Since: 23-09-2009
बुधवार को मध्य प्रदेश विधानसभा में एक ऐतिहासिक एक दिवसीय विशेष सत्र आयोजित किया गया, जो एमपी असेंबली के पहले सत्र की 70वीं वर्षगांठ के अवसर पर बुलाया गया था। यह सत्र सुबह 11 बजे शुरू होकर रात 11:20 बजे तक चला और करीब 12 घंटे तक सदन में गहन चर्चा और महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। इस दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने राज्य के विकास से जुड़ी कई बड़ी घोषणाएं कीं। विशेष सत्र में जहां सरकार की भविष्य की योजनाओं की झलक दिखी, वहीं मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की मौजूदगी और भाषणों से सदन का माहौल भी जीवंत बना रहा।
सीएम मोहन यादव के बड़े ऐलान और विकास की नई दिशा
मुख्यमंत्री ने किसानों को बड़ी राहत देते हुए खाद की होम डिलीवरी शुरू करने की योजना का ऐलान किया। इसके लिए सैटेलाइट-आधारित सर्वे के जरिए खाद की मांग का आकलन किया जाएगा और जरूरत के अनुसार किसानों के घर तक खाद पहुंचाई जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि राज्य के सभी 55 जिलों में मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे, जिससे स्वास्थ्य सुविधाएं मजबूत होंगी। हर डिवीजन स्तर पर चिड़ियाघर और पशु बचाव केंद्र स्थापित करने, मध्य प्रदेश–उत्तर प्रदेश–राजस्थान को जोड़ने वाला चीता कॉरिडोर विकसित करने और हर विधानसभा क्षेत्र में हेलीपैड बनाने की योजना भी सरकार के एजेंडे में शामिल है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य का बजट 2028 तक 4.21 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर 7.28 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो जाएगा। नक्सलवाद पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि 11 दिसंबर से मध्य प्रदेश नक्सलवाद मुक्त हो चुका है, जो राज्य के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।
Patrakar Vandana singh
|
All Rights Reserved ©2026 MadhyaBharat News.
Created By:
Medha Innovation & Development |