रामसर स्थल पर प्रदूषण का खतरा, 5 किमी दायरे में 2 कोल वाशरी और 9 कोल डिपो
छत्तीसगढ़ के इकलौते रामसर स्थल कोपरा जलाशय के आसपास बढ़ती औद्योगिक गतिविधियों ने पर्यावरणीय चिंता बढ़ा दी है। वन विभाग के प्राथमिक सर्वे में जलाशय के पांच किलोमीटर दायरे में दो कोल वाशरी और नौ कोल डिपो संचालित होने का खुलासा हुआ है। यह रिपोर्ट जिला वेटलैंड समिति के माध्यम से राज्य सरकार को भेजी गई है। अब राज्य और केंद्र की संयुक्त टीम विस्तृत सर्वे कर मास्टर प्लान तैयार करेगी, जिसके आधार पर संरक्षण और प्रदूषण नियंत्रण के लिए आगे की कार्रवाई तय होगी।
करीब 210 हेक्टेयर में फैले कोपरा जलाशय को सात महीने पहले रामसर का दर्जा मिला था। रिपोर्ट के अनुसार कोपरा, बेलमुंडी, सैदा और संबलपुरी-बहतराई क्षेत्र में स्थित कोल वाशरी और डिपो ऊंचाई वाले इलाकों में हैं, जहां से बारिश का पानी जलाशय के कैचमेंट क्षेत्र में पहुंचता है। वन विभाग ने यह भी बताया कि रामसर स्थल तक जाने वाली सड़क के दोनों ओर कई कोल डिपो संचालित हैं, जिनमें से तीन जलाशय की सीमा से लगे हुए हैं। डीएफओ नीरज यादव के मुताबिक, सर्वे रिपोर्ट राज्य सरकार को भेज दी गई है और आगे की कार्रवाई उच्च स्तर पर तय की जाएगी।