Since: 23-09-2009

  Latest News :
अमित शाह ने भारत का पहला राष्ट्रीय IED डेटा मैनेजमेंट सिस्टम लॉन्च किया.   टीएमसी सांसदों का प्रदर्शन और हिरासत.   IPAC ऑफिस पर ED की रेड के बाद ममता बनर्जी का बीजेपी पर हमला.   लालू प्रसाद यादव समेत 41 आरोपियों के खिलाफ दिल्ली कोर्ट ने तय किए आरोप.   जुमे की नमाज से पहले तुर्कमान गेट इलाके में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था.   आज होगा WPL 2026 का धमाकेदार शुरुआत.   इंदौर में भीषण सड़क हादसा:पूर्व गृह मंत्री बाला बच्चन की बेटी समेत 3 की मौत.   भागीरथपुरा दूषित मामले में कांग्रेस घेरेगी भाजपा को.   मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का सुआलकुची सिल्क विलेज भ्रमण.   सीधी जिले में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव करेंगे विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास.   उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल आज लेंगे जिला विकास सलाहकार समिति की बैठक.   भोपाल में पानी की गुणवत्ता पर संकट, चार सैंपल फेल.   छत्तीसगढ़ की राजनीति में मंत्री के बयान से हलचल.   महासमुंद स्कूल परीक्षा में \'राम\' नाम पर विवाद.   बालोद में देश का पहला नेशनल रोवर-रेंजर जंबूरी, तैयारियां पूरी.   गोडसे पर बयान से छत्तीसगढ़ की राजनीति में बवाल.   नक्सल विरोधी अभियान में 2025 बना ऐतिहासिक साल.   ग्रामीण महिला सशक्तिकरण के लिए NIT रायपुर को मिली STREE परियोजना की स्वीकृति.  
किसानों ने की वैकल्पिक धान खरीद केंद्र की मांग
dhamtari, Farmers demanded ,alternative paddy procurement center
धमतरी । छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले के ग्राम पंचायत अरौद डुबान तथा इसके आश्रित ग्राम – पटौद, हरफर बरबांधा, सिलतरा, कलारबाहरा, पाहारियाकोन्हा, पटेलगुड़ा, किशनपुरी, उरपुटी और कान्दरी के किसानों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि इस वर्ष भी धान खरीद की वैकल्पिक व्यवस्था ग्राम पंचायत अरौद डुबान में की जाए। आज सोमवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे किसानों ने बताया कि वर्तमान में मोंगरागहन स्थित धान उपार्जन केंद्र (सहकारी समिति बारगरी पंजीयन क्रमांक 1123) उनके गांवों से 30 से 40 किलोमीटर की दूरी पर है, जिससे धान परिवहन में भारी परेशानी होती है।

किसानों का कहना है कि इतनी लंबी दूरी तय करने में समय और श्रम दोनों की बर्बादी होती है। साथ ही वाहन किराया भी बहुत अधिक देना पड़ता है। कई बार ट्रैक्टर या वाहन न मिलने पर धान खलिहान में ही पड़ा रह जाता है, जिससे नुकसान का सामना करना पड़ता है। बारिश या रास्ते की खराब स्थिति में उपार्जन केंद्र तक पहुंचना और भी कठिन हो जाता है। ग्राम पंचायत अरौद डुबान के सरपंच एसके नेताम ने कहा कि किसानों की यह समस्या वर्षों से बनी हुई है। समय पर खरीदी केंद्र तक धान न पहुंचा पाने की वजह से किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने प्रशासन से आग्रह किया कि पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी वैकल्पिक व्यवस्था के तहत ग्राम पंचायत अरौद डुबान में ही धान खरीदी की सुविधा प्रदान की जाए, ताकि किसानों को राहत मिल सके।
मांग करने वालों में प्रमुख रूप से दयाराम, घनश्याम राम, कुशलराम, सुकालू, देशनारायण, रामप्रसाद, बिश्राम, कुशकुमार, बिरझुराम सहित अनेक किसान शामिल हैं। किसानों ने उम्मीद जताई है कि जिला प्रशासन उनकी व्यथा को गंभीरता से लेकर शीघ्र निर्णय करेगा, जिससे किसानों को धान खरीद में किसी प्रकार की बाधा न आए।

 

 

 

 

 

MadhyaBharat 10 November 2025

Comments

Be First To Comment....
Video

Page Views

  • Last day : 8641
  • Last 7 days : 45219
  • Last 30 days : 64212


x
This website is using cookies. More info. Accept
All Rights Reserved ©2026 MadhyaBharat News.