेतिहर मजदूरों का अन्य राज्यों में पलायन हो सकता है।   प्रदेश में अब तक 873 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है। राज्य के 27 जिलों में से 13 में औसत से कम वर्षा रिकॉर्ड की गई है। इनमें महासमुंद व बलौदाबाजार में 70 फीसदी से भी कम बारिश हुई है। रायपुर, गरियाबंद, कोरबा, बिलासपुर, मुंगेली, राजनांदगांव, दुर्ग, बेमेतरा, बालोद, धमतरी व बस्तर जिले में भी औसत से कम वर्षा हुई है।   खरीफ फसलों के नजरी आकलन के बाद एक और रिपोर्ट भेजी जाएगी। इसके आधार पर केंद्र से विशेष राहत पैकेज की मांग की जाएगी। पिछले साल केंद्र से करीब 1275 करोड़ रुपए मिले थे। इस साल भी बड़ी राशि मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।   राजस्व एवं आपदा प्रबंधन के सचिव के आर पिस्दा  सूखा प्रभावित इलाकों के किसानों की मदद के लिए जिला स्तर पर आपात कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। फसलों को बचाने की कोशिश की जा रही  है। यही हालात रहे तो पेयजल व पशुचारा की समस्या उत्पन्न् हो सकती है।  

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 MadhyaBharat  4 September 2016

nandkumar saay

छत्तीसगढ़ में भी अब उम्र दराज बीजेपी नेताओं के साथ दोयम दर्जे का व्यवहार छत्तीसगढ़ सरकार कर रही है। बीजेपी की रमन सिंह सरकार ने बीजेपी के आला बनेता नंदकुमार साय को बंगला खाली करने का नोटिस दिया है।     सरकारी कारिंदे नियमों की आड़ लेकर राज्य के आदिवासी समाज के कद्दावर नेता बीजेपी के पूर्व राज्यसभा सांसद नन्द कुमार साय को बंगला खाली करने का जो नोटिस जारी किया है उससे यह साबित होता है कि राज्य में आदिवासियों की क्या स्थति है।  राज्य के कई सेवानिवृत अधिकारी , वर्तमान में बिना पद के खाली नेता अभी भी छत्तीसगढ़ के सरकारी आवासों में डेरा डाले हुए हैं किंतु महज़ कुछ महीने पहले ही राज्यसभा से निवृत गरीब की गाय-नंद कुमार साय के नाम से मशहूर नेता नन्द कुमार से को सरकारी बंगला खाली करने का नोटिस थमा दिया है। से  के साथ ऐसा सौतेला व्यवहार क्यूँ हो रहा है यह बताने की जरूरत नही है, आदिवासी नेता साय की पटरी मुख्यमंत्री रमन सिंह से नहीं बैठती है ,जिसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ रहा है। 

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 MadhyaBharat  3 September 2016

chattisgadh chatrsabgh chunav

    कॉलेज छात्रसंघ चुनाव में इस बार बदली हुई तस्वीर नजर आई। प्रदेश के सबसे बड़े पंडित रविशंकर शुक्ल विवि से सम्बद्ध ज्यादातर कॉलेजों में भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) समर्थित प्रत्याशियों ने कब्जा जमाया है। बस्तर विश्वविद्यालय, छत्तीसगढ़ स्वामी विवेकानंद तकनीकी विवि, आईटीएम, कलिंगा, मैट्स विवि में भी एनएसयूआई का परचम लहराया। दुर्ग विवि में एनएसयूआई और एबीवीपी में कांटे की टक्कर रही।   कॉलेजों में चुनाव के दौरान एबीवीपी और एनएसयूआई के बीच दिनभर आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा। राजधानी के दुर्गा कॉलेज में तीसरे दिन लगातार तनाव की स्थिति रही। काउंटिंग के बाद एनएसयूआई की जीत की तस्वीर साफ होते ही जमकर पत्थरबाजी हुई। गौरतलब है कि रविवि के कॉलेजों में 52 हजार 312 वोटर्स हैं। प्रदेश के 13 विवि के 500 कॉलेजों में 3 लाख वोटर्स में से 70 फीसदी ने मतदान किया और 10 हजार पदाधिकारियों को चुना।   रविविः 40 एनएसयूआई, 26 एबीवीपी और 20 में निर्दलीय: रविवि के कुल 178 कॉलेजों में से इस बार 95 कॉलेजों में चुनाव हुआ। इनमें से करीब 40 में एनएसयूआई, 26 में एबीवीपी और 20 में निर्दलीयों ने कब्जा जमाया। 07 कॉलेजों में निर्विरोध निर्वाचन हुआ। रायपुर के 46 कॉलेजों में से 24 में एनएसयूआई और 13 में एबीवीपी ने कब्जा जमाया है। बाकी 6 कॉलेजों में निर्दलीयों ने बाजी मारी है। 02 कॉलेजों में चुनाव नहीं हो पाए, जबकि एक में निर्विरोध निर्वाचन हुआ है।   दुर्ग विविः 15 एबीवीपी, 13 एनएसयूआई :दुर्ग विवि के 32 में से 23 कॉलेजों में प्रत्यक्ष चुनाव हुए और 9 में निर्विरोध प्रत्याशी चुने गए। 32 में से 15 में एबीवीपी, 13 में एनएसयूआई ने कब्जा जमाया है। ,सीएसवीटीयूः एनएसयूआई 15, एबीवीपी 08, छत्तीसगढ़ स्वामी विवेकानंद तकनीकी विवि के 27 कॉलेजों में से 22 में प्रत्यक्ष व 5 में निर्विरोध चुनाव हुआ। एबीवीपी ने 8 कॉलेजों में व एएनएसयूआई ने 15 कॉलेजों में कब्जा जमाया है।   आयुष यूनिवर्सिटीः रायपुर से संबंधित 15 कॉलेजों में चुनाव हुए। इसमें जीतने वाले प्रत्याशियों के समर्थन को लेकर एबीवीपी व एनएसयूआई में मतभेद की स्थिति है। आईटीएम, मैट्स और कलिंगाः रायपुर के आईटीएम, मैट्स और कलिंगा विवि के यूटीडी में एनएसयूआई के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव और सहसचिव चुने गए हैं। कृषि विश्वविद्यालयः कृषि विवि के 10 कॉलेजों में से 8 में चुनाव हुए। कामधेनु विश्वविद्यालय दुर्ग से संबंधित एक कॉलेज में चुनाव हुआ। इनमें निर्विरोध निर्वाचन हुआ।   बस्तर विश्वविद्यालय के 29 कॉलेजों में से एनएसयूआई को 10, अभाविप को 9 व हॉस्टल पैनल को 8 कॉलेजों में जीत मिली है। पीजी कॉलेज जगदलपुर, कांकेर, कोंडागांव, केशकाल, दंतेवाड़ा, किरंदुल व भानुप्रतापपुर में हॉस्टल पैनल के प्रत्याशी चुनाव जीते हैं। संभाग के सबसे बड़े काकतीय महाविद्यालय में हॉस्टल पैनल को सचिव व सहसचिव के पद मिले, जबकि यहां स्टूडेंट पैनल के नाम से बने नए पैनल ने अध्यक्ष व उपाध्यक्ष की कुर्सी हासिल की। एनएसयूआई ने सूर्या कॉलेज, दंतेश्वरी कॉलेज, बकावंड कॉलेज, यूटीडी फरसगांव, कन्या महाविद्यालय कांकेर, चारामा, दुर्गकोंदल, नरहरपुर व भैरमगढ़ में विजय हासिल की जबकि अभाविप ने भानपुरी, तोकापाल, क्राइस्ट कॉलेज जगदलपुर, सरोना, पखांजूर, कोंटा, बीजापुर व भोपालपटनम में जीत दर्ज की है। सुकमा जिला मुख्यालय स्थित कॉलेज में एआईएसएफ ने चारों पदों पर क्लीन स्विप किया है।  

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 MadhyaBharat  28 August 2016

chattisgadh sukha

    छत्तीसगढ़ में खंड व अल्पवर्षा से 50 से अधिक तहसीलों में सूखे का खतरा मंडरा रहा है। कुछ तहसीलों में अतिवृष्टि से खरीफ फसल चौपट हो रही है। एक ही जिले में कहीं पर कम तो कहीं पर बारिश रिकॉर्ड की है। कृषि विभाग के अधिकारियों और कृषि मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि कमवर्षा या अतिवृष्टि दोनों ही स्थिति में खरीफ फसलों को बचाना एक चुनौती है। कम बारिश वाले इलाकों में सिंचाई बांधों से नहरों में पानी छोड़ने की जरूरत महसूस की जा रही है।   आपदा प्रबंधन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश के एक दर्जन जिले ऐसे हैं, जहां की आधी तहसीलों में औसत से अधिक बारिश हुई है, वहीं आधी तहसीलों में औसत से कम बारिश दर्ज की गई है। सूरजपुर जिले की प्रतापपुर तहसील में अब तक 249 फीसदी औसत से अधिक बारिश हुई है, जबकि इसी जिले की रामानुजगंज व प्रेमनगर में 70 फीसद से भी कम बारिश रिकॉर्ड की गई है।   इसी तरह जशपुर जिले की बगीचा तहसील में इस मानसून सीजन में अब तक 225 फीसदी औसत वर्षा हुई है, जबकि इसी जिले की जशपुर में 69 व दुलदुला में 81 फीसदी बारिश ही हो पाई है। रायगढ़ जिले में भी यही स्थिति है, जहां की धरमजयगढ़ तहसील में अब तक 254 प्रतिशत, वहीं सारंगढ़ में 79 व बरमकेला में 81 प्रतिशत बारिश हुई है। कोंडागांव जिले की फरसगांव तहसील में जहां 152 फीसदी बारिश हो चुकी है, वहीं केशकाल में केवल 58 फीसदी बारिश हो सकी है। बीजापुर जिले की उसूर तहसील में औसत 213 फीसदी, जबकि बीजापुर में सिर्फ 83 फीसदी बारिश रिकॉर्ड की गई है। प्रदेश में अन्य जिलों में ही यही हालात हैं।   कम वर्षा वाले इलाकों में फसलों को चूहों से नुकसान का खतरा है। कृषि वैज्ञानिकों तथा कृषि विभाग के अधिकारियों ने विशेष कृषि बुलेटिन में फसलों को चूहों से बचाने के लिए विशेष निगरानी करने की सलाह दी है। कृषि वैज्ञानिकों ने बताया है कि फसलों को चूहों के प्रकोप से बचाव के लिए खेतों की मेड़ों को साफ रखना जरूरी है। फिर भी चूहों का प्रकोप अधिक दिखाई दे तो वहां सबसे पहले बिलों को तत्काल बंद कर दें। उसके बाद लगातार सुबह बिलों को खोलकर कनकी, सरसों तेल मिलाकर डालना चाहिए और जिंक फास्फाईड, सरसों तेल व कनकी को मिलाकर छोटे-छोटे लड्डू बनाकर चूहों के बिलों में डालने का सुझाव दिया गया है।   कृषि वैज्ञानिकों ने बताया कि कम बारिश वाले क्षेत्रों में धान फसल में कटुआ कीट की संभावना बढ़ गई है। धान के सूखे खेतों में कटुआ इल्ली दिखाई देने पर तत्काल दवा छिड़कना जरूरी है। जिन खेतों में पानी भरा है और वहां कटुआ इल्ली का प्रकोप दिख रहा है, तो वहां एक एकड़ रकबे में एक लीटर मिट्टी तेल खेत के पानी में डालें। इसके बाद धान के पौधों के ऊपर रस्सी चलाएं, ताकि इल्लियां मिट्टी तेलयुक्त पानी में गिरकर नष्ट हो जाएं।   कृषि वैज्ञानिकों के मुताबिक ऐसे क्षेत्रों जहां पानी कम गिरा है और खरीफ फसलों की बोआई नहीं हो पाई है, वहां रामतिल व कुल्थी बोना फायदेमंद होगा। सोयाबीन में पत्ती खाने वाले कीड़े दिखने लगे हैं। इन पर ट्राईजोफास और फ्लूबेंडामाईड का घोल का छिड़काव करना चाहिए। कृषि वैज्ञानिकों ने उमस भरे इस मौसम में रोपा धान की भी सतत्‌ निगरानी की सलाह किसानों को दी है।   कृषि मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने बताया कि प्रदेश में खरीफ फसलों के लिए निर्धारित लक्ष्य के विरूद्घ 93 प्रतिशत रकबे में बोनी पूरी हो चुकी है। इस साल 48 लाख 10 हजार हेक्टेयर में अनाज, दलहनी, तिलहनी और साग-सब्जी बोने का कार्यक्रम है। अब तक 44 लाख 61 हजार हेक्टेयर में विभिन्न फसलों की बोआई पूरी हो चुकी है। 35 लाख 66 हजार हेक्टेयर में धान बोई जा चुकी है, जबकि 36 लाख 36 हजार हेक्टेयर में धान बोने का लक्ष्य है।   कृषि वैज्ञानिक प्रो जे एल चौधरी ने कहा प्रदेश में हर साल कहीं कम तो कहीं पर अधिक वर्षा हो रही है। यह चिंता का विषय है। राजनांदगांव व कबीरधाम जिले में वृष्टि छाया के कारण कम बारिश होती है। खंडवर्षा या अतिवृष्टि होने पर खरीफ फसलों को बचाना चुनौतीपूर्ण है।   कृषि संचालक एमएस केरकेट्टा ने बताया प्रदेश में फिलहाल औसत बारिश हुई है। कुछ तहसीलों में कम तो कुछ तहसीलों में अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है। महासमुंद जिले सहित अन्य क्षेत्रों में जहां कम बारिश हुई है, वहां खरीफ फसल को बचाने के लिए सिंचाई बांधों से पानी छोड़ने की जरूरत महसूस की जा रही है। किसानों को भी स्वयं के साधन से सिंचाई व्यवस्था करने की सलाह दी गई है।   

