Since: 23-09-2009

  Latest News :
इस साल रुपये में आई 4.9% की भारी गिरावट.   संसद में वंदे मातरम् को लेकर जोरदार बहस.   सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक CM सिद्धारमैया को जारी किया नोटिस.   इंडिगो पर गहराया संकट: 5 दिनों में 2 हज़ार फ्लाइट्स रद्द.   मुर्शिदाबाद में रखी गई \'बाबरी मस्जिद\' की नींव.   पीएम मोदी ने दिल्ली एयरपोर्ट पर किया रूसी राष्ट्रपति पुतिन का भव्य स्वागत.   मध्य प्रदेश में कोल्ड वेव अलर्ट जारी : बर्फीली हवाओं से तापमान और गिरेगा.   राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी के भाई गांजा तस्करी के आरोप में गिरफ्तार.   CM डॉ मोहन यादव के नेतृत्व में बुंदेलखंड के औद्योगिक और सामाजिक विकास को मिली नई गति.   PCC चीफ जीतू पटवारी का शिक्षा नीति पर हमला.   कांग्रेस कमेटी की पत्रकार वार्ता में नेताओं ने दिल्ली में होने वाली वोट चोरी के खिलाफ़ आवाज़ बुलंद महारैली की तैयारियों का किया विस्तार से ऐलान.   कांग्रेस विधायक ने सदन में उठाया सवाल : सरकार पर लगाए महंगी बिजली खरीद के आरोप.   छत्तीसगढ़ की प्रसिद्ध शिल्पकार मती हीराबाई झरेका बघेल को राष्ट्रपति ने राष्ट्रीय हस्तशिल्प पुरस्कार से नवाजा,.   टॉप नक्सली कमांडर रामधेर समेत 12 माओवादी सरेंडर.   रायपुर में ट्रैफिक सुधार की बड़ी पहल: कई फ्लाईओवर परियोजनाओं को मिली मंज़ूरी.   CM विष्णु देव साय बोले: \'संविधान में आस्था रखकर आगे बढ़ रहा है भारत\'.   पीसीसी चीफ दीपक बैज का भाजपा पर हमला: सत्ता के लिए झूठ का आरोप.   जंगल, नदी और पहाड़ पार कर मतदाताओं तक पहुँच रहे कर्मचारी.  
जल बचाएं, क्योंकि जल की हर बूंद में समाया है जीवन : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
bhopal, Save water,  Dr. Yadav
भोपाल । मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि जल संरक्षण के लिए सभी संभव उपाय किये जाएं। जल बचाना सिर्फ सरकार की ही नहीं, पूरे समाज, हर वर्ग, हर व्यक्ति की जिम्मेदारी है। आज जल सहजेंगे, तभी तो हमारा आने वाला कल संवरेगा। मुख्यमंत्री ने सभी नागरिकों से आव्हान किया कि हर संभव तरीके से जल बचाइए, क्योंकि जल की हर बूंद में जीवन है, अमृत है। इसकी हर बूंद में हमारा सुनहरा भविष्य समाया है। जल बचाना हमारी आज की जरूरत भी है और बेहतर कल के लिए जिम्मेदारी भी। आज जल बचेगा, तभी हमारा कल सुरक्षित होगा।


मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार को भोपाल शहर के बड़े तालाब स्थित शीतलदास की बगिया पर श्रमदान कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने यहां जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत बड़े तालाब के घाटों की सफाई में सेवा कार्य (श्रमदान) किया और सफाई मित्रों का सम्मान किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यहां घाटों की सफाई की। मुख्यमंत्री ने सफाई नौका में बैठकर सफाई कर्मियों से चर्चा की और उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने नागरिकों से जल संरक्षण की दिशा में सक्रिय भागीदारी निभाने की आत्मीय अपील भी की।


मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के सभी जल स्रोतों के संरक्षण, पुनर्जीवन और सतत उपयोग के लिए लगातार योजनाबद्ध तरीके से काम कर रही है। जल गंगा संवर्धन अभियान इसी दिशा में एक ठोस कदम है, जिसके तहत पुरानी बावड़ियों, कुंओं, तालाबों, सरोवरों और अन्य परम्परागत जल स्रोतों का जीर्णोद्धार एवं पुनर्विकास किया जा रहा है।


