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छग विधानसभा :ध्यानाकर्षण में भाजपा विधायक ने लगाया ई-वे बिल के नाम पर भ्रष्टाचार करने का आरोप
raipur, CG Assembly, BJP MLA

रायपुर । विधानसभा में आज बुधवार काे ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिये भाजपा विधायक अनुज शर्मा ने ई-वे बिल जांच के नाम पर वसूली का मामला जोर-शोर से उठाया। अनुज शर्मा ने कहा कि ई-वे बिल के नाम पर भ्रष्टाचार जमकर भ्रष्टाचार हाे रहा है। वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने अपने जवाब में कहा कि जांच के नाम पर अवैध वसूली की कोई शिकायत नहीं मिली है।उन्होंने बताया कि हमने करीब सौ के आसपास सीमित संख्या में रेड की कार्रवाई की है।

भाजपा विधायक अनुज शर्मा ने कहा कि ई-वे बिल के नाम पर गाड़ियों को रोका जाता है, लेकिन लेन देन कर छोड़ दिया जाता है। व्यवसाइयों को बेवजह परेशान किया जा रहा है।वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि जांच के नाम पर अवैध वसूली की कोई शिकायत नहीं मिली है। एप के जरिए वाहनों की जांच की जाती है। बिल नहीं पाये जाने पर विभाग के अधिकारियों को वीडियो अपलोड कर व्हाट्स एप पर सूचना दी जाती है।वित्तमंत्री ने बताया कि 31 करोड़ को शास्ति वसूल की गई।

वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने बताया कि विभाग द्वारा चुनिदा अधिकारियों की एक ही जगह पर ड्यूटी नहीं लगाई गई है। पूरे प्रदेश में ई वे बिल जांच के लिए 15 टीमों का गठन किया गया है। 63 अधिकारी ई-वे बिल की जांच कर रहे हैं। कर अपवंचन करने वाले लोगों के खिलाफ ही कार्रवाई की जाती है। कर अपवंचन रोकने विभाग द्वारा कार्रवाई की जाती है। कारोबारियों से अवैध वसूली नहीं की जाती है।

अनुज शर्मा ने कहा कि बिना ई-वे बिल के समान भेजने वाले कारोबारियों के ख़िलाफ़ क्या कार्रवाई की जाती है? मंत्री ने बताया कि कोई भी कारोबारी एप के जरिए दो मिनट के भीतर ई-वे बिल जारी कर सकता है। किसी भी टोल पर ऐसी गाड़ी आसानी से स्कैन हो जाती है। भारत सरकार का सॉफ्टवेयर बीफा है, जिसके जरिए आसानी से ट्रैकिंग की जा सकती है। ई-वे बिल जारी करने की लिमिट पचास हजार रुपये से बढ़ाकर एक लाख रुपये कर दिया है।

भाजपा विधायक अनुज शर्मा ने पूछा कि ई-वे बिल जारी कर कारोबार करने वाले कितने कारोबारियों के ख़िलाफ़ कार्रवाई की गई? इस पर मंत्री चौधरी ने कहा कि टैक्स वसूली के लिए टेरर क्रिएट करना उद्देश्य नहीं होता है। सॉफ्टवेयर में फ्लैश होने पर कार्रवाई की जाती है। जो ट्रांसपोर्ट करता है, प्रारंभिक जिम्मेदारी उसकी होती है।

 

MadhyaBharat 12 March 2025

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