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 MadhyaBharat  25 August 2016

cg gst

  जीएसटी संविधान संशोधन विधेयक 2014 के समर्थन के लिए प्रस्तुत संकल्प को छत्तीसगढ़ विधानसभा ने सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी। इससे पहले असम, झारखंड़ और बिहार विधानसभा में यह बिल पारित हो चुका है। छत्तीसगढ़ के वाणिज्यिक कर मंत्री अमर अग्रवाल ने यह संकल्प सदन में पेश किया।   मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा कि इस विधेयक को संवैधानिक व्यवस्था के नए मॉडल का सूत्रपात बताते हुए कहा कि 16 प्रकार के करों के बदले एक जीएसटी लागू होगा। केंद्र पांच साल तक राज्यों को जीएसटी से होने वाली राजस्व क्षति की पूर्ति करेगा। प्रवेश कर समाप्त होने से उद्योगों को फायदा होगा,घरेलू उत्पाद को बढ़ावा मिलेगा, रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और उपभोक्ताओं को सबसे अधिक लाभ मिलेगा।   नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव ने कहा कि जीएसटी लागू होने से छत्तीसगढ़ को प्रारंभिक तौर पर लगभग 1800 करोड़ रुपए के नुकसान होगा। वाणिज्यिक कर मंत्री अमर अग्रवाल ने कहा कि जीएसटी लागू होने से आम उपभोक्ताओं पर बोझ कम पड़ेगा। चर्चा के दौरान मुख्य विपक्ष कांग्रेस के सदस्यों ने पेट्रोल-डीजल सहित कोयला, आयरन व सीमेंट को जीएसटी से बाहर रखने का सुझाव दिया।   वाणिज्यिक कर मंत्री ने कहा कि कर अपवंचन समाप्त हो जाएगा और उत्पादन लागत भी कम होगी। उन्होंने कहा कि एक टैक्स प्रणाली ओर देश की एकता के लिए जीएसटी जरूरी है। यह आर्थिक और टैक्स सुधार का सबसे बड़ा संशोधन है। उन्होंने कहा कि जीएसटी को लेकर सारे राज्यों और राजनीतिक दलों में सहमति बनाने में मौजूदा केंद्र सरकार समर्थ रही। दोनों सदनों में यह विधेयक सर्वानुमति से पारित हुआ।   मुख्य विपक्ष कांग्रेस की ओर से सदस्य सत्यनारायण शर्मा ने चर्चा की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि जीएसटी कर सुधार पर एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि भाजपा और भाजपा शासित राज्यों ने पहले जीएसटी का पुरजोर विरोध किया था। यह कथनी और करनी में अंतर को प्रदर्शित करता है। केंद्र सरकार इस विधेयक में कांग्रेस का सहयोग लिया। कांग्रेस की उदारता है कि इस बिल को राज्यसभा व लोकसभा में पारित करने में सहयोग दिया। उन्होंने पेट्रोल-डीजल में 25 प्रतिशत वैट और अतिरिक्त अधिभार को कम करने की मांग की।    

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 MadhyaBharat  23 August 2016

sushil anand shukla

    छत्तीसगढ़ भाजपा कोर ग्रुप से वरिष्ठ आदिवासी नेता नन्द कुमार साय और सात बार के वरिष्ठतम सांसद रमेश बैस को बाहर किये जाने पर मचे बवाल पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता सुशील आनंद शुक्ला ने कहा की किसे कोर ग्रुप में रखना है किसे नही यह भारतीय जनता पार्टी का अंदरुनी मामला है लेकिन कोर ग्रुप से साय और बैस का नाम हटाये जाने से भाजपा की  अंदरुनी कलह सतह पर आ गई है।   कांग्रेस  प्रवक्ता सुशील आनंद शुक्ला ने कहा भाजपा में सत्ता में बैठे नेता  भाजपा के प्रदेश के अन्य नेताओ को हाशिये में डालने के सुनियोजित प्रयास में लगे हैं और इसमे उन्हें  सफलता भी मिल रही है। पहले नन्द कुमार साय को राज्यसभा की टिकिट कटवाई गयी ।रमेश बैस को वरिष्ठता के बावजूद केंन्द्रीय मंत्रीमण्डल में लिए  जाने से रोका गया ।अब इन दोनो नेताओ को कोर ग्रुप से अलग कर पूरी तरह से राज्य के राजनैतिक परिदृश्य से हटाने की साजिश रची जा रही है।    उन्होंने कहा राज्य की भाजपा सरकार  तीसरे कार्य काल में अपनी अकर्मण्यता ,भ्र्ष्टाचार ,बेलगाम नौकरशाही और जनविरोधी निर्णयो के कारण अलोकप्रियता के चरम पर पहुँच गयी है।मुख्यमंत्री रमन सिंह और उनके सहयोगियों को यह लगने लगा है की कही ऐसा न हो उनकी अलोकप्रियता के कारण भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व राज्य में नेत्रित्व परिवर्तन न कर दे इस सम्भावित स्थिति से बचने के लिए राज्य भाजपा में वैकल्पिक नेतृत्व को रोकने के लिए रमेश बैस और नन्द कुमार साय जैसे नेताओ को हाशिये में डाला जा रहा ।इन दोनों नेताओ के बाद अन्य प्रभाव शाली भाजपा नेताओ के  जो राज्य में वर्तमान नेतृत्व को चुनौती दे सकते है उनके भी पर कतरने की पूरी रणनीति सत्ता को कब्जाए बैठे भाजपा नेताओ ने कर रही है।    

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 MadhyaBharat  20 August 2016

nakslvad raman singh

  70 वें स्वतंत्रता दिवस समारोह में cm रमन सिंह  मुख्यमंत्री रमन सिंह नेकहा छत्तीसगढ़ के समग्र विकास में बाधक वामपंथी उग्रवाद तथा संविधान विरोधी तत्वों को राष्ट्रीय स्तर पर  बेनकाब करने में उनकी सरकार सफल हुई है ।हम  इनके निर्णायक रूप से समाप्ति की ओर बढ़ रहे है। नक्सल प्रभावित अंचलों में सुरक्षा और विकास की साझी रणनीति कारगर हो रही है। स्वतन्त्रता दिवस पर अपने सन्देश में उन्होंने कहा सीआरपीएफ की "बस्तर बटालियन" बस्तर संभाग के युवाओं के शौर्य और पराक्रम का प्रतीक बने।    बस्तर नेट परियोजना की घोषणा 70वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर के पुलिस परेड मैदान में आयोजित कार्यक्रम में सीएम रनम सिंह ने ध्वजारोहरण कर परेड़ की सलामी ली। सीएम ने अपने भाषण में बस्तर नेट परियोजना की घोषणा की। उन्होंने कहा कि 40 करोड़ रुपए की लागत से 832 किमी ऑप्टिकल फाइबर केबल बिछाया जाएगा। यह राज्य सरकार का डिजिटल हाइवे होगा।   सीएम ने कहा कि हम छत्तीसगढ़ के समग्र विकास में बाधक वामपंथी उग्रवाद तथा संविधान विरोधी तत्वों को राष्ट्रीय स्तर पर बेनकाब करने में सफल हुए। अब हम इनके निर्णायक रूप से समाप्ति की ओर बढ़ रहे है। नक्सल प्रभावित अंचलों में सुरक्षा और विकास की साझी रणनीति कारगर हो रही है। उन्होंने कहा कि सीआरपीएफ की 'बस्तर बटालियन' बस्तर संभाग के युवाओं के शौर्य और पराक्रम का प्रतीक बने।  

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 MadhyaBharat  15 August 2016

brijmohan agrwal

      रायपुर में रमन कैबिनेट की बैठक में सूबे के दो कद्दावर मंत्री प्रेमप्रकाश पाण्डेय और बृजमोहन अग्रवाल की तल्खी की खबर है। दरअसल बताया जा रहा है कि मंत्रियों की नाराजगी उद्योग विभाग के उस प्रस्ताव को लेकर थी, जिसके तहत विभिन्न विभागों के दायरे में आने वाले सर्विस सेक्टर के कामों को उद्योग के अधीन कर दिया जाये।    सूत्र बताते हैं कि जैसे ही उद्योग विभाग की ओर से इस प्रस्ताव को कैबिनेट की मंजूरी के लिए रखा गया। सबसे पहले उच्च शिक्षा मंत्री प्रेमप्रकाश पाण्डेय ने प्रस्ताव का विरोध किया। पाण्डेय ने  कैबिनेट में तल्खी के साथ कहा कि मैं इस प्रस्ताव से सहमत नहीं हूँ। सूत्र बताते हैं कि पाण्डेय का अंदाज बेहद आक्रामक था।  उन्होंने प्रस्ताव पर ना केवल अपनी असहमति जताई बल्कि विदेश दौरे पर गए अपने साथी मंत्री अजय चंद्राकर की ओर से भी कहा कि मैं समझता हूँ अजय चंद्राकर भी इससे सहमत नहीं होंगे।    प्रेमप्रकाश पाण्डेय अपने तल्ख अंदाज में थे ही कि सूबे के वरिष्ठ मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने भी उद्योग विभाग के प्रस्ताव पर असहमति जता दी। मंत्रालय के गलियारे में इस बात की जमकर चर्चा है कि मंत्रियों की नाराजगी पॉवर सीज किये जाने को लेकर थी। बताया जा रहा है कि प्रस्ताव का विरोध करने के पीछे एक दलील ये भी है कि इससे अधिकारी लॉबी अपनी मनमानी करेगी। आनन फानन में प्रस्ताव तैयार करने के पीछे की इस चर्चाओं में ये तर्क भी दिया जा रहा है कि आने वाले दिनों में जिस तरह सर्विस सेक्टर का बोलबाला होने वाला है उसे देखते हुए ही विशेष लॉबी ने ऐसा प्रस्ताव तैयार करवाया है।    सूत्र इस बात की भी तस्दीक करते हैं कि उद्योग विभाग के इस प्रस्ताव के पहले मुख्यमंत्री की भी सहमति नहीं ली गई। जानकार बताते हैं कि उद्योग विभाग के इस प्रस्ताव में शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि जैसे विभिन्न विभागों से जुड़े सर्विस क्षेत्र दायरे में आ जाते। सर्विस क्षेत्र के लिए नियम बनाने से लेकर उसे लागू करने तक की जिम्मेदारी उद्योग विभाग की होती और सम्बंधित विभाग के मंत्रियों की भूमिका नगण्य हो जाती। यही नाराजगी की एक बड़ी वजह थी, जिसका मंत्रियों ने तीखा विरोध किया और विरोध का ही नतीजा रहा कि उद्योग विभाग को अपना प्रस्ताव वापस लेना पड़ गया। चर्चा है कि मुख्यमंत्री ने भी मामले की गंभीरता को बेहतर ढंग से समझा और प्रस्ताव वापस लेने पर अपनी सहमति भी दी। 