उन्होंने कहा कि सभी अपने-अपने स्तर पर पानी बचाने में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि जल है तो कल है, यह पुण्य भावना प्रदेश के हर नागरिक के मन में होनी ही चाहिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सफाई मित्रों को "सफाई दूत" निरुपित करते हुए कहा कि स्वच्छता केवल एक औपचारिक अभियान नहीं, बल्कि हमारे जीवन की शैली का अभिन्न हिस्सा होना चाहिए। जहां स्वच्छता होती है, वहीं लक्ष्मी का वास होता है।


उन्होंने नागरिकों से कहा कि अपने घर, आस-पड़ोस और सार्वजनिक स्थानों की स्वच्छता को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। मुख्यमंत्री ने सभी नागरिकों से आह्वान किया कि वे जल गंगा संवर्धन अभियान में सक्रिय सहभागिता दें और जल स्रोतों की स्वच्छता व संरक्षण को प्राथमिकता दें।


बड़ा बाग की पुरानी बावड़ी के जीर्णोद्धार कार्य का अवलोकन भी किया
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शीतलदास की बगिया से बड़ा बाग स्थित ऐतिहासिक पुरानी बावड़ी पहुंचें और वहां जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत नगर निगम भोपाल द्वारा कराए जा चल रहे जीर्णोद्धार कार्यों का अवलोकन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार "विरासत से विकास" की सोच के साथ आगे बढ़ रही है और पुरानी विरासतों के संरक्षण को प्राथमिकता दे रही है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे पूर्वजों ने जल संरक्षण के लिए अद्भुत व्यवस्थाएं बनाई थीं। आज जरूरत है कि हम उन ऐतिहासिक जल स्रोतों का पुनर्जीवन करें और उन्हें अपनी आने वाली पीढ़ियों के लिए भी संजोकर रखें। उन्होंने सभी नागरिकों से जल संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि 'जल गंगा संवर्धन अभियान' में सबकी सक्रिय भागीदारी होनी चाहिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि बावड़ी का जीर्णोद्धार कार्य पूरी गुणवत्ता और समय-सीमा के साथ पूर्ण किए जाएं।


इस दौरान भोपाल सांसद आलोक शर्मा, विधायकगण रामेश्वर शर्मा व भगवान दास सबनानी, महापौर मालती राय, नगर निगम सभापति किशन सूर्यवंशी, कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह, नगर निगम आयुक्त, अन्य अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, समाजसेवी और बड़ी संख्या में नागरिकगण उपस्थित थे।


बड़े बाग की पुरानी बावड़ी
नगर निगम भोपाल के जोन क्रमांक 05 वार्ड क्रमांक 09 में स्थित जल संरचनाओं में बड़े बाग की बावड़ी का महत्वपूर्ण स्थान है। बावड़ी का निर्माण लगभग 200 वर्ष पूर्व किया गया था। बावड़ी तीन मंजिला है, इसकी दीवार सीढियों और मुंडेर से लेकर मेहराब तक बेल पत्तियां बनी है। नगर निगम आयुक्त ने बताया कि जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत नगर निगम भोपाल द्वारा इस बावड़ी से प्लास्टिक वेस्ट, फ्लोटिंग पदार्थ एवं लगभग 40 क्यूबिक मीटर सिल्ट निकाली गयी। बावड़ी की दीवारों से नुकसानदेह खरपतवार को अलग किया गया, जिससे बावड़ी की आवक क्षमता 2000 लीटर प्रति घंटा हो गयी है। वर्तमान में इसके जल का उपयोग निस्तार कार्यों में हो रहा है। बावड़ी में दीवारों एवं सीढ़ियों की मरम्मत कर इनकी रंगाई-पुताई, पलेग स्टोन बिछाने एवं लोहे की जाली (फेब्रीकेशन) लगाने का कार्य भी किया गया है।

 

MadhyaBharat 27 May 2025

Comments

Be First To Comment....
Video

Page Views

  • Last day : 8641
  • Last 7 days : 45219
  • Last 30 days : 64212


x
This website is using cookies. More info. Accept
All Rights Reserved ©2025 MadhyaBharat News.