Since: 23-09-2009

  Latest News :
सुप्रीम कोर्ट का UPI पर रोक लगाने से इंकार.   नागालैंड में जहरीली शराब से 19 की मौत, तस्कर गिरफ्तार.   बिना बायोमेट्रिक नहीं मिलेगी गैस की सब्सिडी, बंद हो सकती है सब्सिडी.   विपक्ष का ज्ञानेश कुमार को हटाने के लिए प्रस्ताव लाने का करेगा तीसरा प्रयास.   बिरसिंहपुर सोलर-बैटरी स्टोरेज परियोजना पर निवेशक संवाद.   वेयरहाउस से सब्सिडी जारी करने के एवज में रिश्वत मांगने वाले तीन अधिकारी सस्पेंड.   भोपाल में कांग्रेस ने किया निर्वाचन आयोग का घेराव, पुलिस ने वाटर कैनन चलाया.   महाकौशल क्षेत्र के उद्योग, व्यापार को देंगे बढ़ावा: मुख्यमंत्री डॉ. यादव.   बलराम कृषि महोत्सव में वर्चुअली शामिल हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव.   यूनेस्को की टेंटेटिव सूची में शामिल हुए चार और नए ऐतिहासिक स्थल.   इलाज, दवाओं की उपलब्धता और स्वच्छता में न हो लापरवाही - उप मुख्यमंत्री शुक्ल.   नवीन आपराधिक कानूनों पर आधारित प्रदर्शनी का उद्घाटन 3 अक्टूबर होगा.   मुख्यमंत्री ने सुकमा जिले के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का किया दौरा, पीड़ित परिवारों का जाना हाल.   एशियन गेम्स की स्वर्ण पदक विजेता टीम की संजू देवी को मिलेंगे 51 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि.   PWD ने सड़क एवं सेतु निर्माण कार्यों में तेजी लाने के दिए निर्देश.   नारायणपुर में माड़ीन नदी के बीच पेड़ पर फंसे ग्रामीण का सफल रेस्क्यू.   आंगन मिलन सेवा से उत्सव स्थल बने आंगनबाड़ी केंद्र में पहले दिन 97 हजार से अधिक लोग हुए शामिल.   आयुष्मान भारत योजना के प्रभावी क्रियान्वयन में छत्तीसगढ़ को मिला राष्ट्रीय सम्मान.  
वोट की ताकत समझ सत्ता की मास्टर चाबी पाना ही कांशीराम को सच्ची श्रद्धांजलि : मायावती
lucknow, Understanding the power, Mayawati
लखनऊ । बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने शनिवार को बसपा के संस्थापक कांशीराम की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि 'बहुजन समाज' को अपार गरीबी, बेरोजगारी, शोषण, अत्याचार, पिछड़ेपन, जातिवाद, सांप्रदायिक हिंसा व तनाव से मुक्ति के लिए अपने कीमती वोट की ताकत को समझकर अपना उद्धार स्वयं करने योग्य बनने के लिए सत्ता की मास्टर चाबी प्राप्त करना जरूरी है। यही आज के दिन का उच्च संदेश है। यही सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

 

मायावती ने खुद को आयरन लेडी बताया और कहा कि वैसे भी विशाल आबादी को अनुभव है कि बसपा शासन काल में उनके नेतृत्व में कथनी  और करनी में समानता रही है। अपने शासनकाल में बहुजनों के काफी कुछ अच्छे दिन लाकर दिखाए हैं। जबकि दूसरी पार्टियों व सरकारों ने हवा-हवाई बातें, लुभावनी घोषणाएं एवं अच्छे दिन आदि के हसीन सपनों से बरगलाया। उनके चक्रव्यूह में फंसकर लोग त्रस्त हैं।

 

उन्होंने कहा कि जनगणना नहीं कराने पर संसदीय समिति ने भी अपनी चिंता व्यक्त की है। जनगणना से जनकल्याण है, जिसकी गारंटी बाबा साहेब डाॅ. भीमराव आंबेडकर ने संविधान में राष्ट्रीय जनगणना सुनिश्चित की है। इसका लगतार लम्बित पड़ा रहना सरकार का गुड गवर्नेंस कतई नहीं है। सेंसस का काम सीधे तौर पर देश निर्माण से जुड़ा होने के कारण इस दायित्व के प्रति सरकार को समय पर अनवरत चुनाव की तरह ही विशेष सतर्क रहना जरूरी है।

 

बसपा प्रमुख ने कहा कि रोजी-रोजगार के जबरदस्त अभाव में लोगों के खाली हाथ व खाली दिमाग देशहित को बुरी तरह से प्रभावित कर रहे हैं। इसलिए कांशीराम हर हाथ को काम देने की नीति के पक्षधर थे। बसपा सरकार में हर समाज के लोगों का काफी हद तक उद्धार करके भी दिखाया गया है। जबकि दूसरों की सरकार में सिर्फ हवा-हवाई बातें  हाेती रहीं। इस वजह से उत्तर प्रदेश और देश की जनता का जीवन लगातार बदहाल व त्रस्त है।
MadhyaBharat 15 March 2025

Comments

Be First To Comment....
Video

Page Views

  • Last day : 8641
  • Last 7 days : 45219
  • Last 30 days : 64212


x
This website is using cookies. More info. Accept
All Rights Reserved ©2026 MadhyaBharat News.