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 MadhyaBharat  11 August 2016

yogesh

      छत्तीसगढ़ के  सीएम हाउस के सामने गुरुवार दोपहर को उस समय हड़कंप मच गया जब सरकारी नौकरी की फरियाद लेकर पहुंचे एक दिव्यांग युवक ने खुद पर पेट्रोल उड़ेलकर आग लगा ली। सीएम हाउस के सुरक्षाकर्मियों की नजर जैसे ही आग की लपटों में घिरे युवक पर पड़ी, उन्होंने दौड़कर युवक के ऊपर कपड़ा डालकर आग बुझाई और एक ऑटो में उसे तत्काल अंबेडकर अस्पताल भिजवाया। युवक 85 फीसदी जल गया है। फिलहाल उसकी हालत गंभीर व स्थिर बताई जा रही है।   जानकारी के मुताबिक दोपहर साढ़े बारह बजे बिरगांव, उरला निवासी दिव्यांग योगेश कुमार साहू (28) जनदर्शन में सीएम से नौकरी की मांग करने पहुंचा था, लेकिन सुरक्षा कर्मियों ने उसे सीएम से मिलने नहीं दिया। इससे परेशान योगेश ने सीएम हाउस के पश्चिमी गेट के सामने वहां से 50 मीटर दूर जाकर साथ में लाए पेट्रोल को अपने शरीर पर उड़ेला और आग लगा ली। उसके आग लगाते ही हड़कंप मच गया। योगेश के पिता की किराने की दुकान है और उसकी तीन बहनंे है। घर की माली हालत ठीक नहीं होने से परिवार के भरण-पोषण में दिक्कत आ रही है।   अंबेडकर में भर्ती योगेश का बयान देर शाम को तहसीलदार ने दर्ज किया। उसके पिता निषादराम साहू ने पुलिस को बताया कि योगेश बेरोजगारी और आर्थिक तंगी से परेशान था। उसने पहले भी दो-तीन बार जनदर्शन में सीएम को नौकरी के लिए आवेदन दिया था, लेकिन मांग पूरी नहीं होने से उसने यह कदम उठाया। योगेश घर से केवल 20 रुपए लेकर निकला था।   सीएम हाउस के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे खंगालने पर एक महिला का फुटेज सामने आया है। फुटेज में योगेश को एक अज्ञात महिला ने पेट्रोल से भरी हुई बोतल दी थी। योगेश शादीशुदा नहीं है, सवाल यह है कि यह महिला कौन है?   योगेश के पिता ने बताया योगेश का एक पैर पोलियो से ग्रसित है। वह ठीक से चल नहीं पाता, लेकिन उसने 12वीं की परीक्षा सेकंड डिवीजन से पास की है। वह तो सिर्फ नौकरी चाहता था। दो बार सीएम जनदर्शन में गया था। मुझसे बोला- बाबूजी एक बार सीएम साहब बोले कि कालीबाड़ी में नौकरी मिल जाएगी। वह वहां भी गया, लेकिन नौकरी नहीं मिली। पता था कि वो जनदर्शन में जा रहा है, लेकिन वह यह कदम उठा लेगा, नहीं पता था। उसकी नौकरी लग जाती... उसकी शादी भी नहीं हुई है, नौकरी लगती तो शादी करते। वह बच तो जाएगा...।   सीएम हाउस के सामने युवक द्वारा आत्मदाह की घटना को एसपी संजीव शुक्ला ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने घटना स्थल पर आला अधिकारियों के साथ जाकर निरीक्षण किया फिर देर रात कंट्रोल रूम में राजपत्रित अधिकारियों की बैठक ली।    आईजी प्रदीप गुप्ता का कहना है यह केवल एक घटना है, इसकी जांच की जा रही है। इस घटना के बाद सीएम हाउस की बाहरी सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता करने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।   झुलसे युवक को ऑटोवाला लाया अस्पताल, दर्द से चीखता रहा सीएम हाउस के पश्चिमी गेट पर आत्मदाह करने वाले युवक को अंबेडकर अस्पताल किसी एंबुलेंस से नहीं, बल्कि ऑटो से पहुंचाया गया था। ऑटोवाला उसे अस्पताल के ओपीडी गेट पर छोड़कर चला गया। योगेश जोर- जोर से चीखता रहा, चिल्लाता रहा। उसका पूरा शरीर बुरी तरह से झुलस चुका था, असहनीय दर्द हो रहा था। उसकी चीख सुनकर लोगों का मजमा लग गया, लेकिन मदद के लिए कोई आगे नहीं आया। 3-4 मिनट गुजर चुके थे, वार्ड बॉय नदारद थे।   कोई पुलिसकर्मी तक नहीं था। इसी दौरान एक व्यक्ति उसके लिए व्हीलचेयर लेकर आया, सिक्योरिटी गार्ड की मदद से योगेश को व्हीलचेयर पर बैठाकर बर्न यूनिट वार्ड पहुंचाया गया। तब कहीं पुलिस मौके पर पहुंची। इतना ही नहीं, योगेश का इलाज शुरू होने में भी वक्त लगा, क्योंकि कोई डॉक्टर नहीं था। स्थिति बिगड़ती देख परिजन उसे डिस्चार्ज करवाकर निजी अस्पताल ले गए। जिसने भी यह मंजर देखा, वह स्तब्ध रह गया। योगेश सिर्फ पानी... पानी... पानी मांगता रहा।   योगेश को दोपहर करीब 12.30 बजे के आसपास अंबेडकर अस्पताल के गेट पर छोड़ दिया गया था। उसके साथ कोई नहीं था, न परिजन, न दोस्त। वह अकेले इलाज की गुहार लगा रहा था। लेकिन 5-7 मिनट तक सब उसे तड़पता देखते रहे। जबकि योगेश को अंबेडकर भेजे जाने की सूचना अस्पताल प्रबंधन को दे दी गई थी।   लगभग 12.50 बजे उसका इलाज शुरू हुआ। तब तक डॉक्टर 30-35 फीसदी ही जले होने की बात कह रहे थे, लेकिन शाम तक उसके 85 फीसदी जले होने की सूचना आ गई। बताया जा रहा है कि दिव्यांगता और शारीरिक कमजोरी की वजह से ज्यादा असर हुआ है। हाथ, पैर, कमर के नीचे ऊपर का हिस्सा ज्यादा जला है।   योगेश के पीछे-पीछे एडिशनल एसपी ग्रामीण, सीएसपी सिविल लाइन्स, मौदहापारा थाना प्रभारी, महिला थाना प्रभारी, अंबेडकर चौकी प्रभारी उनकी टीम, सब दौड़ते भागते हड़बड़ाते हुए पहुंचे। वे योगेश के बारे में जानकारी लेते रहे। उससे नाम पूछने लगे, योगेश ने कहा- दर्द हो रहा है सर आपको नाम बताऊं... इलाज तो करवाइए।   अंबेडकर अस्पताल स्थित बर्न यूनिट में 12.38 बजे तक योगेश को शिफ्ट कर दिया गया था। इस दौरान यहां कोई सीनियर डॉक्टर नहीं था। सिस्टर ने 5-7 मिनट बाद इंजेक्शन दिया। ड्रेसर, बाद में तकनीशियन और फिर जूनियर डॉक्टर ने उपचार किया। सीनियर डॉक्टर आए ही नहीं।  

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 MadhyaBharat  22 July 2016

raipur police

      रायपुर पुलिस ने कबाड़ियों के यार्ड में छापे मारे, तब तक वहां 70 से अधिक बड़े वाहनों को काटा जा चुका था। मौके से 70 से अधिक नंबर प्लेट बरामद किए गए हैं, जो ट्रक, मेटाडोर और ऑटो के हैं। माना जा रहा है कि लंबे समय से यार्ड की जांच नहीं होने के कारण यह स्थिति बनी है। पुलिस को संदेह है कि बरामद कबाड़ और गाड़ियां चोरी की हैं। यदि यार्ड संचालक इनके कागजात पेश नहीं करता है तो फिर उनकी गिरफ्तारी होगी।   रायपुर पुलिस ने करीब दो साल पहले टाटीबंध के यार्ड में छापे मारे थे। तब भी चोरी की गाड़ियों को खपाए जाने का खुलासा हुआ था। पिछले सालभर से राजधानी में दोपहिया वाहनों की चोरी में इजाफा हुआ है। पुलिस को संदेह है कि चोरी की गाड़ी रायपुर के आसपास कबाड़ियों के ठिकानों में खपाई जा रही है।   बुधवार को छापे के बाद पुलिस सूत्रों ने बताया कि लंबे समय से चारों यार्डों में कबाड़ का धंधा फल-फूल रहा था। इन यार्डों में 70 से अधिक ट्रक, मेटाडोर, ऑटो के नंबर प्लेट मिले हैं। यार्ड में मिले वाहनों के इंजन और चेचिस का नंबर देखा जा रहा है, ताकि असली मालिक का पता लगाया जा सके। पुलिस का दावा है कि सारे वाहन चोरी के हो सकते हैं, जिन्हें काटकर खपाने की तैयारी थी।   अफसरों के नेतृत्व में पुलिस टीम की कार्रवाई सुबह से शाम तक जारी रही। पुलिस ने यार्ड संचालकों को नोटिस देकर जब्त कबाड़ के दस्तावेज मांगे हैं। कुछ दस्तावेज यार्ड से मिले हैं, जिसे खंगाला जा रहा है। पुलिस ने जब्त कबाड़ का वजन नहीं कराया है, इसलिए यह नहीं बताया जा रहा है कि वह कितने टन है, लेकिन एएसपी का कहना है कि 50 लाख से अधिक का सामान होगा।   स्क्रैप कारोबारी उमाशंकर गुप्ता के यार्ड में दस फीट का एक गांजा का पौधा भी मिला। इस पौधे को ड्रम से छिपाकर रखा गया था। पुलिस ने उस पौधे को भी जब्त कर लिया है।   उमाशंकर गुप्ता के पहले यार्ड से 400 किलो स्पंज आयरन, भारी मात्रा में लोहे का कबाड़, दूसरे यार्ड से एक ट्रक स्पंज आयरन, एक ट्रक रेलवे का सामान, एक ट्रक पिग आयरन मिक्स वेल्डिंग, एक ट्रक मशीनरी पार्ट्स, एक ट्रक स्क्रैप (मिसलेनियस)। मोहम्मद अल्ताफ के यार्ड से 75 डीजल गाड़ियों के स्क्रैप, टंकी, 43 रेडियेटर, 4 ट्रक जिन्हें काटने की तैयारी थी, एक कटा हुआ मेटाडोर, एक ऑटो, एक मेटाडोर और भारी मात्रा में स्क्रैप। मोहम्मद सिराज के यार्ड से भारी मात्रा में ट्रकों के इंजन, कटे हुए वाहनों के कलपुर्जे मिले। यार्ड का संचालक मौदहापारा का शेख इरफानुद्दीन है और सिराज को उसका पार्टनर बताया जा रहा है।     Attachments area          

