Since: 23-09-2009

  Latest News :
2027 के चुनावी रण से पहले BJP एक्टिव, कमजोर बूथों पर वापसी का मिशन.   प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 17 सितंबर को सेमीकॉन इंडिया 2026 के पांचवें संस्करण का उद्घाटन करेंगे.   हिंदी दिवस पर अमित शाह का बड़ा बयान, बोले- अपनी भाषा को कभी न छोड़ें.   ब्रिक्स में मप्र की हस्तशिल्प की धूम , केन्द्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने देखी कलाकृति .   मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने नई दिल्ली में की केंद्रीय मंत्रियों से मुलाकात.   नई दिल्ली के ब्रिक्स बाजार में छाई मध्यप्रदेश की बाग प्रिंट.   सिंहस्थ 2028 की तैयारी तेज, उज्जैन में 40 सड़कें होंगी चौड़ी.   भारतीय किसान संघ मध्यभारत प्रान्त की हुई बैठक , भावन्तर के पक्ष में नही भारतीय किसान संघ.   बालाघाट में स्वास्थ्य सेवाओं की शत प्रतिशत पहुंच और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश.   तीन दिन के अंदर दूषित शराब से पीड़ित परिवार के खाते में पहुंचेगी मुआवजा राशि.   बड़े होटलों में खाना खाने से पहले चेक कर लें किचन, सुरक्षित नहीं है खाना.   दशहरा-दिवाली पर रेलवे का बड़ा प्लान, भोपाल होकर चलेंगी स्पेशल ट्रेनें.   रायपुर का 137 साल पुराना गणेशोत्सव, गोलबाजार से जुड़ी है खास कहानी.   अमृतधारा में 12 जंगली हाथियों की दस्तक, पूरी बस्ती कराई गई खाली.   सेवा सेतु बन रहा लोगों की पसंद , 50 लाख से अधिक नागरिकों ने किया आवेदन.   CGPSC की 700 पदों वाली भर्ती पर ब्रेक, विज्ञापन में संशोधन का इंतजार.   छत्तीसगढ़ में मानसून फिर एक्टिव, अगले 48 घंटे कई इलाकों में भारी बारिश.   शिवराज सिंह चौहान का छत्तीसगढ़ दौरा ग्रामीण विकास को मिलेगी बड़ी सौगात.  
2027 के चुनावी रण से पहले BJP एक्टिव, कमजोर बूथों पर वापसी का मिशन
BJP active ahead of the 2027 electoral battle; mission to make a comeback in weak booths.

 

उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर भाजपा ने अभी से जमीनी तैयारी तेज कर दी है। पार्टी ने करीब 18,900 ऐसे बूथों की पहचान की है, जहां 2022 के विधानसभा चुनाव में उसे जीत मिली थी, लेकिन 2024 के लोकसभा चुनाव में वोटों के लिहाज से प्रदर्शन कमजोर रहा। अब इन बूथों पर दोबारा पकड़ मजबूत करने के लिए संगठन स्तर पर समीक्षा और संपर्क अभियान की तैयारी की जा रही है। पार्टी यह समझने की कोशिश कर रही है कि किन इलाकों में समर्थन कम हुआ और इसके पीछे स्थानीय मुद्दे या संगठन से जुड़ी क्या वजहें रहीं।

इन कमजोर बूथों में करीब 80 फीसदी ग्रामीण क्षेत्रों में हैं, जिनमें अवध और पूर्वांचल के इलाके प्रमुख हैं। भाजपा यहां गांव, मजरा और बूथ स्तर तक संपर्क बढ़ाने पर जोर दे रही है। इसी रणनीति के तहत विकास परियोजनाओं को भी उन क्षेत्रों तक पहुंचाने पर ध्यान दिया जा रहा है, जहां पिछले लोकसभा चुनाव में पार्टी को अपेक्षाकृत कम समर्थन मिला था। मई 2026 से अब तक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 44 से ज्यादा जिलों की 115 विधानसभा सीटों में 38 हजार करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास कर चुके हैं। इनमें 67 सीटें ऐसी बताई जा रही हैं, जहां 2024 में सपा-कांग्रेस गठबंधन को भाजपा से अधिक वोट मिले थे।

भाजपा सामाजिक समीकरण को लेकर भी अपनी रणनीति तैयार कर रही है। सपा के PDA यानी पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक समीकरण के मुकाबले पार्टी गैर-यादव ओबीसी, दलित, महिलाओं और युवाओं के बीच अपनी पहुंच बढ़ाने पर जोर दे रही है। इसी क्रम में APD यानी अगड़ा, पिछड़ा और दलित समीकरण को आगे बढ़ाने की तैयारी की जा रही है। कुल मिलाकर 18,900 कमजोर बूथ, 44 से अधिक जिले, 115 विधानसभा सीटें और 38 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा की परियोजनाएं भाजपा की 2027 चुनावी तैयारी के बड़े हिस्से को दिखाती हैं।

 

MadhyaBharat 15 September 2026

Comments

Be First To Comment....
Video

Page Views

  • Last day : 8641
  • Last 7 days : 45219
  • Last 30 days : 64212


x
This website is using cookies. More info. Accept
All Rights Reserved ©2026 MadhyaBharat News.