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 MadhyaBharat  21 July 2016

chattisghar agasta

     धरने पर बैठे 33 सदस्य निलंबित   छत्तीसगढ़ विधानसभा में  अगस्ता हेलिकॉप्टर खरीदी पर कांग्रेस की ओर से लाया गया काम रोक प्रस्ताव अग्राह्य होने के बाद जमकर शोर-शराबा हुआ। नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव के साथ 33 विपक्षी सदस्यों ने गर्भगृह में आकर धरना दे दिया जिससे विपक्षी सदस्य स्वमेव सदन की कार्रवाई ने निलंबित हो गए। नारेबाजी और हंगामे के कारण इस बीच दो बार सदन की कार्रवाई पांच मिनट के लिए स्थगित करनी पड़ी।   विधानसभा के मानसून सत्र के आखिरी दिन प्रश्नकाल के बाद कांग्रेस सदस्य सत्यनारायण शर्मा ने अगस्ता हेलिकॉप्टर खरीदी में नियमों का पालन नहीं होने की बात कहकर काम रोककर चर्चा करने का प्रस्ताव रखा। सिंहदेव ने कहा कि कल ही डीजीसीए ने अगस्ता के लंबी उड़ान भरने पर रोक लगा दी है। यह वही हेलिकॉप्टर है जिस पर राज्य के मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने उड़ान भरी थी तो उसका एक इंजन फेल हो गया था और मंत्री को वापस लौटना पड़ा था।   भूपेश बघेल ने कहा कि 50 हजार निवेश वाली कंपनी से इस हेलिकॉप्टर की खरीद में दलाली का पैसा वर्जिन आईलैंड में डिलीवर हुआ है। इस पर सत्तापक्ष के भाजपा के सदस्य खड़े हो गए और शोर करने लगे। सभापति शिवरतन शर्मा ने नियमों का हवाला देते हुए चर्चा कराने की अनुमति नहीं दी। इस पर कांग्रेस सदस्य आसंदी के सामने आ गए और जमकर नारेबाजी करने लगे। जवाब में सत्तापक्ष की ओर से राजेश मूणत, केदार कश्यप सहित अन्य सदस्यों ने नारेबाजी शुरू कर दी। सभापति ने पांच मिनट के लिए सदन की कार्रवाई स्थगित कर दी।   पांच मिनट बाद दोबारा सदन की कार्रवाई शुरू हुई तो सिंहदेव, बघेल सहित 33 कांग्रेसी सदस्य इस मामले में चर्चा की मांग करते हुए गर्भगृह में पहुंच गए और वहीं धरने पर बैठ गए। इसके चलते वे स्वमेव सदन की कार्रवाई ने निलंबित हो गए।   सभापति ने पांच मिनट के लिए दोबारा सदन की कार्रवाई रोक दी। निलंबित होने के बाद कांग्रेसी सदस्य सदन के बाहर महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने धरने पर बैठे। करीब 10 मिनट बाद उनका निलंबन समाप्त कर दिया गया। बाद में सदस्यों ने सदन की कार्रवाई में हिस्सा लिया।   कांग्रेस सदस्यों के अगस्ता हेलीकाफ्टर मामले में हंगामा करने को मंत्री प्रेम प्रकाश पांडेय ने कहा कि यूपीए के रक्षा सौदे में घोटाले की जांच चल रही है। यहां कांग्रेस सदस्य इस मुद्दे से ध्यान भटकाने राजनीतिक ड्रामा कर रहे हैं।   अगस्ता हेलिकॉप्टर खरीद को लेकर हुए भ्रष्टाचार और दलाली का मामला कांग्रेस और स्वतंत्र विधायक अमित जोगी ने कई बार मीडिया के सामने रखा। कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल ने आरोप लगाया है कि जिस हेलिकॉप्टर को झारखंड सरकार ने 55.91 लाख डालर में खरीदा, वही हेलिकॉप्टर छत्तीसगढ़ सरकार ने 65.79 लाख डालर में खरीदा। इस तरह सरकार ने 9.79 लाख डॉलर अधिक खर्च किया। कैग ने भी अपने रिपोर्ट में अगस्ता हेलिकॉप्टर ए-109 की खरीदी में 65 लाख रुपए अधिक खर्च करने को लेकर आपत्ति की है। कांग्रेस ने पुराना हेलिकॉप्टर खरीदने का भी आरोप लगाया है।  

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 MadhyaBharat  20 July 2016

mohammad kaif

      नेटवेस्ट ट्रॉफी के हीरो रहे मोहम्मद कैफ छत्तीसगढ़ रणजी टीम के कैप्टन बनाए गए हैं। वे टीम के कैप्टन होने के साथ ही टीम को गाइड भी करेंगे। उनके साथ ही बालिंग कोच पी. कृष्णकुमार बनाए गए हैं। वर्ष 2002 में लॉर्ड्स में खेले गए नेटवेस्ट ट्रॉफी में भारत और इंग्लैंड के मैच को कौन भूल सकता है? इंग्लैंड द्वारा बनाए गए रनों के अंबार का पीछा करते हुए मोहम्मद कैफ व युवराज सिंह की यादगार पारी की बदौलत भारत ने इंग्लैंड पर 6 विकेट से जीत हासिल की थी।   छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ के कार्यालय में सोमवार को पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कैफ ने पूर्व कप्तान गांगुली के कप्तानी की तारीफ की। उन्होंने कहा कि गांगुली की कप्तानी के दौरान ही उनके साथ ही युवराज सिंह, वीरेन्द्र सहवाग, हरभजन सिंह जैसी प्रतिभाएं निकलीं। कैफ का कहना है कि उनका प्यार, पैशन सबकुछ क्रिकेट है और आज वे जो कुछ भी हैं, क्रिकेट की वजह से ही हैं। नेटवेस्ट ट्रॉफी उनके जीवन का टर्निंग वॉइंट साबित रही है। कैफ ने बताया कि इससे पहले वे दो साल तक आंध्र रणजी टीम के खेल चुके हैं तथा उनका पूरा उद्देश्य यंग टैलेंट को बाहर निकालना है। उन्हें पूरा यकीन है कि अब छत्तीसगढ़ रणजी टीम के भी प्रतिभाएं बाहर निकलेंगी और भारतीय टीम में जगह बनाएंगी। मोहम्मद कैफ रणजी में 10 हजार भी बना चुके हैं। छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ के अध्यक्ष बलदेव सिंह भाटिया ने बताया कि कैफ के साथ ही संघ ने सुलक्षण कुलकर्णी को टीम का कोच बनाया है।   भाटिया ने कहा कि नियम के अनुसार संघ बाहर के तीन खिलाड़ियों को रख सकता है, उन्होंने मोहम्मद कैफ का ही चुनाव किया। उन्होंने कहा कि संघ यह चाहता था कि ऐसे खिलाड़ी लाएं, जो यहां की रणजी टीम को निखारने के साथ ही छत्तीसगढ़ को अपना समझे और कैफ का चयन इसलिए किया गया है।  

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 MadhyaBharat  19 July 2016

chattisghar vidhansabha

    छत्तीसगढ़ प्रदेश के निजी या सरकारी अस्पतालों में ड्यूटी के दौरान डॉक्टरों के साथ मारपीट करना या अस्पताल की संपत्ति को नुकसान पहुंचाना अब गैर-जमानती अपराध होगा। छत्तीसगढ़ चिकित्सा सेवक तथा चिकित्सा सेवा संस्थान (हिंसा तथा संपत्ति की क्षति या हानि की रोकथाम) संशोधन विधेयक 2016 विधानसभा में पेश किया।   संशोधन विधेयक के मुताबिक ऐसी घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण लगाने के उद्देश्य से इस प्रकार के अपराधों को संज्ञेय व गैर-जमानती बनाने का प्रावधान है। वहीं, छत्तीसगढ़ राजमार्ग (संशोधन) विधेयक 2016 को विधानसभा में बगैर किसी चर्चा के सर्वसम्मति से पारित कर दिया गया।   उल्लेखनीय है कि ये दोनों संशोधन विधेयक गुरूवार को सदन पटल पर रखे गए थे। सोमवार को दोनों विधेयकों पर चर्चा होनी थी। सोमवार को दोनों विधेयक पर पहले ही सहमति बन चुकी थी। इसलिए इन्हें सर्व सम्मति से पास कर दिया गया।

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 MadhyaBharat  19 July 2016

raman singh cm

   तोमर करेंगे छत्तीसगढ़ की मदद    छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री रमन सिंह ने  केन्द्रीय ग्रामीण विकास, पंचायती राज, पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री  नरेन्द्र सिंह तोमर से  भेंट कर उन्हें नए मंत्रालयों के प्रभार के लिए बधाई दी और छत्तीसगढ़ के ग्रामों के समुचित और व्यवस्थित विकास के लिए चर्चा की।  श्री तोमर के साथ चर्चा में मुख्यमंत्री श्री रमन सिंह ने छत्तीसगढ़ में पंचायती राज, ग्रामीण विकास, पेयजल एवं स्वच्छता संबंधी अद्यतन स्थिति से अवगत कराया तथा इसकी बेहतरी के लिए प्रयास करने की बात कही। मुख्यमंत्री श्री रमन सिंह ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्राथमिकता वाले स्वच्छता अभियान पर विशेष रूप से विचार विमर्श किया। उन्होंने स्वच्छता के लिए प्रदेश सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों से अवगत कराया तथा भविष्य में इस अभियान पर सरकार द्वारा गंभीरता से काम करने का संकल्प दोहराया। *श्री तोमर ने उनके विभागों से जुड़े कार्यों और योजनाओं में केन्द्र सरकार की ओर से हर संभव सहयोग करने का आश्वासन मुख्यमंत्री  रमन सिंह को दिया।   

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 MadhyaBharat  17 July 2016

chattisghar vidhansabha

    छत्तीसगढ़ विधानसभा में मानसून सत्र सोमवार सुबह शुरू हो गया। अविभाजित मध्यप्रदेश विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष यज्ञदत्त शर्मा व बसना के पूर्व विधायक जयदेव सतपथी के निधन पर सदन में दो मिनट मौन रखकर श्रद्धांजलि दी गई। दिवंगतों के सम्मान में सदन की कार्रवाई पांच मिनट के लिए स्थगित की गई।   नेताप्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव, भूपेश बघेल व अन्य कांग्रेस सदस्यों ने प्रश्नकाल में कानून व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति पर सदन काम रोककर चर्चा कराने की मांग की। अध्यक्ष ने प्रश्नकाल के बाद इस विषय को लेने का आश्वासन दिया। प्रश्नकाल में प्रदेश में बिजली की मांग आपूर्ति का मामला उठा। नेता प्रतिपक्ष ने यह मामला उठाया। सीएम डॉ. रमन सिंह ने जनवरी से जून तक की जानकारी दी।   हाथियों के आतंक से जन-धन की हानि होने का मामला सदन में उठा, ध्यानाकर्षण के दौरान नेता प्रतिपक्ष टी एस सिंहदेव, अमरजीत भगत ने यह मामला उठाया। नेता प्रतिपक्ष ने कहा- छत्तीसगढ़ में जनहानि होने पर 4 लाख रूपए जबकि दूसरे राज्यों में 8 लाख रुपए मुआवजा दिया जाता है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि हाथियों को भगाने के नाम पर भ्रष्टाचार हो रहा है, इस पर वनमंत्री महेश गागड़ा ने कहा- रोकथाम के लिए विभाग प्रयास कर रहा है।   ध्यानाकर्षण के जरिये संतराम नेताम, मोतीलाल देवांगन और तेजकुंवर नेताम ने मानव तस्करी का मामला उठाया। इस पर 

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 MadhyaBharat  11 July 2016

chattisghar highway

      छत्तीसगढ़   सड़क विकास निगम 56 राज्य व जिला मार्गों पर 9 हजार करोड़ की लागत से 1800 किमी सड़कों का निर्माण कराने जा रहा है। सभी सड़कें दो साल के भीतर बनकर तैयार हो जाएंगी। निगम के अफसरों ने बताया कि कुल 56 सड़कों में से 5 का निर्माण बीओटी योजना के तहत किया जा रहा है। इनके टेंडर की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। 49 सड़कें एनयूटी योजना के तहत बनाई जाएंगी।   इन सड़कों का डीपीआर बनाने का काम शुरू कर दिया गया है। एनयूटी योजना के तहत सड़क निर्माण की 60 प्रतिशत राशि निजी कंपनी या ठेकेदार को खर्च करनी होगी। बची हुई 40 फीसदी राशि सड़क विकास निगम 15 साल तक किस्तों में वापस करेगा। कंपनी को बाद में पूरी राशि ब्याज सहित वापस करनी होगी। चूंकि सड़क निर्माण में विकास निगम की सीधी भागीदारी होगी। इस वजह से बैंक से लोन लेने में ठेकेदार व निजी कंपनी को किसी भी तरह की दिक्कत नहीं होगी। पैसे की कमी नहीं होने की वजह से सड़क का निर्माण भी तेज गति से होगा। 2018 तक जिला मुख्यालय व राज्य मार्ग से लगभग प्रदेश के सभी गांव की सड़कें बनकर तैयार हो जाएंगी।   एनयूटी को जोगी का घोटाला बताती रही भाजपा   एनयूटी योजना को सबसे पहले पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी ने राज्य बनने के तत्काल बाद शुरू किया था। तत्कालीन विपक्ष भाजपा ने उस वक्त इस का पुरजोर विरोध किया था। इस योजना को पार्टी ने 2003 के चुनाव अभियान में बड़े घोटाले के रूप में प्रचारित किया था। विरोध की वजह से सड़कों का निर्माण नहीं हो पाया था। लेकिन एक बार फिर से नवगठित सड़क विकास निगम एनयूटी योजना के तहत सड़कों का जाल बिछाना शुरू कर रहा है।   56 सड़कों में 17 राज्य मार्ग की सड़कें   कठौतिया से केलहारी-जनकपुर बड़वाही की 139 किमी,रामगढ़ से कोटाडेल की 24 किमी,अमलडीहा से कुदुरमाल की 45 किमी,घरघोड़ा से लैलूंगा की 24 किमी,शिवरीनारायण से सारंगढ़-बरमकेला-सोहेला की 32 किमी,उदयपुर से कुदमुरा की 70 किमी,सकरी गनियारी से कोटा की 22 किमी,पिथौरा से कसडोल की 20 किमी,नांदघाट से मुंगेली की 40 किमी,पिथौरा से बागबहरा-कोमाखान-छुरा-गरियाबंद की 96 किमी,नवापारा से बडेकरेली-परसवानी-छिपली की 25 किमी,दुधवा से नगरी-बासीन की 24 किमी,सेलूद से जामगांव-रानीतराई-छिपली की 25 किमी,सिलपट से संबलपुर की 21 किमी,दुर्ग से गुण्डरदेही बालोद की 51 किमी,धमधा से गंडई से साल्हेटेकरी की 47 किमी सड़क राज्य मार्ग शामिल हैं।   छत्तीसगढ़ के पीडब्ल्यूडी मंत्री राजेश मूणत ने बताया सड़क विकास निगम दो साल के भीतर सभी सड़कों का निर्माण कर देगा। केंद्रीय परिवहन मंत्रालय ने भी इन सभी सड़कों के निर्माण की स्वीकृति दे दी है। उसके बाद ही इन सड़कों का निर्माण किया जा रहा है।  

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 MadhyaBharat  8 July 2016

mineral

  रायपुर में नेशनल कॉन्क्लेव ऑफ माइंस एण्ड मिनरल्स     खनिज क्षेत्र के समूचित विकास और खनन की सुदृढ़ नीति तय करने के मकसद से राजधानी रायपुर में सोमवार को नेशनल कॉन्क्लेव ऑफ माइंस एण्ड मिनरल्स की शुरूआत हुई। इस आयोजन में केंद्रीय खनिज एवं उद्योग मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर व मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह सहित देशभर के खनिज व्यवसायी शामिल हुए।  कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री तोमर ने कहा कि मैं यहां देशभर के खनिज व्यवसायियों को नहीं बल्कि देश के आम नागरिकों को संबोधित कर रहा हूं। खनिज संपदा को व्यवसायिक नजरिए के साथ देखने के अलावा एक आम नागरिक की दृष्टि से हमें इसे देखना होगा, ताकि इनका विवेकपूर्ण व समूचित रूप से दोहन हो सके। उन्होंने कार्यक्रम की शुरूआत में खनिज व्यवसायियों को भारत का भविष्य निर्माता कहकर उनका स्वागत किया।   डीएलएफ की राशि से होगा दंतेवाड़ा का विकास कार्यक्रम के दौरान तोमर ने राज्य में खनिज उद्योग के विकास की भावी योजना के विषय में भी विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अग्रणीय खनिज राज्य छत्तीसगढ़ देश का पहला ऐसा राज्य है जहां दंतेवाड़ा में डीएलएफ की 25 करोड़ की राशि से क्षेत्र में विकास कार्य किए जाएंगे। इससे खनन के साथ-साथ क्षेत्र का भी समूचित विकास हो सकेगा।   मिनरल फंड से तीन गुना अधिक राशि से होगा खनन प्रभावित जिलों का विकास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने कहा कि मिनरल फंड से मिलने वाले 1100 करोड़ रुपयों से तीन गुना अधिक राशि प्रदेश के खनन प्रभावित जिलों के विकास के लिए खर्च की जाएगी। इससे राज्य के खनन प्रभावित जिलों में छतिपूर्ति के साथ-साथ वहां का सामाजिक आर्थिक विकास हो सकेगा। अभी राज्य सरकार को 1100 करोड़ में से 500 करोड़ की राशि प्राप्त हो चुकी है और 1200 करोड़ रुपयों के विकास कार्य भी खनन प्रभावित इलाकों में शुरू हो गए हैं।   छत्तीसगढ़ के माइन्स की नए सिरे से होगी मैपिंग डॉ रमन सिंह ने बताया कि राज्य में माइन्स का नए शिरे से मैपिंग का काम शुरू किया गया है। अभी 10 प्रतिशत सर्वे का काम हो चुका है। डॉ रमन ने कहा कि इस काम के लिए जितना भी खर्च होगा राज्य सरकार करेगी। इसके लिए दुनियाभर के विशेषज्ञों को बुलाया जाएगा।   उन्होने कहा कि खनिज के दोहन में पूरी तरह से पारदर्शिता रखी जाएगी और उसी अनुपात में जंगलों का विकास होगा। पारदर्शिता के लिए एक पब्लिक डोमेन बनाकर उसमें जानकारी डाली जाएगी। माइनिंग इफेक्टेड एरिया में प्रभावित परिवारों के बच्चों को मुफ्त शिक्षा और महिलाओं करो उज्जवला योजना के तहत गैस सिलेंडर बांटे जाएंगे।

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 MadhyaBharat  4 July 2016

raipur

  अपराध के विरोध में दिखाए प्रतिकात्मक हथियार     रायपुर शहर में बढ़ती अपराधिक घटनाओं के विरोध में कांग्रेस और अन्य संगठनों द्वारा किए गए शहर बंद का व्यापक असर शनिवार को देखने मिला। शहर के विभिन्न बाजार पूरी तरह बंद रहे और रेलवे स्टेशन व बस स्टैंड में भी वीरानी छाई रही। शहर के कुछ मॉल और शॉपिंग कांप्लेक्स भी पूरी तरह बंद रहे। कांग्रेस ने शहर में शांति मार्च निकाल कर प्रदर्शन किया। इस दौरान कांग्रेसी प्रतिकात्मक हथियारों की माला पहन कर प्रदर्शन करते नजर आए।   पिछले एक माह के दौरान राजधानी में हुई कई अपराधिक वारदातों के बाद शनिवार को विभिन्न संगठन सड़क पर विरोध में उतरे। इन वारदातों में ज्यादातर शहर के व्यापरियों को निशाना बनाया गया है। कानून व्यवस्था कमजोर होने का हवाला देते हुए व्यापारियों और कांग्रेस सहित आप व अन्य संगठनों ने इस शहर बंद का आह्वान किया था।   बाजार बंद होने और आवागमन का साधन नहीं मिलने की वजह से लोगों को परेशानी का भी सामना करना पड़ा। बंद के दौरान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल सहित अन्य नेताओं ने मोटर सायकल रैली निकाल कर जयस्तंभ चौक पर सभा की। साथ ही सराफा एसोसिएशन द्वारा पंडाल लगाकर किए जा रहे विरोध प्रदर्शन में भी भूपेश सहित कांग्रेसी नेता सामिल हुए।

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 MadhyaBharat  2 July 2016

sodma school

   घटिया निर्माण देख नहीं किया सांसद ने  हाईस्कूल भवन का लोकार्पण      फरसगांव ब्लाॅक के ग्राम सोड़मा में हाईस्कूल के नए बने भवन का लोकार्पण करने से कांकेर से बीजेपी के सांसद विक्रम उसेंडी ने गुरुवार को साफ इंकार कर दिया। उन्होंने खुद महसूस किया कि भवन के बनाने वालों ने जमकर लापरवाही बरती है। एक ओर जहां भवन की छत में रिसाव के साफ दाग दिखाई दे रहे थे, तो दूसरी ओर कई दीवारों में जगह-जगह दरारें भी सांसद उसेंडी को साफ नजर आई।   शाला भवन के निर्माण में विभाग और ठेकेदार की लापरवाही को लेकर सरपंच सहित गांववालों ने भी शिकायत सांसद से की थी। जनपद सदस्य और शिक्षा समिति के सदस्य हरिलाल नेताम ने घटिया निर्माण को लेकर बताया कि भवन बनने के दौरान छत और दीवारों की क्यूरिंग सही तरीके से नहीं की गई। पार्षद सिदेश सेठिया और चंपा पांडे ने बताया निर्माण तो स्तरहीन है ही कई मजदूरों को मजदूरी का भुगतान अब तक नहीं किया गया है। इस स्कूल को बनाने का ठेका लोकमणी पांडे ने लिया था। सांसद उसेंडी को शिकायत कर्ताओं ने दिखाया और बताया कि किस तरह लूट मचाई गई है। शाला भवन के कमरों में जिन पंखों को लगाया गया है उनकी प्रसिद्धि किस कंपनी से है यह तो पता नहीं पर जिन डब्बों में इन्हें पैक कर सप्लाई की गई है वे डब्बे नामी-गिरामी हेवेल्स कंपनी के बताए जा रहे हैं। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी लोक निर्माण विभाग से भवन बनवाने से अच्छा था इसे पंचायत के जरिए बनवाया जाता तो गुणवत्ता तो कायम रहती। दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। सोड़मा के इस नए भवन में कक्षा 9वमीं के 41 और कक्षा 10वीं के 38 बच्चों को पढ़ना था। अब जब सांसद उसेंडी ने भवन के लोकार्पण से इंकार कर दिया है तो अब इन बच्चों को पंचायत भवन यानि सेवा केंद्र के सीमित कमरों में सत्र गुजारना होगा। ठेकेदार ने अचानक काम बंद कर दिया था, जिसके चलते एलाॅटमेंट बड़ी समस्या हो गई थी। इसके बाद बड़ी मुश्किल से काम करवा पाए हैं।  

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 MadhyaBharat  19 June 2016

raipur monsoon

    तेज हवा के साथ छत्तीसगढ़ में राहत की फुहार   रायपुर में लगातार दूसरे दिन तेज हवा के साथ तेज बारिश हुई। रविवार की तुलना में हवा की गति और बारिश घनत्व सोमवार को ज्यादा रहा। इस कारण नुकसान भी ज्यादा हुआ। लंबा-चौड़ा और भारी-भरकम यूनीपोल तक उखड़ गया। कई जगहों पर ट्रैफिक सिग्नल, होर्डिंग व पेड़ भी हवा के सामने टिक नहीं पाए। इनकी चपेट में दस कार व दोपहिया वाहन आ गए, लेकिन लोग बाल-बाल बच गए। एक-दो लोग पेड़ के नीचे दबे, लेकिन उन्हें हल्की चोटें आईं। इस आफत के बाद शहर के कई प्रमुख मार्गों में रात तक जाम लगा रहा।   मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार रविवार को हवा की गति 16 किमी प्रति घंटा थी तो सोमवार को 30 से 40 किमी। बारिश भी ओले के साथ हुई तो शहर में चारों तरफ नुकसान हुआ। सबसे बड़ा हादसा शास्त्री चौक पर हो सकता था, क्योंकि कलेक्टोरेट गार्डन में लगा यूनीपोल बेस से उखड़कर गिर गया। गनीमत यह रही कि यह टाउन हॉल की तरफ गिरा। पानी गिरने के कारण गार्डन या टॉउन हॉल परिसर में लोग मौजूद नहीं थे। इस कारण तीन कार और दो दोपहिया क्षतिग्रस्त हो गईं। एक कार में चालक बैठा था, वह बच गया।   नगर निगम ने वर्ष 2009-10 में पीपीपी मोड में एएसए एडवर्टटाइजर्स को शहर के नौ स्थानों पर यूनीपोल लगाकर विज्ञापन से कमाई करने का अनुबंध किया था। यूनीपोल कलेक्टोरेट गार्डन में दो, एसआरपी चौक में दो, महिला थाना चौक पर एक, सारक्षरता तिराहे में दो, अनुपम गार्डन में एक, टाटीबंध चौक में एक और तेलीबांधा चौक में एक यूनीपोल लगा है। निगम और ठेका एजेंसी के बीच विवाद हो गया है, जो कि आर्बिट्रेटर में विचाराधीन है।   निर्माणाधीन मोतीबाग टंकी में टीन शेड का उपयोग कुछ कामों में किया जा रहा है। तेज हवा के कारण एक शेड उड़कर मोतीबाग मेन रोड तक पहुंच गया। वह सीधे एक पान ठेले में घुस गया। गनीमत यह रही कि पान ठेले वाला कुछ सेकंड पहले ही पानी और ओले से बचने के लिए वहां से भागा था।   पेड़ गिरने से कई मार्गों पर जाम लग गया। टिकरापारा रोड पर शौर्य पेट्रोल पंप के सामने गिरे पेड़ को हटाने के लिए नगर निगम की जेसीबी मशीन पहुंची, लेकिन काफी समय लग गया। पेड़ रोड को आधा घेर लिया था, इस कारण जाम लगा रहा। खराब मौसम के कारण रात में जेल रोड पर लंबा जाम लगा रहा। तात्यापारा चौक पर भी ट्रैफिक सिग्नल गिरने से यातायात बाधित हुआ। पंडरी मेन रोड, जीई रोड पर जयस्तंभ चौक से शारदा चौक तक जाम की स्थिति देखने को मिली।   लगातार दूसरे दिन बारिश के कारण फिर से कई इलाकों में पानी भर गया। सोमवार को स्थिति ज्यादा खराब देखने को मिली। हनुमान नगर का नाला ओवरफ्लो हो गया, जिससे कॉलोनी के मार्ग में पानी भर गया। जीई रोड पर जयस्तंभ चौक से शहीद स्मारक भवन के सामने तक पानी भरने से लोगों को परेशानी हुई। जलविहार कॉलोनी और राजेंद्रनगर के कुछ घरों में पानी भरने से लोगों को परेशानी हुई। पानी निकासी की व्यवस्था नहीं होने के कारण रविनगर, जगन्नाथनगर, पंडरी, राजातालाब, नेहरूनगर, वीरभद्रनगर, प्रोफेसर कॉलोनी, चूनाभठ्ठी, ताजनगर समेत कई इलाकों में जलभराव हुआ।   टिकरापारा रोड पर शौर्य पेट्रोल पंप के सामने नीम का बड़ा पेड़ गिर गया, जिसकी चपेट में तीन-चार गाड़ियां आ गईं। चार-पांच लोग बच गए। नेहरुनगर में एक कच्चे मकान की छत गिर गई तो दूसरे की दीवार। इसमें दो लोगों को चोटें आईं। टिकरापारा स्थित गोंडवाना भवन के पीछे पेड़ गिरने से बाउंड्रीवाल टूट गई और रास्ता भी जाम हो गया। मोतीबाग के अंदर एक आम पेड़ बीच तने से टूटकर  गिर गया। ग्रामीण विधायक सत्यनारायण शर्मा के बांसटाल स्थित निवास के सामने एक बड़ा होर्डिंग टूटकर गिर गया, मोहल्ले के कई लोग बच गए। पुलिस लाइन का वॉच टॉवर भी टिक नहीं पाया और एक कमरे के ऊपर गिर पड़ा। इससे कमरे की छत टूट गई। दानी स्कूल के पीछे इमली का बड़ा पेड़ गिरने से बाइक सवार एक युवक दब गया था, लोगों ने उसे जैसे-तैसे बाहर निकाला।ब्रह्मपुरी में एक पेड़ गिरने से कार को नुकसान हुआ, जो कि रोड के दूसरे तरफ खड़ी थी। नेहरूनगर में दो मंजिला भवन की छत पर आठ शेड थे, उसमें से छह गायब हो गए। भवन स्वामी शेड ढूंढते देखा गया।बांसटाल में एक गरीब परिवार के मकान की दीवार गिर गए, रहवासी बच गए।  

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 MadhyaBharat  15 June 2016

congress

       रायपुर से लगे ग्राम छछान पैरी में अज्ञात हमलावरों ने कांग्रेस के पूर्व विधायक शिव डहरिया की मां और पिता पर हमला कर दिया। हमले में घटना स्थल पर ही उनकी मां की मौत हो गई। जबकि पिता गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। उन्हें टिकरापारा इलाके के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मौके पर पुलिस के बड़े अफसर एफएसएल और क्राइम ब्रांच की टीम पहुंच गई है। सेजबहार थाना इलाके में हुई इस वारदात से हड़कंप मच गया है। पूर्व विधायक के पिता ने गंभीर हालत में हमले की जानकारी गांव वालों को दी, इसके बाद उन्हेंअस्पताल पहुंचाया गया। बताया जा रहा है कि तीन अज्ञात हमलावरों ने हथियार से लैस होकर बुजुर्ग दंपति के घर में घुसकर हमला किया । दोनों गांव में अकेले ही रहते थे। हमले में गंभीर रूप से लहुलूहान शिव डहरिया की मां की मौके पर ही मौत हो गई। प्रारंभिक तौर पर पुलिस आशंका जता रही है कि अज्ञात लोगों ने संपत्ति विवाद को लेकर वारदात को अंजाम दिया है। हमले की सूचना पूर्व विधायक शिव डहरिया को भी दे दी गई है। अजीत जोगी समर्थक माने जाने वाले शिव डहरिया जोगी के साथ नई पार्टी में नहीं जाने को लेकर चर्चा में है। शुक्रवार को कांग्रेस भवन में कांग्रेसियों के विश्वास परिक्षण के दौरान डहरिया प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल के साथ खास गुफ्तगु करते नजर आए थे।     Attachments area          

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 MadhyaBharat  13 June 2016

mahanadi bhawan

  15 जून से 15 जुलाई तक तबादला छत्तीसगढ़ सरकार ने नई तबादला नीति जारी कर दी है। राज्य के कर्मचारी लंबे समय से इसकी प्रतीक्षा कर रहे थे। शनिवार को जारी नीति के मुताबिक 15 जून से 15 जुलाई तक तबादले किए जा सकेंगे। जिले में प्रभारी मंत्री के अनुमोदन के बाद कलेक्टर कर्मचारियों का तबादला आदेश जारी करेंगे। जिले में केवल तृतीय श्रेणी गैर कार्यपालिक और चतुर्थ श्रेणी का तबादला किया जा सकेगा। राज्य स्तर पर तबादले विभागीय मंत्री के अनुमोदन पर होंगे। रिटायरमेंट में एक वर्ष बचा हो तो ऐसे अफसर-कर्मचारी का तबादला गृह जिले में किया जा सकेगा। ट्रांसफर पॉलिसी के मुताबिक ट्रांसफर का आवेदन 15 जून से 25 जून तक दिया जा सकेगा। शासन ने ग्रामीण और शहरी क्षेत्र में कर्मचारियों की संख्या में संतुलन बनाए रखने के भी निर्देश दिए हैं। राज्य स्तर पर प्रथम श्रेणी के अधिकारियों में से15 फीसदी का तबादला हो सकेगा। तृतीय श्रेणी के लिए 10 फीसदी की सीमा रहेगी और चतुर्थ श्रेणी के लिए 5 फीसदी सीमा तय की गई है। नीति के मुताबिक 15 जुलाई के बाद तबादलों पर प्रतिबंध रहेगा। वहीं कर्मचारी को तबादले के बाद 30 जुलाई तक कार्यभार ग्रहण करना अनिवार्य होगा। शासन ने कहा है कि तबादले के खिलाफ कर्मचारी अपील कर सकेंगे। नीति विरूद्ध तबादले की शिकायत हो तो कर्मचारी को 15 दिनों में वरिष्ठ सचिव समिति के सामने अपील करनी होगी।

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 MadhyaBharat  12 June 2016

ajit jogi

  जोगी ने कहा-मेरी जिंदगी राज्य की जनता के लिए   देश के दिग्गज क्षत्रपों की मौजूदगी में पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी की पार्टी का नामकरण होगा। इसके लिए समर्थक राजधानी रायपुर में मेगा राजनीतिक शो करने की तैयारी में जुट गए हैं। इस अवसर पर जनता दल यूनाइटेड के अध्यक्ष व बिहार के मुख्यमंत्री नितिश कुमार,तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष व पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री सुश्री ममता बनर्जी,तेलंगाना राष्ट्रीय समिति के अध्यक्ष व तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव,बीजू जनता दल के अध्यक्ष व ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक,बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालूप्रसाद यादव व वाईएसआर कांग्र्रेस पार्टी के अध्यक्ष जगन मोहन रेड्डी के आने की चर्चा है।   पूर्व मुख्यमंत्री श्री जोगी से जुड़े  सूत्रों ने बताया कि क्षेत्रीय दल बनाकर देश की राजनीति की दिशा तय करने वाले इन प्रादेशिक क्षत्रपों को पार्टी के नामकरण के अवसर पर आमंत्रित किया गया है। अधिकांश दिग्गजों ने आने की सहमति दे दी है। लिहाजा इनकी स्वीकृति भी मिल गई है।   मासोमवार 6 जून को मरवाही विधानसभा क्षेत्र के कोटमीकला में पूर्व मुख्यमंत्री  जोगी ने हजारों समर्थकों की स्वीकृति के बाद कांग्रेस को अलविदा कहते हुए नई पार्टी बनाने की घोषणा की थी। पार्टी का नाम क्या होगा,चुनाव चिन्ह व झंडा के बारे में सभास्थल में पर्चे बांटे गए थे। जोगी ने खुलासा किया था कि पार्टी के नाम की घोषणा जल्द कर दी जाएगी । यह भी बताया था कि पार्टी के नाम व चुनाव चिन्ह के लिए 18 हजार लोगों ने अपनी रायशुमारी दी है। जिस नाम व चुनाव चिन्ह को ज्यादा लोगोें की राय मिलेगी,वही पार्टी का नाम होगा ।जोगी ने कहा कि अब मेरा कुछ नहीं है  मेरी जिंदगी राज्य की जनता के लिए है।    श्री जोगी से जुड़े करीबियों की मानें तो नया क्षेत्रीय दल बनाने की घोषणा के बाद देश के अलग-अलग हिस्सों में क्षेत्रीय दल बनाकर राज करने वाले दिग्गजों ने फोन कर श्री जोगी को बधाई दी है। दिग्गजों द्वारा दी जा रही बधाई की खबर सोशल मीडिया में भी वायरल की गई है। लोगों द्वारा भरे गए पर्चे को अलग करने का काम किया जा रहा है। जिस नाम को अधिक लोगों ने पसंद किया है, उसे क्षेत्रीय दल का नाम दिया जाएगा। पार्टी के नाम की घोषणा के वक्त देशभर के चुनिंदा क्षत्रपों की मौजूदगी रहेगी। उनको न्यौता भेजा गया है। राजधानी रायपुर में बड़ी और प्रभावी रैली की तैयारी की जा रही है।

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 MadhyaBharat  10 June 2016

pimpel girl

         रायपुर के मंदिर हसौद में 31 साल की एक युवती के फांसी लगाकर खुदकुशी करने का मामला सामने आया है। युवती का नाम दीपा राय बताया जा रहा है। फिलहाल आत्महत्या के स्पष्ट कारणों का तो खुलासा नहीं हुआ है लेकिन जो बात सामने आई हैं वह हैरत में डालने वाली है। मिली जानकारी के मुताबिक युवती के चेहरे पर कई दिनों से पिम्पल हो गए थे जिसे लेकर वो काफी परेशान थी। मंगलवार को सुबह उसने मां से इलाज के लिए 1000 रुपए मांग थे। जब मां ने पैसे देने से इंकार कर दिया तो गुस्से में युवती कमरे में चली गई। जब काफी देर तक कोई आवाज नहीं आई और ना ही वह कमरे से बाहर आई तब उसकी मां ने कमरे का दरवाजा खोला तो युवती फांसी पर लटकती हुआ मिली। इसलिए यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि पिम्पल हो जाने के कारण युवती का चेहरा खराब हो गया था। जिसे लेकर वह काफी तनाव में रहती थी। जब उसे इलाज के लिए पैसे नहीं मिले तो उसने यह कदम उठा लिया।  

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 MadhyaBharat  8 June 2016

school

           रायपुर के करीब स्थित मांढर एक ऐसा गांव है, जहां स्कूली बच्चे विशाल बरगद के पेड़ के नीचे बैठकर अपने टीचर और प्रिसिंपल से मन की बातें करते हैं। यहां छठवीं से लेकर बाहरवीं तक के बच्चों को बेझिझक हर शनिवार को मन की बात कहने की आजादी होती है। कार्यक्रम की शुरुआत में बच्चों के घबराने पर पहले टीचर और स्टाफ ने अपनी मन की बातें बताई, जिसके बाद बच्चों ने खुलकर अपनी बातें रखी।इस मन की बात से पौधे लगाने का सिलसिला भी शुरू हो गया है।  व्यक्तित्व विकास के लिए शुरू किए गए इस प्रयास का असर परीक्षाफल में भी देखने को मिला। मन की बात सिर्फ बातों से ही खत्म नहीं हो जाती, बल्कि हर बार पिछली समस्याओं के निराकरण होने या नहीं होने पर भी चर्चा की जाती है। मांढर स्कूल के स्टाफ और बच्चों द्वारा कुछ अलग करने की चाह यही नहीं थमी, औद्योगिक क्षेत्र में प्रदूषण से लडऩे के लिए जुनून ऐसा रहा कि मांढर स्कूल ने मिलकर दो वर्ष के भीतर दो से ढाई हजार पौधों का रोपण कर दिया। सामूहिक प्रयास से लगाए गए पौधे अब औद्योगिक क्षेत्र में लोगों को जीवनदायिनी ऑक्सीजन दे रहा है। नवाचार के क्षेत्र में स्कूल ने एक बार फिर सफलता अर्जित की। अंकुर अभियान के अंतर्गत इस वर्ष जून महीने में पहली बारिश के बाद एक हजार और पौधरोपण करने का निर्णय लिया है, ताकि आने वाली पीढ़ी को स्वच्छ वातावरण हासिल हो सके। सरकारी स्कूल की तस्वीर बदलने में प्राचार्य सरिता नात्रे और स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका है, जिनके मार्गदर्शन में किए गए प्रयासों की सराहना एनसीईआरटी नई दिल्ली ने भी की है। पिछले वर्ष एनसीईआरटी की टीम ने स्कूल का दौरा किया और स्कूल के गार्डन, 15 एकड़ में रोपे गए पौधे और क्यारियों का अवलोकन किया। मन की बात को भी प्रशंसा मिली। पत्रिका से बातचीत में स्कूल की प्राचार्य सरिता नात्रे ने बताया कि सामूहिक प्रयासों से यह सब संभव हो पाया है। हमारी कोशिश स्कूली बच्चों को आत्मनिर्भर बनाने के साथ ही उन्हें सामाजिक मूल्यों का ज्ञान और समाज के प्रति जिम्मेदारियों का अहसास कराना है। हम इस प्रयास में काफी हद तक सफल हुए हैं। पढ़ाई में भी बच्चों ने स्कूल का नाम गौरवान्वित किया है। स्कूल में अतिथि शिक्षक का कॉन्सेप्ट शुरू किया गया, जिसके मद्देनजर रिटायर्ड स्कूल प्रिसिंपल, रिटायर्ड कॉलेज प्रिंसिपल और रिटायर्ड सर्विस क्लास, इंजीनियर आदि ने बच्चों को पढ़ाना शुरू किया। अतिथि शिक्षकों के साथ स्कूल स्टाफ के प्रयासों का असर भी दिखा, जब 10वीं और 12वीं के परीक्षा परिणामों में 35 फीसदी अधिक सफलता अर्जित की गई। मन की बात कार्यक्रम में एक मासूम बच्चे ने अंग्रेजी की एक टीचर के क्लास में नहीं आने का कारण पूछ लिया, जिसके बाद स्कूल प्रबंधन ने तत्काल समस्या को हल किया, इसी तरह बच्चे अपने अन्य परेशानियों को स्टॉफ और प्रिसिंपल के सामने बेझिझक कहने लगे। पहली बार मन की बात कार्यक्रम में स्कूल प्रबंधन और शाला विकास समिति ने जब पौधरोपण का फैसला लिया, तब प्रबंधन के पास फंड की समस्या थी। तब बच्चों ने अपने स्कूल से पौधे और गमले लाने का फैसला लिया। यही कारण है कि आज भी स्कूली बच्चे अपने द्वारा लगाए गए पौधों, क्यारियों और अन्य पेड़-पौधों का रखरखाव स्नेह और समर्पण की मिसाल बने हुए हैं।      Attachments area          

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 MadhyaBharat  7 June 2016

पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी

    छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी ने अपने समर्थक विधायकों को सलाह दी है कि वे अभी उनके साथ न रहें, बल्कि पार्टी में रहकर पिन चुभोने का काम करें। जोगी ने मीडिया से चर्चा के दौरान एक सवाल के जवाब में यह बात कही। जोगी से पूछा गया कि कांग्रेस ने अपने कार्यकर्ताओं और विधायकों को 6 जून को मरवाही में होने वाले कार्यक्रम में शामिल होने से मना करने का फरमान जारी कर दिया है। जोगी ने कहा कि सभी लोग जानते हैं कि मेरे समर्थक विधायक कौन हैं। मैंने उन्हें सलाह दी है कि उनका कार्यकाल अभी दो साल बाकी है। दो साल तक वे पार्टी में ही रहे और पिन चुभोने का काम करें। आखिर में चुनाव के वक्त मेरे साथ आ जाएं। जोगी ने साफ कह दिया कि खूब मान-मनौव्वल हो रहा है लेकिन वे अब कांग्रेस में नहीं लौटेंगे। भले ही उन्होंने अभी इस्तीफा नहीं दिया है, लेकिन वे तय कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि अश्वमेघ यज्ञ का घोड़ा है जो बलरामपुर से छूट चुका है और बीजापुर तक जाएगा। सभी 90 विधानसभा में घूमेंगे और दूसरी पार्टियों के लिए केवल 10 सीट छोड़ेंगे। उन्होंने कहा कि जोगी एक बार कदम आगे बढ़ा देता है तो पीछे नहीं हटाता।

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 MadhyaBharat  5 June 2016

ramvichar netam chattisghar

    भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ आदिवासी नेता रामविचार नेताम एक बार फिर चर्चा में हैं। मात्र 11वीं तक पढ़े नेताम संयुक्त मध्य प्रदेश के जमाने में 1990 में पहली बार सरगुजा के पाल से विधायक बने। इसके बाद लगातार पांच बार विधायक रहे। छत्तीसगढ़ में भाजपा की पहली सरकार में मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने इन्हें राजस्व और आदिम जाति विकास मंत्री बनाया गया। उसके बाद उन्हें गृह  जेल व सहकारिता विभाग की जिम्मेदारी मिली। 2008 में बनी दूसरी भाजपा सरकार में उन्हें पंचायत व ग्रामीण विकास मंत्री बनाया गया। लेकिन 2013 में हुए विधानसभा चुनाव में वे कांग्रेस के बृहस्पति सिंह से अपनी सीट रामानुजगंज हार बैठे। संगठन ने किसी मंडल अथवा निगम में बैठाने की बजाय नेताम को राष्ट्रीय संगठन में मौका दिया। भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की नई टीम में उनको सचिव बनाकर राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति मोर्चा का प्रभारी बनाया गया। इसके अलावा झारखंड के सह प्रभारी की भी जिम्मेदारी नेताम के पास है। अब भाजपा उन्हें राज्यसभा पहुंचा रही है। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ और भाजपा से शुरुआत से जुड़े नेताम पहली बार सरगुजा रियासत के खिलाफ आदिवासियों के आंदोलन में चर्चित हुए थे। उस आंदोलन में उन्हें जेल भी जाना पड़ा था। नेताम को सरगुजा बेल्ट के जमीनी नेताओं में से एक माना जाता है। प्रदेश अध्यक्ष की दौड़ में भी रहे शामिल इस साल हुए प्रदेश भाजपा अध्यक्ष के चुनाव में नेताम को प्रमुख दावेदार माना जा रहा था। सत्ता में आने के बाद भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पर आदिवासी समुदाय का ही कब्जा रहा है। लेकिन चुनाव से एक दिन पहले राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री सौदान सिंह ने पिछड़ा वर्ग के धरमलाल कौशिक को अध्यक्ष बनाने की सहमति ले ली। कौशिक मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की भी पसंद थे। निर्वाचन की घोषणा के समय नेताम ने व्यंग्य में ही यह बात कह दी थी।

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 MadhyaBharat  3 June 2016

ajit jogi chattisghar

      कांग्रेस के दिग्गज नेता और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी का  कांग्रेस से मोहभंग हुआ तो उन्होंने कांग्रेस को अलविदा कह दिया है वे अब नई पार्टी बनाने जा रहे हैं। राजयसभा चुनाव और उससे पहले से पार्टी में हो रही अपनी अनदेखी से अजीत जोगी खासे नाराज हैं।  वे इस कोशिश में हैं कि 25 हजार समर्थकों को साथ लेकर पार्टी छोड़े।    जोगी ने कहा, मैं अपने समर्थकों की मांग पर यह फैसला ले रहा हूं। आज की कांग्रेस पहले जैसी नहीं रही। प्रदेश स्तर के नेताओं की कोई सुनने वाला नहीं है।विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की हार से अब तक लगातार वे पार्टी में उपेक्षा का शिकार होते रहे हैं। हाल ही में अजीत जोगी ने छत्तीसगढ़ से राज्यसभा टिकट के लिए दावेदारी भी की थी। लेकिन टिकट मिलना तो दूर कांग्रेस ने उनसे राज्यसभा सीट पर प्रत्याशी चयन के लिए भी चर्चा तक नहीं की। इस वर्ष की शुरुआत में प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने उनके विधायक पुत्र अमित जोगी को अंतागढ़ टेपकांड मामले में दोषी मानकर पार्टी की सदस्ता से निष्कासित कर दिया था। वहीं अजीत जोगी को पार्टी से 6 साल के लिए निष्कासित करने की अनुशंसा की गई थी। यह मामला कांग्रेस की राष्ट्रीय अनुशासन समिति के समक्ष विचाराधीन है। अब तक फैसला न होने के कारण अजीत जोगी खिन्न हैं। आला कमान से किसी प्रकार का सहयोग न मिलने के कारण खुद को उपेक्षित मान रहे हैं। अजीत जोगी के पुत्र कांग्रेस से निष्कासित विधायक हैं, उनकी पत्नी डॉ. रेणू जोगी भी कांग्रेस की विधायक हैं। खुद अजीत जोगी कांग्रेस की राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति विंग के अध्यक्ष हैं। फिलहाल कांग्रेस के कम से कम 10 विधायक उनके समर्थक माने जाते हैं। इसके अलावा बड़ी संख्या में पूर्व विधायक, पूर्व सांसद और कांग्रेस में उपेक्षित अन्य नेता भी उनके साथ हो सकते हैं। भाजपा और अन्य दलों के उपेक्षित नेता भी अजीत जोगी के साथ जा सकते हैं। भाजपा के पूर्व सांसद सोहन पोटाई के बारे में चर्चा है कि वे भाजपा छोड़कर अजीत जोगी के साथ जा सकते हैं। अजीत जाेगी का राजनीतिक और निजी जीवन काफी चर्चा में रहा है। आईएएस की नौकरी छोड़कर अजीत जोगी कांग्रेस में आ गए थे। अविभाजित मध्यप्रदेश में ही जोगी ने राजनीति शुरू  कर  दी थी।  आईपीएस से आईएएस और फिर मुख्यमंत्री बने अजीत जोगी काफी समय से पार्टी से नाराज चल रहे थे।  अजीत जोगी जब रायपुर के कलेक्टर थे तो उन्होंने एयरपोर्ट अथॉरिटी को निर्देश दे रखे थे कि जिस दिन राजीव गांधी प्लेन रायपुर आए, उन्हें पहले ही इसकी सूचना दी जाए। जब राजीव गांधी एयरपोर्ट पर आते थे, तो अजीत जोगी अपने घर से उनके लिए चाय-नाश्ता लेकर जाते थे। इस दिग्गज नेता ने मप्र के जबलपुर के एक कब्रिस्तान में अपनी कब्र के लिए पहले ही जगह खरीद रखी है।जबलपुर के कैंट एरिया में स्थित इसाई कब्रिस्तान में अजीत जोगी ने अपने पूरे परिवार के लिए कब्र की जगह पहले ही बुक कर रखी है। दरअसल, इसके पीछे उनका मकसद यह है कि कब्रिस्तान में जगह खत्म होती जा रही है। साथ पूरी फैमिली एक ही जगह हो तो बेहतर होता है।      

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 MadhyaBharat  2 June 2016

new raipur

    रायपुर का चयन स्मार्ट सिटी बनाए जाने के फैसले के बाद इस बात को लेकर बहस छिड़ गई है कि स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट पूरा होने पर भी सुविधाओं के मामले में यह शहर नया रायपुर के सामने क्या फीका ही नजर आएगा? इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि नया रायपुर को राज्य सरकार देश की पहली स्मार्ट कैपिटल सिटी के रूप में अपने संसाधनों से विकसित कर रही है। दुनिया की आधुनिकतम सुविधाएं और संसाधन वहां मुहैया कराए जा रहे हैं जबकि वहां अभी आबादी नहीं है। वहीं रायपुर के साथ ऐसा नहीं होगा। इतने बड़े शहर का केवल एक हिस्सा मॉडल के रूप में डेवलप करना प्रस्तावित है, जबकि बाकी हिस्सों में केवल मूलभूत सुविधाएं ही जुटाई जाएंगी। नया रायपुर को देश की पहली स्मार्ट कैपिटल सिटी के रूप में विकसित करने के लिए डीपीआर तैयार हो चुका है। इस शहर के विकास के लिए पांच दिशाएं (डाइमेंशन) तय हैें। पांच दिशाओं में अत्याधुनिक समाधान तैयार किए जा रहे हैं। ये समाधान दुनिया में आईटी सेक्टर में कार्यरत बड़ी कंपनियों के सहयोग से तैयार किए जा रहे हैं, लेकिन रायपुर शहर के साथ ऐसा नहीं होगा। इसका केवल एक हिस्सा मॉडल के रूप में डेवलप किया जाएगा। बाकी शहर में मूलभूत सुविधाएं मुहैया कराने की जुगत होगी। इसके लिए भी संसाधन आसानी से उपलब्ध नहीं होंगे। 500-500 करोड़ रुपए केंद्र व राज्य से, योजना मद में केंद्र और राज्य की योजना से1000 करोड़ रुपए, और 1000 करोड़ रुपए पीपीपी मोड में उपयोग में लाना होगा। जानकारों का कहना है कि ऐसे में काफी खींचतान मच सकती है जिसका बुरा असर स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट पर पड़ेगा। नया रायपुर को इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्ट सिस्टम की मदद से हादसा मुक्त शहर बनाया जाएगा। शहर की प्रत्येक सड़क की निगरानी होगी। यहां चलने वाली प्रत्येक गाड़ियों में सेंसर लगाए जाएंगे जो लगातार आगे-पीछे और साथ चलने वाली गाड़ियों की दूरी को सेंस करेगा। और उसी के हिसाब से गाड़ी की स्पीड तय करेगा। सेंसर इतना पावरफुल होगा कि अचानक कोई आब्जेक्ट सामने आने पर गाड़ी को उसी जगह पर खड़ी कर देगा। इसी तरह किसी रास्ते पर जाम लगने या किसी भी तरह की बाधा आने पर पीछे की गाड़ियों का रूट पहले ही डायवर्ट किया जा सकेगा। रायपुर के लिए इस तरह का कोई सिस्टम डेवेलप करने का प्रस्ताव डीपीआर में नहीं है। नया रायपुर में मूलभूत सुविधाएं पानी, बिजली और गैस 24 घंटे घरों में उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए युटीलिटीज सिस्टम डिवेलप किया जाएगा। हर घर में पानी, बिजली और गैस की लाइन होगी। डिलीवरी पॉइंट पर मीटर लगाया जाएगा। मीटर की रीडिंग के हिसाब से बिल देना होगा। नया रायपुर में अभी 24 घंटे पानी की व्यवस्था होगी। सिटी सर्विलांस सिस्टम के माध्यम से पूरे शहर पर नजर रखी जा सकेगी। सिटीबस, स्कूलबस, आटो, टैक्सी आदि सभी पब्लिक ट्रांसपोर्ट में निगरानी के लिए हाई रिजोल्यूशन के कैमरे लगे होंगे जिनकी लगातार रिकार्डिंग और मॉनीटरिंग कंट्रोल में होती रहेगी। कहीं हादसा होने पर त्वरित पुलिस और मेडिकल सहायता पहुंचाई जा सकेगी। वहीं जुर्म होने पर भागते हुए अपराधियों को पकड़ने और उन पर नजर रखने में भी यह सिस्टम मददगार होगा। रायपुर में ऐसा सिस्टम विकसित करने का प्रावधान तो किया गया है लेकिन ऐसी सुविधाएं नहीं होंगी। स्मार्ट गवर्नेंस के जरिए सभी सरकारी और गैर सरकारी दफ्तरों में पेपरलेस वर्क होगा। आम लोगों के लिए इस सिस्टम को आमलोगों के फायदे को केंद्रित कर तैयार किया जाएगा। इसमें एक घर में बिजली, पानी, सफाई, फोन, मोबाईल, दूध, पेपर, निगम के टैक्स आदि के लिए एक ही बिल जेनरेट होगा। रायपुर के लिए ऐसा कोई प्रावधान नहीं किया गया है। पूरे शहर में हर तरह की सेवाएं, जरूरतों और ट्रैफिक आदि का कंट्रोल एक बड़े हॉल से होगा। स्मार्ट सिटी के लिए तैयार किए जा रहे सभी सिस्टम और समाधान सेंट्रलाइज्ड कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम से जुड़ेंगे। इस तरह पूरे शहर को एक बड़े हॉल से संचालित किया जाएगा। इस सिस्टम को आपरेट करने के लिए आईटी सेक्टर के अलावा, पुलिस, इंटेलिजेंस, सहित अलग-अलग सरकारी विभागों के लोगों की नियुक्ति होगी जो अलग-अलग सेवाओं के जानकार होंगे। रायपुर के लिए अभी इस बारे में सोचा नहीं गया है। शहरी मामलों के जानकार आर्किटेक्ट मनीष पिल्लीवार स्मार्ट सिटी केवल संसाधनों से नहीं लोगों से बनती है। नया रायपुर में बेशक दुनिया की आधुनिकतम सेवाएं मुहैया कराई जा रही हैं लेकिन वहां रहने वाला कोई नहीं है। जबकि रायपुर में 15 लाख की आबादी के लिए 4000 करोड़ रुपए काफी कम है। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट में शामिल होने से एक फायदा यह तो जरूर होगा कि शहर का एक हिस्सा मॉडल के रूप में डेवेलप होगा तो बाकी शहर को धीरे-धीरे उस दिशा में विकसित करने में मदद मिलेगी।

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 MadhyaBharat  27 May 2016

chattisghar-patrkar

  छत्तीसगढ़ में पत्रकारों पर ज्यादती रोकने का मामला      छत्तीसगढ़  सरकार ने पत्रकारों पर होने वाली ज्यादातियों को रोकने, उनके विरूद्ध चल रहे आपराधिक प्रकरणों के उच्च स्तरीय पुनरावलोकन और संबंधित विषयों में पत्रकारों और शासन के बीच आवश्यक समन्वय स्थापित करने के लिए उच्च स्तरीय समन्वय समिति का गठन किया है।यह समिति मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के निर्देश पर गठित की गई है। छत्तीसगढ़ गृह विभाग ने आज यहां मंत्रालय (महानदी भवन) से समिति गठन की औपचारिक अधिसूचना जारी कर दी।अधिसूचना के अनुसार सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव इस उच्च स्तरीय समन्वय समिति के अध्यक्ष होंगे।समिति में गृह विभाग के सचिव और पुलिस मुख्यालय की अपराध अनुसंधान शाखा के प्रभारी अधिकारी सदस्य के रूप में शामिल किए गए हैं।इनके अलावा समिति में दो वरिष्ठ पत्रकारों  रूचिर गर्ग (रायपुर) और  मणिकुन्तला बोस (जगदलपुर) को सदस्य मनोनीत किया गया है।जनसम्पर्क विभाग के संचालक समन्वय समिति के सदस्य सचिव होंगे।समिति द्वारा संबंधित रेंज पुलिस महानिरीक्षक को भी आवश्यकतानुसार आमंत्रित किया जा सकता है। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने राज्य में स्वतंत्र और निष्पक्ष पत्रकारिता की स्वस्थ परम्परा को निरंतर बनाए रखने के लिए एक बड़ी पहल करते हुए गृह विभाग को समिति गठन के निर्देश दिए थे।उनके निर्देशों के अनुरूप गृह विभाग ने चार फरवरी 2016 को मंत्रालय (महानदी भवन) से परिपत्र जारी किया था, जिसकी प्रतिलिपि पुलिस महानिदेशक और सामान्य प्रशासन विभाग तथा जनसम्पर्क विभाग के सचिवों सहित समस्त संभागीय कमिश्नरों, कलेक्टर और जिला दण्डाधिकारियों, रेंज पुलिस महानिरीक्षकों और सभी पुलिस अधीक्षकों को भी भेजी जा चुकी है।परिपत्र में कहा गया है कि प्रदेश में समय-समय पर पत्रकारों के विरूद्ध आपारिधक प्रकरण दर्ज करने या गिरफ्तार करने की स्थिति में पत्रकारिता की स्वतंत्रता के मुददे पर सवाल उठते हैं।शासन को कई बार इस प्रकार की शिकायतें भी प्राप्त होती हैं कि किसी पत्रकार पर पुलिस कर्मियों द्वारा ज्यादती की गयी है, या उनके विरूद्ध आपराधिक प्रकरण दुर्भावनावश कायम किया गया है।परिपत्र में यह भी बताया गया है कि पूर्व में मध्यप्रदेश शासन के गृह (पुलिस विभाग) द्वारा भोपाल से 24 दिसम्बर 1986 को एक परिपत्र जारी किया गया था, जिसमें इस पर अंकुश लगाने की कार्रवाई की गयी थी, जिसे पुनः पुलिस महानिदेशक छत्तीसगढ़ द्वारा तीन फरवरी 2006 को सभी पुलिस अधीक्षकों को पालन करने के लिए जारी किया गया था।इस परिपत्र में दी गयी व्यवस्था छत्तीसगढ़ में यथावत लागू रहेगी, जो इस प्रकार होगी।   (1) पत्रकारों पर ज्यादतियां होने की शिकायतों को संचालक जनसम्पर्क विभाग एकत्रित कर पुलिस मुख्यालय में कार्यरत उप पुलिस महानिरीक्षक (शिकायत) को भेजेंगे।संचालक जनसम्पर्क से प्राप्त प्रकरणों में पुलिस मुख्यालय द्वारा आवश्यक कार्रवाई किए जाने के बाद इसकी सूचना संचालक जनसम्पर्क को और प्रतिलिपि गृह विभाग को दी जाएगी।   (2) जहां तक पत्रकारों के विरूद्ध कोई प्रकरण कायम किए जाने का प्रश्न है, इस संबंध में राज्य शासन ने यह निर्णय लिया है कि यदि किसी भी (चाहे वह अभी स्वीकृत पत्र प्रतिनिधि हो या न हो) के विरूद्ध कोई प्ररकण कायम किया जाता है, तो उन प्रकरणों में चालान किए जाने के पहले उन पर उपलब्ध साक्ष्य की समीक्षा संबंधित पुलिस अधीक्षक और क्षेत्रीय उप पुलिस महानिरीक्षक कर लें और स्वयं को आश्वस्त कर लें कि कोई भी प्रकरण दुर्भावनावश या तकनीकी किस्म के स्थापित नहीं किए जाए।यदि उप महानिरीक्षक के मत में यह पाया जाए कि कोई प्रकरण दुर्भावनावश कायम किया गया है, तो तत्काल उनको समाप्त करने के निर्देश दिए जाएं और संबंधित पुलिस अधिकारियों के विरूद्ध कार्रवाई की जाए।इस कंडिका में यह भी कहा गया है कि बगैर समीक्षा किए हुए प्रकरणों का चालान न्यायालय में प्रस्तुत न किया जाए।प्रत्येक तिमाही में क्षेत्रीय उप पुलिस महानिरीक्षण इस प्रकार के प्रकरणों की समीक्षा करेंगे और वे पुलिस महानिदेशक को सूचना भेजेंगे।पुलिस महानिदेशक से यह सूचना गृह विभाग को भेजी जाएगी।   (3) यह व्यवस्था यथावत जारी रहेगी।इसके अन्तर्गत उप पुलिस महानिरीक्षक के स्थान पर अब पुलिस महानिरीक्षक (रेंज) कार्रवाई करेंगे।   (4) उपरोक्त व्यवस्था के अतिरिक्त शासन स्तर पर एक उच्च स्तरीय समन्वय समिति का भी गठन किया गया है, जो पत्रकारों और शासन के बीच आपराधिक प्रकरणों और संबंधित विषयों में आवश्यक समन्वय स्थापित करने की कार्रवाई करेगी।समन्वय समिति के अध्यक्ष सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव होंगे।समिति में गृह (पुलिस) विभाग के सचिव, पुलिस मुख्यालय की अपराध अनुसंधान शाखा के प्रभारी अधिकारी और शासन द्वारा नामांकित दो वरिष्ठ पत्रकार सदस्य होंगे।समन्वय समिति में जनसम्पर्क विभाग के संचालक सदस्य सचिव होंगे।   (5) समन्वय समिति के संदर्भ की शर्ते इस प्रकार होंगी- परिपत्र की कंडिका-2 में वर्णित प्रक्रिया के अनुसार यदि कार्रवाई से संतुष्टि नहीं होती है, तो उन प्रकरणों में उच्च स्तरीय समन्वय समिति द्वारा विचार किया जाएगा।समिति द्वारा विचारण से संबंधित मामले के चयन का अधिकार संचालक जनसम्पर्क के पास रहेगा।पत्रकार के रूप में किए गए किसी कार्य के कारण पत्रकारो के विरूद्ध दर्ज आपराधिक प्रकरणों के संबंध में यह उच्च स्तरीय समन्वय समिति पुलिस और पत्रकारों के बीच समन्वयक की भूमिका का निर्वहन करेगी।समिति पुलिस और पत्रकारों की ओर से आवश्यक सूचना और जानकारियों को आदान-प्रदान करेगी।इसके लिए आवश्यक जानकारी प्राप्त करने और प्रकरण से जुड़े पक्षो को बुलाने के लिए समिति आवश्यक निर्देश भी जारी करेगी।     Attachments area          

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 MadhyaBharat  21 May 2016

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